समस्तीपुर के रेल परिसर स्थित पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय के खेल मैदान में आयोजित 65वीं राज्य स्तरीय सुब्रतो मुखर्जी कप फुटबॉल प्रतियोगिता (बालिका अंडर-17) के दूसरे दिन शनिवार को बेहद रोमांचक मुकाबले देखने को मिले। खेल विभाग, बिहार सरकार, बिहार राज्य खेल प्राधिकरण (पटना) और जिला प्रशासन (समस्तीपुर) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस प्रतियोगिता के दूसरे दिन के मैचों का शुभारंभ जिला खेल पदाधिकारी विवेक कुमार शर्मा ने दोनों टीमों के खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त कर किया। इस अवसर पर उन्होंने खिलाड़ियों से अनुशासन, समर्पण और खेल भावना के साथ मैदान में उतरने की अपील की। प्रतियोगिता के पहले मुकाबले में पश्चिम चंपारण (बेतिया) की टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाते हुए बेगूसराय को 9-0 के बड़े अंतर से मात दी। बेतिया की ओर से बिंदिया कुमारी ने अकेले चार गोल दागे, जबकि रितिका ने दो तथा प्रीति, अन्नू और गीता ने एक-एक गोल किया। दूसरे मुकाबले में कैमूर की टीम ने भी दमदार प्रदर्शन करते हुए जमुई को 9-0 से हरा दिया। कैमूर की सुनैना कुमारी ने बेहतरीन खेल दिखाते हुए पांच गोल किए, जबकि नेहा, उजाला, छोटी और अंतिमा ने एक-एक गोल कर अपनी टीम की जीत सुनिश्चित की। अन्य मुकाबलों में पूर्णिया की टीम के अनुपस्थित रहने की वजह से दरभंगा को और भागलपुर के मैदान पर न पहुंचने के कारण मेजबान समस्तीपुर की टीम को वॉकओवर का लाभ मिला, जिससे दोनों टीमें अगले दौर में पहुंच गईं। शानदार प्रदर्शन करने वाली बेतिया की बिंदिया कुमारी और कैमूर की सुनैना कुमारी को 'बेस्ट ऑफ ट्वेंटी-टू' का पुरस्कार दिया गया। मैचों का संचालन रेफरी रजनीश कुमार, रोहित कुमार, समीर संजय और मोना वर्मा ने किया, जबकि जिला खेल पदाधिकारी विवेक कुमार शर्मा के नेतृत्व में खेल विभाग के सहायकों और शिक्षकों ने पूरे आयोजन को व्यवस्थित और सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
समस्तीपुर के रेल परिसर स्थित पीएम श्री केंद्रीय विद्यालय के खेल मैदान में आयोजित 65वीं राज्य स्तरीय सुब्रतो मुखर्जी कप फुटबॉल प्रतियोगिता (बालिका अंडर-17) के दूसरे दिन शनिवार को बेहद रोमांचक मुकाबले देखने को मिले। खेल विभाग, बिहार सरकार, बिहार राज्य खेल प्राधिकरण (पटना) और जिला प्रशासन (समस्तीपुर) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस प्रतियोगिता के दूसरे दिन के मैचों का शुभारंभ जिला खेल पदाधिकारी विवेक कुमार शर्मा ने दोनों टीमों के खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त कर किया। इस अवसर पर उन्होंने खिलाड़ियों से अनुशासन, समर्पण और खेल भावना के साथ मैदान में उतरने की अपील की। प्रतियोगिता के पहले मुकाबले में पश्चिम चंपारण (बेतिया) की टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाते हुए बेगूसराय को 9-0 के बड़े अंतर से मात दी। बेतिया की ओर से बिंदिया कुमारी ने अकेले चार गोल दागे, जबकि रितिका ने दो तथा प्रीति, अन्नू और गीता ने एक-एक गोल किया। दूसरे
मुकाबले में कैमूर की टीम ने भी दमदार प्रदर्शन करते हुए जमुई को 9-0 से हरा दिया। कैमूर की सुनैना कुमारी ने बेहतरीन खेल दिखाते हुए पांच गोल किए, जबकि नेहा, उजाला, छोटी और अंतिमा ने एक-एक गोल कर अपनी टीम की जीत सुनिश्चित की। अन्य मुकाबलों में पूर्णिया की टीम के अनुपस्थित रहने की वजह से दरभंगा को और भागलपुर के मैदान पर न पहुंचने के कारण मेजबान समस्तीपुर की टीम को वॉकओवर का लाभ मिला, जिससे दोनों टीमें अगले दौर में पहुंच गईं। शानदार प्रदर्शन करने वाली बेतिया की बिंदिया कुमारी और कैमूर की सुनैना कुमारी को 'बेस्ट ऑफ ट्वेंटी-टू' का पुरस्कार दिया गया। मैचों का संचालन रेफरी रजनीश कुमार, रोहित कुमार, समीर संजय और मोना वर्मा ने किया, जबकि जिला खेल पदाधिकारी विवेक कुमार शर्मा के नेतृत्व में खेल विभाग के सहायकों और शिक्षकों ने पूरे आयोजन को व्यवस्थित और सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
- समस्तीपुर के रेलवे घाट स्थित शमशान काली मंदिर में किन्नर मुखिया सपना के नेतृत्व में आज मुन्ना किन्नर आश्रम का उद्घाटन किया गया। इस आश्रम का शुभारंभ स्व. मुन्ना किन्नर की पुण्य तिथि एवं उनकी स्मृति में किया गया है। इस अवसर पर कार्यक्रम में आए अतिथियों को चादर और स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। इसके साथ ही, इस समारोह के दौरान एक रंगारंग कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया।1
- समस्तीपुर जिले के मोहनपुर प्रखंड अंतर्गत दशहरा पंचायत स्थित उच्च माध्यमिक विद्यालय दशहरा का परिसर बारिश के पानी के कारण पूरी तरह से झील में तब्दील हो गया है। इस जलजमाव के कारण स्कूल में पढ़ाई करना एक बड़ी समस्या बन गया है और सबसे बड़ा संकट यह उत्पन्न हो गया है कि आखिर बच्चे और शिक्षक क्लासरूम तक जाएं तो जाएं कैसे। इस विकट परिस्थिति का सामना करते हुए स्कूल के शिक्षकों और बच्चों को मजबूरन इसी पानी को पार कर क्लासरूम में प्रवेश करना पड़ रहा है। गंदे पानी के बीच से होकर गुजरने के कारण हर समय बड़े हादसे का डर बना रहता है। ऐसी स्थिति में यदि कोई शिक्षक या छात्र फिसल कर गिर जाता है, तो हाथ-पैर टूटना बिल्कुल निश्चित है और इससे भी आगे कोई बड़ी अनहोनी हो सकती है। इतनी बड़ी समस्या होने के बावजूद अब तक इस मामले में न तो विभागीय पदाधिकारियों ने कोई संज्ञान लिया है और न ही स्थानीय प्रशासन जागा है। प्रशासन और विभाग इस गंभीर समस्या पर पूरी तरह से मौन साधे हुए हैं और परिसर में इकट्ठे हो चुके पानी की निकासी के लिए अब तक कोई प्रयास नहीं किया गया है।1
- Post by Lalu Kumar1
- पटना जिले के बेलछी में हाईकोर्ट के आदेश का पालन करते हुए अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया। इस कार्रवाई के दौरान कई मकानों को प्रशासन ने ध्वस्त कर दिया। इस अभियान के कारण प्रभावित परिवारों के बीच हड़कंप मच गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। प्रशासन की इस कार्रवाई से स्थानीय लोगों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ा है।3
- समस्तीपुर जिले के मोहनपुर प्रखंड अंतर्गत दशहरा पंचायत स्थित उच्च माध्यमिक विद्यालय दशहरा का पूरा परिसर बारिश के पानी के कारण झील में तब्दील हो गया है। इस जलजमाव के बाद अब सबसे बड़ी समस्या यह खड़ी हो गई है कि आखिर क्लासरूम में जाया कैसे जाए। इस कठिन परिस्थिति का सामना करते हुए विद्यालय के शिक्षक और बच्चे मजबूरन इस झील रूपी पानी को पार करके ही अपनी क्लासों में जाने को विवश हैं। इस तरह पानी के बीच से गुजरने के कारण हर वक्त हादसे का डर बना रहता है, जिससे शिक्षकों या बच्चों के हाथ-पैर टूटने या फिर कोई और गंभीर अनहोनी होने की पूरी आशंका बनी हुई है। इस संवेदनशील मामले को लेकर अब तक विभागीय पदाधिकारियों या प्रशासन की नींद नहीं खुली है और वे पूरी तरह मौन साधे हुए हैं। परिसर में जमा हुए इस पानी की निकासी के लिए प्रशासनिक स्तर पर कोई भी कदम नहीं उठाया गया है और न ही इस समस्या से उबरने का कोई प्रयास किया जा रहा है।1
- पटना के बाढ़ में भरत तिवारी एनकाउंटर मामले में गवाही देने पहुंचे माता-पिता और वकील का बयान दर्ज कर लिया गया है।1
- समस्तीपुर में महज एक घंटे की बारिश ने शहर की जलनिकासी व्यवस्था की बदहाली को उजागर कर दिया है। शुक्रवार को हुई मूसलाधार बारिश के बाद काशीपुर, विवेक विहार, आजाद नगर, आदर्श नगर, सरोजनी गली और बारह पत्थर जैसे कई मोहल्लों की सड़कें पूरी तरह जलमग्न हो गईं, जिससे स्थानीय लोगों का जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ और उन्हें आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। भाकपा माले के जिला कमिटी सदस्य सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने इस स्थिति के लिए सीधे तौर पर नगर निगम की लापरवाही और भ्रष्टाचार को जिम्मेदार ठहराया है। उनका आरोप है कि जलनिकासी, सड़क और नाला निर्माण के नाम पर करोड़ों रुपये खर्च करने के दावे खोखले साबित हुए हैं। उन्होंने कहा कि जमीनी हकीकत इन सरकारी दावों के बिल्कुल विपरीत है, क्योंकि शहर की सड़कें पहली ही बारिश में तालाब का रूप ले लेती हैं। सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने मांग की है कि जिलाधिकारी इस पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच करवाएं। उन्होंने इस भ्रष्टाचार में शामिल नगर निगम के आयुक्त, मेयर, उपमेयर, संबंधित पार्षदों, जेई और अन्य जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका की जांच कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने पर जोर दिया है। साथ ही, उन्होंने शहर के निवासियों को इस समस्या से स्थायी रूप से मुक्ति दिलाने के लिए तत्काल प्रभावी जलनिकासी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।1
- बेगूसराय के नौला गांव में एक महिला के साथ कथित तौर पर हुई मारपीट और अभद्र व्यवहार का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल दावे के अनुसार, नीला पुलिस पिकेट प्रभारी अखिलेश कुमार ने बिना किसी महिला कांस्टेबल की मौजूदगी के महिला के साथ कथित तौर पर दबंगई, मारपीट और अभद्र व्यवहार किया। इसके साथ ही महिला के पति के साथ भी कथित रूप से मारपीट की गई और उन्हें जबरन पुलिस वाहन में बैठाकर ले जाया गया। आरोप है कि इस घटना के दौरान अपनी कथित नाकामी और खामियों को छिपाने के लिए पुलिस द्वारा मौके पर मौजूद महिलाओं से दो मोबाइल फोन छीन लिए गए तथा कई मोबाइल में रिकॉर्ड किए गए वीडियो जबरन डिलीट करा दिए गए। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद लोगों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। वायरल संदेश के जरिए संबंधित पिकेट प्रभारी को तत्काल निलंबित करने और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग उठाई जा रही है।1