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खंडवा के पास हुई भारी बारिश के कारण क्षेत्र के नदी-नाले पूरी तरह भर गए हैं। इस प्राकृतिक घटना के चलते पानी का स्तर काफी बढ़ गया, लेकिन राहत की बात यह है कि किसी तरह की जनहानि की कोई सूचना नहीं मिली है।
Rafik tigala
खंडवा के पास हुई भारी बारिश के कारण क्षेत्र के नदी-नाले पूरी तरह भर गए हैं। इस प्राकृतिक घटना के चलते पानी का स्तर काफी बढ़ गया, लेकिन राहत की बात यह है कि किसी तरह की जनहानि की कोई सूचना नहीं मिली है।
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- बुरहानपुर में 30 जून, 2026 को रेणुका झील के किनारे 'जल गंगा संवर्धन अभियान' का समापन समारोह आयोजित किया गया, जिसमें म.प्र. शासन के जल संसाधन विभाग एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट शामिल हुए। उन्होंने इस अभियान को जल संरक्षण की जनक्रांति बताते हुए कहा कि यह प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के संकल्प और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश की जल संरचनाओं को पुनर्जीवित करने तथा भूमिगत जलस्तर बढ़ाने की एक सार्थक पहल है। मंत्री श्री सिलावट ने भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए जल संरक्षण और पौधारोपण को आवश्यक बताया, साथ ही सभी से जल की एक-एक बूंद बचाने का संकल्प लेने का आह्वान किया। अपने संबोधन में, प्रभारी मंत्री श्री सिलावट ने बुरहानपुर को आस्था एवं संस्कृति की नगरी तथा गौरवशाली इतिहास वाला जिला बताया। उन्होंने 'एक पेड़ माँ के नाम' अभियान के तहत स्कूलों, कॉलेजों, उद्यानों और शासकीय संस्थानों में पौधे रोपित करने तथा विद्यार्थियों व युवाओं को पौधारोपण एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक कर अभियान से जोड़ने पर जोर दिया, ताकि आने वाली पीढ़ी को सुरक्षित और हरित भविष्य मिल सके। उन्होंने नागरिकों से जन्मदिन, वर्षगांठ या अन्य विशेष अवसरों पर एक पौधा लगाने और उसके संरक्षण का संकल्प लेने का भी आह्वान किया। मंत्री श्री सिलावट ने रेणुका झील के सौंदर्यीकरण के शेष कार्य को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए, जिसका कार्य अमृत 2.0 के तहत 185.27 करोड़ रुपये की राशि से किया गया है और इसमें म्यूजिकल फाउंटेन व मनोरंजन गतिविधियों जैसे प्रस्तावित कार्य शामिल हैं। उन्होंने बुरहानपुर एवं खंडवा क्षेत्र को ताप्ती मेगा रिचार्ज परियोजना के उपहार का भी उल्लेख किया, जो भविष्य में जल संरक्षण और सिंचाई व्यवस्था को नई दिशा देगी। समापन समारोह में प्रभारी मंत्री श्री सिलावट ने मुख्यमंत्री जी के संदेश का वाचन किया, जिसमें जल संरक्षण को जन-आंदोलन बनाने की दिशा में मध्यप्रदेश की सामूहिक यात्रा का उल्लेख था। इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने भी पौधारोपण किया, जिसमें प्रभारी मंत्री श्री सिलावट ने त्रिवेणी का पौधा रोपित किया। बुरहानपुर विधायक श्रीमती अर्चना चिटनिस ने रेणुका झील के सौंदर्यीकरण के लिए 70 लाख रुपये देने की बात कही और जल के सदुपयोग का आह्वान किया, जबकि नेपानगर विधायक सुश्री मंजू दादू ने तालाबों के गहरीकरण से क्षेत्र को होने वाले लाभ पर प्रकाश डाला। महापौर श्रीमती माधुरी पटेल ने घोषणा की कि आगामी 6 जुलाई को भारत के महान राष्ट्रनायक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी जी की जयंती पर इसी परिसर में प्रतिमा स्थापना का भूमिपूजन किया जाएगा। कलेक्टर श्री हर्ष सिंह ने अभियान के घटकों और विभागों द्वारा किए गए कार्यों की जानकारी दी। कार्यक्रम में प्रभारी मंत्री श्री सिलावट ने अभियान में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया और राष्ट्रीय तिलहन मिशन अंतर्गत 'एक बगियां माँ के नाम' के तहत चयनित स्व सहायता समूह की दीदीयों को मूंगफल्ली के बीज वितरित किए गए। अंत में, जल संरक्षण की शपथ ली गई।1
- खंडवा जिले के ग्राम घोसली में शासन-प्रशासन और बिजली कंपनियों की अनदेखी के खिलाफ एक अनोखा विरोध प्रदर्शन सामने आया है, जहाँ मुआवजे की बकाया राशि और बिजली टावर लाइन की विसंगतियों से तंग आकर एक किसान ने टावर के खंभे पर ही अपना आशियाना बना लिया है। ग्राम घोसली के 58 वर्षीय किसान कैलाश सिंह पिछले कई दिनों से इसी ऊँचे बिजली टावर पर रहने को मजबूर हैं। कैलाश सिंह का आरोप है कि कंपनी ने उनके खेत में टावर लाइन का खंभा खड़ा कर दिया, लेकिन मुआवजे के नाम पर आज तक उन्हें एक रुपया भी नहीं दिया गया। अधिकारियों द्वारा उन्हें लगातार "आज-कल" कहकर केवल आश्वासन दिया जा रहा है और काम निकाला जा रहा है। पीड़ित किसान कैलाश सिंह ने दृढ़ता से कहा है, "मैं अपना पूरा बैंक स्टेटमेंट देने को तैयार हूँ, ताकि साबित हो सके कि कंपनी ने मुझे अब तक फूटी कौड़ी भी नहीं दी है।" इस घटना के बाद से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। अपनी गाढ़ी कमाई की जमीन पर हक की लड़ाई लड़ रहा यह किसान अब आर-पार के मूड में है। ग्रामीणों का भी कहना है कि जब तक किसान को उसका जायज मुआवजा नहीं मिल जाता, तब तक यह अनूठा आंदोलन जारी रहेगा। अब देखना यह है कि प्रशासन इस बेबस किसान की सुध कब लेता है।1
- खरगोन में महेश्वर आबकारी विभाग की टीम ने एबी रोड हाईवे पर एक लग्जरी थार कार से ₹13 लाख रुपये से अधिक की अवैध शराब जब्त की है। यह कार्यवाही मुखबिर की सूचना पर देर रात मुम्बई-आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग पर की गई, जिसमें आबकारी टीम ने कार की घेराबंदी कर उसे रोका। जब्त की गई अवैध शराब में 25 पेटी देशी और 2 पेटी विदेशी शराब शामिल है, जिसकी कुल मात्रा 243 बल्क लीटर बताई गई है। यह महेन्द्रा की लग्जरी थार कार अवैध शराब को इंदौर से भरकर महाराष्ट्र की ओर ले जा रही थी। हालांकि, आबकारी टीम की घेराबंदी देख तस्कर अंधेरे का फायदा उठाकर कार छोड़कर मौके से फरार होने में सफल रहे। इस घटना ने हाईवे पर अवैध शराब तस्करी के खेल पर आबकारी विभाग के शिकंजे को एक बार फिर उजागर किया है।2
- इंदौर जिले की महू तहसील के अंतर्गत आने वाले प्रमुख पर्यटन स्थल पातालपानी के पार्किंग/वाहन स्टैंड की नीलामी 7 जुलाई 2026 को आयोजित की जाएगी। यह नीलामी सुबह 11:00 बजे ग्राम पंचायत चोरड़िया के कार्यालय में संपन्न होगी। इच्छुक बोलीदाताओं को 5 जुलाई 2026 तक ₹25,000 का पंजीयन शुल्क पंचायत कार्यालय में जमा करना होगा, जिसे सफल बोलीदाता की कुल बोली राशि में समायोजित कर दिया जाएगा। पार्किंग स्टैंड के लिए ₹6,11,000 की न्यूनतम आरक्षित बोली निर्धारित की गई है, और इससे कम की किसी भी बोली को स्वीकार नहीं किया जाएगा।1
- राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के करेड़ा कस्बे में 'मातेश्वरी मोबाइल शॉप' में चोरों ने करीब 35 से 40 स्मार्टफोन चुरा लिए, जिनकी कुल कीमत 4 से 5 लाख रुपये बताई जा रही है। इस वारदात का खुलासा तब हुआ जब सुबह दुकान मालिक दुकान खोलने पहुंचे और दुकान में चोरी का पता चला। सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर एक संदिग्ध चोर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जैसा मुखौटा पहने हुए दिखाई दिया, जिसने छत के रास्ते दुकान में प्रवेश किया और चोरी को अंजाम देकर फरार हो गया। बताया गया है कि इसी गिरोह ने उसी रात एक और मोबाइल दुकान में चोरी करने का प्रयास भी किया था। पुलिस ने इस मामले में शिकायत दर्ज कर ली है और अब आरोपियों की पहचान करने तथा उन्हें गिरफ्तार करने के लिए गहनता से तलाश कर रही है।1
- देवास शहर के जिला अस्पताल में मनमानी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहाँ किसी स्वास्थ्यकर्मी की अनुपस्थिति में ही एक डिलीवरी हो गई। इस घटना को शहर के लिए अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण बताया गया है। लेखक ने इस गंभीर स्थिति के लिए विधायक, महापौर और अस्पताल की सीएमएचओ जैसे जिम्मेदार अधिकारियों को सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराया है। यह विशेष रूप से रेखांकित किया गया है कि इन सभी अधिकारियों के महिला होने के बावजूद भी महिलाओं की समस्याओं का समाधान नहीं हो पा रहा है। इस तरह की घटनाओं के वीडियो अक्सर सोशल मीडिया पर वायरल होते हैं, जो इन अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करते हैं। एम जी अस्पताल का नाम लेते हुए, लेखक ने तीखे शब्दों में पूछा है कि क्या देवास के जनप्रतिनिधि केवल फोटो खिंचवाने और जन्मदिन मनाने के लिए ही अस्पताल आते हैं, जबकि जन समस्याओं पर उनका ध्यान बिल्कुल नहीं जाता है। इस दोहराए गए सवाल ने जनप्रतिनिधियों की जन-कल्याण के प्रति उदासीनता पर गहरा रोष व्यक्त किया है।2
- इंदौर पुलिस ने एक महत्वपूर्ण कार्रवाई को अंजाम देते हुए चेकिंग के दौरान अवैध शराब पकड़ी है। यह कार्रवाई पुलिस द्वारा क्षेत्र में की जा रही जांच का परिणाम है, जिसमें अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने का प्रयास किया गया।1
- मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर प्रदेशभर में खाद्य पदार्थों में मिलावट करने वालों के खिलाफ व्यापक कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में, इंदौर में कलेक्टर श्री शिवम वर्मा के मार्गदर्शन में खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने एक विशेष निरीक्षण अभियान चलाया। इस अभियान के तहत मोबाइल फूड टेस्टिंग लैब का उपयोग कर 23 नमूनों की मौके पर ही जांच की गई, जिनमें से 3 नमूने मानकों पर खरे नहीं उतरे। इन 3 फेल नमूनों पर तुरंत कानूनी नमूना कार्रवाई शुरू की गई है। यह अभियान विद्यालयों, डेयरी प्रतिष्ठानों, मसाला निर्माण इकाइयों, नमकीन उद्योगों और मिठाई प्रतिष्ठानों जैसे विभिन्न स्थानों पर केंद्रित था। निरीक्षण के दौरान कुल 64 खाद्य नमूने जांच के लिए एकत्र किए गए। इसके अतिरिक्त, प्राप्त शिकायतों पर त्वरित जांच की गई और आवश्यक वैधानिक कार्रवाई भी अमल में लाई गई।1
- देवास में सूतार बाखल सब्जी मंडी चौराहे पर एक बड़ी दुर्घटना होते-होते बची, जहाँ स्कूटी सहित दो बालिकाएं एक नाले में गिर गईं। वहाँ मौजूद राहगीरों ने तत्काल सक्रियता दिखाते हुए उन्हें नाले से बाहर निकाला, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। यह घटना स्थल पर नाला निर्माण कार्य के कई दिनों से रुके होने के कारण हुई। यदि राहगीरों ने तत्काल मदद न की होती, तो वहाँ एक बड़ा हादसा हो सकता था।1