राजधानी रांची के धुर्वा क्षेत्र में युवक सूरज नायक की मौत के बाद स्थानीय लोगों और उनके परिजनों में गहरा आक्रोश देखने को मिला है। परिजनों ने एक फाइनेंस कंपनी के कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसमें कथित तौर पर मानसिक प्रताड़ना और कर्ज वसूली के दौरान अत्यधिक दबाव बनाने की बात कही गई है। वीडियो में मौके की मौजूदा स्थिति, आक्रोशित परिजनों और स्थानीय लोगों की प्रतिक्रियाएं तथा पुलिस द्वारा की जा रही कार्रवाई के बारे में जानकारी दी गई है। हालांकि, यह भी स्पष्ट किया गया है कि इस वीडियो में लगाए गए सभी आरोप संबंधित पक्षों के दावे मात्र हैं, जिनकी स्वतंत्र पुष्टि Ranchi Club TV नहीं करता है। मामले की जांच अभी जारी है, और आधिकारिक निष्कर्ष आने तक किसी भी पक्ष को दोषी नहीं ठहराया जाना चाहिए। यह लाइव स्ट्रीम केवल सूचनात्मक और जन जागरूकता के उद्देश्य से प्रसारित की गई है।
राजधानी रांची के धुर्वा क्षेत्र में युवक सूरज नायक की मौत के बाद स्थानीय लोगों और उनके परिजनों में गहरा आक्रोश देखने को मिला है। परिजनों ने एक फाइनेंस कंपनी के कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसमें कथित तौर पर मानसिक प्रताड़ना और कर्ज वसूली के दौरान अत्यधिक दबाव बनाने की बात कही गई है। वीडियो में मौके की मौजूदा स्थिति, आक्रोशित परिजनों और स्थानीय लोगों की प्रतिक्रियाएं तथा पुलिस द्वारा की जा रही कार्रवाई के बारे में जानकारी दी गई है। हालांकि, यह भी स्पष्ट किया गया है कि इस वीडियो में लगाए गए सभी आरोप संबंधित पक्षों के दावे मात्र हैं, जिनकी स्वतंत्र पुष्टि Ranchi Club TV नहीं करता है। मामले की जांच अभी जारी है, और आधिकारिक निष्कर्ष आने तक किसी भी पक्ष को दोषी नहीं ठहराया जाना चाहिए। यह लाइव स्ट्रीम केवल सूचनात्मक और जन जागरूकता के उद्देश्य से प्रसारित की गई है।
- रांची के जगन्नाथपुर मंदिर न्यास समिति के अध्यक्ष एन. एन. पांडेय के मार्गदर्शन में पिछले दो महीनों के दौरान मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के लिए कई महत्वपूर्ण विकास कार्य किए गए हैं। इन कार्यों में श्रद्धालुओं की सुविधा, स्वच्छता, सुरक्षा, पेयजल व्यवस्था, प्रकाश व्यवस्था और भीड़ प्रबंधन में सुधार शामिल है। साथ ही, जगन्नाथ रथ मेला 2026 की तैयारियों को लेकर भी प्रमुख कदम उठाए गए हैं। इन पहलों के तहत मंदिर परिसर में कई बड़े बदलाव देखे गए हैं, और रथ मेला की तैयारियों को लेकर प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित किया गया है। श्रद्धालुओं के लिए नई सुविधाओं की शुरुआत की गई है, और भगवान श्री जगन्नाथ की स्नान यात्रा से जुड़ी विशेष योजनाएं भी क्रियान्वित की गई हैं। यह समस्त जानकारी सूचना और जनजागरूकता के उद्देश्य से प्रस्तुत की गई है।1
- देशभक्ति केवल सीमाओं की सुरक्षा करने वाले सैनिकों द्वारा ही नहीं की जाती, बल्कि यह अपने घर, मुहल्ले और शहर की सफाई से भी प्रकट होती है। गंदगी से देश की रक्षा केवल जागरूक नागरिकों द्वारा ही संभव है, जो इस दूसरे प्रकार की देशभक्ति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। जय हिंद, वंदे मातरम्।1
- एक संदेश में झारखंड के निवासियों से एक विशेष वीडियो को व्यापक रूप से साझा करने का आग्रह किया गया है। इसमें स्पष्ट रूप से कहा गया है कि यदि आप झारखंड से संबंधित हैं, तो इस वीडियो को ज़्यादा से ज़्यादा लोगों तक पहुँचाने में सहयोग करें।1
- कृषि विज्ञान केंद्र (केवीके), साहिबगंज ने आज जिला स्तरीय "कृषि तकनीकों के माध्यम से कृषि पर एल नीनो के प्रभाव के प्रबंधन हेतु जागरूकता अभियान सह झारखंड राज्य मिलेट मिशन योजना अंतर्गत किसान पंजीकरण शिविर" का सफलतापूर्वक आयोजन किया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य जलवायु परिवर्तन और संभावित एल नीनो के प्रभावों से कृषि को सुरक्षित करना और किसानों को वैज्ञानिक खेती की नवीनतम तकनीकों से जोड़ना था। कार्यक्रम में जिले के लगभग 40 कृषकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और वैज्ञानिकों एवं कृषि विशेषज्ञों से आधुनिक खेती की महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की। कार्यक्रम के दौरान झारखंड सरकार की कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री श्रीमती शिल्पी नेहा तिर्की ने ऑनलाइन माध्यम से किसानों को संबोधित करते हुए जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों के बीच खेतों की मेड़बंदी, जल संरक्षण और मोटे अनाज (मिलेट्स) की खेती को बढ़ावा देने का आह्वान किया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कम पानी में बेहतर उत्पादन देने वाली फसलें भविष्य की कृषि सुरक्षा का आधार बनेंगी और किसानों से झारखंड राज्य मिलेट मिशन योजना के अंतर्गत अधिक से अधिक पंजीकरण कराने की अपील की। बिरसा कृषि विश्वविद्यालय, रांची के कुलपति डॉ. एस. सी. दुबे ने ऑनलाइन संबोधन में ऊपरी भूमि में दलहन, मक्का एवं सब्जियों की खेती तथा निचली भूमि में 15 जुलाई तक धान की रोपाई सुनिश्चित करने की सलाह दी ताकि मौसम की अनिश्चितताओं के बावजूद बेहतर उत्पादन प्राप्त किया जा सके। प्रसार शिक्षा निदेशालय, बिरसा कृषि विश्वविद्यालय के निदेशक डॉ. डी. के. शाही ने कृषि उत्पादन बढ़ाने के लिए मिट्टी की नियमित जांच को अत्यंत आवश्यक बताया और किसानों से मृदा स्वास्थ्य के अनुरूप फसल एवं उर्वरक प्रबंधन अपनाने का आग्रह किया। कृषि विज्ञान केंद्र, साहिबगंज की प्रधान वैज्ञानिक डॉ. सुप्रिया सिंह ने फसल विविधीकरण को जलवायु परिवर्तन एवं एल नीनो जैसी परिस्थितियों से निपटने का सबसे प्रभावी उपाय बताते हुए जोखिम कम करने के लिए विविध फसलों के समावेश पर विशेष बल दिया। जिला उद्यान पदाधिकारी श्री अमितेश रंजन ने सब्जी एवं उद्यानिकी फसलों की उन्नत खेती तथा विभागीय योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की, साथ ही किसानों को कम पानी में अधिक आय देने वाली उद्यानिकी फसलों को अपनाने के लिए प्रेरित किया। जिला मूल्यांकन पदाधिकारी श्री अरुण भोक्ता ने मोटे अनाजों की खेती, उनके पोषण एवं आर्थिक महत्व तथा जिले में संचालित विभिन्न कृषि योजनाओं की जानकारी साझा की और झारखंड राज्य मिलेट मिशन योजना के अंतर्गत किसानों का पंजीकरण भी कराया। इस आयोजन के दौरान किसानों को वैज्ञानिक खेती, जल संरक्षण, फसल विविधीकरण, जलवायु अनुकूल कृषि तकनीकों तथा मिलेट मिशन से जुड़ी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने किसानों की जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए उन्हें बदलते मौसम के अनुरूप वैज्ञानिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया। यह कार्यक्रम किसानों को जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों के प्रति जागरूक करने, कृषि को अधिक टिकाऊ एवं लाभकारी बनाने तथा "कम पानी – अधिक उत्पादन" की अवधारणा को जन-जन तक पहुंचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सिद्ध हुआ। कार्यक्रम के अंत में, किसानों ने वैज्ञानिक सलाह के अनुरूप आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने और मिलेट मिशन से जुड़कर कृषि को अधिक सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनाने का संकल्प लिया।1
- झारखंड के रामगढ़ जिले में सड़कों की स्थिति को लेकर गंभीर शिकायत सामने आई है। स्थानीय लोगों के अनुसार, यहां की सड़कें इतनी बदहाल हो गई हैं कि उन्हें सड़क के बजाय तालाबों और गहरे खड्डों का एक जटिल जाल बताया जा रहा है। इस अत्यंत खराब स्थिति के कारण वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। चालकों को इन रास्तों से गुजरने के लिए हर पल अपनी जान हथेली पर रखकर चलना पड़ रहा है, जिससे आवागमन अत्यंत खतरनाक और जोखिम भरा हो गया है।2
- राँची के राज हॉस्पिटल से जुड़ा एक और मामला सामने आया है, जहाँ एक मरीज के परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का कहना है कि इलाज के दौरान उन्हें आवश्यक मेडिकल रिपोर्ट समय पर उपलब्ध नहीं कराई गईं, जिसके चलते उन्हें इंश्योरेंस क्लेम प्राप्त करने में काफी परेशानी हो रही है। इस मामले में, परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन से तुरंत रिपोर्ट उपलब्ध कराने और पूरे घटनाक्रम पर स्पष्ट जानकारी देने की माँग की है। रांची क्लब टीवी के अनुसार, इस वीडियो में व्यक्त सभी दावे संबंधित परिजनों के हैं और चैनल इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करता है। खबर प्रकाशित होने तक राज हॉस्पिटल प्रबंधन की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिली थी, लेकिन चैनल ने यह स्पष्ट किया है कि अस्पताल का पक्ष मिलने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा। चैनल का उद्देश्य किसी व्यक्ति या संस्था के बारे में कोई अंतिम निष्कर्ष देना नहीं, बल्कि जनहित में घटनाक्रम की तथ्यात्मक और संतुलित जानकारी साझा करना है, और यह लाइव स्ट्रीम केवल सूचनात्मक तथा सार्वजनिक जागरूकता के लिए है।1
- एक युवती की लाश उसके बेड पर मिली थी। इस मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने हत्या का राज खोल दिया। इसके बाद, आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है।1