धार, 20 जून 2026 को, प्रदेश शासन द्वारा संचालित मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के अंतर्गत धार जिले के 196 पात्र श्रद्धालुओं का एक दल पवित्र हरिद्वार-ऋषिकेश तीर्थ यात्रा के लिए उत्साहपूर्ण वातावरण में रवाना हुआ। इस अवसर पर कलेक्टर श्री राजीव रंजन मीना लालबाग परिसर पहुंचे और पुष्पमालाओं से श्रद्धालुओं का स्वागत करते हुए उन्हें सुखद, सुरक्षित एवं मंगलमय यात्रा की शुभकामनाएं दीं। यह यात्रा इंदौर-देवास-हरिद्वार-ऋषिकेश-देवास-इंदौर मार्ग पर 20 जून से 23 जून 2026 तक संपादित की जा रही है। जिला प्रशासन ने चयनित 196 तीर्थयात्रियों को समुचित व्यवस्थाओं के साथ रवाना किया, और कलेक्टर श्री राजीव रंजन मीना ने हरी झंडी दिखाकर इस जत्थे को यात्रा के लिए प्रस्थान कराया। कलेक्टर श्री मीना ने बताया कि मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान और उनकी धार्मिक आस्था से जुड़ी प्रदेश शासन की एक महत्वपूर्ण योजना है, जो पात्र नागरिकों को निःशुल्क तीर्थ यात्रा का अवसर प्रदान करती है, जिससे उन्हें अपने आराध्य तीर्थ स्थलों के दर्शन का सौभाग्य मिलता है। उन्होंने श्रद्धालुओं से यात्रा के दौरान अनुशासन बनाए रखने, स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों का पालन करने और यात्रा को आनंदमय बनाने की अपील की। रवानगी के दौरान श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह और प्रसन्नता का माहौल देखा गया, जिन्होंने प्रदेश शासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना उनके लिए एक यादगार और आध्यात्मिक अनुभव लेकर आई है। जिला प्रशासन ने तीर्थ यात्रियों की यात्रा को सुरक्षित, व्यवस्थित और सुगम बनाने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की थीं, और इस अवसर पर संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, जनप्रतिनिधि तथा श्रद्धालुओं के परिजन भी उपस्थित रहे।
धार, 20 जून 2026 को, प्रदेश शासन द्वारा संचालित मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के अंतर्गत धार जिले के 196 पात्र श्रद्धालुओं का एक दल पवित्र हरिद्वार-ऋषिकेश तीर्थ यात्रा के लिए उत्साहपूर्ण वातावरण में रवाना हुआ। इस अवसर पर कलेक्टर श्री राजीव रंजन मीना लालबाग परिसर पहुंचे और पुष्पमालाओं से श्रद्धालुओं का स्वागत करते हुए उन्हें सुखद, सुरक्षित एवं मंगलमय यात्रा की शुभकामनाएं दीं। यह यात्रा इंदौर-देवास-हरिद्वार-ऋषिकेश-देवास-इंदौर मार्ग पर 20 जून से 23 जून 2026 तक संपादित की जा रही है। जिला प्रशासन ने चयनित 196 तीर्थयात्रियों को समुचित व्यवस्थाओं के साथ रवाना किया, और कलेक्टर श्री राजीव रंजन मीना ने हरी झंडी दिखाकर इस जत्थे को यात्रा के लिए प्रस्थान कराया। कलेक्टर श्री मीना ने बताया कि मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान और उनकी धार्मिक आस्था
से जुड़ी प्रदेश शासन की एक महत्वपूर्ण योजना है, जो पात्र नागरिकों को निःशुल्क तीर्थ यात्रा का अवसर प्रदान करती है, जिससे उन्हें अपने आराध्य तीर्थ स्थलों के दर्शन का सौभाग्य मिलता है। उन्होंने श्रद्धालुओं से यात्रा के दौरान अनुशासन बनाए रखने, स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों का पालन करने और यात्रा को आनंदमय बनाने की अपील की। रवानगी के दौरान श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह और प्रसन्नता का माहौल देखा गया, जिन्होंने प्रदेश शासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना उनके लिए एक यादगार और आध्यात्मिक अनुभव लेकर आई है। जिला प्रशासन ने तीर्थ यात्रियों की यात्रा को सुरक्षित, व्यवस्थित और सुगम बनाने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की थीं, और इस अवसर पर संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, जनप्रतिनिधि तथा श्रद्धालुओं के परिजन भी उपस्थित रहे।
- कानवन क्षेत्र में एक जमीनी विवाद ने हिंसक रूप ले लिया, जहाँ दोनों पक्षों के बीच जमकर लाठी-डंडे चले। इस घटना के बाद, कानवन पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए मामले में शामिल आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।1
- एक व्यक्ति ने शिकायत की है कि उनके घर के पास बिजली की लाइन में लगातार खतरा बना हुआ है। उन्होंने बताया कि इस लाइन के तार दो-तीन बार टूट चुके हैं, जिससे एक बड़ा हादसा होते-होते बचा और एक बच्चा भी सुरक्षित रहा। इस खतरे को देखते हुए जब उन्होंने लाइन को स्थानांतरित (शिफ्ट) करने की बात की, तो बिजली विभाग के कर्मचारियों (लाइन पी वालों) ने उनसे 50,000 रुपये की मांग की। पीड़ित व्यक्ति ने अपनी मजबूरी बताते हुए सवाल उठाया है कि एक गरीब इंसान इतनी बड़ी रकम कहाँ से लाएगा।1
- किसी उपयोगकर्ता ने गूगल AI से यह जिज्ञासापूर्ण प्रश्न किया कि बिना कोई प्रयास किए रातोंरात अमीर कैसे बना जा सकता है। इस सवाल पर AI के दिए गए जवाब को लेकर पोस्ट में उत्साह व्यक्त किया गया है, जिसमें कहा गया है कि यह जवाब सुनने में 'मजेदार' होगा।1
- महू स्थित भेरूलाल पाटीदार शासकीय महाविद्यालय में नीट परीक्षा केंद्र से शुक्रवार शाम दो अज्ञात युवकों ने सीसीटीवी कैमरे चुरा लिए। यह घटना महाविद्यालय परिसर में पहले से ही चौकीदार और सीसीटीवी कैमरों की मौजूदगी के बावजूद हुई, जिसके चलते सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पिछले कथित पेपर लीक की घटनाओं को देखते हुए परीक्षा से ठीक दो दिन पहले ही अतिरिक्त कैमरे लगाए गए थे, जिनकी चोरी ने कॉलेज परिसर में हड़कंप मचा दिया। कॉलेज के प्राचार्य डॉ. प्रवीण ओझा ने तत्काल दिल्ली, भोपाल और एनटीए को घटना की सूचना दी और बताया कि वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर नए कैमरे लगाकर परीक्षा शांतिपूर्ण कराने के पूरे इंतजाम किए गए हैं। उन्होंने चौकीदार की भूमिका की आंतरिक जांच की भी जानकारी दी। हालांकि, जिस वाणिज्य विभाग से कैमरे चोरी हुए, उसकी प्रभारी डॉ. अर्चना जैन ने जानकारी देने से इनकार करते हुए कहा कि वे अधिकृत नहीं हैं, जिससे संशय और बढ़ गया। इस बीच, नीट परीक्षा केंद्रों की सीधी निगरानी पीएमओ कार्यालय से की जा रही है। घटना की सूचना मिलते ही बड़गोंदा पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की और महाविद्यालय परिसर के अन्य सीसीटीवी फुटेज खंगाले। फुटेज के आधार पर पुलिस ने दोनों संदिग्ध युवकों को गिरफ्तार कर लिया है और उनसे पूछताछ जारी है। पुलिस इस बात की गहन जांच कर रही है कि चौकीदार और कैमरों की मौजूदगी के बावजूद परीक्षा से ठीक पहले ये कैमरे किस मकसद से चुराए गए। पुलिस पेपर लीक या नकल कराने की साजिश की आशंका से इनकार नहीं कर रही है, और कॉलेज प्रबंधन की लापरवाही भी जांच के दायरे में है। वर्तमान में, नीट परीक्षा को लेकर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट पर है, केंद्र पर जैमर, मेटल डिटेक्टर और अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है, तथा परीक्षार्थियों को सघन तलाशी के बाद ही प्रवेश दिया जा रहा है।1
- इंदौर में राष्ट्रीय केसरिया हिंदू वाहिनी महासभा के प्रदेश अध्यक्ष और बजरंग सेना के अध्यक्ष मोहन बामनिया ने आज बाबा भूतनाथ मंदिर, रंगवासा में बाबा का भोग आरती और गौ सेवा का कार्य किया। इस दौरान मोहन बामनिया के साथ उनके समर्थक गण भी मौजूद थे।1
- इंदौर शहर में शनिवार को हुई तेज बारिश से लोगों को भीषण गर्मी और उमस से बड़ी राहत मिली। इस बारिश के बाद तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई, जिससे मौसम सुहावना हो गया। प्रदेश में मानसून की गतिविधियाँ तेज होने के साथ ही, कई जिलों में बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी है। बारिश का सबसे महत्वपूर्ण लाभ भूजल स्तर पर देखा गया है। लंबे समय से पानी की कमी और लगातार गिरते जलस्तर के कारण शहर के कई इलाकों में बोरिंग सूखने की कगार पर पहुँच गए थे, लेकिन इस हालिया बारिश ने जल स्रोतों को एक नई संजीवनी प्रदान की है। वहीं, बारिश के कारण शहर के निचले क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति भी निर्मित हुई। इन सबके बावजूद, किसानों और आम नागरिकों ने इस बारिश का गर्मजोशी से स्वागत किया है। मौसम विशेषज्ञों ने अनुमान लगाया है कि आगामी दिनों में भी इंदौर और इसके आसपास के क्षेत्रों में बारिश की संभावना बनी हुई है। इससे न केवल गर्मी से और अधिक राहत मिलने की उम्मीद है, बल्कि जल संकट में भी कमी आने की संभावना जताई गई है।1
- कृषि कॉलेज के छात्रों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन करते हुए हल्लाबोल किया। इस दौरान छात्रों ने अपनी 12 सूत्रीय मांगों को लेकर कॉलेज प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपा।1
- एक पीड़ित व्यक्ति, जो एक ला इलाज बीमारी से ग्रस्त है, ने मुख्यमंत्री से आर्थिक सहायता के लिए गुहार लगाई है। इस मामले में पीड़ित ने राज्य के मुखिया से मदद की अपील की है।1