*टीबी से बचाव और उपचार के लिए समय पर जांच, पूरा इलाज और सामाजिक सहयोग जरूरी* बलरामपुर। टीबी केवल एक बीमारी नहीं, बल्कि ऐसी स्वास्थ्य चुनौती है, जिसके खिलाफ सही जानकारी, समय पर जांच, नियमित उपचार और समाज के सहयोग से प्रभावी ढंग से मुकाबला किया जा सकता है। टीबी मरीजों के प्रति संवेदनशील और भेदभाव रहित व्यवहार अपनाना भी इस लड़ाई का महत्वपूर्ण हिस्सा है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी बलरामपुर डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी ने कहा कि टीबी पूरी तरह ठीक होने वाली बीमारी है। दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी, लगातार बुखार, वजन कम होना, रात में पसीना आना जैसे लक्षण दिखाई देने पर व्यक्ति को बिना देरी किए टीबी की जांच करानी चाहिए। समय पर बीमारी की पहचान होने से उपचार शीघ्र शुरू किया जा सकता है और संक्रमण के प्रसार को भी रोका जा सकता है। जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. अजय कुमार शुक्ला ने बताया कि टीबी की दवाओं का पूरा कोर्स करना बेहद जरूरी है। मरीज को अपनी इच्छा से दवा बंद करने, बदलने या बीच में उपचार छोड़ने से बचना चाहिए। परिवार के सदस्यों को भी मरीज का मनोबल बढ़ाते हुए उसे नियमित रूप से दवा लेने और जांच-इलाज जारी रखने के लिए प्रेरित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि टीबी मरीज के साथ भेदभाव नहीं किया जाना चाहिए। सही जानकारी के अभाव में मरीज को छूने, साथ बैठने या बर्तन साझा करने को लेकर फैली गलतफहमियों को दूर करना जरूरी है। मरीज की गोपनीयता और सम्मान का भी पूरा ध्यान रखा जाना चाहिए। सीएमओ ने आमजन से अपील किया है कि टीबी से संबंधित अफवाहों और गलत धारणाओं पर विश्वास न करें। टीबी के लक्षण दिखाई देने पर जांच के लिए प्रेरित करें, मरीज को उपचार पूरा करने में सहयोग दें और परिवार व समाज में उसके प्रति संवेदनशील व्यवहार अपनाएं। *टीबी से बचाव और उपचार के लिए समय पर जांच, पूरा इलाज और सामाजिक सहयोग जरूरी* बलरामपुर। टीबी केवल एक बीमारी नहीं, बल्कि ऐसी स्वास्थ्य चुनौती है, जिसके खिलाफ सही जानकारी, समय पर जांच, नियमित उपचार और समाज के सहयोग से प्रभावी ढंग से मुकाबला किया जा सकता है। टीबी मरीजों के प्रति संवेदनशील और भेदभाव रहित व्यवहार अपनाना भी इस लड़ाई का महत्वपूर्ण हिस्सा है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी बलरामपुर डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी ने कहा कि टीबी पूरी तरह ठीक होने वाली बीमारी है। दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी, लगातार बुखार, वजन कम होना, रात में पसीना आना जैसे लक्षण दिखाई देने पर व्यक्ति को बिना देरी किए टीबी की जांच करानी चाहिए। समय पर बीमारी की पहचान होने से उपचार शीघ्र शुरू किया जा सकता है और संक्रमण के प्रसार को भी रोका जा सकता है। जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. अजय कुमार शुक्ला ने बताया कि टीबी की दवाओं का पूरा कोर्स करना बेहद जरूरी है। मरीज को अपनी इच्छा से दवा बंद करने, बदलने या बीच में उपचार छोड़ने से बचना चाहिए। परिवार के सदस्यों को भी मरीज का मनोबल बढ़ाते हुए उसे नियमित रूप से दवा लेने और जांच-इलाज जारी रखने के लिए प्रेरित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि टीबी मरीज के साथ भेदभाव नहीं किया जाना चाहिए। सही जानकारी के अभाव में मरीज को छूने, साथ बैठने या बर्तन साझा करने को लेकर फैली गलतफहमियों को दूर करना जरूरी है। मरीज की गोपनीयता और सम्मान का भी पूरा ध्यान रखा जाना चाहिए। सीएमओ ने आमजन से अपील किया है कि टीबी से संबंधित अफवाहों और गलत धारणाओं पर विश्वास न करें। टीबी के लक्षण दिखाई देने पर जांच के लिए प्रेरित करें, मरीज को उपचार पूरा करने में सहयोग दें और परिवार व समाज में उसके प्रति संवेदनशील व्यवहार अपनाएं।
*टीबी से बचाव और उपचार के लिए समय पर जांच, पूरा इलाज और सामाजिक सहयोग जरूरी* बलरामपुर। टीबी केवल एक बीमारी नहीं, बल्कि ऐसी स्वास्थ्य चुनौती है, जिसके खिलाफ सही जानकारी, समय पर जांच, नियमित उपचार और समाज के सहयोग से प्रभावी ढंग से मुकाबला किया जा सकता है। टीबी मरीजों के प्रति संवेदनशील और भेदभाव रहित व्यवहार अपनाना भी इस लड़ाई का महत्वपूर्ण हिस्सा है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी बलरामपुर डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी ने कहा कि टीबी पूरी तरह ठीक होने वाली बीमारी है। दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी, लगातार बुखार, वजन कम होना, रात में पसीना आना जैसे लक्षण दिखाई देने पर व्यक्ति को बिना देरी किए टीबी की जांच करानी चाहिए। समय पर बीमारी की पहचान होने से उपचार शीघ्र शुरू किया जा सकता है और संक्रमण के प्रसार को भी रोका जा सकता है। जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. अजय कुमार शुक्ला ने बताया कि टीबी की दवाओं का पूरा कोर्स करना बेहद जरूरी है। मरीज को अपनी इच्छा से दवा बंद करने, बदलने या बीच में उपचार छोड़ने से बचना चाहिए। परिवार के सदस्यों को भी मरीज का मनोबल बढ़ाते हुए उसे नियमित रूप से दवा लेने और जांच-इलाज जारी रखने के लिए प्रेरित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि टीबी मरीज के साथ भेदभाव नहीं किया जाना चाहिए। सही जानकारी के अभाव में मरीज को छूने, साथ बैठने या बर्तन साझा करने को लेकर फैली गलतफहमियों को दूर करना जरूरी है। मरीज की गोपनीयता और सम्मान का भी पूरा ध्यान रखा जाना चाहिए। सीएमओ ने आमजन से अपील किया है कि टीबी से संबंधित अफवाहों और गलत धारणाओं पर विश्वास न करें। टीबी के लक्षण दिखाई देने पर जांच के लिए प्रेरित करें, मरीज को उपचार पूरा करने में सहयोग दें और परिवार व समाज में उसके प्रति संवेदनशील व्यवहार अपनाएं। *टीबी से बचाव और उपचार के लिए समय पर जांच, पूरा इलाज और सामाजिक सहयोग जरूरी* बलरामपुर। टीबी केवल एक बीमारी नहीं, बल्कि ऐसी स्वास्थ्य चुनौती है, जिसके खिलाफ सही जानकारी, समय पर जांच, नियमित उपचार और समाज के सहयोग से प्रभावी ढंग से मुकाबला किया जा सकता है। टीबी मरीजों के प्रति संवेदनशील और भेदभाव रहित व्यवहार अपनाना भी इस लड़ाई का महत्वपूर्ण हिस्सा है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी बलरामपुर डॉ. मुकेश कुमार रस्तोगी ने कहा कि टीबी पूरी तरह ठीक होने वाली बीमारी है। दो सप्ताह से अधिक समय तक खांसी, लगातार बुखार, वजन कम होना, रात में पसीना आना जैसे लक्षण दिखाई देने पर व्यक्ति को बिना देरी किए टीबी की जांच करानी चाहिए। समय पर बीमारी की पहचान होने से उपचार शीघ्र शुरू किया जा सकता है और संक्रमण के प्रसार को भी रोका जा सकता है। जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. अजय कुमार शुक्ला ने बताया कि टीबी की दवाओं का पूरा कोर्स करना बेहद जरूरी है। मरीज को अपनी इच्छा से दवा बंद करने, बदलने या बीच में उपचार छोड़ने से बचना चाहिए। परिवार के सदस्यों को भी मरीज का मनोबल बढ़ाते हुए उसे नियमित रूप से दवा लेने और जांच-इलाज जारी रखने के लिए प्रेरित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि टीबी मरीज के साथ भेदभाव नहीं किया जाना चाहिए। सही जानकारी के अभाव में मरीज को छूने, साथ बैठने या बर्तन साझा करने को लेकर फैली गलतफहमियों को दूर करना जरूरी है। मरीज की गोपनीयता और सम्मान का भी पूरा ध्यान रखा जाना चाहिए। सीएमओ ने आमजन से अपील किया है कि टीबी से संबंधित अफवाहों और गलत धारणाओं पर विश्वास न करें। टीबी के लक्षण दिखाई देने पर जांच के लिए प्रेरित करें, मरीज को उपचार पूरा करने में सहयोग दें और परिवार व समाज में उसके प्रति संवेदनशील व्यवहार अपनाएं।
- *जिलाधिकारी डॉ विपिन कुमार जैन की बाइट।* *नेपाल में अतिवृष्टि से उत्पन्न स्थिति का जनपद बलरामपुर पर नहीं पड़ेगा प्रभाव, स्थिति पूरी तरह सामान्य।* *राप्ती नदी खतरे के निशान से करीब 02 मीटर नीचे, जिला प्रशासन की सतत निगरानी।* *जिलाधिकारी डॉ विपिन कुमार जैन की बाइट।* *नेपाल में अतिवृष्टि से उत्पन्न स्थिति का जनपद बलरामपुर पर नहीं पड़ेगा प्रभाव, स्थिति पूरी तरह सामान्य।* *राप्ती नदी खतरे के निशान से करीब 02 मीटर नीचे, जिला प्रशासन की सतत निगरानी।*1
- ब्रेकिंग न्यूज़ श्रावस्ती देवीपाटन मंडल उत्तर प्रदेश मानसिकता न्यूज़ श्रावस्ती के नौबस्ता क्षेत्र में सांप्रदायिक सौहार्द, भाईचारे और इंसानियत की मिसाल देखने को मिली। पूर्व सैनिक कमांडो निजाम खान उर्फ राशिद खान के सौजन्य से अयोध्या तीर्थ यात्रा का आयोजन किया गया, जिसमें आसपास के गांवों से करीब 600 से 700 श्रद्धालु शामिल हुए। 6 से 7 बसों के जरिए श्रद्धालुओं को अयोध्या धाम के लिए रवाना किया गया तस्वीरें श्रावस्ती के नौबस्ता क्षेत्र की हैं, जहां बुधवार को हिंदू-मुस्लिम एकता और आपसी भाईचारे का अनूठा संदेश देखने को मिला। परसौरा, कयापुर, अचलपुर, नौबस्ता समेत आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु अयोध्या तीर्थ यात्रा के लिए रवाना हुए। यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के लिए प्राथमिक चिकित्सा, स्वच्छ पेयजल और अन्य जरूरी सुविधाओं की व्यवस्था की गई। महिलाओं, बुजुर्गों और युवाओं में यात्रा को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला। इस पहल के आयोजक पूर्व सैनिक कमांडो निजाम खान उर्फ राशिद खान ने भारतीय सेना में करीब 16 वर्षों तक सेवा की है। उन्होंने कहा कि सेना ने उन्हें देशभक्ति, अनुशासन और सभी धर्मों के सम्मान की सीख दी। इसी भावना को समाज तक पहुंचाने के उद्देश्य से इस यात्रा का आयोजन किया गया1
- DM ने कहा- नेपाल में बनी स्थिति को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है, लेकिन बलरामपुर में फिलहाल किसी तरह की चिंता की बात नहीं है। DM ने कहा- नेपाल में बनी स्थिति को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है, लेकिन बलरामपुर में फिलहाल किसी तरह की चिंता की बात नहीं है।1
- (अंकुर गर्ग ) केंद्रीय विदेश राज्य मंत्री ने अन्य जनप्रतिनिधियों संग स्वाशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय में नरेश महाराजा देवी बक्श सिंह जी की मूर्ति का अनावरण (अंकुर गर्ग ) केंद्रीय विदेश राज्य मंत्री ने अन्य जनप्रतिनिधियों संग स्वाशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय में नरेश महाराजा देवी बक्श सिंह जी की मूर्ति का अनावरण स्वाशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय गोण्डा के आडिटोरियम हाल में गोण्डा नरेश महाराजा देवी बक्श सिंह जी की मूर्ति का अनावरण कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मा० सांसद गोण्डा/केंद्रीय विदेश राज्य मंत्री श्री कीर्तिवर्धन सिंह जी की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में मा० विधायक मनकापुर, मा० विधायक मेहनौन, मा० विधायक सदर गोण्डा, मा० विधायक गौरा, मा० विधायक करनैलगंज, जिलाधिकारी महोदया, जिलाध्यक्ष भाजपा एवं अन्य जनप्रतिनिधिगण तथा अधिकारीगण।4
- हत्या के प्रयास के 8 फरार आरोपियों पर BNSS 84 के तहत कुर्की-मुनादी की कार्रवाई का आदेश हत्या के प्रयास के 8 फरार आरोपियों पर BNSS 84 के तहत कुर्की-मुनादी की कार्रवाई का आदेश बांसी। न्यायालय न्यायिक मजिस्ट्रेट सिद्धार्थनगर ने थाना जोगिया उदयपुर क्षेत्र में दर्ज जानलेवा हमले और बलवे के एक संगीन मामले में सख्त रुख अपनाया है। न्यायालय ने लंबे समय से फरार चल रहे आठ आरोपियों के खिलाफ 'भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता' (BNSS) की धारा 84 के तहत उद्घोषणा और संपत्ति कुर्की की कानूनी प्रक्रिया शुरू करने का आदेश दिया है।थाना जोगिया उदयपुर में दर्ज मु०अ०सं० 190/2025 के अंतर्गत BNS की विभिन्न धाराओं—191(2), 191(3), 190, 115(2), 352, 351(3), 117(2) और 109(1) (हत्या का प्रयास व बलवा) के तहत मामला पंजीकृत है। यह प्राथमिकी बकुआंव गांव निवासी रमाकांत यादव पुत्र हरिराम यादव की तहरीर पर दर्ज की गई थी।क्राइम ब्रांच की विवेचना में सामने आया कि घटना के बाद से ही सभी आरोपी पुलिस को चकमा देकर फरार हैं और अपनी चल-अचल संपत्ति बेचकर भागने की फिराक में हैं। आरोपी सभी ग्राम बकुआंव, थाना जोगिया उदयपुर के निवासी हैं।गौरी व बुधई (पुत्रगण ओरी)कमलेश, राकेश व सुरेन्द्र (पुत्रगण लालसा)श्यामू व रामू (पुत्रगण भगौती)उमेश (पुत्र गौरी)मामले की सुनवाई के दौरान न्यायिक मजिस्ट्रेट धम्म कुमार सिद्धार्थ ने पाया कि पुलिस की लगातार दबिश के बावजूद आरोपी न तो गिरफ्तार हो रहे हैं और न ही अदालत में आत्मसमर्पण कर रहे हैं। विवेचक के प्रार्थना पत्र को स्वीकार करते हुए न्यायालय ने सभी 8 आरोपियों के खिलाफ BNSS की धारा 84 की कार्रवाई का आदेश जारी किया। कोर्ट के कड़े आदेश के बाद पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों के घरों पर धारा 84 का नोटिस चस्पा किया और गांव में डुग्गी पिटवाकर मुनादी कराई। इस कार्रवाई में क्राइम ब्रांच इंस्पेक्टर अतिउल्लाह, एसआई मुस्तकीम अंसारी, अवध बिहारी यादव तथा कांस्टेबल अवनीश कुमार, राहुल और चंद्रशेखर यादव की टीम शामिल रही। पुलिस प्रशासन का कहना है कि यदि आरोपी जल्द ही समर्पण नहीं करते हैं, तो अगली प्रक्रिया के तहत उनकी संपत्तियों को कुर्क कर लिया जाएगा।1
- सरयू नहर में डूबने से 12 वर्षीय मासूम की मौत पर गांव में पसरा सन्नाटा सरयू नहर में डूबने से 12 वर्षीय मासूम की मौत पर गांव में पसरा सन्नाटा1
- नेपाल का झूला पुल टूट गया बाढ़ के कारण #DainikSamayViewsBalrampur #JantaKiAwaz647News #BalrampurBreakingNewsToday #UttarPradeshLatestNews #GulshadKhanNews नेपाल का झूला पुल टूट गया बाढ़ के कारण#DainikSamayViewsBalrampur #JantaKiAwaz647News #BalrampurBreakingNewsToday #UttarPradeshLatestNews #GulshadKhanNews1
- उतरौला पिपरा पेट्रोल पंप के निकट समान से लदी ट्रक अनियंत्रित होकर गड्डे मे पलटीं ड्राइवर सहित 02 लोगों को हुए चोटिल। उतरौला पिपरा पेट्रोल पंप के निकट समान से लदी ट्रक अनियंत्रित होकर गड्डे मे पलटीं ड्राइवर सहित 02 लोगों को हुए चोटिल।1