रावतभाटा नगर पालिका द्वारा आयोजित शहरी सेवा शिविर-2026 के तहत, 23 जून 2026 को वार्ड संख्या 8, 9, 10 एवं 11 के नागरिकों से प्राप्त विभिन्न विभागों से संबंधित शिकायतों और आवेदनों का त्वरित निस्तारण किया गया। इस शिविर में आमजन की समस्याओं का समाधान करने के साथ-साथ विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ भी प्रदान किया गया, जिसमें वर्षों से लंबित पट्टा संबंधी प्रकरणों का निराकरण कर पात्र लाभार्थियों को पट्टों का वितरण किया गया। रावतभाटा अतिरिक्त जिला कलक्टर के निर्देशन में आयोजित इस पट्टा वितरण कार्यक्रम के बाद लाभार्थियों में खुशी का माहौल देखा गया। नागरिकों ने अपनी लंबे समय से लंबित मांग पूरी होने पर राज्य सरकार एवं प्रशासन का आभार व्यक्त किया। नगर पालिका प्रशासन के अनुसार, शहरी सेवा शिविर अभियान-2026 के अंतर्गत 12 जून से 15 जुलाई तक विभिन्न वार्डों में शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों में सफाई व्यवस्था, पेयजल, स्ट्रीट लाइट, सीवरेज, नामांतरण, भवन निर्माण स्वीकृति, जन्म-मृत्यु एवं विवाह प्रमाण पत्र, सामाजिक सुरक्षा पेंशन सहित अन्य जनसमस्याओं का मौके पर ही समाधान किया जा रहा है। पट्टा वितरण एवं शिविर गतिविधियों के दौरान तहसीलदार एवं नगर पालिका प्रशासक विवेक गरासिया, अधिशासी अधिकारी मुकेश नागर, पूर्व प्रधान राधेश्याम गुप्ता, किसान नेता कमलेन्द्र सिंह हाड़ा, शिविर संयोजक कुशाल बारेशा, पूर्व पालिका अध्यक्ष राजकुमार वाधवा, राजेन्द्र दसोरा, भुवनेश नागर, हर्ष जैन, दिनेश सेन, हरीश राठौड़, दिलीप मीणा, गजेन्द्र सिंह, कानाराम चारण, विजय कुमार गुप्ता, राहुल नायक एवं आनंद नागर सहित कई जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। शिविर में नगर पालिका के कनिष्ठ अभियंता रिजवान अंसारी, मोहम्मद दानिश, वरिष्ठ सहायक चौथमल शर्मा, अमित सिंह तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी भी मौजूद थे। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अपनी निर्धारित तिथि पर शिविर में उपस्थित होकर सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं का अधिकतम लाभ उठाएँ।
रावतभाटा नगर पालिका द्वारा आयोजित शहरी सेवा शिविर-2026 के तहत, 23 जून 2026 को वार्ड संख्या 8, 9, 10 एवं 11 के नागरिकों से प्राप्त विभिन्न विभागों से संबंधित शिकायतों और आवेदनों का त्वरित निस्तारण किया गया। इस शिविर में आमजन की समस्याओं का समाधान करने के साथ-साथ विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ भी प्रदान किया गया, जिसमें वर्षों से लंबित पट्टा संबंधी प्रकरणों का निराकरण कर पात्र लाभार्थियों को पट्टों का वितरण किया गया। रावतभाटा अतिरिक्त जिला कलक्टर के निर्देशन में आयोजित इस पट्टा वितरण कार्यक्रम के बाद लाभार्थियों में खुशी का माहौल देखा गया। नागरिकों ने अपनी लंबे समय से लंबित मांग पूरी होने पर राज्य सरकार एवं प्रशासन का आभार व्यक्त किया। नगर पालिका प्रशासन के अनुसार, शहरी सेवा शिविर अभियान-2026 के अंतर्गत 12 जून से 15 जुलाई तक विभिन्न वार्डों में शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों में सफाई व्यवस्था, पेयजल, स्ट्रीट लाइट, सीवरेज, नामांतरण, भवन निर्माण स्वीकृति, जन्म-मृत्यु एवं विवाह प्रमाण पत्र, सामाजिक सुरक्षा पेंशन सहित अन्य जनसमस्याओं का मौके पर ही समाधान किया जा रहा है। पट्टा वितरण एवं शिविर गतिविधियों के दौरान तहसीलदार एवं नगर पालिका प्रशासक विवेक गरासिया, अधिशासी अधिकारी मुकेश नागर, पूर्व प्रधान राधेश्याम गुप्ता, किसान नेता कमलेन्द्र सिंह हाड़ा, शिविर संयोजक कुशाल बारेशा, पूर्व पालिका अध्यक्ष राजकुमार वाधवा, राजेन्द्र दसोरा, भुवनेश नागर, हर्ष जैन, दिनेश सेन, हरीश राठौड़, दिलीप मीणा, गजेन्द्र सिंह, कानाराम चारण, विजय कुमार गुप्ता, राहुल नायक एवं आनंद नागर सहित कई जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। शिविर में नगर पालिका के कनिष्ठ अभियंता रिजवान अंसारी, मोहम्मद दानिश, वरिष्ठ सहायक चौथमल शर्मा, अमित सिंह तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी भी मौजूद थे। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अपनी निर्धारित तिथि पर शिविर में उपस्थित होकर सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं का अधिकतम लाभ उठाएँ।
- कोटा में KEDL बिजली विभाग पर 'खुली लूट' का आरोप लगा है, जहाँ गन्ने की मशीन चलाने वाले एक गरीब उपभोक्ता धनराज सुमन को एक महीने का 2,66,276 रुपए का भारी-भरकम बिजली बिल भेज दिया गया। इस बिल को देखकर उपभोक्ता का दिल बैठ गया, क्योंकि इससे पहले उनका मासिक बिल 2 से 3 हजार रुपए से अधिक नहीं आता था। 23 जून को कोटा के श्रीपुरा चौराहे पर धनराज सुमन ने अपनी यह समस्या बिजली उपभोक्ता संरक्षण समिति के संयोजक हिम्मत सिंह को बताई। धनराज सुमन के अनुसार, वे इस भारी-भरकम बिल को लेकर KEDL दफ़्तर के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन उनकी सुनने वाला कोई नहीं है। हिम्मत सिंह ने KEDL पर आमजन की समस्याओं को अनसुना करने का आरोप लगाते हुए कहा कि बिजली विभाग मनमाने ढंग से बिल भेज रहा है, और शिकायत करने पर भी कोई सुनवाई नहीं होती। उन्होंने सवाल उठाया कि जब बिल गलत ही भेजा गया है, तो उसकी जांच क्यों कराई जाए? विभाग के AEN और JEN जैसे कोई भी जिम्मेदार अधिकारी फोन या कंप्यूटर के जरिए भी उपभोक्ताओं की समस्या सुनने को तैयार नहीं हैं। इस मनमानी के कारण कोटा के बिजली तंत्र के प्रति जनता में भारी आक्रोश है, और हिम्मत सिंह ने चेतावनी दी है कि यदि स्थिति नहीं सुधरी तो जल्द ही एक बड़ा आंदोलन करने पर मजबूर होना पड़ेगा।1
- कोटा के श्रीपुरा चौराहे पर गन्ना चरखी का ठेला लगाने वाले धनराज सुमन को एक महीने का बिजली बिल दो लाख रुपये से अधिक आया है। इस भारी-भरकम बिल से परेशान होकर वह लगातार KEDL के चक्कर लगा रहे हैं। उनकी इस पीड़ा को बिजली उपभोक्ता संरक्षण के अध्यक्ष और समाजसेवी हिम्मत सिंह ने सुना है। हिम्मत सिंह ने KEDL पर 'खुली लूट' का आरोप लगाते हुए कड़ी चेतावनी दी है कि लोगों से ऐसी लूट बंद की जाए। उन्होंने सरकार से KEDL को हटाने की भी मांग की है।1
- कोटा में बिजली उपभोक्ताओं को केडल (KEDL) दफ़्तर के लगातार चक्कर काटने पड़ रहे हैं, लेकिन उनकी कोई सुनने वाला नहीं है, जिससे उन पर 'भारी अत्याचार' हो रहा है। हाल ही में, एक गरीब उपभोक्ता धनराज सुमन का दिल एक महीने के बिजली बिल को देखकर बैठ गया, जो कि ₹2,66,276 आया है। धनराज सुमन, जो कोटा के श्रीपुरा चौराहे पर गन्ने की मशीन लगाते हैं, उन्होंने 23 जून को बिजली उपभोक्ता संरक्षण समिति के संयोजक हिम्मत सिंह से मिलकर अपनी समस्या बताई। उन्होंने स्पष्ट किया कि पहले उनका मासिक बिल कभी ₹2,000 से ₹3,000 से अधिक नहीं आया, लेकिन इस बार के बिल ने 'हद कर दी' है। उपभोक्ताओं का कहना है कि केडल दफ़्तर में AEN, JEN या कोई भी ज़िम्मेदार अधिकारी उनकी समस्याओं को सुनने या फ़ोन उठाने को तैयार नहीं है। हिम्मत सिंह ने इस स्थिति पर टिप्पणी करते हुए कहा कि बिजली मामलों में आमजन की कोई सुनने वाला नहीं है, और कोटा के बिजली तंत्र से जनता में 'भारी आक्रोश' व्याप्त है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि यही स्थिति बनी रही और समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो जल्द ही एक 'बड़ा आंदोलन' करने पर मजबूर होना पड़ेगा। यह घटना केडल बिजली विभाग की 'खुली लूट' का स्पष्ट प्रमाण है, जिसने एक गरीब उपभोक्ता को भारी परेशानी में डाल दिया है।3
- लखनऊ यूनिवर्सिटी के सेकंड कैंपस स्थित गंगा हॉस्टल में बुधवार को खराब खाने की वजह से कई छात्र-छात्राओं की तबीयत बिगड़ गई। पेट दर्द की शिकायत के बावजूद प्रोवोस्ट द्वारा कोई कार्रवाई न किए जाने पर छात्राओं ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। अपनी शिकायत दर्ज कराने और खराब खाने के विरोध में छात्राओं ने रात का खाना भी छोड़ दिया। इस घटना के बाद सुबह यूनिवर्सिटी प्रशासन हॉस्टल पहुंचा। छात्राओं का आरोप है कि प्रोवोस्ट शिकायत करने वालों को धमकियां देती हैं।1
- कोटा कलेक्ट्रेट परिसर में जेके फैक्ट्री के मजदूरों का बकाया भुगतान की मांग को लेकर 18 फरवरी 2025 से चल रहा धरना 23 जून 2026 को 491वें दिन भी जारी रहा। लंबे इंतजार और सर्दी, गर्मी तथा बारिश झेलने के बाद अब इन मजदूरों का सब्र जवाब देने लगा है, जिसके चलते मंगलवार को धरने पर बैठे मजदूरों का आक्रोश फूट पड़ा। महिला नेता राजू वर्मा ने स्थानीय प्रशासन और सरकार से जवाबदेही का सवाल किया, यह बताते हुए कि कैसे 80-80 साल की बुजुर्ग महिलाएं, जिन्हें अब ठीक से दिखाई भी नहीं देता, वे भी हर दिन न्याय की उम्मीद में धरने पर आ रही हैं। उन्होंने प्रशासन और सरकार से एक बार इन मजदूरों की बात सुनने का आग्रह किया।1
- कोटा के इंदिरा गांधी नगर में पुलिया की दीवार गिरने और नालों की सफाई व्यवस्था में लापरवाही का मामला सामने आने पर लाडपुरा विधायक महारानी कल्पना देवी ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाते हुए तत्काल मरम्मत कार्य और नालों की समुचित सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। विधायक ने स्पष्ट रूप से कहा कि आमजन की सुरक्षा और मूलभूत सुविधाओं के साथ किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।1
- कोटा में कांग्रेस नेता प्रहलाद गुंजल ने एक प्रेस वार्ता में कोटा विकास प्राधिकरण (KDA) और वन विभाग की कार्यशैली पर गंभीर आरोप लगाए हैं। गुंजल ने कहा कि इन दोनों विभागों के कामकाज के तरीके से लोगों का जीवन मुश्किल हो गया है। उन्होंने विशेष रूप से आरोप लगाया कि जो लोग पीढ़ियों से अपने घरों में निवास कर रहे हैं, उन्हें बेदखल करने की 'कुचेष्टा' की जा रही है। इन मुद्दों को लेकर, गुंजल ने आम जनता से अपील की है कि वे 25 जून को अधिक से अधिक संख्या में एक प्रदर्शन में शामिल हों।1
- राजस्थान के कोटा में स्थित होटल सिटी पार्क में पिछले चार-पांच दिनों से 'एक ग्रुप' खड़ा है। जिस किसी भाई का भी यह 'ग्रुप' हो, या यदि यह चोरी हो गया हो, तो 7878725016 नंबर पर संपर्क करने की अपील की गई है।1
- कोटा के बोरखेड़ा थाना क्षेत्र स्थित कैनल रोड पर रविवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई जब एक वॉशिंग सेंटर के बाहर धुलाई के लिए लाई गई एक कार अचानक अनियंत्रित होकर पलट गई। बताया गया है कि वॉशिंग सेंटर पर कार को लगाने के दौरान चालक से एक्सीलरेटर ज़्यादा दब गया, जिसके परिणामस्वरूप वाहन का संतुलन बिगड़ गया और वह पलट गई। राहत की बात यह रही कि कार नहर में गिरने से बच गई, जिससे एक बड़ा हादसा होने से टल गया। इस घटना में कार चालक पूरी तरह सुरक्षित रहा। स्थानीय लोगों ने तुरंत मौके पर पहुँचकर स्थिति को संभालने में मदद की। सूचना मिलने पर पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची और मामले से संबंधित जानकारी जुटाई।1