logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

युवा कांग्रेस ने राज्यसभा प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त किए जाने के विरोध में किया प्रदर्शन *युवा कांग्रेस ने राज्यसभा प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त किए जाने के विरोध में किया प्रदर्शन* 🟰🟰🟰🟰🟰🟰🟰🟰🟰🟰🟰 लहार...राज्यसभा प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन पत्र निरस्त किए जाने के विरोध में भारतीय युवा कांग्रेस लहार द्वारा लोकतांत्रिक तरीके से विरोध प्रदर्शन एवं प्रतीकात्मक पुतला दहन किया गया,युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इस निर्णय को लोकतांत्रिक मूल्यों के विरुद्ध बताते हुए अपना विरोध दर्ज कराया। विरोध प्रदर्शन के दौरान मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार का प्रतीकात्मक पुतला दहन कर निर्णय के प्रति नाराजगी व्यक्त की गई। इस अवसर पर युवा कांग्रेस विधानसभा अध्यक्ष सिद्धार्थ सिंह राजावत ने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक प्रत्याशी को निष्पक्ष अवसर मिलना चाहिए। यदि किसी प्रकार की अनियमितता या पक्षपातपूर्ण निर्णय लिए जाते हैं तो युवा कांग्रेस लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से अपना विरोध दर्ज कराती रहेगी। कार्यक्रम में युवा कांग्रेस के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे और उन्होंने लोकतंत्र की रक्षा तथा निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया की मांग की।

17 hrs ago
user_मुकेश सिंह भदौरिया
मुकेश सिंह भदौरिया
Local News Reporter गोरमी, भिंड, मध्य प्रदेश•
17 hrs ago

युवा कांग्रेस ने राज्यसभा प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त किए जाने के विरोध में किया प्रदर्शन *युवा कांग्रेस ने राज्यसभा प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन निरस्त किए जाने के विरोध में किया प्रदर्शन* 🟰🟰🟰🟰🟰🟰🟰🟰🟰🟰🟰 लहार...राज्यसभा प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन का नामांकन पत्र निरस्त किए जाने के विरोध में भारतीय युवा कांग्रेस लहार द्वारा लोकतांत्रिक तरीके से विरोध प्रदर्शन एवं प्रतीकात्मक पुतला दहन किया गया,युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इस निर्णय को लोकतांत्रिक मूल्यों के विरुद्ध बताते हुए अपना विरोध दर्ज कराया। विरोध प्रदर्शन के दौरान मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार का प्रतीकात्मक पुतला दहन कर निर्णय के प्रति नाराजगी व्यक्त की गई। इस अवसर पर युवा कांग्रेस विधानसभा अध्यक्ष सिद्धार्थ सिंह राजावत ने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक प्रत्याशी को निष्पक्ष अवसर मिलना चाहिए। यदि किसी प्रकार की अनियमितता या पक्षपातपूर्ण निर्णय लिए जाते हैं तो युवा कांग्रेस लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से अपना विरोध दर्ज कराती रहेगी। कार्यक्रम में युवा कांग्रेस के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे और उन्होंने लोकतंत्र की रक्षा तथा निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया की मांग की।

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • पहाड़गढ़ मुख्यालय पर पीने के पानी का गंभीर संकट विकराल रूप धारण कर चुका है, जिससे 21 ग्राम पंचायतें प्रभावित हैं और अधिकांश क्षेत्रों में पानी की भारी किल्लत बनी हुई है। सिर्फ एक या दो स्थानों को छोड़कर हर जगह यह समस्या मौजूद है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की कॉलोनी, पुलिस विभाग की कॉलोनी, सांदीपनी स्कूल, छात्रावास, आश्रम और सभी शासकीय कार्यालयों में लोग पीने के पानी के लिए तरस रहे हैं। अधिकारियों को कई बार अवगत कराने के बावजूद आज तक कोई समाधान नहीं हुआ है। आलम यह है कि सुबह से ही महिलाएं और छोटे बच्चे अपने सभी काम छोड़कर पानी की तलाश में घर से निकल जाते हैं और सुबह से लेकर शाम तक पानी की व्यवस्था में ही लगे रहते हैं। दुबौलिया मोहल्ला, शुक्ला पर, मैना बाजार, श्क्या गली, खटीक मोहल्ला, धोबी मोहल्ला, पुलिस लाइन कॉलोनी, मेहत मोहल्ला, मुसलमान मोहल्ला, भारद्वाज गली, खड़िया पुरा, जाजी पुरा और पलिया मोहल्ला जैसे कई क्षेत्रों में पानी की गंभीर किल्लत है। उच्च अधिकारी इस स्थिति से भली-भांति अवगत हैं, फिर भी आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इस गंभीर समस्या को लेकर शासन और प्रशासन, दोनों मौन साधे हुए हैं। पहाड़गढ़ ग्राम पंचायत के 21 वार्डों में से किसी भी वार्ड में पानी नहीं पहुंच पा रहा है, जिसके कारण जनता अत्यधिक परेशान है। पाइपलाइन बिछाने और उसमें डायरेक्ट कनेक्शन देने के तरीके को इस गंभीर समस्या की वजह बताया गया है, जहां लोगों को सुबह से रात 11 बजे तक पानी का इंतजार करना पड़ता है। जनता से बात करने पर ज्ञात हुआ है कि पानी का स्रोत पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है, लेकिन व्यवस्थापक की कमी के कारण व्यवस्था नहीं सुधर पा रही है। स्थिति इतनी खराब है कि वार्ड के लोग ₹500 खर्च कर प्राइवेट टैंकरों से पानी की पूर्ति कर रहे हैं, और पानी की इस समस्या के कारण वे अपने अन्य महत्वपूर्ण कार्य भी नहीं कर पा रहे हैं। वार्ड क्रमांक 1, 2, 3, 4, 14, 15, 17 और 18 सहित ऐसा कोई वार्ड नहीं है जहां पानी की समस्या न हो, और लोग तपती दोपहरी में पानी का इंतजार करते हैं। नवंबर में पत्रिका समाचार पत्र में खबर छपने के बाद, मुरैना से पीएचई विभाग के ई श्री पांडे जी महोदय डी द्वारा पहाड़गढ़ में 1 किलोमीटर और साइक्लोन बचाने के लिए 6 किलोमीटर लाइन बिछाने का सर्वे किया गया था। इस सर्वे के बाद स्वीकृति भी मिल चुकी थी और यह कार्य मार्च से पहले पूरा होना था, लेकिन आज तक इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं हुई है। यदि मुख्यालय पर यह स्थिति है, तो पहाड़गढ़ के जंगली क्षेत्रों में जनता को एक-एक और दो-दो किलोमीटर दूर से पानी भरकर लाना पड़ता है। सरकार की 'घर नल जल योजना' भी इन क्षेत्रों में पूरी तरह से विफल साबित हुई है। आरोप है कि पहाड़गढ़ के सरपंच और सचिव दोनों 'लाल तालिया में मस्त' हैं, जबकि जनता पानी की कमी से 'त्रस्त' है। मुख्यालय पर पानी की इस भीषण किल्लत का कोई हल नहीं निकल पा रहा है और न ही कोई सुनवाई हो रही है।
    1
    पहाड़गढ़ मुख्यालय पर पीने के पानी का गंभीर संकट विकराल रूप धारण कर चुका है, जिससे 21 ग्राम पंचायतें प्रभावित हैं और अधिकांश क्षेत्रों में पानी की भारी किल्लत बनी हुई है। सिर्फ एक या दो स्थानों को छोड़कर हर जगह यह समस्या मौजूद है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की कॉलोनी, पुलिस विभाग की कॉलोनी, सांदीपनी स्कूल, छात्रावास, आश्रम और सभी शासकीय कार्यालयों में लोग पीने के पानी के लिए तरस रहे हैं। अधिकारियों को कई बार अवगत कराने के बावजूद आज तक कोई समाधान नहीं हुआ है। आलम यह है कि सुबह से ही महिलाएं और छोटे बच्चे अपने सभी काम छोड़कर पानी की तलाश में घर से निकल जाते हैं और सुबह से लेकर शाम तक पानी की व्यवस्था में ही लगे रहते हैं।

दुबौलिया मोहल्ला, शुक्ला पर, मैना बाजार, श्क्या गली, खटीक मोहल्ला, धोबी मोहल्ला, पुलिस लाइन कॉलोनी, मेहत मोहल्ला, मुसलमान मोहल्ला, भारद्वाज गली, खड़िया पुरा, जाजी पुरा और पलिया मोहल्ला जैसे कई क्षेत्रों में पानी की गंभीर किल्लत है। उच्च अधिकारी इस स्थिति से भली-भांति अवगत हैं, फिर भी आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इस गंभीर समस्या को लेकर शासन और प्रशासन, दोनों मौन साधे हुए हैं। पहाड़गढ़ ग्राम पंचायत के 21 वार्डों में से किसी भी वार्ड में पानी नहीं पहुंच पा रहा है, जिसके कारण जनता अत्यधिक परेशान है। पाइपलाइन बिछाने और उसमें डायरेक्ट कनेक्शन देने के तरीके को इस गंभीर समस्या की वजह बताया गया है, जहां लोगों को सुबह से रात 11 बजे तक पानी का इंतजार करना पड़ता है।

जनता से बात करने पर ज्ञात हुआ है कि पानी का स्रोत पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है, लेकिन व्यवस्थापक की कमी के कारण व्यवस्था नहीं सुधर पा रही है। स्थिति इतनी खराब है कि वार्ड के लोग ₹500 खर्च कर प्राइवेट टैंकरों से पानी की पूर्ति कर रहे हैं, और पानी की इस समस्या के कारण वे अपने अन्य महत्वपूर्ण कार्य भी नहीं कर पा रहे हैं। वार्ड क्रमांक 1, 2, 3, 4, 14, 15, 17 और 18 सहित ऐसा कोई वार्ड नहीं है जहां पानी की समस्या न हो, और लोग तपती दोपहरी में पानी का इंतजार करते हैं। नवंबर में पत्रिका समाचार पत्र में खबर छपने के बाद, मुरैना से पीएचई विभाग के ई श्री पांडे जी महोदय डी द्वारा पहाड़गढ़ में 1 किलोमीटर और साइक्लोन बचाने के लिए 6 किलोमीटर लाइन बिछाने का सर्वे किया गया था। इस सर्वे के बाद स्वीकृति भी मिल चुकी थी और यह कार्य मार्च से पहले पूरा होना था, लेकिन आज तक इस दिशा में कोई कार्रवाई नहीं हुई है।

यदि मुख्यालय पर यह स्थिति है, तो पहाड़गढ़ के जंगली क्षेत्रों में जनता को एक-एक और दो-दो किलोमीटर दूर से पानी भरकर लाना पड़ता है। सरकार की 'घर नल जल योजना' भी इन क्षेत्रों में पूरी तरह से विफल साबित हुई है। आरोप है कि पहाड़गढ़ के सरपंच और सचिव दोनों 'लाल तालिया में मस्त' हैं, जबकि जनता पानी की कमी से 'त्रस्त' है। मुख्यालय पर पानी की इस भीषण किल्लत का कोई हल नहीं निकल पा रहा है और न ही कोई सुनवाई हो रही है।
    user_Mahaveer Jain
    Mahaveer Jain
    Mechanic पोरसा, मुरैना, मध्य प्रदेश•
    9 hrs ago
  • मुरैना पुलिस सिंहस्थ-2028 महापर्व के सफल, सुरक्षित और सुव्यवस्थित आयोजन की तैयारियों में जुट गई है, जिसके तहत पुलिस लाइन मुरैना में एक विशेष छह दिवसीय प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया जा रहा है। पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देशानुसार यह प्रशिक्षण चरणबद्ध तरीके से आगामी 20 सप्ताह तक संचालित होगा, जिसमें जिले के सभी पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की भागीदारी अनिवार्य है। पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीना ने 12 जून को पुलिस कंट्रोल रूम स्थित प्रशिक्षण केंद्र का निरीक्षण किया और अधिकारियों-कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान, पुलिस अधीक्षक मीना ने प्रशिक्षण को व्यावहारिक, तकनीकी और परिणामोन्मुखी बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कम्युनिकेशन प्लान, भीड़ नियंत्रण, आपदा प्रबंधन और सामुदायिक पुलिसिंग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से जानकारी दी। एसपी ने इस बात पर बल दिया कि किसी भी बड़े आयोजन की सफलता केवल सुरक्षा व्यवस्था पर ही निर्भर नहीं करती, बल्कि पुलिस और जनता के बीच विश्वास, सहयोग और संवाद भी उतना ही महत्वपूर्ण है। उन्होंने सिंहस्थ जैसे विशाल धार्मिक आयोजन में बेहतर समन्वय स्थापित करने, जनभागीदारी बढ़ाने और संवेदनशील व मित्रवत पुलिसिंग अपनाने की आवश्यकता बताई। प्रशिक्षण में उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि वे अपनी ड्यूटी के दौरान श्रद्धालुओं के प्रति सेवा भाव, संवेदनशीलता और सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार को अपनी कार्यशैली का अभिन्न अंग बनाएं। इसका उद्देश्य देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को एक सुरक्षित और सकारात्मक वातावरण प्रदान करना है। इस विशेष प्रशिक्षण सत्र में पुलिस लाइन मुरैना के आरक्षित निरीक्षक रविकांत शुक्ला, सूबेदार जयकुमार अरोरा, साइबर सेल प्रभारी उपनिरीक्षक अभिषेक जादौन और सूबेदार गजेंद्र सिंह परिहार सहित कुल 61 पुलिस अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
    1
    मुरैना पुलिस सिंहस्थ-2028 महापर्व के सफल, सुरक्षित और सुव्यवस्थित आयोजन की तैयारियों में जुट गई है, जिसके तहत पुलिस लाइन मुरैना में एक विशेष छह दिवसीय प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया जा रहा है। पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देशानुसार यह प्रशिक्षण चरणबद्ध तरीके से आगामी 20 सप्ताह तक संचालित होगा, जिसमें जिले के सभी पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की भागीदारी अनिवार्य है। पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीना ने 12 जून को पुलिस कंट्रोल रूम स्थित प्रशिक्षण केंद्र का निरीक्षण किया और अधिकारियों-कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान, पुलिस अधीक्षक मीना ने प्रशिक्षण को व्यावहारिक, तकनीकी और परिणामोन्मुखी बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कम्युनिकेशन प्लान, भीड़ नियंत्रण, आपदा प्रबंधन और सामुदायिक पुलिसिंग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से जानकारी दी। एसपी ने इस बात पर बल दिया कि किसी भी बड़े आयोजन की सफलता केवल सुरक्षा व्यवस्था पर ही निर्भर नहीं करती, बल्कि पुलिस और जनता के बीच विश्वास, सहयोग और संवाद भी उतना ही महत्वपूर्ण है। उन्होंने सिंहस्थ जैसे विशाल धार्मिक आयोजन में बेहतर समन्वय स्थापित करने, जनभागीदारी बढ़ाने और संवेदनशील व मित्रवत पुलिसिंग अपनाने की आवश्यकता बताई।

प्रशिक्षण में उपस्थित अधिकारियों और कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि वे अपनी ड्यूटी के दौरान श्रद्धालुओं के प्रति सेवा भाव, संवेदनशीलता और सहानुभूतिपूर्ण व्यवहार को अपनी कार्यशैली का अभिन्न अंग बनाएं। इसका उद्देश्य देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को एक सुरक्षित और सकारात्मक वातावरण प्रदान करना है। इस विशेष प्रशिक्षण सत्र में पुलिस लाइन मुरैना के आरक्षित निरीक्षक रविकांत शुक्ला, सूबेदार जयकुमार अरोरा, साइबर सेल प्रभारी उपनिरीक्षक अभिषेक जादौन और सूबेदार गजेंद्र सिंह परिहार सहित कुल 61 पुलिस अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
    user_नीरज धर्मवीर पचौरी पत्रकार
    नीरज धर्मवीर पचौरी पत्रकार
    Advertising agency पोरसा, मुरैना, मध्य प्रदेश•
    17 hrs ago
  • सुप्रसिद्ध अटेर में स्थित चामुंडा माता के मंदिर पर इन दिनों एक संगीतमय राम कथा का आयोजन चल रहा है। इस कथा को अयोध्या धाम के सुधीरशरण जी महाराज अपने मुखारविंद से सुना रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान चामुंडा मंदिर के पुजारी श्री श्री 1008 प्रेमानंद सरस्वती महाराज मंचासीन हैं, जबकि श्री अशोक कुमार सोनी कथा के परीक्षित के रूप में उपस्थित हैं। इस राम कथा में हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित होकर कथा का श्रवण पान कर रहे हैं।
    1
    सुप्रसिद्ध अटेर में स्थित चामुंडा माता के मंदिर पर इन दिनों एक संगीतमय राम कथा का आयोजन चल रहा है। इस कथा को अयोध्या धाम के सुधीरशरण जी महाराज अपने मुखारविंद से सुना रहे हैं। कार्यक्रम के दौरान चामुंडा मंदिर के पुजारी श्री श्री 1008 प्रेमानंद सरस्वती महाराज मंचासीन हैं, जबकि श्री अशोक कुमार सोनी कथा के परीक्षित के रूप में उपस्थित हैं।

इस राम कथा में हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित होकर कथा का श्रवण पान कर रहे हैं।
    user_Dinesh soni
    Dinesh soni
    Television Channel भिंड, भिंड, मध्य प्रदेश•
    5 hrs ago
  • भिंड जिले के मेहगांव विधानसभा क्षेत्र की गयेली ग्राम पंचायत से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहाँ उप पंचायत चुनाव में लोकतंत्र को शर्मसार करने वाले गंभीर आरोप लगे हैं। ग्रामीणों और पंचायत सदस्यों का दावा है कि सरपंच पद के चुनाव में निर्वाचन प्रक्रिया का पालन ही नहीं किया गया, बल्कि बहुमत के समर्थन प्राप्त प्रत्याशी को हरा कर अल्पमत वाले प्रत्याशी को सरपंच घोषित कर दिया गया। यह विवादित चुनाव वर्तमान सरपंच के निधन से रिक्त हुए पद के लिए 12 जून को आयोजित किया गया था। पंचायत सदस्यों और ग्रामीणों के अनुसार, चुनाव के दौरान विधिवत मतदान या मतगणना नहीं हुई। आरोप है कि अधिकारियों ने केवल हाथ उठाकर समर्थन पूछा, जिसमें एक पक्ष के समर्थन में 12 सदस्य थे जबकि दूसरे पक्ष के समर्थन में केवल 6 सदस्य मौजूद थे। इसके बावजूद, बहुमत वाले प्रत्याशी को विजयी घोषित न करके अल्पमत वाले पक्ष के प्रत्याशी को सरपंच बना दिया गया। इस फैसले के बाद गयेली पंचायत में भारी आक्रोश फैल गया है, जहाँ ग्रामीणों ने इसे लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताया। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि बहुमत की राय को ही नज़रअंदाज़ कर दिया जाएगा, तो चुनाव कराने का औचित्य क्या रह जाता है। मामले की जानकारी मिलने पर युवा नेता राहुल भदोरिया ग्रामीणों और पंचायत सदस्यों के साथ कलेक्टर कार्यालय पहुँचे और पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जाँच की मांग करते हुए एक आवेदन सौंपा। कलेक्टर ने इस मामले में निष्पक्ष जाँच का आश्वासन दिया है।
    4
    भिंड जिले के मेहगांव विधानसभा क्षेत्र की गयेली ग्राम पंचायत से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहाँ उप पंचायत चुनाव में लोकतंत्र को शर्मसार करने वाले गंभीर आरोप लगे हैं। ग्रामीणों और पंचायत सदस्यों का दावा है कि सरपंच पद के चुनाव में निर्वाचन प्रक्रिया का पालन ही नहीं किया गया, बल्कि बहुमत के समर्थन प्राप्त प्रत्याशी को हरा कर अल्पमत वाले प्रत्याशी को सरपंच घोषित कर दिया गया।

यह विवादित चुनाव वर्तमान सरपंच के निधन से रिक्त हुए पद के लिए 12 जून को आयोजित किया गया था। पंचायत सदस्यों और ग्रामीणों के अनुसार, चुनाव के दौरान विधिवत मतदान या मतगणना नहीं हुई। आरोप है कि अधिकारियों ने केवल हाथ उठाकर समर्थन पूछा, जिसमें एक पक्ष के समर्थन में 12 सदस्य थे जबकि दूसरे पक्ष के समर्थन में केवल 6 सदस्य मौजूद थे। इसके बावजूद, बहुमत वाले प्रत्याशी को विजयी घोषित न करके अल्पमत वाले पक्ष के प्रत्याशी को सरपंच बना दिया गया।

इस फैसले के बाद गयेली पंचायत में भारी आक्रोश फैल गया है, जहाँ ग्रामीणों ने इसे लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताया। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि बहुमत की राय को ही नज़रअंदाज़ कर दिया जाएगा, तो चुनाव कराने का औचित्य क्या रह जाता है। मामले की जानकारी मिलने पर युवा नेता राहुल भदोरिया ग्रामीणों और पंचायत सदस्यों के साथ कलेक्टर कार्यालय पहुँचे और पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जाँच की मांग करते हुए एक आवेदन सौंपा। कलेक्टर ने इस मामले में निष्पक्ष जाँच का आश्वासन दिया है।
    user_कृष्ण कांत शर्मा
    कृष्ण कांत शर्मा
    Media company भिंड, भिंड, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • भिंड जिले की गयेली पंचायत में सरपंच चुनाव प्रक्रिया पर 'लोकतंत्र की हत्या' का गंभीर आरोप लगा है, जिससे पूरे जिले में बड़ा बवाल मच गया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि पंचायत में 12 सदस्यों का बहुमत होते हुए भी, उन्हें दरकिनार कर केवल 6 सदस्यों वाले प्रत्याशी को सरपंच पद पर विजयी घोषित कर दिया गया। न तो वोटिंग कराई गई और न ही मतगणना हुई, फिर भी सरपंच पद की घोषणा कर दी गई। पंचायत सदस्यों ने गंभीर आरोप लगाए हैं कि यह चुनाव 'हाथ उठवाकर' निपटा दिया गया और नियमों को ताक पर रखकर सरपंच घोषित किया गया। उनका कहना है कि 12 सदस्यों का समर्थन बेकार चला गया और 6 सदस्यों वाले प्रत्याशी को ताज मिला। 12 सदस्यों के साथ राहुल भदौरिया ने कलेक्टर से मिलकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। इस घटना से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है और वे इसे 'लोकतंत्र के मंदिर में बहुमत का अपमान' बता रहे हैं। यह चुनाव अब पूरे जिले में चर्चा का विषय बन गया है, जहाँ प्रशासन पर उंगलियां उठ रही हैं और लोग सवाल कर रहे हैं कि क्या अधिकारियों की मौजूदगी में बहुमत की आवाज दबा दी गई। कलेक्टर ने इस पूरे मामले की जांच का आश्वासन दिया है, और अब सभी को सच्चाई सामने आने का इंतजार है।
    1
    भिंड जिले की गयेली पंचायत में सरपंच चुनाव प्रक्रिया पर 'लोकतंत्र की हत्या' का गंभीर आरोप लगा है, जिससे पूरे जिले में बड़ा बवाल मच गया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि पंचायत में 12 सदस्यों का बहुमत होते हुए भी, उन्हें दरकिनार कर केवल 6 सदस्यों वाले प्रत्याशी को सरपंच पद पर विजयी घोषित कर दिया गया। न तो वोटिंग कराई गई और न ही मतगणना हुई, फिर भी सरपंच पद की घोषणा कर दी गई।

पंचायत सदस्यों ने गंभीर आरोप लगाए हैं कि यह चुनाव 'हाथ उठवाकर' निपटा दिया गया और नियमों को ताक पर रखकर सरपंच घोषित किया गया। उनका कहना है कि 12 सदस्यों का समर्थन बेकार चला गया और 6 सदस्यों वाले प्रत्याशी को ताज मिला। 12 सदस्यों के साथ राहुल भदौरिया ने कलेक्टर से मिलकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।

इस घटना से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है और वे इसे 'लोकतंत्र के मंदिर में बहुमत का अपमान' बता रहे हैं। यह चुनाव अब पूरे जिले में चर्चा का विषय बन गया है, जहाँ प्रशासन पर उंगलियां उठ रही हैं और लोग सवाल कर रहे हैं कि क्या अधिकारियों की मौजूदगी में बहुमत की आवाज दबा दी गई। कलेक्टर ने इस पूरे मामले की जांच का आश्वासन दिया है, और अब सभी को सच्चाई सामने आने का इंतजार है।
    user_श्री राम श्री राम
    श्री राम श्री राम
    Voice of people भिंड, भिंड, मध्य प्रदेश•
    20 hrs ago
  • लहार के जसावली मंदिर पर चल रहे एक महायज्ञ के दौरान अचानक आए तूफान ने तांडव मचा दिया।
    1
    लहार के जसावली मंदिर पर चल रहे एक महायज्ञ के दौरान अचानक आए तूफान ने तांडव मचा दिया।
    user_मुकेश सिंह भदौरिया
    मुकेश सिंह भदौरिया
    Local News Reporter गोरमी, भिंड, मध्य प्रदेश•
    17 hrs ago
  • मुरैना जिले के सारायछोला थाना क्षेत्र में पुलिस ने अवैध रूप से भंडारित रेत के एक बड़े जखीरे पर प्रभावी कार्रवाई की है। यह अभियान पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीणा के निर्देश पर अवैध रेत के परिवहन, उत्खनन और भंडारण के खिलाफ जारी कार्रवाई का ही हिस्सा है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुरेंद्र पाल सिंह डावर और नगर पुलिस अधीक्षक दीपाली चंदौरिया के मार्गदर्शन में 12 जून 2026 को यह योजनाबद्ध कार्रवाई की गई। पुलिस, एसएएफ और वन विभाग की एक संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर दबिश दी और करीब 350 ट्रॉली अवैध रेत बरामद की। इस बरामद रेत का मूल्य लगभग 7 लाख 70 हजार रुपये आंका गया, जिसे संयुक्त टीम ने जेसीबी का उपयोग कर मिट्टी में मिलाकर नष्ट कर दिया। इस विशेष कार्रवाई में सारायछोला थाना प्रभारी के.के. सिंह सहित पुलिस बल के 10 अधिकारी-कर्मचारी, वन विभाग के 10 कर्मचारी और एसएएफ के 5 अधिकारी-कर्मचारी शामिल थे। कुल 25 अधिकारियों और कर्मचारियों ने मिलकर इस अभियान को सफलतापूर्वक अंजाम दिया। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध रेत कारोबार के खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।
    1
    मुरैना जिले के सारायछोला थाना क्षेत्र में पुलिस ने अवैध रूप से भंडारित रेत के एक बड़े जखीरे पर प्रभावी कार्रवाई की है। यह अभियान पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीणा के निर्देश पर अवैध रेत के परिवहन, उत्खनन और भंडारण के खिलाफ जारी कार्रवाई का ही हिस्सा है।

अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सुरेंद्र पाल सिंह डावर और नगर पुलिस अधीक्षक दीपाली चंदौरिया के मार्गदर्शन में 12 जून 2026 को यह योजनाबद्ध कार्रवाई की गई। पुलिस, एसएएफ और वन विभाग की एक संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर दबिश दी और करीब 350 ट्रॉली अवैध रेत बरामद की। इस बरामद रेत का मूल्य लगभग 7 लाख 70 हजार रुपये आंका गया, जिसे संयुक्त टीम ने जेसीबी का उपयोग कर मिट्टी में मिलाकर नष्ट कर दिया।

इस विशेष कार्रवाई में सारायछोला थाना प्रभारी के.के. सिंह सहित पुलिस बल के 10 अधिकारी-कर्मचारी, वन विभाग के 10 कर्मचारी और एसएएफ के 5 अधिकारी-कर्मचारी शामिल थे। कुल 25 अधिकारियों और कर्मचारियों ने मिलकर इस अभियान को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।

पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध रेत कारोबार के खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।
    user_नीरज धर्मवीर पचौरी पत्रकार
    नीरज धर्मवीर पचौरी पत्रकार
    Advertising agency पोरसा, मुरैना, मध्य प्रदेश•
    18 hrs ago
  • आगरा में यमुना एक्सप्रेस-वे पर शनिवार सुबह एक बड़ा सड़क हादसा हो गया, जिसमें 9 लोग घायल हो गए। यह घटना थाना एत्मादपुर क्षेत्र की छलेसर चौकी के पास लगभग 6:30 बजे हुई। जौनपुर से वृंदावन दर्शन के लिए जा रही श्रद्धालुओं से भरी एक कार अनियंत्रित होकर आगे चल रही बस में पीछे से जा टकराई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कार चालक को अचानक नींद की झपकी आ गई, जिसके चलते तेज रफ्तार कार सीधे बस में घुस गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें सवार लोगों में चीख-पुकार मच गई। घायलों में पूजा, अमर, एक वर्षीय आराध्या, हरिओम, सावित्री, आस्था और सोनम सहित कुल 9 श्रद्धालु शामिल हैं, जो सभी जौनपुर के रहने वाले थे। हादसे की सूचना मिलते ही थाना एत्मादपुर पुलिस मौके पर पहुंची और तुरंत राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। सभी घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। चार घायलों का उपचार आरएस अस्पताल में चल रहा है, जबकि गंभीर रूप से घायल लोगों को बेहतर इलाज के लिए आगरा के अन्य अस्पतालों में रेफर किया गया है। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को हटवाकर यातायात सुचारू कराया और मामले की जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में हादसे की मुख्य वजह चालक को आई नींद की झपकी मानी जा रही है।
    1
    आगरा में यमुना एक्सप्रेस-वे पर शनिवार सुबह एक बड़ा सड़क हादसा हो गया, जिसमें 9 लोग घायल हो गए। यह घटना थाना एत्मादपुर क्षेत्र की छलेसर चौकी के पास लगभग 6:30 बजे हुई। जौनपुर से वृंदावन दर्शन के लिए जा रही श्रद्धालुओं से भरी एक कार अनियंत्रित होकर आगे चल रही बस में पीछे से जा टकराई।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, कार चालक को अचानक नींद की झपकी आ गई, जिसके चलते तेज रफ्तार कार सीधे बस में घुस गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें सवार लोगों में चीख-पुकार मच गई। घायलों में पूजा, अमर, एक वर्षीय आराध्या, हरिओम, सावित्री, आस्था और सोनम सहित कुल 9 श्रद्धालु शामिल हैं, जो सभी जौनपुर के रहने वाले थे।

हादसे की सूचना मिलते ही थाना एत्मादपुर पुलिस मौके पर पहुंची और तुरंत राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। सभी घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। चार घायलों का उपचार आरएस अस्पताल में चल रहा है, जबकि गंभीर रूप से घायल लोगों को बेहतर इलाज के लिए आगरा के अन्य अस्पतालों में रेफर किया गया है। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को हटवाकर यातायात सुचारू कराया और मामले की जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में हादसे की मुख्य वजह चालक को आई नींद की झपकी मानी जा रही है।
    user_प्रभु दयाल वर्मा
    प्रभु दयाल वर्मा
    Court reporter बाह, आगरा, उत्तर प्रदेश•
    3 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.