हरिद्वार–ऋषिकेश तीर्थ यात्रा में गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस का भोजन और सेवा बनी यादगार अनुभव मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत पहुंचे श्रद्धालुओं को मिला भोजन, पेयजल और स्वच्छता सुविधाओं का अनुभव हरिद्वार–बहादराबाद, 14 सितंबर 2026 | ताजा अपडेट: 15 सितंबर 2026 पंजाब सरकार की मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत हरिद्वार–ऋषिकेश की धार्मिक यात्रा पर पहुंचे श्रद्धालुओं के लिए 14 सितंबर का दिन धार्मिक दर्शन के साथ-साथ भोजन और सेवा के अनुभव के लिहाज से भी विशेष रहा। यात्रा के दौरान हरिद्वार के बहादराबाद क्षेत्र में स्थित गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में तीर्थ यात्रियों के लिए भोजन की व्यवस्था की गई। इस यात्रा का हिस्सा रही टीम दीपक गर्ग ने भी गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में भोजन ग्रहण किया। टीम के यात्रा अनुभव के अनुसार यहां भोजन की व्यवस्था, मेनू में विविधता, यात्रियों की सुविधा का ध्यान और स्टाफ का व्यवहार विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा। बफे में उपलब्ध रहा विभिन्न व्यंजनों का मेनू तीर्थ यात्रियों के लिए लगाए गए बफे में दाल, शाही पनीर, आलू भाजी, रायता, चावल, सलाद, हलवा और तंदूरी रोटी सहित विभिन्न व्यंजन उपलब्ध कराए गए। भोजन के बाद यात्रियों के लिए चाय की व्यवस्था भी की गई। लंबी बस यात्रा के बाद यात्रियों के लिए पर्याप्त भोजन और बैठकर भोजन करने की सुविधा महत्वपूर्ण रही। यात्रा के दौरान बुजुर्गों सहित विभिन्न आयु वर्ग के श्रद्धालु इस भोजन व्यवस्था का हिस्सा बने। हर टेबल पर बोतलबंद पानी की व्यवस्था भोजन के दौरान प्रत्येक टेबल पर Campa कंपनी का बोतलबंद पानी उपलब्ध कराया गया। लंबी दूरी की यात्रा कर रहे श्रद्धालुओं के लिए भोजन के साथ पीने के पानी की उपलब्धता एक उपयोगी सुविधा रही। यात्रा के दौरान भोजन व्यवस्था का अनुभव केवल भोजन की गुणवत्ता तक सीमित नहीं रहता, बल्कि पेयजल, बैठने की व्यवस्था, स्वच्छता और यात्रियों की सुविधा भी उसका महत्वपूर्ण हिस्सा होती है। संचालक हर्षदीप और स्टाफ ने यात्रियों की सुविधा का रखा ध्यान टीम दीपक गर्ग के यात्रा अनुभव के अनुसार गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस के संचालक हर्षदीप तथा अन्य स्टाफ ने तीर्थ यात्रियों की सुविधा पर व्यक्तिगत रूप से ध्यान दिया। यात्रियों को भोजन परोसने से लेकर आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने तक स्टाफ सक्रिय नजर आया। विशेष रूप से बुजुर्ग यात्रियों के लिए इस तरह का व्यक्तिगत ध्यान यात्रा के अनुभव को अधिक सहज और सुविधाजनक बनाने वाला रहा। पंजाब के अन्य क्षेत्रों से आई तीर्थ यात्रा बसों के यात्री भी पहुंचे प्राप्त जानकारी के अनुसार मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत पंजाब के अन्य क्षेत्रों से हरिद्वार–ऋषिकेश की यात्रा पर आई कुछ अन्य बसों के यात्रियों को भी वापसी के दौरान इसी ढाबे पर भोजन करवाया गया। इससे यह स्पष्ट होता है कि लंबी दूरी की धार्मिक यात्राओं में भोजन केंद्रों की भूमिका महत्वपूर्ण रहती है। यात्रियों के लिए निर्धारित स्थान पर समय पर भोजन, पेयजल और आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता यात्रा व्यवस्था का अहम हिस्सा बन जाती है। गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस का परिचय ढाबे पर उपलब्ध विवरण के अनुसार गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस वर्ष 1972 से संचालित होने का उल्लेख करता है। वहां उपलब्ध जानकारी में इसे “GURU NANAK DHABA XPRESS” के नाम से दर्शाया गया है। ढाबे का पता NH-334, बहादराबाद, हरिद्वार बताया गया है। उपलब्ध संपर्क विवरण में फोन नंबर 7351010540 दिया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार ढाबा संचालक का मूल संबंध अमृतसर से बताया गया है। यात्रियों के लिए वॉशरूम की सुविधा भी रही महत्वपूर्ण लंबी दूरी की तीर्थ यात्रा में भोजन के साथ स्वच्छ वॉशरूम की सुविधा भी यात्रियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण होती है। गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में उपलब्ध वॉशरूम का उपयोग भी यात्रियों ने किया। विशेषकर महिलाओं, बुजुर्गों और परिवारों के साथ यात्रा कर रहे श्रद्धालुओं के लिए हाईवे पर भोजन केंद्र में स्वच्छ वॉशरूम उपलब्ध होना यात्रा के दौरान एक आवश्यक सुविधा के रूप में देखा जाता है। श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री भगवंत मान के प्रति जताया आभार यात्रा के दौरान महिलाओं सहित अनेक श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत धार्मिक स्थलों के दर्शन का अवसर मिलने पर पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के प्रति आभार व्यक्त किया। श्रद्धालुओं की ओर से व्यक्त की गई प्रतिक्रियाएं उनके व्यक्तिगत यात्रा अनुभव के रूप में सामने आईं। यात्रियों का कहना था कि धार्मिक स्थलों के दर्शन के साथ यात्रा के दौरान भोजन और अन्य सुविधाओं की व्यवस्था भी उनके अनुभव को प्रभावित करती है। मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के नए धार्मिक रूट पंजाब सरकार की मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत वर्ष 2026 में योजना का विस्तार करते हुए हरिद्वार–ऋषिकेश, मथुरा–वृंदावन तथा श्री खाटू श्याम–सालासर बालाजी जैसे धार्मिक स्थलों को नए यात्रा रूटों में शामिल किए जाने की जानकारी सामने आई। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने जुलाई 2026 में योजना के विस्तार की घोषणा की थी और नए रूटों पर यात्राएं अगस्त से शुरू किए जाने की जानकारी दी गई थी। अगस्त 2026 में इस विस्तारित योजना के तहत पंजाब के विभिन्न जिलों से श्रद्धालुओं को लेकर 15 बसों को हरिद्वार–ऋषिकेश, मथुरा–वृंदावन तथा खाटू श्याम–सालासर बालाजी के धार्मिक स्थलों की ओर रवाना किए जाने की रिपोर्टें सामने आईं। रिपोर्टों में यह भी बताया गया कि यात्रा में बुजुर्ग श्रद्धालुओं को प्राथमिकता दी गई तथा सरकार की ओर से एसी बस यात्रा, भोजन और ठहरने जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात कही गई। एक रिपोर्ट के अनुसार 50 वर्ष या उससे अधिक आयु के लोगों तथा एक परिवार से अधिकतम दो सदस्यों के यात्रा करने की जानकारी भी दी गई थी। पहले चरण में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु धार्मिक स्थलों पर पहुंचे मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के पहले चरण के संबंध में उपलब्ध रिपोर्टों में बताया गया कि बड़ी संख्या में श्रद्धालु श्री अमृतसर साहिब तथा श्री आनंदपुर साहिब–नैना देवी सहित विभिन्न धार्मिक स्थलों की यात्रा कर चुके हैं। हरिद्वार–ऋषिकेश यात्रा के संचालन के लिए निजी क्षेत्र के पार्टनर के चयन से संबंधित निविदा की जानकारी भी सामने आई थी, जिसकी राशि लगभग 29 करोड़ रुपये बताई गई। तीर्थ यात्रा की सफलता केवल दर्शन तक सीमित नहीं तीर्थ यात्रा का उद्देश्य केवल श्रद्धालुओं को धार्मिक स्थल तक पहुंचाना नहीं, बल्कि उन्हें सुरक्षित, सम्मानजनक और सुविधाजनक यात्रा उपलब्ध कराना भी है। इस दृष्टि से यात्रा के दौरान कई बिंदु महत्वपूर्ण हो जाते हैं। इनमें बुजुर्गों के लिए सुविधाजनक बैठने की व्यवस्था, महिलाओं के लिए सुरक्षित वातावरण, समय पर भोजन, पर्याप्त पेयजल, स्वच्छ वॉशरूम, व्यवस्थित बस यात्रा और यात्रियों की जरूरत के समय सहायता शामिल हैं। 14 सितंबर को गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में टीम दीपक गर्ग द्वारा अनुभव की गई भोजन और सेवा व्यवस्था इसी व्यापक यात्रा अनुभव का हिस्सा रही। भोजन व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए नियमित निगरानी जरूरी मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के भविष्य के संचालन में प्रत्येक रूट पर भोजन केंद्रों की नियमित गुणवत्ता जांच, भोजन की स्वच्छता और पौष्टिकता की निगरानी तथा यात्रियों से फीडबैक लेने जैसी व्यवस्थाओं को और मजबूत किया जा सकता है। इसके अलावा बुजुर्गों के लिए विशेष बैठने की सुविधा, महिलाओं और परिवारों के लिए स्वच्छ वॉशरूम, पर्याप्त पेयजल, भोजन के निर्धारित स्थान की पहले से जानकारी और शिकायत या सुझाव के लिए स्पष्ट संपर्क व्यवस्था यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने में सहायक हो सकती है। योजना की सफलता का आकलन केवल इस आधार पर नहीं होना चाहिए कि कितने यात्रियों ने यात्रा की, बल्कि इस आधार पर भी किया जाना चाहिए कि यात्रियों ने यात्रा को कितना सुरक्षित, सुविधाजनक और सम्मानजनक महसूस किया। कोटकपूरा से तीर्थ यात्रा योजना के लिए स्थानीय संपर्क कोटकपूरा क्षेत्र में मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत बुकिंग और यात्रा संबंधी जानकारी के लिए उपलब्ध स्थानीय संपर्क के रूप में सुखविंदर लाड्डी ढूड्डी का नाम दिया गया है। उन्हें उपलब्ध जानकारी में आम आदमी पार्टी के हलका इंचार्ज, विधानसभा क्षेत्र कोटकपूरा, विरासत सेवा संगठन तथा तीर्थ यात्रा विंग से संबंधित बताया गया है। संपर्क नंबर: 98884 53956 स्थानीय कार्यालय का पता आम आदमी पार्टी कार्यालय, हीरा सिंह नगर, बीडीपीओ कार्यालय के नजदीक, कोटकपूरा बताया गया है। हालांकि बुकिंग, पात्रता, अगली यात्रा की तारीख, सीट उपलब्धता और योजना के अन्य नियमों की अंतिम जानकारी संबंधित अधिकृत सरकारी माध्यम या स्थानीय अधिकृत कार्यालय से सत्यापित करना उचित रहेगा। यात्रा डायरी में दर्ज हुआ सेवा और सत्कार का अनुभव तीर्थ यात्रा में धार्मिक दर्शन सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है, लेकिन यात्रा का अनुभव भोजन, पेयजल, स्वच्छता, आराम और यात्रियों के साथ किए जाने वाले व्यवहार से भी प्रभावित होता है। गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में 14 सितंबर को भोजन करने वाले यात्रियों के लिए भोजन के साथ पानी, चाय और वॉशरूम जैसी सुविधाएं उपलब्ध रहीं। टीम दीपक गर्ग के प्रत्यक्ष यात्रा अनुभव के अनुसार ढाबे के संचालक हर्षदीप और स्टाफ का यात्रियों की सुविधा पर ध्यान देना भी इस अनुभव का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा। यात्रा के दौरान भोजन केवल पेट भरने की व्यवस्था नहीं, बल्कि यात्रियों के प्रति सम्मान और सेवा भावना का माध्यम भी बन सकता है। हरिद्वार–ऋषिकेश तीर्थ यात्रा के दौरान गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में मिला अनुभव इसी भावना को सामने लाता है। निष्कर्ष तीर्थ की राह में धार्मिक दर्शन श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक संतुष्टि देते हैं, जबकि रास्ते में मिलने वाली अच्छी सेवा यात्रा की यादों को और बेहतर बना सकती है। 14 सितंबर 2026 को गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में मिला भोजन और सेवा का अनुभव टीम दीपक गर्ग की हरिद्वार–ऋषिकेश यात्रा डायरी का एक उल्लेखनीय हिस्सा रहा। भोजन, पेयजल, वॉशरूम और यात्रियों के प्रति स्टाफ के व्यवहार ने यात्रा के इस पड़ाव को यात्रियों के लिए यादगार बनाया। यह अनुभव इस बात की ओर भी ध्यान आकर्षित करता है कि किसी भी सरकारी तीर्थ यात्रा योजना में धार्मिक दर्शन के साथ यात्रियों की सुविधा, सुरक्षा, स्वच्छता, भोजन और सम्मानजनक व्यवहार को भी समान महत्व दिया जाना चाहिए। संदर्भ: मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के 2026 में विस्तार, नए धार्मिक रूटों, यात्रा व्यवस्थाओं तथा उपलब्ध सार्वजनिक रिपोर्टों से संबंधित जानकारी; साथ ही 14 सितंबर 2026 को टीम दीपक गर्ग द्वारा दर्ज प्रत्यक्ष यात्रा अनुभव। डिस्क्लेमर: इस समाचार में गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस के भोजन, सेवा, पेयजल, वॉशरूम तथा स्टाफ द्वारा यात्रियों की देखरेख से संबंधित विवरण प्रत्यक्ष यात्रा अनुभव और उपलब्ध जानकारी पर आधारित हैं। इन्हें किसी स्वतंत्र सरकारी निरीक्षण, गुणवत्ता प्रमाणपत्र या आधिकारिक सरकारी मूल्यांकन के रूप में नहीं पढ़ा जाना चाहिए। मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना की पात्रता, बुकिंग, यात्रा तिथि, सीट उपलब्धता और सरकारी सुविधाओं की अंतिम जानकारी संबंधित अधिकृत सरकारी माध्यम से सत्यापित की जानी चाहिए। यह सामग्री किसी राजनीतिक दल, व्यक्ति, ढाबे या संस्था के पक्ष या विपक्ष में प्रचार के उद्देश्य से नहीं, बल्कि यात्रा अनुभव और उपलब्ध जानकारी को सामने रखने के उद्देश्य से तैयार की गई है। TEAM DEEPAK GARG Journalist | Vlogger | Creator | Writer लोकल से ग्लोबल तक — खबर आपकी, आवाज़ हमारी। कोटकपूरा • फरीदकोट • पंजाब • राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय अपडेट्स जनता से जुड़ी खबर • जनसमस्या की आवाज़ • तथ्य आधारित संवाद कोटकपूरा | फरीदकोट | पंजाब 15 सितंबर 2026 “खबर वही, जो समाज को सोचने पर मजबूर करे; और पत्रकारिता वही, जो समाज के काम आए।” WITH BEST WISHES & REGARDS TEAM DEEPAK GARG Not India Only — Bharat Growing Together | लोकल से ग्लोबल तक…
हरिद्वार–ऋषिकेश तीर्थ यात्रा में गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस का भोजन और सेवा बनी यादगार अनुभव मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत पहुंचे श्रद्धालुओं को मिला भोजन, पेयजल और स्वच्छता सुविधाओं का अनुभव हरिद्वार–बहादराबाद, 14 सितंबर 2026 | ताजा अपडेट: 15 सितंबर 2026 पंजाब सरकार की मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत हरिद्वार–ऋषिकेश की धार्मिक यात्रा पर पहुंचे श्रद्धालुओं के लिए 14 सितंबर का दिन धार्मिक दर्शन के साथ-साथ भोजन और सेवा के अनुभव के लिहाज से भी विशेष रहा। यात्रा के दौरान हरिद्वार के बहादराबाद क्षेत्र में स्थित गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में तीर्थ यात्रियों के लिए भोजन की व्यवस्था की गई। इस यात्रा का हिस्सा रही टीम दीपक गर्ग ने भी गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में भोजन ग्रहण किया। टीम के यात्रा अनुभव के अनुसार यहां भोजन की व्यवस्था, मेनू में विविधता, यात्रियों की सुविधा का ध्यान और स्टाफ का व्यवहार विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा। बफे में उपलब्ध रहा विभिन्न व्यंजनों का मेनू तीर्थ यात्रियों के लिए लगाए गए बफे में दाल, शाही पनीर, आलू भाजी, रायता, चावल, सलाद, हलवा और तंदूरी रोटी सहित विभिन्न व्यंजन उपलब्ध कराए गए। भोजन के बाद यात्रियों के लिए चाय की व्यवस्था भी की गई। लंबी बस यात्रा के बाद यात्रियों के लिए पर्याप्त भोजन और बैठकर भोजन करने की सुविधा महत्वपूर्ण रही। यात्रा के दौरान बुजुर्गों सहित विभिन्न आयु वर्ग के श्रद्धालु इस भोजन व्यवस्था का हिस्सा बने। हर टेबल पर बोतलबंद पानी की व्यवस्था भोजन के दौरान प्रत्येक टेबल पर Campa कंपनी का बोतलबंद पानी उपलब्ध कराया गया। लंबी दूरी की यात्रा कर रहे श्रद्धालुओं के लिए भोजन के साथ पीने के पानी की उपलब्धता एक उपयोगी सुविधा रही। यात्रा के दौरान भोजन व्यवस्था का अनुभव केवल भोजन की गुणवत्ता तक सीमित नहीं रहता, बल्कि पेयजल, बैठने की व्यवस्था, स्वच्छता और यात्रियों की सुविधा भी उसका महत्वपूर्ण हिस्सा होती है। संचालक हर्षदीप और स्टाफ ने यात्रियों की सुविधा का रखा ध्यान टीम दीपक गर्ग के यात्रा अनुभव के अनुसार गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस के संचालक हर्षदीप तथा अन्य स्टाफ ने तीर्थ यात्रियों की सुविधा पर व्यक्तिगत रूप से ध्यान दिया। यात्रियों को भोजन परोसने से लेकर आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने तक स्टाफ सक्रिय नजर आया। विशेष रूप से बुजुर्ग यात्रियों के लिए इस तरह का व्यक्तिगत ध्यान यात्रा के अनुभव को अधिक सहज और सुविधाजनक बनाने वाला रहा। पंजाब के अन्य क्षेत्रों से आई तीर्थ यात्रा बसों के यात्री भी पहुंचे प्राप्त जानकारी के अनुसार मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत पंजाब के अन्य क्षेत्रों से हरिद्वार–ऋषिकेश की यात्रा पर आई कुछ अन्य बसों के यात्रियों को भी वापसी के दौरान इसी ढाबे पर भोजन करवाया गया। इससे यह स्पष्ट होता है कि लंबी दूरी की धार्मिक यात्राओं में भोजन केंद्रों की भूमिका महत्वपूर्ण रहती है। यात्रियों के लिए निर्धारित स्थान पर समय पर भोजन, पेयजल और आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता यात्रा व्यवस्था का अहम हिस्सा बन जाती है। गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस का परिचय ढाबे पर उपलब्ध विवरण के अनुसार गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस वर्ष 1972 से संचालित होने का उल्लेख करता है। वहां उपलब्ध जानकारी में इसे “GURU NANAK DHABA XPRESS” के नाम से दर्शाया गया है। ढाबे का पता NH-334, बहादराबाद, हरिद्वार बताया गया है। उपलब्ध संपर्क विवरण में फोन नंबर 7351010540 दिया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार ढाबा संचालक का मूल संबंध अमृतसर से बताया गया है। यात्रियों के लिए वॉशरूम की सुविधा भी रही महत्वपूर्ण लंबी दूरी की तीर्थ यात्रा में भोजन के साथ स्वच्छ वॉशरूम की सुविधा भी यात्रियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण होती है। गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में उपलब्ध वॉशरूम का उपयोग भी यात्रियों ने किया। विशेषकर महिलाओं, बुजुर्गों और परिवारों के साथ यात्रा कर रहे श्रद्धालुओं के लिए हाईवे पर भोजन केंद्र में स्वच्छ वॉशरूम उपलब्ध होना यात्रा के दौरान एक आवश्यक सुविधा के रूप में देखा जाता है। श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री भगवंत मान के प्रति जताया आभार यात्रा के दौरान महिलाओं सहित अनेक श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत धार्मिक स्थलों के दर्शन का अवसर मिलने पर पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के प्रति आभार व्यक्त किया। श्रद्धालुओं की ओर से व्यक्त की गई प्रतिक्रियाएं उनके व्यक्तिगत यात्रा अनुभव के रूप में सामने आईं। यात्रियों का कहना था कि धार्मिक स्थलों के दर्शन के साथ यात्रा के दौरान भोजन और अन्य सुविधाओं की व्यवस्था भी उनके अनुभव को प्रभावित करती है। मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के नए धार्मिक रूट पंजाब सरकार की मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत वर्ष 2026 में योजना का विस्तार करते हुए हरिद्वार–ऋषिकेश, मथुरा–वृंदावन तथा श्री खाटू श्याम–सालासर बालाजी जैसे धार्मिक स्थलों को नए यात्रा रूटों में शामिल किए जाने की जानकारी सामने आई। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने जुलाई 2026 में योजना के विस्तार की घोषणा की थी और नए रूटों पर यात्राएं अगस्त से शुरू किए जाने की जानकारी दी गई थी। अगस्त 2026 में इस विस्तारित योजना के तहत पंजाब के विभिन्न जिलों से श्रद्धालुओं को लेकर 15 बसों को हरिद्वार–ऋषिकेश, मथुरा–वृंदावन तथा खाटू श्याम–सालासर बालाजी के धार्मिक स्थलों की ओर रवाना किए जाने की रिपोर्टें सामने आईं। रिपोर्टों में यह भी बताया गया कि यात्रा में बुजुर्ग श्रद्धालुओं को प्राथमिकता दी गई तथा सरकार की ओर से एसी बस यात्रा, भोजन और ठहरने जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात कही गई। एक रिपोर्ट के अनुसार 50 वर्ष या उससे अधिक आयु के लोगों तथा एक परिवार से अधिकतम दो सदस्यों के यात्रा करने की जानकारी भी दी गई थी। पहले चरण में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु धार्मिक स्थलों पर पहुंचे मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के पहले चरण के संबंध में उपलब्ध रिपोर्टों में बताया गया कि बड़ी संख्या में श्रद्धालु श्री अमृतसर साहिब तथा श्री आनंदपुर साहिब–नैना देवी सहित विभिन्न धार्मिक स्थलों की यात्रा कर चुके हैं। हरिद्वार–ऋषिकेश यात्रा के संचालन के लिए निजी क्षेत्र के पार्टनर के चयन से संबंधित निविदा की जानकारी भी सामने आई थी, जिसकी राशि लगभग 29 करोड़ रुपये बताई गई। तीर्थ यात्रा की सफलता केवल दर्शन तक सीमित नहीं तीर्थ यात्रा का उद्देश्य केवल श्रद्धालुओं को धार्मिक स्थल तक पहुंचाना नहीं, बल्कि उन्हें सुरक्षित, सम्मानजनक और सुविधाजनक यात्रा उपलब्ध कराना भी है। इस दृष्टि से यात्रा के दौरान कई बिंदु महत्वपूर्ण हो जाते हैं। इनमें बुजुर्गों के लिए सुविधाजनक बैठने की व्यवस्था, महिलाओं के लिए सुरक्षित वातावरण, समय पर भोजन, पर्याप्त पेयजल, स्वच्छ वॉशरूम, व्यवस्थित बस यात्रा और यात्रियों की जरूरत के समय सहायता शामिल हैं। 14 सितंबर को गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में टीम दीपक गर्ग द्वारा अनुभव की गई भोजन और सेवा व्यवस्था इसी व्यापक यात्रा अनुभव का हिस्सा रही। भोजन व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए नियमित निगरानी जरूरी मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के भविष्य के संचालन में प्रत्येक रूट पर भोजन केंद्रों की नियमित गुणवत्ता जांच, भोजन की स्वच्छता और पौष्टिकता की निगरानी तथा यात्रियों से फीडबैक लेने जैसी व्यवस्थाओं को और मजबूत किया जा सकता है। इसके अलावा बुजुर्गों के लिए विशेष बैठने की सुविधा, महिलाओं और परिवारों के लिए स्वच्छ वॉशरूम, पर्याप्त पेयजल, भोजन के निर्धारित स्थान की पहले से जानकारी और शिकायत या सुझाव के लिए स्पष्ट संपर्क व्यवस्था यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने में सहायक हो सकती है। योजना की सफलता का आकलन केवल इस आधार पर नहीं होना चाहिए कि कितने यात्रियों ने यात्रा की, बल्कि इस आधार पर भी किया जाना चाहिए कि यात्रियों ने यात्रा को कितना सुरक्षित, सुविधाजनक और सम्मानजनक महसूस किया। कोटकपूरा से तीर्थ यात्रा योजना के लिए स्थानीय संपर्क कोटकपूरा क्षेत्र में मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत बुकिंग और यात्रा संबंधी जानकारी के लिए उपलब्ध स्थानीय संपर्क के रूप में सुखविंदर लाड्डी ढूड्डी का नाम दिया गया है। उन्हें उपलब्ध जानकारी में आम आदमी पार्टी के हलका इंचार्ज, विधानसभा क्षेत्र कोटकपूरा, विरासत सेवा संगठन तथा तीर्थ यात्रा विंग से संबंधित बताया गया है। संपर्क नंबर: 98884 53956 स्थानीय कार्यालय का पता आम आदमी पार्टी कार्यालय, हीरा सिंह नगर, बीडीपीओ कार्यालय के नजदीक, कोटकपूरा बताया गया है। हालांकि बुकिंग, पात्रता, अगली यात्रा की तारीख, सीट उपलब्धता और योजना के अन्य नियमों की अंतिम जानकारी संबंधित अधिकृत सरकारी माध्यम या स्थानीय अधिकृत कार्यालय से सत्यापित करना उचित रहेगा। यात्रा डायरी में दर्ज हुआ सेवा और सत्कार का अनुभव तीर्थ यात्रा में धार्मिक दर्शन सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है, लेकिन यात्रा का अनुभव भोजन, पेयजल, स्वच्छता, आराम और यात्रियों के साथ किए जाने वाले व्यवहार से भी प्रभावित होता है। गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में 14 सितंबर को भोजन करने वाले यात्रियों के लिए भोजन के साथ पानी, चाय और वॉशरूम जैसी सुविधाएं उपलब्ध रहीं। टीम दीपक गर्ग के प्रत्यक्ष यात्रा अनुभव के अनुसार ढाबे के संचालक हर्षदीप और स्टाफ का यात्रियों की सुविधा पर ध्यान देना भी इस अनुभव का महत्वपूर्ण हिस्सा रहा। यात्रा के दौरान भोजन केवल पेट भरने की व्यवस्था नहीं, बल्कि यात्रियों के प्रति सम्मान और सेवा भावना का माध्यम भी बन सकता है। हरिद्वार–ऋषिकेश तीर्थ यात्रा के दौरान गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में मिला अनुभव इसी भावना को सामने लाता है। निष्कर्ष तीर्थ की राह में धार्मिक दर्शन श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक संतुष्टि देते हैं, जबकि रास्ते में मिलने वाली अच्छी सेवा यात्रा की यादों को और बेहतर बना सकती है। 14 सितंबर 2026 को गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस में मिला भोजन और सेवा का अनुभव टीम दीपक गर्ग की हरिद्वार–ऋषिकेश यात्रा डायरी का एक उल्लेखनीय हिस्सा रहा। भोजन, पेयजल, वॉशरूम और यात्रियों के प्रति स्टाफ के व्यवहार ने यात्रा के इस पड़ाव को यात्रियों के लिए यादगार बनाया। यह अनुभव इस बात की ओर भी ध्यान आकर्षित करता है कि किसी भी सरकारी तीर्थ यात्रा योजना में धार्मिक दर्शन के साथ यात्रियों की सुविधा, सुरक्षा, स्वच्छता, भोजन और सम्मानजनक व्यवहार को भी समान महत्व दिया जाना चाहिए। संदर्भ: मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के 2026 में विस्तार, नए धार्मिक रूटों, यात्रा व्यवस्थाओं तथा उपलब्ध सार्वजनिक रिपोर्टों से संबंधित जानकारी; साथ ही 14 सितंबर 2026 को टीम दीपक गर्ग द्वारा दर्ज प्रत्यक्ष यात्रा अनुभव। डिस्क्लेमर: इस समाचार में गुरु नानक ढाबा एक्सप्रेस के भोजन, सेवा, पेयजल, वॉशरूम तथा स्टाफ द्वारा यात्रियों की देखरेख से संबंधित विवरण प्रत्यक्ष यात्रा अनुभव और उपलब्ध जानकारी पर आधारित हैं। इन्हें किसी स्वतंत्र सरकारी निरीक्षण, गुणवत्ता प्रमाणपत्र या आधिकारिक सरकारी मूल्यांकन के रूप में नहीं पढ़ा जाना चाहिए। मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना की पात्रता, बुकिंग, यात्रा तिथि, सीट उपलब्धता और सरकारी सुविधाओं की अंतिम जानकारी संबंधित अधिकृत सरकारी माध्यम से सत्यापित की जानी चाहिए। यह सामग्री किसी राजनीतिक दल, व्यक्ति, ढाबे या संस्था के पक्ष या विपक्ष में प्रचार के उद्देश्य से नहीं, बल्कि यात्रा अनुभव और उपलब्ध जानकारी को सामने रखने के उद्देश्य से तैयार की गई है। TEAM DEEPAK GARG Journalist | Vlogger | Creator | Writer लोकल से ग्लोबल तक — खबर आपकी, आवाज़ हमारी। कोटकपूरा • फरीदकोट • पंजाब • राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय अपडेट्स जनता से जुड़ी खबर • जनसमस्या की आवाज़ • तथ्य आधारित संवाद कोटकपूरा | फरीदकोट | पंजाब 15 सितंबर 2026 “खबर वही, जो समाज को सोचने पर मजबूर करे; और पत्रकारिता वही, जो समाज के काम आए।” WITH BEST WISHES 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- ਉਸਤਾਦ ਬਰਕਤ ਸਿਧੂ ਜੀ ਦਾ ਜਨਮ ਦਿਨ ਮੇਲਾ ਉਹਨਾ ਦੀ ਸਮਾਧ ਉੱਪਰ ਬੜੀ ਧੂਮਧਾਮ ਨਾਲ਼ ਮਨਾਇਆ ਜਾਵੇਗਾ -ਲਾਡੀ ਸਿੱਧੂ1
- Post by Shankar Kumar2
- ਪੂਜਾ ਲੁੱਥਰਾ ਸਚਦੇਵਾ ਵਲੋਂ ਪਿੰਡ ਢਾਬਾ ਪਹੁੰਚ ਕੇ ਲੇਦਰ ਕ੍ਰਿਕਟ ਟੂਰਨਾਮੈਂਟ ਦੇ ਫਾਈਨਲ ਮੈਚ ਦੀ ਸ਼ੁਰੂਆਤ ਕਰਵਾਈ ਗਈ। ਪੂਜਾ ਲੁੱਥਰਾ ਸਚਦੇਵਾ ਵਲੋਂ ਪਿੰਡ ਢਾਬਾ ਪਹੁੰਚ ਕੇ ਲੇਦਰ ਕ੍ਰਿਕਟ ਟੂਰਨਾਮੈਂਟ ਦੇ ਫਾਈਨਲ ਮੈਚ ਦੀ ਸ਼ੁਰੂਆਤ ਕਰਵਾਈ ਗਈ।1
- ਤਰਨ ਤਾਰਨ ਦੇ ਪਿੰਡ ਮਾੜੀ ਕੰਬੋਕੇ ’ਚ ਕਬੱਡੀ ਦਾ ਸ਼ੋਅ ਮੈਚ, ਰੋਮਾਂਚਕ ਮੁਕਾਬਲਾ 🏆🔥 ਤਰਨ ਤਾਰਨ ਦੇ ਪਿੰਡ ਮਾੜੀ ਕੰਬੋਕੇ ’ਚ ਕਬੱਡੀ ਦਾ ਸ਼ੋਅ ਮੈਚ, ਰੋਮਾਂਚਕ ਮੁਕਾਬਲਾ 🏆🔥1
- तरन तारन के गुरु अर्जन देव सरकारी कॉलेज के कर्मचारी ने की आत्महत्या, कथित वीडियो में लगाए गंभीर आरोप तरन तारन के गुरु अर्जन देव सरकारी कॉलेज के कर्मचारी ने की आत्महत्या, कथित वीडियो में लगाए गंभीर आरोप तरन तारन से इस समय एक बेहद दुखद और गंभीर खबर सामने आ रही है। गुरु अर्जन देव सरकारी कॉलेज, तरन तारन की लाइब्रेरी में पिछले करीब 26 वर्षों से ड्यूटी कर रहे कर्मचारी तरसेम सिंह ने कथित तौर पर आत्महत्या कर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली।आत्महत्या से पहले तरसेम सिंह द्वारा एक कथित वीडियो रिकॉर्ड किए जाने की बात सामने आ रही है। इस वीडियो में वह अपने वरिष्ठ अधिकारी पर गंभीर आरोप लगाते हुए दिखाई दे रहे हैं। हालांकि, इस कथित वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि अभी नहीं हुई है और पुलिस की ओर से भी इस संबंध में आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।कथित वीडियो में तरसेम सिंह ने आरोप लगाया कि वह पिछले लंबे समय से अपने सुपरिंटेंडेंट के कथित दबाव में काम कर रहे थे। उनका आरोप है कि जब भी वह छुट्टी मांगते थे, तो उनसे कथित तौर पर पैसे की मांग की जाती थी। तरसेम सिंह ने यह भी दावा किया कि उनसे पहले भी कई बार पैसे लिए जा चुके थे।तरसेम सिंह ने कथित वीडियो में जगतार सिंह नाम के व्यक्ति का भी जिक्र किया है। उनके अनुसार, जगतार सिंह पहले क्लर्क के पद पर कार्यरत थे और बाद में सुपरिंटेंडेंट बन गए। तरसेम सिंह का आरोप था कि जगतार सिंह अपने पद का कथित तौर पर इस्तेमाल करते हुए उन पर दबाव बनाते थे और उनसे पैसों की मांग कर उन्हें धमकाया जाता था। तरसेम सिंह ने अपनी कथित वीडियो में अपनी मौत के लिए जगतार सिंह को जिम्मेदार ठहराने की बात कही है। हालांकि, इन आरोपों की सच्चाई और आत्महत्या के पीछे वास्तविक कारण क्या रहे, यह पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा घटना के बाद मृतक के परिवार और परिजनों में भारी रोष देखने को मिल रहा है। परिवार की ओर से मृतक का शव कॉलेज के बाहर रखकर विरोध प्रदर्शन किया जा रहा है। परिजनों की मांग है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाए और यदि किसी व्यक्ति की भूमिका सामने आती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।फिलहाल पुलिस की ओर से मामले को लेकर कोई विस्तृत आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। पुलिस द्वारा कथित वीडियो, मृतक के बयानों, परिवार के आरोपों और अन्य तथ्यों की जांच किए जाने के बाद ही मामले की पूरी तस्वीर साफ हो सकेगी।यह मामला अब कई गंभीर सवाल खड़े कर रहा है कि आखिर 26 वर्षों से कॉलेज में सेवाएं दे रहे कर्मचारी ने इतना बड़ा कदम क्यों उठाया और क्या वास्तव में वह किसी दबाव में था? इन सभी सवालों के जवाब पुलिस जांच के बाद ही सामने आएंगे। फिलहाल परिवार का विरोध प्रदर्शन जारी है और सभी की नजरें पुलिस की आगामी कार्रवाई तथा आधिकारिक जांच रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं।1
- ਜ਼ਿਲਾ ਤਰਨ ਤਾਰਨ ਵਿਖੇ ਸ੍ਰੀ ਗੁਰੂ ਅਰਜਨ ਦੇਵ ਸਰਕਾਰੀ ਸਕੂਲ ਬਤੌਰ ਸਕੂਲ ਦੇ ਅੰਦਰ ਡਿਊਟੀ ਕਰਦਾ ਸੀ ਇੱਕ ਕਲਰਕ ਕਾਫੀ ਦਿਨਾਂ ਤੋਂ ਉਸੇ ਨੂੰ ਪੈਸੇ ਦੀ ਤੇ ਤੰਗ ਪਰੇਸ਼ਾਨ ਕੀਤਾ ਜਾਂਦਾ ਹੈ ਕਲਰਕ ਤੋਂ ਤੰਗ ਆ ਕੇ ਉਸਨੇ ਆਪਣੀ ਜੀਵਨ ਲਈ ਸਮਾਪਤ ਕਰ ਦਿੱਤੀ ਹੈ।1
- ਨਸ਼ਾ ਮੁਕਤ ਪੰਜਾਬ ਲਈ ਪਾਰਟੀਬਾਜ਼ੀ ਤੋਂ ਉੱਪਰ ਉੱਠ ਕੇ ਇਕੱਠੇ ਹੋਣ ਦੀ ਅਪੀਲ ਭਾਜਪਾ ਫਰੀਦਕੋਟ ਦੇ ਜ਼ਿਲ੍ਹਾ ਪ੍ਰਧਾਨ ਸੰਦੀਪ ਸਿੰਘ ਸੰਨੀ ਬਰਾੜ ਨੇ ਲੋਕਾਂ ਨੂੰ ਨਸ਼ਿਆਂ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਜਾਗਰੂਕਤਾ ਮੁਹਿੰਮ ਦਾ ਹਿੱਸਾ ਬਣਨ ਦਾ ਦਿੱਤਾ ਸੱਦਾ ਫਰੀਦਕੋਟ, 15 ਸਤੰਬਰ: ਭਾਰਤੀ ਜਨਤਾ ਪਾਰਟੀ ਫਰੀਦਕੋਟ ਦੇ ਜ਼ਿਲ੍ਹਾ ਪ੍ਰਧਾਨ ਸੰਦੀਪ ਸਿੰਘ ਸੰਨੀ ਬਰਾੜ ਨੇ ਪੰਜਾਬ ਨੂੰ ਨਸ਼ਾ ਮੁਕਤ ਬਣਾਉਣ ਲਈ ਲੋਕਾਂ ਨੂੰ ਪਾਰਟੀਬਾਜ਼ੀ ਤੋਂ ਉੱਪਰ ਉੱਠ ਕੇ ਇਕੱਠੇ ਹੋਣ ਦੀ ਅਪੀਲ ਕੀਤੀ ਹੈ। ਸੰਨੀ ਬਰਾੜ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਨਸ਼ਾ ਕਿਸੇ ਇੱਕ ਸਿਆਸੀ ਪਾਰਟੀ ਦੀ ਸਮੱਸਿਆ ਨਹੀਂ, ਬਲਕਿ ਪੂਰੇ ਪੰਜਾਬ ਦੀ ਸਾਂਝੀ ਚਿੰਤਾ ਹੈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਨਸ਼ਿਆਂ ਦੇ ਖ਼ਾਤਮੇ ਲਈ ਸਰਕਾਰ, ਸਿਆਸੀ ਪਾਰਟੀਆਂ, ਸਮਾਜਿਕ ਜਥੇਬੰਦੀਆਂ, ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਅਤੇ ਆਮ ਲੋਕਾਂ ਨੂੰ ਮਿਲ ਕੇ ਯਤਨ ਕਰਨ ਦੀ ਲੋੜ ਹੈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਲੋਕਾਂ ਨੂੰ ਨਸ਼ਾ ਮੁਕਤ ਪੰਜਾਬ ਰੈਲੀ ਵਿੱਚ ਸ਼ਾਮਲ ਹੋਣ ਅਤੇ ਨਸ਼ਿਆਂ ਵਿਰੁੱਧ ਆਪਣੀ ਆਵਾਜ਼ ਬੁਲੰਦ ਕਰਨ ਦਾ ਸੱਦਾ ਦਿੰਦਿਆਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਇਸ ਮੁੱਦੇ ਨੂੰ ਸਿਆਸੀ ਵਖਰੇਵਿਆਂ ਤੋਂ ਉੱਪਰ ਰੱਖ ਕੇ ਸਮਾਜਿਕ ਜ਼ਿੰਮੇਵਾਰੀ ਵਜੋਂ ਦੇਖਿਆ ਜਾਣਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ। “ਨਸ਼ਾ ਮੁਕਤ ਪੰਜਾਬ—ਸਾਡਾ ਸੰਕਲਪ, ਸਾਡੀ ਜ਼ਿੰਮੇਵਾਰੀ” ਸੰਨੀ ਬਰਾੜ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਨੂੰ ਨਸ਼ਿਆਂ ਤੋਂ ਬਚਾਉਣਾ ਸਿਰਫ਼ ਸਰਕਾਰ ਜਾਂ ਕਿਸੇ ਇੱਕ ਸੰਸਥਾ ਦੀ ਜ਼ਿੰਮੇਵਾਰੀ ਨਹੀਂ ਹੈ। ਪਰਿਵਾਰ, ਸਕੂਲ, ਕਾਲਜ, ਸਮਾਜਿਕ ਅਤੇ ਧਾਰਮਿਕ ਸੰਸਥਾਵਾਂ ਸਮੇਤ ਹਰ ਵਰਗ ਨੂੰ ਇਸ ਮੁਹਿੰਮ ਵਿੱਚ ਆਪਣਾ ਯੋਗਦਾਨ ਪਾਉਣਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਨਸ਼ੇ ਦੀ ਸਮੱਸਿਆ ਨਾਲ ਨਜਿੱਠਣ ਲਈ ਜਾਗਰੂਕਤਾ ਦੇ ਨਾਲ-ਨਾਲ ਨਸ਼ਾ ਸਪਲਾਈ ਕਰਨ ਵਾਲਿਆਂ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਸਖ਼ਤ ਕਾਰਵਾਈ, ਨਸ਼ਾ ਛੁਡਾਊ ਸਹੂਲਤਾਂ ਵਿੱਚ ਸੁਧਾਰ, ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਲਈ ਖੇਡਾਂ ਅਤੇ ਰੋਜ਼ਗਾਰ ਦੇ ਮੌਕੇ ਅਤੇ ਨਸ਼ੇ ਦੀ ਲਤ ਤੋਂ ਬਾਹਰ ਆਏ ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਦੀ ਸਮਾਜ ਵਿੱਚ ਮੁੜ ਸਥਾਪਤੀ ਵੱਲ ਵੀ ਧਿਆਨ ਦੇਣਾ ਜ਼ਰੂਰੀ ਹੈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਦਾ ਸੰਦੇਸ਼ ਸੀ ਕਿ “ਨਸ਼ਾ ਮੁਕਤ ਪੰਜਾਬ ਸਿਰਫ਼ ਇੱਕ ਨਾਅਰਾ ਨਹੀਂ, ਸਗੋਂ ਹਰ ਪੰਜਾਬੀ ਦੀ ਸਾਂਝੀ ਜ਼ਿੰਮੇਵਾਰੀ ਹੈ।” ਇਸ ਮੌਕੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਪੰਜਾਬ ਵਾਸੀਆਂ ਨੂੰ ਨਸ਼ਿਆਂ ਵਿਰੁੱਧ ਚੱਲ ਰਹੀ ਜਾਗਰੂਕਤਾ ਮੁਹਿੰਮ ਵਿੱਚ ਵੱਧ ਤੋਂ ਵੱਧ ਸ਼ਮੂਲੀਅਤ ਕਰਨ ਦੀ ਅਪੀਲ ਕੀਤੀ।1
- ਭ੍ਰਿਸ਼ਟਾਚਾਰ ਵਿਰੁੱਧ ਜ਼ੀਰੋ ਟੋਲਰੈਂਸ ਨੀਤੀ ਤਹਿਤ ਸਖ਼ਤ ਕਾਰਵਾਈ: ਐਨ.ਡੀ.ਪੀ.ਐਸ. ਮੁਕੱਦਮਿਆਂ ਵਿੱਚ ਮੁਲਜ਼ਮ ਨੂੰ ਨਾਜਾਇਜ਼ ਲਾਭ ਪਹੁੰਚਾਉਣ ਬਦਲੇ ਰਿਸ਼ਵਤ ਲੈਣ ਦੇ ਦੋਸ਼ ਹੇਠ ਦੋ ਐੱਸ.ਐੱਚ.ਓ. ਅਤੇ ਦੋ ਵਿਚੋਲਿਆਂ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਮੁਕੱਦਮਾ ਦਰਜ ਭ੍ਰਿਸ਼ਟਾਚਾਰ ਵਿਰੁੱਧ ਜ਼ੀਰੋ ਟੋਲਰੈਂਸ ਨੀਤੀ ਤਹਿਤ ਸਖ਼ਤ ਕਾਰਵਾਈ: ਐਨ.ਡੀ.ਪੀ.ਐਸ. ਮੁਕੱਦਮਿਆਂ ਵਿੱਚ ਮੁਲਜ਼ਮ ਨੂੰ ਨਾਜਾਇਜ਼ ਲਾਭ ਪਹੁੰਚਾਉਣ ਬਦਲੇ ਰਿਸ਼ਵਤ ਲੈਣ ਦੇ ਦੋਸ਼ ਹੇਠ ਦੋ ਐੱਸ.ਐੱਚ.ਓ. ਅਤੇ ਦੋ ਵਿਚੋਲਿਆਂ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਮੁਕੱਦਮਾ ਦਰਜ ਐੱਸ.ਐੱਚ.ਓ. ਕੱਚਾ ਪੱਕਾ ਗ੍ਰਿਫ਼ਤਾਰ; ਬਾਕੀ ਤਿੰਨ ਮੁਲਜ਼ਮ ਫ਼ਰਾਰ ਦੋਵਾਂ ਐੱਸ.ਐੱਚ.ਓ. ਉੱਤੇ ਵਿਚੋਲਿਆਂ ਰਾਹੀਂ ਕੁੱਲ 7 ਲੱਖ ਰੁਪਏ ਰਿਸ਼ਵਤ ਲੈਣ ਦੇ ਦੋਸ਼ ਭ੍ਰਿਸ਼ਟਾਚਾਰ ਵਿਰੁੱਧ ਜ਼ੀਰੋ ਟੋਲਰੈਂਸ ਨੀਤੀ ਤਹਿਤ ਤਰਨ ਤਾਰਨ ਪੁਲਿਸ ਵੱਲੋਂ ਸਖ਼ਤ ਕਾਰਵਾਈ ਕਰਦਿਆਂ ਦੋ ਐੱਸ.ਐੱਚ.ਓ. ਅਤੇ ਦੋ ਵਿਚੋਲਿਆਂ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਭ੍ਰਿਸ਼ਟਾਚਾਰ ਦਾ ਮੁਕੱਦਮਾ ਦਰਜ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਹੈ। ਇਹ ਕਾਰਵਾਈ ਐਨ.ਡੀ.ਪੀ.ਐਸ. ਐਕਟ ਅਧੀਨ ਦਰਜ ਮੁਕੱਦਮਿਆਂ ਦੇ ਇੱਕ ਮੁਲਜ਼ਮ ਨੂੰ ਤਫ਼ਤੀਸ਼ ਦੌਰਾਨ ਨਾਜਾਇਜ਼ ਲਾਭ ਪਹੁੰਚਾਉਣ ਬਦਲੇ ਉਸ ਦੇ ਪਰਿਵਾਰਕ ਮੈਂਬਰਾਂ ਪਾਸੋਂ ਰਿਸ਼ਵਤ ਲੈਣ ਸਬੰਧੀ ਪ੍ਰਾਪਤ ਸੂਚਨਾ ਦੇ ਆਧਾਰ ’ਤੇ ਕੀਤੀ ਗਈ ਹੈ।ਇਸ ਸਬੰਧ ਵਿੱਚ ਐੱਸ.ਆਈ. ਬਲਜਿੰਦਰ ਸਿੰਘ, ਐੱਸ.ਐੱਚ.ਓ. ਥਾਣਾ ਵਲਟੋਹਾ; ਐੱਸ.ਆਈ. ਕਿਰਪਾਲ ਸਿੰਘ, ਐੱਸ.ਐੱਚ.ਓ. ਥਾਣਾ ਕੱਚਾ ਪੱਕਾ; ਰੋਬਿਨ ਸਿੰਘ ਵਾਸੀ ਮਾੜੀ ਮੇਘਾ ਅਤੇ ਪੂਰਨ ਸਿੰਘ ਵਾਸੀ ਦਾਓਕੇ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਮੁਕੱਦਮਾ ਨੰਬਰ 123 ਮਿਤੀ 13.09.2026, ਧਾਰਾ 7 ਭ੍ਰਿਸ਼ਟਾਚਾਰ ਰੋਕੂ ਐਕਟ ਅਤੇ ਧਾਰਾ 255 ਭਾਰਤੀ ਨਿਆਂ ਸੰਹਿਤਾ ਅਧੀਨ ਥਾਣਾ ਵਲਟੋਹਾ ਵਿਖੇ ਦਰਜ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਹੈ।ਮਾਮਲੇ ਦੇ ਵੇਰਵਿਆਂ ਅਨੁਸਾਰ ਗੁਰਮੀਤ ਸਿੰਘ ਉਰਫ਼ ਗੀਤੂ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਐਨ.ਡੀ.ਪੀ.ਐਸ. ਐਕਟ ਅਧੀਨ ਦੋ ਮੁਕੱਦਮੇ ਦਰਜ ਹਨ। ਇਨ੍ਹਾਂ ਵਿੱਚ ਮੁਕੱਦਮਾ ਨੰਬਰ 117 ਮਿਤੀ 01.09.2026 ਥਾਣਾ ਵਲਟੋਹਾ ਨਾਲ ਸਬੰਧਤ ਹੈ, ਜਿਸ ਵਿੱਚ 14 ਕਿਲੋ 110 ਗ੍ਰਾਮ ਅਫ਼ੀਮ ਬਰਾਮਦ ਹੋਈ ਸੀ। ਇਸੇ ਤਰ੍ਹਾਂ ਮੁਕੱਦਮਾ ਨੰਬਰ 76 ਮਿਤੀ 02.09.2026 ਥਾਣਾ ਕੱਚਾ ਪੱਕਾ ਵਿਖੇ ਦਰਜ ਹੈ, ਜਿਸ ਵਿੱਚ 2 ਕਿਲੋ ਅਫ਼ੀਮ ਬਰਾਮਦ ਹੋਈ ਸੀ।ਪ੍ਰਾਪਤ ਸੂਚਨਾ ਅਨੁਸਾਰ ਐੱਸ.ਆਈ. ਬਲਜਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਉੱਤੇ ਦੋਸ਼ ਹੈ ਕਿ ਉਸ ਨੇ ਗੁਰਮੀਤ ਸਿੰਘ ਉਰਫ਼ ਗੀਤੂ ਨੂੰ ਮੁਕੱਦਮੇ ਦੀ ਤਫ਼ਤੀਸ਼ ਵਿੱਚ ਨਾਜਾਇਜ਼ ਲਾਭ ਪਹੁੰਚਾਉਣ ਬਦਲੇ ਉਸ ਦੇ ਪਰਿਵਾਰਕ ਮੈਂਬਰਾਂ ਪਾਸੋਂ ਰੋਬਿਨ ਸਿੰਘ ਰਾਹੀਂ 3 ਲੱਖ ਰੁਪਏ ਰਿਸ਼ਵਤ ਵਜੋਂ ਲਏ। ਇਸੇ ਤਰ੍ਹਾਂ ਐੱਸ.ਆਈ. ਕਿਰਪਾਲ ਸਿੰਘ ਉੱਤੇ ਪੂਰਨ ਸਿੰਘ ਰਾਹੀਂ ਉਕਤ ਮੁਲਜ਼ਮ ਦੇ ਪਰਿਵਾਰਕ ਮੈਂਬਰਾਂ ਪਾਸੋਂ 4 ਲੱਖ ਰੁਪਏ ਰਿਸ਼ਵਤ ਲੈਣ ਦੇ ਦੋਸ਼ ਹਨ। ਰੋਬਿਨ ਸਿੰਘ ਅਤੇ ਪੂਰਨ ਸਿੰਘ ਉੱਤੇ ਇਨ੍ਹਾਂ ਕਥਿਤ ਲੈਣ-ਦੇਣਾਂ ਵਿੱਚ ਵਿਚੋਲਿਆਂ ਦੀ ਭੂਮਿਕਾ ਨਿਭਾਉਣ ਦੇ ਦੋਸ਼ ਹਨ।ਮੁਕੱਦਮੇ ਵਿੱਚ ਕਾਰਵਾਈ ਕਰਦਿਆਂ ਐੱਸ.ਆਈ. ਕਿਰਪਾਲ ਸਿੰਘ, ਐੱਸ.ਐੱਚ.ਓ. ਥਾਣਾ ਕੱਚਾ ਪੱਕਾ ਨੂੰ ਗ੍ਰਿਫ਼ਤਾਰ ਕਰ ਲਿਆ ਗਿਆ ਹੈ। ਬਾਕੀ ਤਿੰਨ ਮੁਲਜ਼ਮ ਐੱਸ.ਆਈ. ਬਲਜਿੰਦਰ ਸਿੰਘ, ਰੋਬਿਨ ਸਿੰਘ ਅਤੇ ਪੂਰਨ ਸਿੰਘ ਫ਼ਰਾਰ ਹਨ। ਮਾਮਲੇ ਦੀ ਅਗਲੇਰੀ ਤਫ਼ਤੀਸ਼ ਸ੍ਰੀ ਅਤੁਲ ਸੋਨੀ, ਡੀ.ਐੱਸ.ਪੀ. ਸਬ-ਡਵੀਜ਼ਨ ਭਿੱਖੀਵਿੰਡ ਵੱਲੋਂ ਅਮਲ ਵਿੱਚ ਲਿਆਂਦੀ ਜਾ ਰਹੀ ਹੈ।1
- ਇੰਜੀਨੀਅਰਿੰਗ ਦਿਵਸ ਤੇ ਰੌਬਿਟਾਂ ਦਾ ਸ਼ਕਤੀ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ , ਸਾਇੰਸ ਸਿਟੀ ਵੱਲੋਂ ਰੌਬਿਟਕ ਚੈਂਪੀਅਨਸ਼ਿਪ ਦਾ ਆਯੋਜਨ ਕਪੂਰਥਲਾ ਪੁਸ਼ਪਾ ਗੁਜਰਾਲ ਸਾਇੰਸ ਸਿਟੀ ਵੱਲੋਂ ਇੰਜੀਨਅਰਿੰਗ ਦਿਵਸ ਮੌਕੇ ਪੋਲੇਟੈਕਨਿਕ ਅਤੇ ਇੰਜੀਨਅਰਿੰਗ ਕਾਲਜਾਂ ਦੇ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਲਈ ਇਕ ਰੌਬਿਟਕ ਚੈਂਪੀਅਨਸ਼ਿਪ ਦਾ ਆਯੋਜਨ ਕੀਤਾ ਗਿਆ । ਜਿਸ ਵਿੱਚ ਪੰਜਾਬ ਭਰ ਦੇ ਵੱਖ-ਵੱਖ ਇੰਜੀਨੀਆਰਿੰਗ ਅਤੇ ਪੋਲੇਟੈਕਨਿਕ ਕਾਲਜਾਂ ਦੇ 100 ਤੋਂ ਵੱਧ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਨੇ ਹਿੱਸਾ ਲਿਆ ਅਤੇ ਆਪਣੀ ਤਕਨੀਕੀ ਮੁਹਾਰਤ, ਨਵੀਨਤਾ ਅਤੇ ਇਕਜੁੱਟਤਾ ਦਾ ਮੁਜਾਹਰਾ ਕੀਤਾ। ਇੰਜੀਨੀਅਅਰਿੰਗ ਦਿਵਸ ਹਰ ਸਾਲ 15 ਸਤੰਬਰ ਨੂੰ ਭਾਰਤ ਦੇ ਪ੍ਰਸਿੱਧ ਇੰਜੀਨੀਅਰ ਭਾਰਤ ਰਤਨ ਸਰ ਮੌਕਸ਼ਗੰਡਮ ਵੈਸ਼ਵਾਰਿਆ ਦੇ ਜਨਮ ਦਿਵਸ ਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੀ ਯਾਦ ਨੂੰ ਤਾਜਾ ਕਰਦਿਆਂ ਮਨਾਇਆ ਜਾਂਦਾ ਹੈ। ਇਸ ਮੌਕੇ ਪੁਸ਼ਪਾ ਗੁਜਰਾਲ ਸਾਇੰਸ ਸਿਟੀ ਦੇ ਡਾਇਰੈਕਟਰ ਡਾ. ਰਾਜੇਸ਼ ਗਰੋਵਰ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਰੌਬਿਟ ਅੱਜ ਦੇ ਆਧੁਨਿਕ ਸਮਾਜ ਦਾ ਬਹੁਤ ਅਹਿਮ ਹਿੱਸਾ ਬਣ ਚੁੱਕਾ ਹੈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੱਸਿਆ ਕਿ ਸਵੈਚਾਲਿਤ ਕੰਮਾਂ ਲਈ , ਕਾਰਜ ਕੁਸ਼ਲਤਾ ਨੂੰ ਵਧਾਉਣ ਅਤੇ ਖਤਰਨਾਕ ਕੰਮ ਕਰਦੇ ਲੋਕਾਂ ਨੂੰ ਬਚਾਉਣ ਵਿਚ ਰੋਬਿਟ ਦੀ ਬਹੁਤ ਮਦਦਗਾਰ ਹੈ। ਰੌਬਿਟ ਇੰਡਸਟਰੀ ਨੇ ਇੰਜੀਨੀਅਰਿੰਗ,ਤਕਨਾਲੌਜੀ ਅਤੇ ਨਵੀਨਤਾ ਦੇ ਖੇਤਰ ਵਿੱਚ ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਨੂੰ ਕੈਰੀਅਰ ਬਣਾਉਣ ਦੇ ਨਵੇਂ ਰਾਹ ਖੋਲ੍ਹੇ ਹਨ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਨੂੰ ਇਸ ਖੇਤਰ ਵਿੱਚ ਪ੍ਰੈਕਟੀਕਲ ਮੁਹਾਰਤ ਪੈਦਾ ਕਰਨ ਅਤੇ ਸਮੇਂ ਦੇ ਹਾਣੀ ਬਣਦਿਆਂ ਵਿਕਸਿਤ ਹੋ ਰਹੀਆਂ ਨਵੀਆਂ - ਨਵੀਆਂ ਤਕਨੀਕਾਂ ਨਾਲ ਜੁੜੇ ਰਹਿਣ ਲਈ ਉਤਸ਼ਾਹਿਤ ਕੀਤਾ । ਇਸ ਦੇ ਨਾਲ ਹੀ ਉਨ੍ਹਾ ਨੇ ਇਸ ਮੌਕੇ ਨਿਰਮਾਣ ਕਾਰਜਾਂ, ਸਿਹਤ- ਸੰਭਾਲ, ਪਲਾੜ ਤਕਨਾਲੌਜੀ, ਖੇਤੀਬਾੜੀ ਅਤੇ ਹੋਰ ਦੂਜੇ ਖੇਤਰਾਂ ਵਿੱਚ ਰੌਬਿਟਕ ਵਲੋਂ ਨਿਭਾਈ ਜਾ ਰਹੀ ਮਹਤਵਪੂਰਨ ਭੂਮਿਕਾ ਉੳਪਰ ਚਾਨਣਾ ਵੀ ਪਾਇਆ। ਰੌਬਿਟਕ ਚੈਂਪੀਅਨਸ਼ਿਪ ਵਿੱਚ ਹਿੱਸਾ ਲੈਣ ਵਾਲੇ ਤਕਨੀਕੀ ਕਾਲਜਾਂ ਦੇ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਅਤੇ ਅਧਿਆਪਕਾਂ ਦਾ ਧੰਨਵਾਦ ਕਰਦਿਆਂ ਪੁਸ਼ਪਾ ਗੁਜ਼ਰਾਲ ਸਾਇੰਸ ਸਿਟੀ ਦੇ ਡਿਪਟੀ ਡਾਇਰੈਕਟਰ ਇੰਜੀ.ਰਿਤੇਸ਼ ਪਾਠਕ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਇਸ ਪ੍ਰੋਗਰਾਮ ਦੌਰਾਨ ਵੱਖ-ਵੱਖ ਚੁਣੌਤੀਆਂ ਦੁਆਰਾ ਵਿਦਿਆਰਥੀਆਂ ਨੂੰ ਰੌਬਿਟ ਦੇ ਸੰਚਾਲਨ,ਡਿਜ਼ਾਇਨ ਅਤੇ ਆਪਣੇ ਵੱਲੋਂ ਤਿਆਰ ਕੀਤੇ ਗਏ ਰੌਬਿਟਾਂ ਦੀ ਸ਼ਕਤੀ ਨੂੰ ਪਰਖਣ ਦਾ ਹਰ ਸਾਲ ਮੌਕਾ ਦਿੱਤਾ ਜਾਂਦਾਂ ਹੈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਇਸ ਨਾਲ ਵਿਦਿਆਰਥੀ, ਸਿਰਜਣਾਤਮਿਕ ਸੋਚ, ਸਮੱਸਿਆਂਵਾਂ ਹੱਲ ਕਰਨ ਅਤੇ ਅਧੁਨਿਕ ਤਕਨੀਕਾਂ ਵਿੱਚ ਰੌਬਿਟ ਦੀ ਅਹਿਮੀਅਤ ਵੱਲ ਉਤਸ਼ਾਹਿਤ ਹੁੰਦੇ ਹਨ। ਰੌਬਿਟਕ ਚੈਂਪੀਅਨਸ਼ਿਪ ਦੇ ਨਤੀਜੇ ਇਸ ਪ੍ਰਕਾਰ ਰਹੇ: ਪਹਿਲਾ ਅਤੇ ਦੂਜਾ ਇਨਾਮ ਜੀ.ਐਨ.ਏ ਯੂਨੀਵਰੳਸਿਟੀ ਫ਼ਗਵਾੜਾਂ ਦੀਆਂ ਟੀਮਾਂ ਨੇ ਜਿੱਤਿਆ ਜਦੋਂ ਲਵਲੀ ਪ੍ਰੋਫ਼ੈਸ਼ਨਲ ਯੂਨੀਵਰਸਿਟੀ ਦੀ ਟੀਮ ਤੀਜੇ ਸਥਾਨ ਤੇ ਰਹੀ ।1