रायपुर उपखण्ड क्षेत्र की जीवनदायिनी लूणी नदी और उसकी प्राकृतिक जलधाराओं में हो रहे अवैध बजरी खनन को लेकर किसानों और ग्रामीणों में गहरा रोष व्याप्त है। इसी संदर्भ में, किसान संघर्ष समिति रायपुर उपखण्ड के बैनर तले भाजपा किसान मोर्चा रायपुर मंडल अध्यक्ष कमलेश बोहरा के नेतृत्व में राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नाम उपखण्ड अधिकारी रायपुर को एक ज्ञापन सौंपा गया है। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि लूणी नदी क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अवैध और अंधाधुंध बजरी खनन लंबे समय से जारी है। सैकड़ों भारी वाहन दिन-रात नदी क्षेत्र से बजरी निकालकर उसे अन्य शहरों और राज्यों तक पहुंचा रहे हैं। इस अनियंत्रित दोहन के कारण क्षेत्र का प्राकृतिक संतुलन बिगड़ रहा है और भूजल स्तर लगातार नीचे गिर रहा है। किसानों ने गहरी चिंता व्यक्त की है कि अवैध खनन से कृषि भूमि प्रभावित हो रही है, जिससे भविष्य में गंभीर पेयजल संकट उत्पन्न होने की आशंका बढ़ गई है। चेतावनी दी गई है कि यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई, तो क्षेत्र के गांवों में खेती, पशुपालन और जनजीवन पर गंभीर संकट खड़ा हो सकता है। ज्ञापन में यह भी बताया गया है कि भारी वाहनों की आवाजाही से पर्यावरण को नुकसान पहुँच रहा है, और निरंतर खनन से खेत सूखने, कुओं के जलस्तर में गिरावट आने तथा ग्रामीणों के पलायन जैसी स्थिति बनने का खतरा है। किसान संघर्ष समिति ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि लूणी नदी और आसपास के क्षेत्रों में हो रहे अवैध बजरी खनन पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाई जाए। इसके साथ ही, किसानों और ग्रामीणों के हित में एक स्थायी जल संरक्षण योजना लागू करने की अपील की गई है। समिति ने यह भी मांग की है कि अवैध खनन में लिप्त व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए और क्षेत्र के प्राकृतिक जल स्रोतों को सुरक्षित रखा जाए।
रायपुर उपखण्ड क्षेत्र की जीवनदायिनी लूणी नदी और उसकी प्राकृतिक जलधाराओं में हो रहे अवैध बजरी खनन को लेकर किसानों और ग्रामीणों में गहरा रोष व्याप्त है। इसी संदर्भ में, किसान संघर्ष समिति रायपुर उपखण्ड के बैनर तले भाजपा किसान मोर्चा रायपुर मंडल अध्यक्ष कमलेश बोहरा के नेतृत्व में राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नाम उपखण्ड अधिकारी रायपुर को एक ज्ञापन सौंपा गया है। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि लूणी नदी क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अवैध और अंधाधुंध बजरी खनन लंबे समय से जारी है। सैकड़ों भारी वाहन दिन-रात नदी क्षेत्र से बजरी निकालकर उसे अन्य शहरों और राज्यों तक पहुंचा रहे हैं। इस अनियंत्रित दोहन के कारण क्षेत्र का प्राकृतिक संतुलन बिगड़ रहा है और भूजल स्तर लगातार नीचे गिर रहा है। किसानों ने गहरी चिंता व्यक्त की है कि अवैध खनन से कृषि भूमि प्रभावित हो रही है, जिससे भविष्य में गंभीर पेयजल संकट उत्पन्न होने की आशंका बढ़ गई है। चेतावनी दी गई है कि यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई, तो क्षेत्र के गांवों में खेती, पशुपालन और जनजीवन पर गंभीर संकट खड़ा हो सकता है। ज्ञापन में यह भी बताया गया है कि भारी वाहनों की आवाजाही से पर्यावरण को नुकसान पहुँच रहा है, और निरंतर खनन से खेत सूखने, कुओं के जलस्तर में गिरावट आने तथा ग्रामीणों के पलायन जैसी स्थिति बनने का खतरा है। किसान संघर्ष समिति ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि लूणी नदी और आसपास के क्षेत्रों में हो रहे अवैध बजरी खनन पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाई जाए। इसके साथ ही, किसानों और ग्रामीणों के हित में एक स्थायी जल संरक्षण योजना लागू करने की अपील की गई है। समिति ने यह भी मांग की है कि अवैध खनन में लिप्त व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए और क्षेत्र के प्राकृतिक जल स्रोतों को सुरक्षित रखा जाए।
- नागौर जिले के रियां बड़ी कस्बे में नाथ समाज द्वारा आयोजित द्वितीय प्रतिभा मान-सम्मान समारोह सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह भव्य और गरिमामय कार्यक्रम समाज की प्रतिभाओं, विद्यार्थियों और विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तियों को सम्मानित करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया। इस समारोह को संत श्री 1008 नारायणनाथ जी महाराज (रास मंडी) एवं लक्ष्मणनाथ जी महाराज मेवड़ा का सानिध्य प्राप्त हुआ। कार्यक्रम में समाज के विभिन्न संगठनों के अध्यक्ष, पदाधिकारी, महिला शक्ति, युवा वर्ग और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। नागौर सहित अनेक जिलों से समाज बंधु इस आयोजन में शामिल होने पहुँचे। कार्यक्रम के दौरान शिक्षा, सामाजिक एकता और समाज उत्थान पर विशेष जोर दिया गया, जहाँ उपस्थित संतों एवं वक्ताओं ने शिक्षा को समाज की प्रगति का आधार बताते हुए युवाओं को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। सम्मानित की गई प्रतिभाओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना भी की गई। इस विशाल समारोह की व्यवस्थाओं की सभी उपस्थित लोगों ने सराहना की। आयोजन समिति एवं समाजसेवी कार्यकर्ताओं ने तन, मन और धन से सेवा करते हुए कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। समाज के गणमान्य लोगों ने आयोजन समिति का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम समाज में शिक्षा, प्रतिभा और सामाजिक एकता को बढ़ावा देते हैं और आयोजकों का यह योगदान समाज को आगे बढ़ाने में लंबे समय तक याद रखा जाएगा।4
- नागौर जिले की जसनगर थाना पुलिस ने अवैध बजरी परिवहन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए बजरी से भरा एक 22 चक्का ट्रेलर जब्त किया है। यह कार्रवाई 1 जून 2026 को जसनगर थाना क्षेत्र में नाकाबंदी के दौरान की गई थी, जब पुलिस टीम ने जांच के दौरान ट्रेलर में अवैध बजरी का परिवहन होते पाया। यह कार्रवाई नागौर के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री आशाराम चौधरी के निर्देश पर संपन्न हुई। वृत्ताधिकारी मेड़तासिटी श्री रामकरण सिंह मलिड़ा ने इस अभियान का निकटतम सुपरविजन किया, जबकि जसनगर थानाधिकारी श्री छीतरमल ने पुलिस टीम का नेतृत्व किया। इस टीम में उप निरीक्षक श्री भारमल, सर्जन श्री शिवरतन, हेड कांस्टेबल श्री सहीपाल और कांस्टेबल श्री आशाराम सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए खनिज विभाग को भी सूचित किया गया है। जिले में प्राकृतिक संसाधनों की सुरक्षा और अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस और खनिज विभाग मिलकर काम कर रहे हैं। जसनगर पुलिस की इस कार्रवाई को अवैध बजरी कारोबार पर एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। स्थानीय निवासियों ने भी पुलिस की इस पहल का स्वागत किया है।1
- सिरियारी में तेज़ हवाएं चलने के बाद हुई हल्की बारिश के कारण क्षेत्र का सामान्य जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया।1
- राजस्थान के मारवाड़ जंक्शन क्षेत्र में शाम करीब 4:30 बजे तेज हवा, जोरदार बारिश और भीषण तूफान आया। यह प्राकृतिक घटना इतनी प्रचंड थी कि इसका असर विशेष रूप से रेलवे स्टेशन पर भी महसूस किया गया।1
- स्थानीय ग्रामीणों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि उनके घरों के सामने बड़ी मात्रा में कीचड़ जमा हो गया है। इस कीचड़ की वजह से लोगों को अपने घरों से निकलने और आने-जाने में गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।1
- बाड़मेर, राजस्थान से जुड़े शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी का उल्लेख किया गया है। मूल टेक्स्ट में उन्हें "शायरी भाटी" के रूप में भी संदर्भित किया गया है।1
- ब्यावर, राजस्थान के जैतारण में रविवार, 31 मई को एक महत्वपूर्ण समारोह में आधुनिक हॉकी टर्फ एवं हॉकी खेल अकादमी परियोजना का भूमि पूजन और शिलान्यास किया गया। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, राजस्थान सरकार के कैबिनेट मंत्री श्री अविनाश गहलोत ने विधिवत पूजन कर इस परियोजना का शुभारंभ किया, जो राज्य सरकार द्वारा खेल अधोसंरचना को सुदृढ़ करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री श्री गहलोत ने अपनी प्रसन्नता और संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि लगभग दस वर्ष पूर्व उन्होंने एक खिलाड़ी के रूप में जैतारण में आधुनिक हॉकी टर्फ और खेल अकादमी स्थापित करने का सपना देखा था, जो आज साकार हो रहा है। उन्होंने जोर दिया कि राज्य सरकार युवाओं को खेलों में बेहतर अवसर प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। इस परियोजना के माध्यम से स्थानीय प्रतिभाओं को अपने क्षेत्र में ही उच्च स्तरीय प्रशिक्षण और आधुनिक खेल अधोसंरसंरचना मिलेगी, जिससे वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकेंगे और ग्रामीण प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का सशक्त मंच मिलेगा। जिला कलेक्टर श्री कमल राम मीना ने बताया कि बजट वर्ष 2025-26 के अंतर्गत युवा मामले एवं खेल विभाग द्वारा जैतारण में हॉकी खेल अकादमी की स्थापना हेतु 8 करोड़ रुपये की स्वीकृति जारी की गई है, जबकि परियोजना की स्वीकृत लागत ₹6 करोड़ 59 लाख 10 हजार 354 निर्धारित है। राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद, जयपुर द्वारा आधुनिक सिंथेटिक हॉकी टर्फ निर्माण के लिए कार्यादेश जारी किया जा चुका है। यह परियोजना अंतरराष्ट्रीय हॉकी महासंघ के मानकों के अनुरूप सिंथेटिक हॉकी टर्फ के निर्माण के साथ-साथ ड्रेनेज सिस्टम, भूमिगत जल टैंक, पम्प रूम, ट्यूबवेल, परिधि दीवार, चैन लिंक फेंसिंग, विद्युत व्यवस्था, पाइपलाइन और खिलाड़ियों के लिए डगआउट जैसी आवश्यक खेल अधोसंरचना भी विकसित करेगी। इस परियोजना को 12 जनवरी 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इस समारोह में संभागीय आयुक्त श्री शक्ति सिंह राठौड़, पुलिस अधीक्षक श्री रतन सिंह, अतिरिक्त जिला कलेक्टर श्री ब्रह्म लाल जाट, हॉकी राजस्थान संघ के अध्यक्ष अरुण कुमार सारस्वत, नारायण नाथ जी महाराज रास, सुंदरदास जी महाराज, हरिराम जी महाराज और भगतराम शास्त्री सहित अनेक प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि, खेल प्रेमी और बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे। संभागीय आयुक्त श्री राठौड़ ने कहा कि यह अकादमी ग्रामीण अंचल के खिलाड़ियों को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण और सुविधाएं प्रदान करेगी तथा राज्य सरकार के ये प्रयास प्रदेश के युवाओं को नई पहचान दिलाने में सहायक होंगे। जिला कलेक्टर मीना ने खेलों को व्यक्तित्व विकास, अनुशासन और नेतृत्व क्षमता का सशक्त साधन बताया, जबकि जिला खेल अधिकारी श्री दिनेश चौधरी ने परियोजना की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए इसे भविष्य में क्षेत्र को राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों की नई पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाला बताया। सभी अतिथियों ने इस पहल को क्षेत्र के खेल विकास के लिए एक ऐतिहासिक कदम बताते हुए इसके सफल कार्यान्वयन के लिए शुभकामनाएं दीं।4
- नागौर जिले के रियांबड़ी स्थित ग्राम लाम्पोलाई की श्री श्याम गौशाला में सोमवार को गौहितार्थ आयोजित सप्त दिवसीय श्री भक्तमाल कथा का श्रद्धा और उत्साह के साथ शुभारंभ हुआ। कथा के प्रथम दिवस पर गांव सहित आसपास के क्षेत्रों से सैकड़ों श्रद्धालुओं ने पहुंचकर धर्मलाभ प्राप्त किया, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। कथा प्रारंभ होने से पूर्व गौशाला समिति ने एक भव्य कलश यात्रा का आयोजन किया, जिसमें महिलाओं ने सिर पर कलश धारण कर गांव के प्रमुख मार्गों से मंगल कलश यात्रा निकाली। ग्रामीणों ने विभिन्न स्थानों पर पुष्पवर्षा कर श्रद्धालुओं का स्वागत किया, वहीं धार्मिक जयघोषों और भक्ति गीतों से पूरा माहौल गुंजायमान रहा। पूज्य संत श्री सुखदेवजी महाराज (दरियाव आश्रम, कुचेरा) के मुखारविंद से यह सप्त दिवसीय कथा प्रतिदिन प्रातः 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक 1 जून से 7 जून तक चलेगी। इस आयोजन को सतगुरु श्री पांचारामजी महाराज का पावन सानिध्य भी प्राप्त हो रहा है। प्रथम दिवस की कथा में संत श्री सुखदेवजी महाराज ने संत महापुरुषों के जीवन, भक्ति, सेवा और सत्संग की प्रेरणादायक गाथाओं का वर्णन करते हुए गौसेवा को मानव जीवन का सर्वोत्तम पुण्य कार्य बताया। उन्होंने श्रद्धालुओं को मधुर वाणी बोलने, सदाचार अपनाने और धर्म के मार्ग पर चलने का संदेश दिया, जिसके दौरान पूरा पांडाल राम नाम के जयघोष से गूंजता रहा। इस पावन अवसर पर ग्राम लाम्पोलाई निवासी सत्यनारायण जांगिड़ ने गौसेवा के लिए श्री श्याम गौशाला को 2 लाख 11 हजार 111 रुपये की सहयोग राशि भेंट की। गौशाला परिवार और आयोजन समिति ने जांगिड़ परिवार का हृदय से आभार व्यक्त किया। आयोजन समिति ने श्रद्धालुओं के लिए बैठने, पेयजल, छाया और अन्य आवश्यक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था की है। आयोजकों ने क्षेत्रवासियों से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर कथा श्रवण कर धर्मलाभ लेने की अपील की है, जिससे आगामी सात दिनों तक क्षेत्र भक्ति, सत्संग और आध्यात्मिक संदेशों से सराबोर रहेगा।3
- सोमवार दोपहर बाद रियांबड़ी क्षेत्र में मौसम ने अचानक करवट ली, जिससे भीषण गर्मी से जूझ रहे लोगों को बड़ी राहत मिली। क्षेत्र के कई गांवों और कस्बों में तेज तूफानी हवाओं के साथ बारिश हुई, वहीं अनेक स्थानों पर ओलावृष्टि भी दर्ज की गई। काले बादल छाने के बाद तेज हवाएं चलीं और कुछ ही देर में कई हिस्सों में मूसलाधार बारिश शुरू हो गई। बारिश के साथ गिरे ओलों ने तापमान में गिरावट लाई और वातावरण सुहावना हो गया। तेज आंधी के कारण पेड़ों और विद्युत ढांचे को नुकसान पहुंचा। कई स्थानों पर पेड़ों की शाखाएं टूटकर गिर गईं, वहीं विद्युत विभाग के पोल भी क्षतिग्रस्त होने की सूचना मिली है। पोल टूटने और बिजली लाइनों को नुकसान पहुंचने से क्षेत्र के कई गांवों में बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। विद्युत विभाग की टीमें क्षतिग्रस्त लाइनों और पोलों की मरम्मत में जुटी हुई हैं, और अधिकारियों के अनुसार, कुछ क्षेत्रों में बिजली बहाल होने में समय लग सकता है। ओलावृष्टि को लेकर किसानों में मिली-जुली प्रतिक्रिया देखने को मिली। कुछ किसानों का मानना है कि यदि ओलों की मात्रा अधिक रही होगी तो कुछ फसलों और बागवानी को नुकसान पहुंच सकता है। हालांकि, अधिकांश किसानों ने इस बारिश को खरीफ सीजन की तैयारी और जमीन में नमी बढ़ाने के लिए लाभदायक बताया। लंबे समय बाद हुई अच्छी बारिश से खेतों में नमी आई है, जिससे आगामी कृषि कार्यों में मदद मिलेगी। अचानक बदले मौसम का लोगों ने आनंद लिया, बच्चे और युवा बारिश में भीगते नजर आए। यह बारिश गर्मी से राहत लेकर आई, लेकिन तेज हवाओं से हुए नुकसान ने प्रशासन और संबंधित विभागों की चिंता भी बढ़ा दी है।1