पंचकूला पुलिस ने पिंजौर थाना परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और आमजन को जाम तथा अव्यवस्था से राहत दिलाने के उद्देश्य से सार्वजनिक स्थानों पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की है। डीसीपी सृष्टि गुप्ता के निर्देशानुसार पिंजौर थाना क्षेत्र के बाहर सड़क किनारे लगे अतिक्रमण, जिसमें विशेष रूप से फल-सब्जियों की रेहड़ियाँ शामिल थीं, को हटाया गया। इस कदम से यातायात को सुचारू रखने और थाना परिसर की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद मिली। पुलिस के अनुसार, पिंजौर थाना के बाहर लंबे समय से रेहड़ियों और अन्य अस्थायी कब्जों के कारण यातायात बाधित रहता था, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी होती थी। आमजन से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि थाना के बाहर अतिक्रमण से जाम की स्थिति बनती है। पुलिस ने स्पष्ट किया कि थाना परिसर के आसपास किसी भी प्रकार का अतिक्रमण सुरक्षा मानकों के अनुरूप नहीं है, जिसके चलते नियमों के तहत यह कार्रवाई की गई। कुछ समय पहले पुलिस और माइनिंग विभाग ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए जब्त किए गए टिप्परों और अन्य वाहनों को भी थाना परिसर से हटवाया था, ताकि सड़क पर यातायात सामान्य हो सके। इस अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान, जब पिंजौर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर राजेश कुमार रेहड़ियों को हटवाने पहुँचे, तो पार्षद सौरभ गुप्ता ने इस पर ऐतराज जताया। हालांकि, थाना प्रभारी ने उन्हें अवगत कराया कि यह कार्रवाई कानून के पालन और सुरक्षा व्यवस्था के लिए की जा रही है। डीसीपी सृष्टि गुप्ता ने दोहराया कि पुलिस की यह कार्रवाई किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि कानून का पालन सुनिश्चित करने, सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने और आमजन की सुविधा प्रदान करने के उद्देश्य से की गई है। उन्होंने सभी नागरिकों से सार्वजनिक स्थानों पर अतिक्रमण न करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करने की अपील की।
पंचकूला पुलिस ने पिंजौर थाना परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और आमजन को जाम तथा अव्यवस्था से राहत दिलाने के उद्देश्य से सार्वजनिक स्थानों पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की है। डीसीपी सृष्टि गुप्ता के निर्देशानुसार पिंजौर थाना क्षेत्र के बाहर सड़क किनारे लगे अतिक्रमण, जिसमें विशेष रूप से फल-सब्जियों की रेहड़ियाँ शामिल थीं, को हटाया गया। इस कदम से यातायात को सुचारू रखने और थाना परिसर की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद मिली। पुलिस के अनुसार, पिंजौर थाना के बाहर लंबे समय से रेहड़ियों और अन्य अस्थायी कब्जों के कारण यातायात बाधित रहता था, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को भारी परेशानी होती थी। आमजन से लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि थाना के बाहर अतिक्रमण से जाम की स्थिति बनती है। पुलिस ने स्पष्ट किया कि थाना परिसर के आसपास किसी भी प्रकार का अतिक्रमण सुरक्षा मानकों के अनुरूप नहीं है, जिसके चलते नियमों के तहत यह कार्रवाई की गई। कुछ समय पहले पुलिस और माइनिंग विभाग ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए जब्त किए गए टिप्परों और अन्य वाहनों को भी थाना परिसर से हटवाया था, ताकि सड़क पर यातायात सामान्य हो सके। इस अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान, जब पिंजौर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर राजेश कुमार रेहड़ियों को हटवाने पहुँचे, तो पार्षद सौरभ गुप्ता ने इस पर ऐतराज जताया। हालांकि, थाना प्रभारी ने उन्हें अवगत कराया कि यह कार्रवाई कानून के पालन और सुरक्षा व्यवस्था के लिए की जा रही है। डीसीपी सृष्टि गुप्ता ने दोहराया कि पुलिस की यह कार्रवाई किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि कानून का पालन सुनिश्चित करने, सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने और आमजन की सुविधा प्रदान करने के उद्देश्य से की गई है। उन्होंने सभी नागरिकों से सार्वजनिक स्थानों पर अतिक्रमण न करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करने की अपील की।
- चीन के गुआंगशी प्रांत के हेंगझोउ में टाइफून माईसैक के कारण आई भीषण बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। बाढ़ के तेज बहाव के चलते एक स्थानीय स्नेक फार्म की दीवारें टूट गईं, जिसके परिणामस्वरूप कोबरा सहित लगभग 800 से 900 सांप बहकर आसपास के गांवों में घुस गए हैं। इन सांपों के अलावा, सुअर और शुतुरमुर्ग जैसे अन्य जानवर भी बाढ़ के पानी में बहते हुए देखे गए हैं। स्थिति को देखते हुए, प्रभावित गांवों में रेस्क्यू टीम तैनात की गई है।1
- मुख्यमंत्री के प्रधान मीडिया सलाहकार नरेश चौहान ने राम मंदिर चंदा मामले को लेकर भाजपा पर तीखा हमला बोला है, जिसमें उन्होंने इसे आस्था के नाम पर हुआ कथित घोटाला बताया। उन्होंने कहा कि इस घटना से देशभर के हिंदुओं की भावनाएं आहत हुई हैं और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। चौहान ने जोर देकर कहा कि प्रभु राम के चरणों में श्रद्धालुओं द्वारा आस्था के साथ चढ़ाई गई धनराशि की सुरक्षा की जिम्मेदारी जिन लोगों पर थी, उन्हीं पर चोरी के आरोप लगे हैं, जो अत्यंत गंभीर है। उन्होंने दावा किया कि सिर्फ 40 दिनों में 70 बार चोरी की घटनाएं सामने आई हैं, जो व्यवस्था की गंभीर विफलता को दर्शाती हैं। नरेश चौहान ने इसे केवल आर्थिक अनियमितता का मामला नहीं, बल्कि करोड़ों लोगों की आस्था से जुड़ा गंभीर विषय करार दिया। इसलिए, उन्होंने इसकी जांच केवल एसआईटी के बजाय किसी सिटिंग जज की निगरानी में करवाए जाने की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने राम मंदिर निर्माण के लिए देशभर से चंदा एकत्र किया और इस मुद्दे पर राजनीति करके सत्ता हासिल की, लेकिन अब इस मामले पर जवाब देने से बच रही है। चौहान ने भाजपा पर देश की जनता के साथ धोखा करने का आरोप लगाते हुए निष्पक्ष और पारदर्शी जांच की मांग दोहराई। चौहान ने यह भी कहा कि देश में भगवान राम को मानने के लिए किसी को भाजपा से प्रमाण पत्र लेने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने उल्लेख किया कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू भाजपा को सद्बुद्धि देने की कामना के साथ राम मंदिर और हनुमान मंदिर में पूजा-अर्चना करने गए थे। इसके साथ ही, उन्होंने राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय के इस बयान का भी जिक्र किया कि उनका मुंह न खुलवाया जाए। वहीं, भाजपा कोर ग्रुप की बैठक में कांग्रेस सरकार के खिलाफ चार्जशीट लाने के सवाल पर नरेश चौहान ने पलटवार करते हुए कहा कि भाजपा को चार्जशीट लाने से कोई नहीं रोक रहा। उन्होंने सुझाव दिया कि यदि भाजपा प्रदेश हितों और जनता से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करती तो बेहतर होता। चौहान के अनुसार, चार्जशीट की राजनीति भाजपा के भीतर चल रही गुटबाजी का संकेत देती है। उन्होंने भाजपा से केवल विरोध की राजनीति छोड़कर सकारात्मक भूमिका निभाने की अपील करते हुए कहा कि प्रदेश में विपक्ष बंटा हुआ और मुद्दाविहीन है।2
- नगर एवं ग्राम नियोजन, आवास, तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी ने घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला हड़वाड़ में आयोजित एक संवाद कार्यक्रम में विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे शिक्षा के साथ-साथ अपने व्यक्तित्व के सर्वांगीण विकास पर भी समान रूप से ध्यान दें। उन्होंने बल दिया कि आज के विद्यार्थी ही कल के जिम्मेदार नागरिक, सक्षम नेतृत्वकर्ता और राष्ट्र निर्माता होते हैं, इसलिए केवल परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करना ही पर्याप्त नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण, नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, नैतिक मूल्यों और सामाजिक उत्तरदायित्व का विकास भी उतना ही आवश्यक है। मंत्री धर्माणी ने विद्यार्थियों को बताया कि वर्तमान समय में शिक्षा, तकनीक, नवाचार, कौशल विकास और उद्यमिता के क्षेत्र में असीम संभावनाएं उपलब्ध हैं। उन्होंने मोबाइल और सोशल मीडिया का रचनात्मक एवं सकारात्मक उपयोग करने की सलाह दी, ताकि वे ज्ञान अर्जित करने, नई तकनीकों को सीखने और स्वयं को निरंतर बेहतर बनाने में इनका प्रभावी माध्यम के रूप में प्रयोग कर सकें। मंत्री ने विद्यार्थियों को एनसीसी, एनएसएस, स्काउट एवं गाइड, खेलकूद, सांस्कृतिक गतिविधियों, विज्ञान प्रदर्शनी, वाद-विवाद, समूह चर्चा और अन्य सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी करने के लिए प्रोत्साहित किया, क्योंकि ऐसी गतिविधियां उनमें नेतृत्व क्षमता, आत्मविश्वास, टीम भावना और सामाजिक जिम्मेदारी का विकास करती हैं। उन्होंने सफलता के लिए निरंतर मेहनत, अनुशासन, धैर्य, सकारात्मक सोच और आत्मविश्वास को अपरिहार्य बताया तथा असफलताओं से घबराने के बजाय उन्हें सीख के रूप में स्वीकार कर और अधिक दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ने का आग्रह किया। राजेश धर्माणी ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में वर्तमान प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को अधिक गुणवत्तापूर्ण, आधुनिक, तकनीक आधारित और रोजगारोन्मुखी बनाने के लिए ऐतिहासिक सुधार लागू कर रही है। सरकारी विद्यालयों में राष्ट्रीय शिक्षा मानकों के अनुरूप एनसीईआरटी पाठ्यक्रम अपनाते हुए सीबीएसई पैटर्न लागू किया गया है तथा विद्यार्थियों को राष्ट्रीय एवं वैश्विक स्तर की प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करने के उद्देश्य से पहली कक्षा से अंग्रेजी माध्यम में शिक्षा अनिवार्य की गई है। सरकार का उद्देश्य केवल डिग्री प्रदान करना नहीं, बल्कि ऐसे सक्षम, आत्मनिर्भर और नवाचार आधारित युवा तैयार करना है जो भविष्य की चुनौतियों का सफलतापूर्वक सामना कर सकें। उन्होंने यह भी बताया कि तकनीकी शिक्षा, नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार ने नई राज्य नवाचार नीति को मंजूरी दी है, जिसके अंतर्गत लगभग 2 करोड़ रूपए के विशेष फंड का प्रावधान किया गया है। शिक्षा में पारदर्शिता, जवाबदेही और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए 'समीक्षा' तथा 'शिक्षा साथी' मोबाइल ऐप के माध्यम से विद्यालयों की नियमित डिजिटल मॉनिटरिंग की जा रही है। वहीं, 'समर्थ' योजना के अंतर्गत शिक्षकों को आधुनिक शिक्षण तकनीकों, डिजिटल लर्निंग और नवाचार आधारित शिक्षण पद्धतियों का प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है। राजेश धर्माणी ने कहा कि राज्य सरकार के सतत प्रयासों का परिणाम है कि हिमाचल प्रदेश का विद्यार्थी-अध्यापक अनुपात देश के सर्वश्रेष्ठ राज्यों में शामिल है। मंत्री ने शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य के महत्व पर विशेष बल देते हुए विद्यार्थियों से नियमित योग, व्यायाम, खेलकूद और संतुलित जीवनशैली अपनाने का आग्रह किया। संवाद कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने करियर निर्माण, लक्ष्य निर्धारण, व्यक्तित्व विकास, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी, तकनीकी शिक्षा, सफलता के सूत्र तथा स्वस्थ जीवनशैली से जुड़े अनेक प्रश्न पूछे। राजेश धर्माणी ने विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का विस्तारपूर्वक समाधान करते हुए उन्हें मेहनत, अनुशासन, सकारात्मक सोच, निरंतर सीखने की आदत, आत्मविश्वास तथा समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करने की प्रेरणा दी।2
- ऊना जिले के अजोली गांव में आज ग्राम पंचायत अजोली ने बच्चों और ग्रामीणों के मनोरंजन के लिए एक सर्कस का आयोजन किया। प्रधान कुसम लता और उपप्रधान हरदीप कपिला के नेतृत्व में हुए इस कार्यक्रम में बच्चों, महिलाओं और अन्य ग्रामीणों ने बड़ी संख्या में उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। सर्कस में प्रस्तुत किए गए विभिन्न मनोरंजक कार्यक्रमों ने बच्चों का भरपूर मनोरंजन किया, जिससे उनके चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी। ग्रामीणों ने भी इस पहल की सराहना की, इसे समाज के लिए एक सकारात्मक कदम बताया। ग्रामीणों का मत है कि बच्चों को स्वस्थ मनोरंजन के अवसर प्रदान करने, उनके मानसिक विकास को बढ़ावा देने और उन्हें सकारात्मक गतिविधियों की ओर प्रेरित करने के लिए ऐसे सांस्कृतिक और मनोरंजन कार्यक्रमों का आयोजन समय-समय पर होता रहना चाहिए। गांववासियों ने ग्राम पंचायत प्रधान कुसम लता और उपप्रधान हरदीप कपिला के प्रति आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी बच्चों के हित में इसी तरह के कार्यक्रम आयोजित करने की अपील की।1
- सहारनपुर की सड़कों पर, विशेषकर खाता खेड़ी वुडन सिटी इलाके में, भारी जलभराव की गंभीर समस्या बनी हुई है। स्थानीय निवासियों ने इस बदहाली पर चिंता व्यक्त करते हुए सांसद इमरान मसूद से अपील की है कि वे शहर की सड़कों पर व्याप्त इस दयनीय स्थिति का स्वयं संज्ञान लें और इसके समाधान हेतु आवश्यक कदम उठाएँ।1
- आधुनिक हिमाचल निर्माता स्व. वीरभद्र सिंह की पांचवीं पुण्यतिथि पर कांग्रेस कार्यालय में एक भावभीनी श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई, जिसमें मंत्री विक्रमादित्य सिंह और कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष विनय कुमार सहित अन्य कांग्रेस नेताओं व कार्यकर्ताओं ने उन्हें याद किया। इसी अवसर पर, लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने प्रदेश में मानसून की चुनौतियों और आगामी सेब सीजन के लिए विभाग की तैयारियों की एक उच्च-स्तरीय समीक्षा बैठक भी की, जिसमें उन्होंने बंद सड़कों को 24 घंटे के भीतर बहाल करने के कड़े निर्देश दिए। इस मौके पर विक्रमादित्य सिंह ने स्व. वीरभद्र सिंह को केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि अपने आप में एक मजबूत संस्थान बताया। उन्होंने उनके लगभग छह दशकों के राजनीतिक सफर को याद किया, जिसमें वीरभद्र सिंह ने देश और प्रदेश की राजनीति में लोगों के दिलों पर राज किया। मंत्री ने बताया कि मात्र 25 वर्ष की आयु में 1962 में महासू लोकसभा क्षेत्र से अपना पहला चुनाव लड़ने के बाद, वे 2021 तक निरंतर लोकसभा, विधानसभा, केंद्रीय मंत्री, मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष के रूप में जनता की सेवा में समर्पित रहे। अपने पूरे जीवनकाल में, वे केवल 1977 में एक बार चुनाव हारे थे, जब पूरे उत्तर भारत में कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ा था। विक्रमादित्य सिंह ने यह भी रेखांकित किया कि आज हिमाचल प्रदेश शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक-आर्थिक कल्याण में जो अग्रणी स्थान रखता है, उसकी नींव वीरभद्र सिंह के कार्यकाल में ही रखी गई थी, जिसके कारण आज हिमाचल एक शिक्षित और विकसित राज्य है। हाल ही में, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के बेहतरीन क्रियान्वयन के लिए हिमाचल प्रदेश लोक निर्माण विभाग को केंद्र सरकार की ओर से जो पुरस्कार और सर्टिफिकेट मिला है, वह भी वीरभद्र सिंह की छत्रछाया में शुरू हुए विकास कार्यों की बदौलत ही संभव हुआ है। लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने जानकारी दी कि उन्होंने बीते कल विभाग के सभी अधिकारियों के साथ करीब तीन घंटे लंबी ऑनलाइन बैठक की, जिसमें मानसून से उत्पन्न होने वाली रुकावटों पर विस्तृत चर्चा की गई। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि भारी बारिश या भूस्खलन के कारण जहां भी सड़कें बंद हों, उन्हें आगामी 24 घंटे के भीतर हर हाल में बहाल किया जाए ताकि जनता को कोई असुविधा न हो। मंत्री ने बताया कि बीते दिन राज्य में लगभग 104 सड़कें बंद थीं, जिनमें से आज सुबह तक केवल 8 सड़कें ही बंद रह गई हैं और बाकी खोल दी गई हैं। शाम तक इनमें से भी अधिकांश सड़कों को बहाल कर दिया जाएगा। विभाग पूरी तरह मुस्तैद है, जिसमें धरातल पर लगभग 15,000 कर्मचारी और 1,600 से अधिक जेसीबी व पोकलेन जैसी मशीनें तैनात की गई हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कुछ ही दिनों में शुरू होने वाले सेब सीजन के मद्देनजर बागवानों और किसानों को अपनी फसल मंडियों तक पहुंचाने में कोई समस्या नहीं आनी चाहिए और सरकार का पूरा प्रयास रहेगा कि उन्हें किसी भी तरह का आर्थिक नुकसान न उठाना पड़े। सेब के साथ-साथ अन्य फलों के परिवहन के लिए भी यातायात व्यवस्था को सुचारू रखा जाएगा। उन्होंने प्रदेश की जनता, विशेषकर मंडी, चंबा, कांगड़ा, कुल्लू और शिमला जैसे संवेदनशील व पहाड़ी इलाकों के लोगों से अपील की है कि वे मानसून और बादल फटने जैसी स्थिति को देखते हुए एहतियात बरतें और किसी भी आपातकालीन स्थिति में तुरंत प्रशासन को सूचित करें।4
- बरसात के मौसम में डेंगू के बढ़ते खतरे को देखते हुए, देहरादून नगर निगम ने शहर के सभी 100 वार्डों में फॉगिंग और एंटी-लार्वा दवा के नियमित छिड़काव का अभियान तेज कर दिया है। निगम ने यह कदम डेंगू के प्रकोप को नियंत्रित करने के उद्देश्य से उठाया है। इस अभियान के अंतर्गत, मेयर सौरभ थपलियाल ने नागरिकों से विशेष अपील की है। उन्होंने शहरवासियों से आग्रह किया है कि वे अपने घरों और आसपास पानी जमा न होने दें, साथ ही डेंगू रोकथाम अभियान में सक्रिय रूप से सहयोग करें।1
- सहारनपुर में थाना मंडी पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है, जिस पर शादी का झांसा देकर एक युवती के साथ लंबे समय तक शारीरिक संबंध बनाने का आरोप है। पुलिस के अनुसार, पीड़िता की शिकायत पर इस मामले में पहले ही मुकदमा दर्ज किया जा चुका था और आरोपी काफी समय से फरार चल रहा था। पुलिस को दी गई शिकायत में पीड़िता ने आरोप लगाया है कि आरोपी ने शादी का वादा कर करीब चार वर्षों तक उसका शारीरिक शोषण किया। जब पीड़िता ने शादी करने की बात कही, तो आरोपी ने कथित तौर पर इनकार कर दिया। शिकायत में आरोपी पर गाली-गलौज करने, मारपीट करने और जान से मारने की धमकी देने के आरोप भी लगाए गए हैं। बुधवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने आरोपी को मंडी समिति तिराहे के पास से दबोच लिया। यह गिरफ्तारी वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर चलाए जा रहे एक विशेष अभियान के तहत हुई है। पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के साथ-साथ एससी/एसटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है और आरोपी को न्यायालय में पेश कर दिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की विवेचना अभी जारी है और जांच में सामने आने वाले सभी तथ्यों को शामिल करते हुए आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।1
- महाराष्ट्र के डोंबिवली स्थित शास्त्रीनगर अस्पताल में कथित तौर पर शिवसेना नगरसेवक रमेश म्हात्रे और उनके साथियों ने महिला डॉक्टरों, नर्सों तथा मेडिकल स्टाफ के साथ मारपीट की। यह घटना कथित तौर पर NICU बेड उपलब्ध न होने के कारण हुई। आरोप है कि इस दौरान सुरक्षाकर्मियों को भी बंधक बना लिया गया। इस घटना के विरोध में अस्पताल के डॉक्टरों और नर्सों ने काम बंद हड़ताल शुरू कर दी है, जिससे अस्पताल की सेवाएं गंभीर रूप से प्रभावित हुई हैं। मामले में पुलिस में FIR दर्ज कराने की प्रक्रिया जारी है।1