Shito-Ryu की मुख्य उद्देश्य क्या है विस्तार से कराटे कोच चंद्र प्रकाश मौर्य 🥋 शितो-र्यू (Shito-Ryu) कराटे स्टाइल Shito-Ryu कराटे की एक प्रमुख और पारंपरिक शैली (style) है, जिसे ओकिनावा कराटे की जड़ों से विकसित किया गया है। यह अपनी तकनीकी विविधता, अधिक काता (Kata) और स्पीड व पावर के संतुलन के लिए जानी जाती है। नीचे इमेज में लिखी बातों को विस्तार से समझिए: --- ✅ 1. Muy técnico y variado = बहुत तकनीकी और विविध इसका मतलब: Shito-Ryu में तकनीक पर बहुत जोर दिया जाता है हर मूव (block, punch, kick, turn) को सही फॉर्म में करना जरूरी इसमें अलग-अलग प्रकार की तकनीकें सिखाई जाती हैं — ✔️ हाथ की तकनीक ✔️ पैर की तकनीक ✔️ ब्लॉक ✔️ क्लोज-रेंज और लॉन्ग-रेंज फाइट यह स्टाइल उन स्टूडेंट्स के लिए बढ़िया है जो डीटेल में कराटे सीखना चाहते हैं। --- ✅ 2. Gran cantidad de Katas = काता की बहुत बड़ी संख्या Shito-Ryu की सबसे बड़ी खासियत — इसमें बहुत ज्यादा काता होते हैं अन्य स्टाइल्स की तुलना में यहां काता का संग्रह बड़ा है हर काता अलग फाइटिंग सिचुएशन सिखाता है काता से मिलता है: संतुलन टाइमिंग तकनीक की शुद्धता मानसिक एकाग्रता एक कराटे कोच/ट्रेनर के रूप में आप जानते हैं कि काता ट्रेनिंग से स्टूडेंट का बेस बहुत मजबूत होता है — Shito-Ryu इसमें खास मजबूत है। --- ✅ 3. Equilibrio entre velocidad y fuerza = स्पीड और पावर का संतुलन इस स्टाइल में सिर्फ ताकत नहीं, बल्कि स्पीड + कंट्रोल दोनों सिखाए जाते हैं मूवमेंट: तेज भी कंट्रोल्ड भी जरूरत पर शक्तिशाली भी फाइटिंग में यह स्टाइल: तेज अटैक सटीक ब्लॉक सही टाइमिंग पर काउंटर सिखाती है 🥋 Shito-Ryu की मुख्य विशेषताएँ (संक्षेप में) ✔️ टेक्निकल स्टाइल ✔️ काता-फोकस्ड ✔️ स्पीड + पावर बैलेंस ✔️ पारंपरिक + व्यावहारिक ✔️ प्रतियोगिता और आत्मरक्षा — दोनों में उपयोगी अगर आप चाहें तो मैं Shito-Ryu के मुख्य काता नाम, बेल्ट-वाइज सिलेबस, या ट्रेनिंग ड्रिल्स भी हिंदी में तैयार करके दे सकता हूँ।
Shito-Ryu की मुख्य उद्देश्य क्या है विस्तार से कराटे कोच चंद्र प्रकाश मौर्य 🥋 शितो-र्यू (Shito-Ryu) कराटे स्टाइल Shito-Ryu कराटे की एक प्रमुख और पारंपरिक शैली (style) है, जिसे ओकिनावा कराटे की जड़ों से विकसित किया गया है। यह अपनी तकनीकी विविधता, अधिक काता (Kata) और स्पीड व पावर के संतुलन के लिए जानी जाती है। नीचे इमेज में लिखी बातों को विस्तार से समझिए: --- ✅ 1. Muy técnico y variado = बहुत तकनीकी और विविध इसका मतलब: Shito-Ryu में तकनीक पर बहुत जोर दिया जाता है हर मूव (block, punch, kick, turn) को सही फॉर्म में करना जरूरी इसमें अलग-अलग प्रकार की तकनीकें सिखाई जाती हैं — ✔️ हाथ की तकनीक ✔️ पैर की तकनीक ✔️ ब्लॉक ✔️ क्लोज-रेंज और लॉन्ग-रेंज फाइट यह स्टाइल उन स्टूडेंट्स के लिए बढ़िया है जो डीटेल में कराटे सीखना चाहते हैं। --- ✅ 2. Gran cantidad de Katas = काता की बहुत बड़ी संख्या Shito-Ryu की सबसे बड़ी खासियत — इसमें बहुत ज्यादा काता होते हैं अन्य स्टाइल्स की तुलना में यहां काता का संग्रह बड़ा है हर काता अलग फाइटिंग सिचुएशन सिखाता है काता से मिलता है: संतुलन टाइमिंग तकनीक की शुद्धता मानसिक एकाग्रता एक कराटे कोच/ट्रेनर के रूप में आप जानते हैं कि काता ट्रेनिंग से स्टूडेंट का बेस बहुत मजबूत होता है — Shito-Ryu इसमें खास मजबूत है। --- ✅ 3. Equilibrio entre velocidad y fuerza = स्पीड और पावर का संतुलन इस स्टाइल में सिर्फ ताकत नहीं, बल्कि स्पीड + कंट्रोल दोनों सिखाए जाते हैं मूवमेंट: तेज भी कंट्रोल्ड भी जरूरत पर शक्तिशाली भी फाइटिंग में यह स्टाइल: तेज अटैक सटीक ब्लॉक सही टाइमिंग पर काउंटर सिखाती है 🥋 Shito-Ryu की मुख्य विशेषताएँ (संक्षेप में) ✔️ टेक्निकल स्टाइल ✔️ काता-फोकस्ड ✔️ स्पीड + पावर बैलेंस ✔️ पारंपरिक + व्यावहारिक ✔️ प्रतियोगिता और आत्मरक्षा — दोनों में उपयोगी अगर आप चाहें तो मैं Shito-Ryu के मुख्य काता नाम, बेल्ट-वाइज सिलेबस, या ट्रेनिंग ड्रिल्स भी हिंदी में तैयार करके दे सकता हूँ।
- Post by Such Tak1
- संत कबीर नगर से इस वक्त की बड़ी और गर्व से भरी खबर सामने आ रही है। जिले के दो लालों ने सेना में भर्ती होकर पूरे जनपद का नाम रोशन कर दिया है।कड़ी मेहनत, लगन और अनुशासन के बल पर इन दोनों बेटों ने देश सेवा का सपना साकार किया है। इनकी इस ऐतिहासिक सफलता से न सिर्फ परिवार, बल्कि पूरा जिला गौरवान्वित महसूस कर रहा है। क्षेत्र में खुशी और जश्न का माहौल है, हर कोई इन वीर सपूतों को बधाई दे रहा है।संत कबीर नगर को अपने इन होनहार बेटों पर गर्व है।1
- क्षेत्राधिकारी धनघटा द्वारा आगामी त्यौहार महाशिवरात्रि एवं रमजान माह के दृष्टिगत थाना महुली अन्तर्गत कस्बा महुली में आमजन को सुरक्षा का अहसास दिलाने हेतु पैदल गस्त किया गया* पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर संदीप कुमार मीना के निर्देशन,अपर पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन में क्षेत्राधिकारी धनघटा अभयनाथ मिश्र द्वारा आगामी त्यौहार महाशिवरात्रि एवं रमजान माह के दृष्टिगत थाना महुली अन्तर्गत कस्बा महुली में आमजन को सुरक्षा का अहसास दिलाने हेतु पैदल गस्त किया गया । गश्त के थानाध्यक्ष महुली दुर्गेश पाण्डेय सहित अन्य अधिकारी / कर्मचारीगण उपस्थित रहे ।3
- Post by शत्रुजीत राय पत्रकार संत कबीर1
- आकाशवाणी 1302 2026 ई 0 अरे ओ सांभा: तेरी पत्नी को हलाल करने0 कितने हिंदू आए थे। सरदार दो आए थे । तेरी पत्नी पाक हो गई ? नहीं सरदार ! पत्नी ,काफिरों को लेकर फरार हो गई।1
- Post by विजय कुमार1
- गोरखपुर: मनरेगा बचाओ संग्राम, कांग्रेस की बड़ी पदयात्रा | केंद्र सरकार पर साधा निशाना1
- महुली। पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर संदीप कुमार मीना के निर्देशन,अपर पुलिस अधीक्षक संतकबीरनगर सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन में थानाध्यक्ष महुली दुर्गेश पाण्डेय द्वारा क्षेत्र भ्रमण के दौरान अलीनगर पुलिया के पास दुर्घटना में घायल व्यक्ति नाम पता राकेश कन्नौजिया पुत्र तिलकधारी निवासी मुदादीह थाना महुली जनपद संतकबीरनगर को सरकारी गाड़ी में बैठाकर सीएचसी नाथनगर इलाज हेतु भेजवाया गया । जिसकी स्थानीय व्यक्तियों द्वारा सराहना की गयी ।2
- खलीलाबाद, संतकबीरनगर।।।नगर क्षेत्र के भदाह चौराहा स्थित गायत्री एकेडमी में आगामी 14 फरवरी को विद्यालय का भव्य वार्षिक उत्सव समारोह बड़े ही धूमधाम से आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर विद्यालय के प्रबंधक राजेश कुमार उपाध्याय ने सभी अभिभावकों, शिक्षाविदों, समाजसेवियों एवं क्षेत्र की आम जनता से कार्यक्रम में सपरिवार उपस्थित होकर विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करने तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करने की अपील की है। प्रबंधक राजेश कुमार उपाध्याय ने बताया कि वार्षिक उत्सव का मुख्य उद्देश्य बच्चों की शैक्षिक, सांस्कृतिक एवं रचनात्मक प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना है, ताकि वे आत्मविश्वास के साथ अपनी क्षमताओं का प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने कहा कि इस अवसर पर छात्र-छात्राओं द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम, नृत्य, नाटक, गीत-संगीत, देशभक्ति एवं प्रेरणादायक प्रस्तुतियां दी जाएंगी, जो दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर देंगी।उन्होंने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए ऐसे आयोजनों की अहम भूमिका होती है। इससे बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ता है, नेतृत्व क्षमता का विकास होता है तथा उनमें संस्कार और अनुशासन की भावना मजबूत होती है।प्रबंधक श्री उपाध्याय ने सभी अभिभावकों एवं क्षेत्रवासियों से अपील करते हुए कहा कि अधिक से अधिक संख्या में कार्यक्रम में पहुंचकर बच्चों का मनोबल बढ़ाएं और उन्हें आगे बढ़ने की प्रेरणा दें। उन्होंने विश्वास जताया कि सभी के सहयोग से यह वार्षिक उत्सव समारोह ऐतिहासिक, भव्य एवं प्रेरणादायक सिद्ध होगा। विद्यालय परिवार की ओर से कार्यक्रम की तैयारियां अंतिम चरण में हैं और आयोजन को सफल बनाने के लिए शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों द्वारा दिन-रात मेहनत की जा रही है।1