एक अगस्त से बिजली के दाम कम करने तथा स्मार्ट मीटर वापस लेने कांग्रेस करेगी आंदोलन -विधायक इन्द्र साव एक अगस्त से बिजली के दाम कम करने तथा स्मार्ट मीटर वापस लेने कांग्रेस करेगी आंदोलन - इन्द्र साव भाटापारा - विधायक इन्द्र साव ने कहा भाजपा सरकार ने जुलाई से घरेलू उपभोक्ताओं के बिजली दाम में 30 से 50 पैसे तथा गैर घरेलू बिजली में 20 से 40 पैसे की बढ़ोत्तरी किया है। कृषि के पंप की बिजली में भी 40 पैसे की बढ़ोत्तरी की गयी है। भाजपा की सरकार बनने के बाद लगातार पांचवी बार बिजली के दाम बढ़ाये गये है। बिजली के बेतहाशा बिल जनता की परेशानी का कारण बने हुये है। हाल ही में भाजपा सरकार ने बिजली के दामों में 12 प्रतिशत विद्युत ईधन अधिभार के रूप में बढ़ोत्तरी किया था। भाजपा की सरकार आने के बाद अभी तक 31.23 प्रतिशत बिजली के दाम बढ़ाये गये है। श्री साव ने कहा कांग्रेस की सरकार ने 5 साल में केवल 2 पैसे की बढ़ात्तरी बिजली के दामों में किया था, उसमें भी 400 यूनिट तक बिजली बिल हाफ योजना लागू थी। भाजपा से सरकार नहीं संभल नहीं रही है। वह केवल जनता पर बोझ डालने का काम करती है। 400 यूनिट तक बिजली बिल हाफ योजना बंद करने के बाद, पांच बार बिजली के दाम बढ़ाया जाना जनता पर बोझ है। सरकार का बिजली विभाग उपभोक्ताओं को बिल के नाम पर लूटने में लगा है। पिछले कुछ महीनों से बिजली के बिल तीन से चार गुना आ रहे है। बिजली के खपत का अनुबंध भार क्षमता बिना उपभोक्ता की सहमति के बढ़ा दिया जा रहा है। जबकि उपभोक्ता की सहमति के बिना उसका अनुबंध भार नहीं बढ़ाया जा सकता है। स्मार्ट मीटर से खपत बढ़ा कर फिर खपत ज्यादा होने का हवाला देकर अनुबंध भार के आधार पर अर्थदंड जोड़कर बिजली के बिल भेजे जा रहे है। बिजली बिल ज्यादा आने का तीन कारण है। पहला सरकार ने बिजली के दाम बढ़ा दिया है। दूसरा बिजली बिल हाफ योजना बंद हो गई। तीसरा स्मार्ट मीटर लगाए गए है, जो अनाप शनाप खपत से अधिक रीडिंग बता रहा, जिससे बिल अधिक आ रहा है। अडानी की कंपनी के स्मार्ट मीटर लगाये गये है। संसद में केंद्रीय ऊर्जा मंत्री मनोहर लाल खट्टर जी ने अप्रैल 2026 में स्पष्ट किया था, कि स्मार्ट प्रीपेड मीटर किसी भी उपभोक्ता पर जबरन नहीं थोपे जा रहे है, और यह पूरी तरह वैकल्पिक व्यवस्था है और उपभोक्ताओं की सहमति या अनुमति के बिना सामान्य बिजली मीटर को स्मार्ट मीटर में बदलना गैर कानूनी है। छत्तीसगढ़ में स्मार्ट मीटर जबरिया क्यों लगाया जा रहा है। विधायक इन्द्र साव ने कहा है कि कांग्रेस मांग करती है सरकार बिजली के दाम घटाये, 400 यूनिट तक बिजली बिल हॉफ योजना लागू करें और स्मार्ट मीटर की जगह पुराना मीटर लगाए l उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु में स्मार्ट मीटर वहां की सरकार ने वापस लेने का निर्णय लिया है। छत्तीसगढ़़ में भी सरकार जनहित में स्मार्ट मीटर वापस ले।
एक अगस्त से बिजली के दाम कम करने तथा स्मार्ट मीटर वापस लेने कांग्रेस करेगी आंदोलन -विधायक इन्द्र साव एक अगस्त से बिजली के दाम कम करने तथा स्मार्ट मीटर वापस लेने कांग्रेस करेगी आंदोलन - इन्द्र साव भाटापारा - विधायक इन्द्र साव ने कहा भाजपा सरकार ने जुलाई से घरेलू उपभोक्ताओं के बिजली दाम में 30 से 50 पैसे तथा गैर घरेलू बिजली में 20 से 40 पैसे की बढ़ोत्तरी किया है। कृषि के पंप की बिजली में भी 40 पैसे की बढ़ोत्तरी की गयी है। भाजपा की सरकार बनने के बाद लगातार पांचवी बार बिजली के दाम बढ़ाये गये है। बिजली के बेतहाशा बिल जनता की परेशानी का कारण बने हुये है। हाल ही में भाजपा सरकार ने बिजली के दामों में 12 प्रतिशत विद्युत ईधन अधिभार के रूप में बढ़ोत्तरी किया था। भाजपा की सरकार आने के बाद अभी तक 31.23 प्रतिशत बिजली के दाम बढ़ाये गये है। श्री साव ने कहा कांग्रेस की सरकार ने 5 साल में केवल 2 पैसे की बढ़ात्तरी बिजली के दामों में किया था, उसमें भी 400 यूनिट तक बिजली बिल हाफ योजना लागू थी। भाजपा से सरकार नहीं संभल नहीं रही है। वह केवल जनता पर बोझ डालने का काम करती है। 400 यूनिट तक बिजली बिल हाफ योजना बंद करने के बाद, पांच बार बिजली के दाम बढ़ाया जाना जनता पर बोझ है। सरकार का बिजली विभाग उपभोक्ताओं को बिल के नाम पर लूटने में लगा है। पिछले कुछ महीनों से बिजली के बिल तीन
से चार गुना आ रहे है। बिजली के खपत का अनुबंध भार क्षमता बिना उपभोक्ता की सहमति के बढ़ा दिया जा रहा है। जबकि उपभोक्ता की सहमति के बिना उसका अनुबंध भार नहीं बढ़ाया जा सकता है। स्मार्ट मीटर से खपत बढ़ा कर फिर खपत ज्यादा होने का हवाला देकर अनुबंध भार के आधार पर अर्थदंड जोड़कर बिजली के बिल भेजे जा रहे है। बिजली बिल ज्यादा आने का तीन कारण है। पहला सरकार ने बिजली के दाम बढ़ा दिया है। दूसरा बिजली बिल हाफ योजना बंद हो गई। तीसरा स्मार्ट मीटर लगाए गए है, जो अनाप शनाप खपत से अधिक रीडिंग बता रहा, जिससे बिल अधिक आ रहा है। अडानी की कंपनी के स्मार्ट मीटर लगाये गये है। संसद में केंद्रीय ऊर्जा मंत्री मनोहर लाल खट्टर जी ने अप्रैल 2026 में स्पष्ट किया था, कि स्मार्ट प्रीपेड मीटर किसी भी उपभोक्ता पर जबरन नहीं थोपे जा रहे है, और यह पूरी तरह वैकल्पिक व्यवस्था है और उपभोक्ताओं की सहमति या अनुमति के बिना सामान्य बिजली मीटर को स्मार्ट मीटर में बदलना गैर कानूनी है। छत्तीसगढ़ में स्मार्ट मीटर जबरिया क्यों लगाया जा रहा है। विधायक इन्द्र साव ने कहा है कि कांग्रेस मांग करती है सरकार बिजली के दाम घटाये, 400 यूनिट तक बिजली बिल हॉफ योजना लागू करें और स्मार्ट मीटर की जगह पुराना मीटर लगाए l उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु में स्मार्ट मीटर वहां की सरकार ने वापस लेने का निर्णय लिया है। छत्तीसगढ़़ में भी सरकार जनहित में स्मार्ट मीटर वापस ले।
- Post by गोविन्द राम1
- शिक्षा के मंदिर में कथित शराबखोरी! स्कूल कार्यालय में दो शिक्षक मिले, पत्रकारों से अभद्रता का आरोप मैनपुर/गरियाबंद। शासकीय प्राथमिक एवं पूर्व माध्यमिक शाला देवझर (अमली) में शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करने वाला मामला सामने आया है। स्थानीय मीडिया टीम के अनुसार, औचक निरीक्षण के दौरान दो शिक्षक मनोज कुमार भारद्वाज और कमल सिंह दीवान स्कूल के कार्यालय कक्ष में कथित रूप से शराब का सेवन करते मिले। इस दौरान कई छात्र-छात्राएं स्कूल परिसर में मौजूद थे। आरोप है कि दोनों शिक्षक नशे की हालत में थे और निर्धारित ड्रेस कोड का पालन भी नहीं कर रहे थे। वहीं, सवाल पूछे जाने पर पत्रकारों से कथित रूप से अभद्र व्यवहार और अपशब्द कहने का आरोप है। घटना का वीडियो सामने आने का भी दावा किया जा रहा है। मामले की निष्पक्ष जांच होने पर ही सच्चाई स्पष्ट होगी, लेकिन आरोप सही पाए गए तो यह स्कूल अनुशासन और शिक्षा व्यवस्था की गंभीर तस्वीर पेश करेगा।1
- आज हमारे ग्राम पंचायत धुर्राबांधा में रास्ता चक्का जाम है। जो रास्ता भाटापारा से करही बाजार, और बिलासपुर को जोड़ता है।जो रास्ता बकुलाही स्टील प्लांट में भारी भरकम लोड गाड़ी चलने से जर्जर हो गया है। जिसकी माग की जा रही हैं।1
- प्रफुल्ल चंद्र राय जयंती पर सरस्वती शिशु मंदिर खरोरा में मनाया गया विज्ञान दिवस* रिपोर्टर रोहित वर्मा लोकेशन खरोरा *प्रफुल्ल चंद्र राय जयंती पर सरस्वती शिशु मंदिर में मनाया गया विज्ञान दिवस* खरोरा। सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, खरोरा में भारतीय विज्ञान के जनक डॉ. प्रफुल्ल चंद्र राय की जयंती के अवसर पर विज्ञान दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि अशोक कुमार कोसले (व्याख्याता), विशिष्ट अतिथि ठाकुर राम देवांगन (शिक्षक) एवं भारत लाल वर्मा द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने डॉ. प्रफुल्ल चंद्र राय के जीवन, उनके वैज्ञानिक योगदान तथा रसायन विज्ञान के महत्व पर आकर्षक प्रस्तुतियां दीं। मुख्य अतिथि ने अपने उद्बोधन में रसायन विज्ञान की वर्तमान समय में उपयोगिता पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को विज्ञान के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर रसायन विज्ञान विषयक प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया, जिसमें वीणा वर्मा ने प्रथम, साहिल कुमार देवांगन ने द्वितीय तथा चेतना साहू ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। विद्यालय में विज्ञान प्रदर्शनी का भी आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों द्वारा सौरमंडल, डीएनए संरचना, मानव शरीर, तंत्रिका तंत्र, ज्वालामुखी, पवन चक्की, उत्सर्जन तंत्र, कोशिका सहित विभिन्न विषयों पर लगभग 50 मॉडल एवं 30 चार्ट प्रदर्शित किए गए। मॉडल प्रतियोगिता में गर्भाशय की संरचना मॉडल के लिए तृप्ति देवांगन एवं खुशी देवांगन (कक्षा 12वीं) प्रथम, डीएनए संरचना मॉडल के लिए ढालनी वर्मा एवं जानवी देवांगन (कक्षा 12वीं) द्वितीय तथा मानव शरीर एवं हृदय की संरचना मॉडल के लिए विद्या देवांगन, रीमा देवांगन, उर्वशी वर्मा, साधना देवांगन, आराध्या साहू एवं गरिमा देवांगन तृतीय स्थान पर रहीं। कार्यक्रम का संचालन श्रीमती कंचन वर्मा ने किया। कार्यक्रम की जानकारी प्रचार-प्रसार प्रमुख श्रीमती सीमा पंसारी ने दी। इस अवसर पर विद्यालय के समस्त आचार्य-आचार्याएं एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।4
- बिल्हा विधायक धरमलाल कौशिक जी को उत्कृष्ट विधायक से सम्मानित किए जाने के उपलक्ष बिल्हा विधायक धरमलाल कौशिक जी को उत्कृष्ट विधायक से सम्मानित किए जाने के उपलक्ष में अभिनंदन समारोह का किया गया आयोजन विभिन्न संगठन एवं सामाजिक संगठनों ने किया आत्मीय स्वागत शुक्रवार की रात 9:00 बजे बिल्हा विधायक धरम कौशिक जी के निज सचिव से मिली जानकारी के अनुसार पूर्व विधानसभा अध्यक्ष एवं बिल्हा विधायक धरम जी को उत्कृष्ट विधायक के सम्मान से सम्मानित किए जाने के उपलक्ष्य में शुक्रवार को मंडी प्रांगण, बिल्हा में बिल्हा विधानसभा स्तरीय कार्यकर्ताओं एवं नागरिकों द्वारा आयोजित नागरिक अभिनंदन समारोह में विभिन्न संगठनों द्वारा बिल्हा विधायक धरमलाल कौशिक जी का फूल माला बुके एवं श्रीफल और साल से आत्मीय स्वागत एवं सम्मान प्राप्त हुआ। इस अवसर पर कार्यक्रमों को संबोधित करते हुए बिल्हा विधायक धरमलाल कौशिक ने कहा की यह सम्मान मेरा नहीं, बल्कि बिल्हा विधानसभा की देवतुल्य जनता, भारतीय जनता पार्टी के प्रत्येक समर्पित कार्यकर्ता एवं क्षेत्र के विकास के लिए निरंतर किए जा रहे सामूहिक प्रयासों का सम्मान है। इस स्नेह, विश्वास और सम्मान के लिए मैं सभी कार्यकर्ताओं एवं नागरिकों का हृदय से आभार व्यक्त करता हूँ। इस अवसर पर क्रेडा अध्यक्ष श्री Bhupendra Sawanni. जी, गुरु सिंघ सभा, अधिवक्ता संघ, सिंध महासभा, अग्रवाल सेवा समिति, ब्राह्मण समाज, साहू समाज, यादव समाज, मानिकपुरी समाज सहित विभिन्न समाज के सदस्यों सहित भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारीगण, कार्यकर्तागण एवं बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।1
- बिलासपुर कलेक्टर का जिला अस्पताल में औचक निरीक्षण, ड्यूटी से गायब डॉक्टरों को कड़ी चेतावनी कलेक्टर संजय अग्रवाल ने जिला चिकित्सालय का औचक निरीक्षण कर मरीजों से स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी ली। ड्यूटी से अनुपस्थित सरकारी डॉक्टरों को कड़ी चेतावनी दी गई। उन्होंने जिला पुनर्वास केंद्र, नशा मुक्ति केंद्र और अन्य सरकारी अस्पतालों का भी जायजा लिया। कलेक्टर ने कहा कि जिला अस्पताल में आने वाले किसी भी मरीज को इलाज में परेशानी नहीं होगी, अस्पताल पर्याप्त सुविधाओं और संसाधनों से लैस है।1
- क्रांति सेना और जोहर छत्तीसगढ़ पार्टी काशांति पूर्वक आंदोलन,सोमवार को होगा फैसला तिल्दा नेवरा -पिछले 2.5साल से सिविल ठेकेदार के रूप में कार्य कर रहे राधेश्याम साहू का काम पूरा होने पर कंपनी के द्वारा तीन महीने का बकाया राशि 80लाख रुपये देने से आनाकानी किया जा रहा था ,लगभग 5महीने बीत जाने के बाद ठेकेदार के द्वारा छत्तीसगढ़िया क्रान्ति सेना को मदद कि गुहार लगाई गई ,जिसके बाद संगठन के पदाधिकारियों और ठेकेदार के द्वारा के साथ कंपनी प्रबंधन के मिश्रा के साथ से बार बार बैठक किया गया,आपको बता दे की क्रांति सेना और जोहर छत्तीसगढ़ पार्टी के पदाधिकारियों और ठेकेदार राधेश्याम साहू ने बताया की गौरी गणेश कंपनी कम्पनी में कार्यरत अधिकारी मिश्रा के ऊपर गुमराह करने का आरोप लगाते हुए कहा की की मिश्रा के द्वारा पीड़ित को गुमराह किया जाता है यह पहला मामला नहीं है इससे पहले भी उनके द्वारा पीड़ितों को घुमाया गया है ,किसी का भी फोन रिसीव नहीं करते ,मेसेज करते है तो जवाब नहीं देते ,मिलने पर सीधा सीधा बोल देते है की आपका कोई फोन और मेसेज नहीं आया है ,पीड़ित पक्ष से मोल भाव करते है ,बोलते कुछ है करते कुछ है क्रांति सेना और जोहर छत्तीसगढ़ पार्टी के पदाधिकारियों ने कम्पनी प्रबंधन से ऐसे अधिकारियों को कम्पनी से निकालने को कहा है अंततः छत्तीसगढ़िया क्रान्ति सेना के द्वारा अनुविभागीय अधिकारी श्रम विभाग अधिकारी थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंप कर आंदोलन की सूचना दिया गया ,जहाँ छत्तीसगढ़िया क्रान्ति सेना के बैनर तले ठेकेदार ,मजदूर ,ग्रामीण जन के साथ जबर आंदोलन का आगाज किया , आंदोलन कि तेवर को देखते हुए ,थाना प्रभारी,श्रम विभाग अधिकारी एवं तहसीलदार के द्वारा दोनों पक्षों कि बीच मामले का निराकरण किया गया ,जिसमे कंपनी के द्वारा बिल का लेखा जोखा देख कर दोनों पक्षों में आपसी सहमति स्थापित किया गया ,और आगामी सोमवार तक कंपनी को बिल का डिटेल ठेकेदार को उपलब्ध करा कर ,बिल मिलान के बाद भुगतान राशि देने कि बात कही गई , इधर छत्तीसगढ़िया क्रान्ति सेना के पदधिकारियों का कहना है कि कंपनी के अधिकारी मिश्रा और प्रबंधन के द्वारा मनमानी और गुमराह किया जा रहा था ,और आगामी सोमवार को ठेकेदार को संतुष्ट राशि नहीं देने पर आगे उग्र आन्दोलन किया जा सकता है3
- सिमगा जनपद पंचायत में शिवसेना का जोरदार प्रदर्शन, सीईओ पर कार्यालय छोड़ने का आरोप सिमगा। जनपद पंचायत सिमगा में शिवसेना पदाधिकारियों और ग्रामीणों ने विभिन्न जनहित एवं ग्रामीण समस्याओं को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने अपनी छह सूत्रीय मांगों को लेकर जनपद पंचायत कार्यालय का घेराव किया। प्रदर्शन के दौरान शिवसेना नेताओं ने आरोप लगाया कि जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) सी.पी. मनहरे कार्यालय छोड़कर चले गए। प्रदर्शन करीब चार घंटे तक चला, इस दौरान जनपद पंचायत कार्यालय के दोनों मुख्य गेट बंद रहे। प्रदर्शनकारियों का दावा है कि अधिकारी एवं कर्मचारी बाउंड्री वॉल फांदकर कार्यालय के अंदर-बाहर आते-जाते दिखाई दिए। शिवसेना पदाधिकारियों के अनुसार, कई लोगों ने सीईओ से फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया। इसके बाद जिला पंचायत सीईओ से दूरभाष पर चर्चा की गई। जिला सीईओ के निर्देश पर तहसीलदार मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों से ज्ञापन प्राप्त किया। तहसीलदार के साथ प्रदर्शनकारियों की छह सूत्रीय मांगों पर विस्तृत चर्चा हुई। उन्होंने मांगों से उच्च अधिकारियों को अवगत कराने तथा उनके निराकरण का आश्वासन दिया, जिसके बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ। शिवसेना नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी जनहित की मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो भविष्य में और उग्र आंदोलन किया जाएगा।2