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अजमेर में बरसात के चलते निचली बस्ती में पानी भरने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस बार जलभराव की समस्या से निपटने और जमा पानी को बाहर निकालने के लिए हाईपावर पंप का इस्तेमाल किया जाएगा।
Shahid hussain
अजमेर में बरसात के चलते निचली बस्ती में पानी भरने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस बार जलभराव की समस्या से निपटने और जमा पानी को बाहर निकालने के लिए हाईपावर पंप का इस्तेमाल किया जाएगा।
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- अजमेर और पुष्कर क्षेत्र में बारिश के बीच JLN अस्पताल की व्यवस्थाओं पर विचार करने और गरीब जनता पर ध्यान देने की माँग उठाई गई है। बारिश के इस माहौल में JLN अस्पताल के हालात और आम गरीब लोगों की परेशानियों को देखते हुए प्रशासन से इन पर तुरंत ध्यान देने की अपील की गई है।1
- 'मुख्यमंत्री युवा सुयोग कार्यक्रम' के जरिए प्रदेश के युवा साथियों के साथ संवाद के आत्मीय पल साझा किए गए हैं। प्रदेश में कौशल विकास, डिजिटल साक्षरता, खेल और रोजगार के नए अवसरों के माध्यम से हर युवा आत्मनिर्भर बन रहा है।1
- अजमेर के प्रसिद्ध आनासागर की बदहाली को लेकर शहर में कांग्रेस और बीजेपी आमने-सामने आ गई हैं। कांग्रेस द्वारा आनासागर की दुर्दशा के लिए बीजेपी और जिला प्रशासन को कटघरे में खड़ा किए जाने के जवाब में शहर बीजेपी ने तीन दिवसीय श्रमदान करने का निर्णय लिया है। इसी क्रम में आयोजित श्रमदान कार्यक्रम में बड़ी संख्या में बीजेपी कार्यकर्ताओं के साथ अजमेर के जिला कलक्टर लोक बंधु खुद फावड़ा उठाकर आनासागर में श्रमदान करते नजर आए। उनके साथ ADA की कमिश्नर नित्या के, एडिशनल एसपी हिमांशु जांगिड़, बीजेपी अध्यक्ष रमेश सोनी, निवर्तमान डिप्टी मेयर नीरज जैन, महामंत्री राजेश शर्मा, मंडल अध्यक्ष रचित कछवा सहित सैकड़ों लोगों ने भी श्रमदान में भाग लिया।1
- राजस्थान के अजमेर जिले के नौलखा गांव में स्थित चमेलिया धाम इन दिनों जन आस्था के एक बड़े केंद्र के रूप में ख्याति प्राप्त कर रहा है। पिछले तीन से चार महीनों के भीतर यहां श्रद्धालुओं की संख्या में भारी बढ़ोतरी देखी गई है। शिव दरबार के रूप में स्थापित इस आश्रम में सेवक केसर सिंह रावत मंत्र विधि (झाड़े) के जरिए लोगों के विभिन्न असाध्य रोगों और शारीरिक व मानसिक बीमारियों को ठीक करने का दावा कर रहे हैं। धाम में हर दिन करीब 5 से 10 हजार मरीज और उनके परिजन पहुंच रहे हैं। खुद लाभान्वित श्रद्धालुओं का कहना है कि लगातार तीन दिन तक झाड़ा लगवाने के बाद उन्हें अपनी बीमारियों में काफी हद तक राहत मिली है। हालांकि, कुछ लोग केसर सिंह रावत की इस रोग निदान पद्धति को अंधविश्वास और आडम्बर भी बता रहे हैं, लेकिन यहाँ आने वाले अधिकांश श्रद्धालु पूर्ण विश्वास के साथ इसे सनातन धर्म का चमत्कार मानकर चल रहे हैं। इसी आस्था के बल पर यह धाम सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी नई ऊंचाइयों को छू रहा है। इस धाम में आशातीत सफलता मिलने के बाद लाभान्वित लोगों द्वारा भेंट स्वरूप फर्नीचर, इलेक्ट्रॉनिक सामान और नकद राशि जैसी वस्तुएं चढ़ाई जा रही हैं, जिनका इस्तेमाल यहाँ आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए ही किया जाना है। इस भारी भीड़ के कारण आज पूरा का पूरा नौलखा गांव एक मेले के रूप में तब्दील दिखाई दे रहा है। विज्ञान भले ही इस बात को स्वीकार नहीं करे, लेकिन लोग चमत्कार को नमस्कार मानकर पूर्ण श्रद्धा और भक्ति के साथ लगातार इस धाम से जुड़ रहे हैं।1
- अजमेर के जेठाना मांगलियावास क्षेत्र में बुधवार सुबह 3:00 बजे से रिमझिम बारिश शुरू हुई, जो सुबह 10:00 बजे तक रुक-रुक कर होती रही। इस बारिश के कारण खेतों में पानी ही पानी हो गया, जिससे फसलों को नया जीवनदान मिला है और लोगों को गर्मी से राहत मिली है। पिछले कई दिनों से बारिश का इंतजार कर रहे किसानों के चेहरों पर इस बारिश से मुस्कुराहट छा गई है।3
- अजमेर के पीसांगन उपखण्ड की ग्राम पंचायत कालेसरा में राज्य सरकार के निर्देशानुसार ग्रामीण सेवा शिविर फॉलोअप कैंप का आयोजन प्रशासक सुरज्ञान जाट के सानिध्य में किया गया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य मुख्य अभियान के दौरान लंबित रहे आवेदनों का स्थानीय स्तर पर त्वरित और स्थायी निस्तारण कर ग्रामीणों को राहत पहुंचाना है। शिविर में उपखंड क्षेत्र के सभी 22 सरकारी विभागों के आला अधिकारी और कर्मचारी एक ही छत के नीचे मुस्तैद नजर आए। शिविर की जमीनी हकीकत और व्यवस्थाओं का जायजा लेने के लिए पीसांगन उपखंड अधिकारी (SDM) राजीव बड़गुजर अचानक औचक निरीक्षण करने कालेसरा पहुंचे। उन्होंने आते ही विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए काउंटरों का बारीकी से अवलोकन किया। इसके बाद वे सीधे चिकित्सा विभाग के स्टॉल पर पहुंचे, जहां उन्होंने स्वास्थ्य कर्मियों की मुस्तैदी और चिकित्सा उपकरणों की तैयारियों को जांचने के उद्देश्य से खुद आगे बढ़कर अपना ब्लड प्रेशर (बीपी) नपवाया। इसके साथ ही एसडीएम ने शिविर प्रभारी सहायक विकास अधिकारी चंद्र नारायण चौधरी को आवश्यक निर्देश देते हुए ग्रामीणों की समस्याओं के त्वरित समाधान की हिदायत दी।4
- ब्यावर में बुधवार की अल सुबह आखिरकार बादलों ने चुप्पी तोड़ी और शहर में झमाझम बारिश का दौर शुरू हो गया। लंबे समय से गर्मी और उमस से परेशान शहरवासियों के लिए यह बारिश राहत लेकर आई है। कई दिनों के इंतजार के बाद हुई इस बरसात से पूरे शहर का मौसम खुशनुमा हो गया है और लोगों ने चैन की सांस ली है। बारिश के बाद ठंडी हवाएं चलने से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे मौसम बेहद सुहावना हो गया। झमाझम बारिश से शहर की सड़कें भीग गईं और पार्कों व आसपास के इलाकों में हरियाली खिल उठी है। मानसून की इस बेला में हुई इस बारिश से आमजन और किसानों के चेहरे पर भी रौनक लौट आई है।1
- ब्रिटिश पार्लियामेंट प्रणाली के सच और उसके इतिहास को जानने तथा उस पर अपनी राय साझा करने का आग्रह किया गया है। लोगों से कहा गया है कि वे पहले इस पूरी प्रणाली के इतिहास को समझें और उसके बाद ही अपनी कोई राय या प्रतिक्रिया व्यक्त करें।1