मिल्कीपुर, अयोध्या स्थित आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय में मंगलवार को 'नो व्हीकल डे' का पालन किया गया। विश्वविद्यालय के नवागत कुलपति डॉ. ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह ने कार्यभार संभालने के बाद पहली बार आयोजित इस विशेष दिन पर वीआईपी गेस्टहाउस से पैदल चलकर अपने कार्यालय पहुंचकर एक मिसाल कायम की। उन्होंने इस अवसर पर पर्यावरण संरक्षण और ऊर्जा बचत का महत्वपूर्ण संदेश दिया। विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, यह पहल देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ऊर्जा संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण संबंधी आह्वान के अनुरूप है, जिसके तहत विश्वविद्यालय में प्रत्येक मंगलवार को 'नो व्हीकल डे' घोषित किया गया है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य ईंधन की खपत कम करना, कार्बन उत्सर्जन में कमी लाना और लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करना है। मंगलवार सुबह डॉ. ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह ने वीआईपी गेस्ट हाउस से पैदल यात्रा शुरू की और विश्वविद्यालय परिसर से होते हुए कुलपति कार्यालय पहुंचे। इस दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय परिवार से जुड़े अधिकारियों, शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों से अपील की कि वे अधिक से अधिक पैदल चलें और साइकिल के उपयोग को बढ़ावा दें। कुलपति ने स्पष्ट किया कि ऊर्जा संरक्षण केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने जोर दिया कि छोटे-छोटे प्रयासों से ईंधन की बचत की जा सकती है और पर्यावरण को प्रदूषण से बचाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने बताया कि 'नो व्हीकल डे' के माध्यम से परिसर में हरित वातावरण को बढ़ावा देने, प्रदूषण कम करने और स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करने का प्रयास किया जा रहा है। कुलपति के इस कदम से विश्वविद्यालय समुदाय में काफी उत्साह देखा गया और इस पहल को सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली, जिसे पर्यावरण संरक्षण और ऊर्जा बचत की दिशा में एक प्रेरणादायी कदम बताया गया।
मिल्कीपुर, अयोध्या स्थित आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय में मंगलवार को 'नो व्हीकल डे' का पालन किया गया। विश्वविद्यालय के नवागत कुलपति डॉ. ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह ने कार्यभार संभालने के बाद पहली बार आयोजित इस विशेष दिन पर वीआईपी गेस्टहाउस से पैदल चलकर अपने कार्यालय पहुंचकर एक मिसाल कायम की। उन्होंने इस अवसर पर पर्यावरण संरक्षण और ऊर्जा बचत का महत्वपूर्ण संदेश दिया। विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, यह पहल देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ऊर्जा संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण संबंधी आह्वान के अनुरूप है, जिसके तहत विश्वविद्यालय में प्रत्येक मंगलवार को 'नो व्हीकल डे' घोषित किया गया है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य ईंधन की खपत कम करना, कार्बन उत्सर्जन में कमी लाना और लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करना है। मंगलवार सुबह डॉ. ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह ने वीआईपी गेस्ट हाउस से पैदल यात्रा शुरू की और विश्वविद्यालय परिसर से होते हुए कुलपति कार्यालय पहुंचे। इस दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय परिवार से जुड़े अधिकारियों, शिक्षकों, कर्मचारियों और विद्यार्थियों से अपील की कि वे अधिक से अधिक पैदल चलें और साइकिल के उपयोग को बढ़ावा दें। कुलपति ने स्पष्ट किया कि ऊर्जा संरक्षण केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने जोर दिया कि छोटे-छोटे प्रयासों से ईंधन की बचत की जा सकती है और पर्यावरण को प्रदूषण से बचाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने बताया कि 'नो व्हीकल डे' के माध्यम से परिसर में हरित वातावरण को बढ़ावा देने, प्रदूषण कम करने और स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करने का प्रयास किया जा रहा है। कुलपति के इस कदम से विश्वविद्यालय समुदाय में काफी उत्साह देखा गया और इस पहल को सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली, जिसे पर्यावरण संरक्षण और ऊर्जा बचत की दिशा में एक प्रेरणादायी कदम बताया गया।
- Post by Sandeep Srivastava Press3
- अयोध्या के नाका स्थित नीलकंठ लॉन में आयोजित 'फनलेट प्रदर्शनी एवं जल परी मेला' अयोध्यावासियों के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। इस भव्य मेले का उद्घाटन मुख्य अतिथि मनोज जायसवाल ने फीता काटकर किया, जिन्होंने भीषण गर्मी की छुट्टियों में अयोध्या की जनता से परिवार सहित बड़ी संख्या में आकर इस प्रदर्शनी का भरपूर आनंद लेने की अपील की। जायसवाल ने बताया कि इस बार मेले में कुछ ऐसा नया और अद्भुत है जो लोगों को मंत्रमुग्ध कर रहा है। मेले की सुरक्षा व्यवस्था पर प्रकाश डालते हुए कमलेश चंद्र पांडेय ने जानकारी दी कि इस सफल आयोजन में सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है, जिसके तहत महिला सुरक्षा के लिए विशेष महिला बॉडीगार्ड्स की उचित व्यवस्था की गई है। साथ ही, मेले में नए प्रकार के झूले और 'जलपरी' मुख्य आकर्षण का बिंदु बने हुए हैं। वीरेंद्र यादव ने मेले की विशेषताओं पर जोर देते हुए कहा कि यहाँ हर वर्ग के लिए विशेष प्रबंध हैं और आयोजन में किसी भी प्रकार की कोई कमी नहीं है; यहाँ आने पर आपको अच्छी चीजें देखने को मिलेंगी और दैनिक उपयोग की वस्तुएं भी बेहद कम दामों पर खरीदी जा सकती हैं। आशीष साहू ने इस प्रदर्शनी को क्षेत्रवासियों के लिए उत्साह और उमंग का एक अनूठा केंद्र बताया। इस गरिमामय समारोह में इंद्रप्रीत सिंह बेदी सहित क्षेत्र की अनेक प्रतिष्ठित महिलाएं उपस्थित थीं, जिनमें श्रीमती रत्ना जायसवाल, सुनीता श्रीवास्तव, प्रतिमा मिश्रा, नीतू वर्मा, संगीता आहूजा, सुमिना मिश्रा और काजल पाठक प्रमुख रूप से शामिल थीं। अपनी शानदार व्यवस्था और आकर्षण के चलते यह मेला शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है।4
- अयोध्या के जिला चिकित्सालय में एक छठे भव्य भंडारे का आयोजन किया गया, जिसके तहत जनपद वासियों को रूहअफजा और अन्य शरबत वितरित कर एक नेक कार्य संपन्न हुआ। इस कार्यक्रम के मुख्य आयोजक रविकांत आर्य थे, जिनके साथ कार्यकर्ता राकेश तिवारी, रवि मौर्य, अमित कुमार, गिरीश गौड़ और सोनू चौधरी ने सक्रिय भूमिका निभाई। इन सभी कार्यकर्ताओं ने मिलकर लगभग 1500 लोगों को शरबत, टिहरी और मैंगो शेक परोसा। इस आयोजन के दौरान पूजा-अर्चना भी की गई।4
- लखनऊ में डीसीएम ब्रजेश पाठक ने समाजवादी पार्टी (सपा) के मुखिया अखिलेश यादव पर तीखा हमला बोला है। पाठक ने आरोप लगाया कि राम मंदिर का निर्माण पूरा होने के बाद भी सपा और उनके राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कभी भी सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत नहीं किया। डीसीएम ब्रजेश पाठक ने आगे कहा कि अखिलेश यादव अब झूठ की अफवाहें फैलाकर एक झूठा नैरेटिव गढ़ने का असफल प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत दुनिया में सनातन संस्कृति का वाहक राष्ट्र है, और अखिलेश यादव को अपनी सोच सनातन संस्कृति के खिलाफ नहीं करनी चाहिए, अन्यथा उन्हें आने वाले समय में इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा।1
- मवई अयोध्या के शुजागंज बाजार स्थित मंदिर परिसर के पक्का तालाब में नहाने गए एक युवक के गहरे पानी में चले जाने से डूबने की घटना सामने आई है। युवक को डूबता देख स्थानीय लोगों ने तुरंत तत्परता दिखाते हुए उसे बाहर निकाल लिया, लेकिन शरीर में अधिक मात्रा में पानी चले जाने के कारण उसकी हालत गंभीर हो गई। घटना के तत्काल बाद युवक को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) खैरनपुर में भर्ती कराया गया है, जहाँ चिकित्सकों द्वारा उसकी स्थिति गंभीर बताई जा रही है और उसका उपचार जारी है। जानकारी के अनुसार, युवक किसी रिश्तेदारी में दलियानपुर गांव आया हुआ था और इसी दौरान वह तालाब में नहाने पहुँच गया था। इस घटना के बाद मंदिर परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी गंभीर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि मंदिर का मुख्य गेट दिनभर खुला रहता है, जिसके कारण बच्चे और युवक अक्सर तालाब में नहाने पहुँच जाते हैं। सोशल मीडिया पर भी आए दिन तालाब में नहाने के वीडियो सामने आते रहते हैं। लोगों का यह भी आरोप है कि इस संबंध में रोकथाम और निगरानी के पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए हैं। फिलहाल, युवक का इलाज लगातार जारी है और इस घटना को लेकर पूरे क्षेत्र में चिंता का माहौल बना हुआ है।1
- तरबगंज इलाके के कई गांवों, जिनमें रामपुर टेंगराहा, गोहानी, रानीपुर, रामपुर बाज़ार, गुलामी पुरवा, झाम पुरवा, पंडित पुरवा और अन्य छोटे गाँव शामिल हैं, में भीषण बिजली संकट गहरा गया है। धोधेपुर (तरबगंज) पावर स्टेशन से पिछले लगभग एक महीने से लगातार 24 घंटे में सिर्फ पाँच घंटे ही बिजली मिल रही है, जिससे आम जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस गंभीर कमी के साथ-साथ, रात में हर 10 से 15 मिनट पर बिजली ट्रिप करने की समस्या आम हो गई है, जिससे लोगों की परेशानी और बढ़ गई है। भीषण गर्मी के इस दौर में लगातार बिजली न दे पाना और बार-बार बिजली का गुल होना, धोढेपुर बिजली विभाग की बहुत बड़ी लापरवाही और एक गंभीर चूक है। इसका सीधा असर आम जनता की जीवनशैली पर पड़ रहा है और वे हर प्रकार से त्रस्त हैं। जनता ने बिजली विभाग से इस समस्या का तत्काल संज्ञान लेने और जल्द से जल्द निवारण करने की मांग की है। भीषण गर्मी के मद्देनजर, 24 घंटे में कम से कम 18 घंटे बिजली की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करने का आग्रह किया गया है। ग्रामीण इलाकों में सिर्फ 4 से 5 घंटे बिजली सप्लाई करने वाले तरबगंज-धोधेपुर पावर हाउस की इस स्थिति का आखिर कौन जिम्मेदार है, यह सवाल अब उठ रहा है।1
- अयोध्या के जिला चिकित्सालय में छठे भव्य भंडारे का आयोजन किया गया, जहाँ जनपद वासियों के लिए एक नेक कार्य करते हुए रूहअफजा का वितरण किया गया। इस दौरान लगभग 1500 लोगों को शरबत, टिहरी और मैंगो शेक पिलाया गया। इस कार्यक्रम का सफल आयोजन रविकांत आर्य ने किया। इसमें राकेश तिवारी, रवि मौर्य, अमित कुमार, गिरीश गॉड और सोनू चौधरी जैसे कार्यकर्ताओं ने सक्रिय भूमिका निभाई।3
- Post by T-series_Gonda1
- Post by RamTej1