रवि रावत की रिपोर्ट लोकेशन फतेहपुर *किशोर नहर में लापता, 24 घंटे बाद भी सुराग नहीं बाराबंकी में होली के बाद नहाने गया था अर्जुन SDRF टीम जुटी* बाराबंकी के फतेहपुर थाना क्षेत्र में शारदा सहायक नहर में लापता हुए 17 वर्षीय किशोर अर्जुन कुमार गौतम की तलाश जारी रही। घटना के लगभग 24 घंटे बीत जाने के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिल सका है, जिससे परिजनों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है। अर्जुन बुधवार को होली खेलने के बाद अपने दोस्तों के साथ नहर में नहाने गया था। उसके लापता होने की सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्काल तलाश अभियान शुरू कर दिया था। गुरुवार को खोजबीन तेज कर दी गई। इस दौरान राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) की टीम को भी मौके पर बुलाया गया। एसडीआरएफ की टीम स्थानीय गोताखोरों की मदद से शारदा सहायक नहर में लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है। टीम नहर के तेज बहाव और गहराई को देखते हुए कई स्थानों पर जाल डालकर और गोताखोरों को पानी में उतारकर तलाश कर रही है। घटनास्थल पर सुबह से ही परिजनों सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद हैं। हर गुजरते घंटे के साथ परिजनों की बेचैनी बढ़ती जा रही है। मां और परिवार के अन्य सदस्य रो-रोकर बेसुध हैं, वहीं पिता बेटे के मिलने की उम्मीद में नहर किनारे टकटकी लगाए खड़े हैं। कोतवाल अमित सिंह ने बताया कि नहर का बहाव तेज होने के कारण खोज अभियान में कठिनाई आ रही है, फिर भी एसडीआरएफ टीम और गोताखोर लगातार प्रयास कर रहे हैं। दोपहर तक चले अभियान के बावजूद किशोर का कोई पता नहीं चल सका है। घटना के बाद से पूरे गांव में गम और चिंता का माहौल बना हुआ है।
रवि रावत की रिपोर्ट लोकेशन फतेहपुर *किशोर नहर में लापता, 24 घंटे बाद भी सुराग नहीं बाराबंकी में होली के बाद नहाने गया था अर्जुन SDRF टीम जुटी* बाराबंकी के फतेहपुर थाना क्षेत्र में शारदा सहायक नहर में लापता हुए 17 वर्षीय किशोर अर्जुन कुमार गौतम की तलाश जारी रही। घटना के लगभग 24 घंटे बीत जाने के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिल सका है, जिससे परिजनों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है। अर्जुन बुधवार को होली खेलने के बाद अपने दोस्तों के साथ नहर में नहाने गया था। उसके लापता होने की सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्काल तलाश अभियान शुरू कर दिया था। गुरुवार को खोजबीन तेज कर दी गई। इस दौरान राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) की टीम को भी मौके पर बुलाया गया। एसडीआरएफ की टीम स्थानीय गोताखोरों की मदद से शारदा सहायक नहर में लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है। टीम नहर के तेज बहाव और गहराई को देखते हुए कई स्थानों पर जाल डालकर और गोताखोरों को पानी में उतारकर तलाश कर रही है। घटनास्थल पर सुबह से ही परिजनों सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद हैं। हर गुजरते घंटे के साथ परिजनों की बेचैनी बढ़ती जा रही है। मां और परिवार के अन्य सदस्य रो-रोकर बेसुध हैं, वहीं पिता बेटे के मिलने की उम्मीद में नहर किनारे टकटकी लगाए खड़े हैं। कोतवाल अमित सिंह ने बताया कि नहर का बहाव तेज होने के कारण खोज अभियान में कठिनाई आ रही है, फिर भी एसडीआरएफ टीम और गोताखोर लगातार प्रयास कर रहे हैं। दोपहर तक चले अभियान के बावजूद किशोर का कोई पता नहीं चल सका है। घटना के बाद से पूरे गांव में गम और चिंता का माहौल बना हुआ है।
- रवि रावत की रिपोर्ट लोकेशन फतेहपुर *किशोर नहर में लापता, 24 घंटे बाद भी सुराग नहीं बाराबंकी में होली के बाद नहाने गया था अर्जुन SDRF टीम जुटी* बाराबंकी के फतेहपुर थाना क्षेत्र में शारदा सहायक नहर में लापता हुए 17 वर्षीय किशोर अर्जुन कुमार गौतम की तलाश जारी रही। घटना के लगभग 24 घंटे बीत जाने के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिल सका है, जिससे परिजनों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है। अर्जुन बुधवार को होली खेलने के बाद अपने दोस्तों के साथ नहर में नहाने गया था। उसके लापता होने की सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्काल तलाश अभियान शुरू कर दिया था। गुरुवार को खोजबीन तेज कर दी गई। इस दौरान राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) की टीम को भी मौके पर बुलाया गया। एसडीआरएफ की टीम स्थानीय गोताखोरों की मदद से शारदा सहायक नहर में लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है। टीम नहर के तेज बहाव और गहराई को देखते हुए कई स्थानों पर जाल डालकर और गोताखोरों को पानी में उतारकर तलाश कर रही है। घटनास्थल पर सुबह से ही परिजनों सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद हैं। हर गुजरते घंटे के साथ परिजनों की बेचैनी बढ़ती जा रही है। मां और परिवार के अन्य सदस्य रो-रोकर बेसुध हैं, वहीं पिता बेटे के मिलने की उम्मीद में नहर किनारे टकटकी लगाए खड़े हैं। कोतवाल अमित सिंह ने बताया कि नहर का बहाव तेज होने के कारण खोज अभियान में कठिनाई आ रही है, फिर भी एसडीआरएफ टीम और गोताखोर लगातार प्रयास कर रहे हैं। दोपहर तक चले अभियान के बावजूद किशोर का कोई पता नहीं चल सका है। घटना के बाद से पूरे गांव में गम और चिंता का माहौल बना हुआ है।1
- *गाजियाबाद के ट्रांस हिंडन में होली पर मारपीट* 🔹 बीजेपी नेता के साथ अज्ञात लोगों ने की मारपीट, पुलिस ने 14 दिन की जांच के बाद मुकदमा दर्ज करने का दिया आश्वासन गाजियाबाद के ट्रांस हिंडन में होली पर बीजेपी नेता नवनीत शर्मा के साथ अज्ञात लोगों ने मारपीट की। नवनीत शर्मा का आरोप है कि पुलिस शिकायत पर कार्रवाई नहीं कर रही है। पुलिस का कहना है कि 14 दिन की जांच के बाद मुकदमा दर्ज होगा ¹।1
- बाराबंकी के निदूरा ब्लॉक के कुर्सी, टिकैतगंज कस्बे में बुधवार को ऐतिहासिक पंचमुखी महादेव परिसर से होली का पारंपरिक चाचर जुलूस निकाला गया। इस जुलूस में बच्चों, युवाओं, बुजुर्गों सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु और स्थानीय नागरिक शामिल हुए। यह जुलूस पंचमुखी महादेव परिसर से शुरू होकर टिकैतगंज, बसरा, जुम्मनपुरवा, बाबापरमहंस, कुंडवा, मोहसंड होते हुए वापस पंचमुखी महादेव मंदिर परिसर में शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। ढोल-नगाड़ों और डीजे की धुन पर झूमते हुए लोगों ने एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएं दीं। पारंपरिक गीतों और होली के फाग ने माहौल को जीवंत बना दिया। जुलूस मार्ग पर जगह-जगह स्थानीय व्यापारियों और नागरिकों ने जुलूस में शामिल लोगों का स्वागत किया। उन्होंने पानी और गुलाल की व्यवस्था भी की।1
- बहुजन नायक नॉलेज ऑफ सिंबल डॉ बाबा साहब अंबेडकर जी को आगे बढ़ाने में माता रमाबाई अंबेडकर जी का बहुत ही बड़ा योगदान रहा है ।1
- *देवा शरीफ में हिंदू-मुस्लिम एकता की होली* 🔹 सवा सौ साल पुरानी परंपरा कायम, गूंजा 'जो रब है वही राम' का पैगाम उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में स्थित देवा शरीफ में हिंदू-मुस्लिम एकता की अनूठी होली खेली गई। सूफी संत हाजी वारिस अली शाह की दरगाह पर सवा सौ साल पुरानी परंपरा का निर्वहन करते हुए हिंदू-मुस्लिम समुदाय के लोगों ने एक साथ मिलकर होली खेली और एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाया ¹ ² ³। क्या आप जानना चाहेंगे कि देवा शरीफ की इस अनूठी होली के पीछे की कहानी क्या है या कैसे यह परंपरा शुरू हुई?1
- अमेरिकी-इज़राइली हमलों का हमारी सरहदों के करीब, हिंद महासागर तक पहुँचना देशवासियों के लिए चिंता का विषय है और इन अर्थों में बेहद चिंतनीय भी कि इस गंभीर विषय पर भाजपा सरकार ने अभूतपूर्व चुप्पी साध रखी है। स्पष्ट किया जाए कि इसे ‘चुप्पी’ माना जाए या किसी विशेष भय के कारण इसे ‘घिग्घी बँधना’ माना जाए। भाजपा सरकार की ऐसी क्या मजबूरी है कि उनके होंठ किसी ने सिल दिये हैं। जनता पूछ रही है कि आपका कौन सा पत्ता दबा है? एक अंतरराष्ट्रीय मुद्दा होने के नाते ये देश की सरकार, विदेश मंत्रालय डिफेंस मिनिस्टरी का संयुक्त दायित्व बनता है कि उसे अपना पक्ष स्पष्ट करना चाहिए, परंतु कई दिनों की प्रतीक्षा के बाद भी सरकार द्वारा मुँह न खोलने पर, इस वैश्विक मुद्दे पर विपक्ष को मजबूर होकर बोलना पड़ रहा है। इस संकटकाल में सरकार आगे आए और देश की जल, थल, वायु सीमाओं की रक्षा सुनिश्चित करे। जो भाजपा सरकार कुछ कह भी नहीं रही है; वो करेगी क्या, ये सोचकर देशवासी परेशान हैं। भाजपा ने जनता का विश्वास खो दिया है। ऐसा लग रहा है कि देश में सरकार नाम की कोई चीज़ ही नहीं है। भाजपा सरकार अपनी नाकामियों से लोगों का ध्यान भटकाने के लिए अस्पष्ट नीति अपनाने का तरीक़ा ढूँढ रही है, जिससे लोग अटकलों में ही उलझे रहें। भाजपाई आगामी संसद सत्र में भी ऐसा कोई विवादास्पद विषय ज़रूर उठाएंगे, जिससे भाजपा सरकार की विफलताओं पर बात ही न हो सके। देश के लिए ये समय ‘सरकार-शून्यता’ का काल है।1
- पेट्रोल-डीजल की जमाखोरी पर बढ़ी चिंता हाल के दिनों में अफवाहों और संभावित किल्लत की आशंका के चलते कई जगहों पर लोग घबराकर बड़ी मात्रा में पेट्रोल और डीजल खरीदते नजर आ रहे हैं। इस बीच सवाल उठ रहा है कि क्या आम नागरिकों द्वारा पेट्रोल पंप से हजारों लीटर ईंधन खरीदकर टैंकों या कंटेनरों में भरकर रखना कानूनी है। विशेषज्ञों के अनुसार पेट्रोल और डीजल अत्यधिक ज्वलनशील पदार्थ हैं। पेट्रोलियम नियमों के तहत आम नागरिकों को सीमित मात्रा में ही ईंधन कंटेनर में ले जाने की अनुमति होती है। बड़ी मात्रा में पेट्रोल या डीजल का भंडारण करने के लिए विशेष लाइसेंस और सुरक्षा मानकों का पालन करना जरूरी होता है। बिना अनुमति हजारों लीटर ईंधन जमा करना न सिर्फ नियमों के खिलाफ हो सकता है, बल्कि इससे आग लगने जैसी गंभीर दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ जाता है। सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि रिहायशी इलाकों में बड़ी मात्रा में पेट्रोल या डीजल जमा करना बेहद खतरनाक साबित हो सकता है। किसी भी छोटी चिंगारी या लापरवाही से भीषण आग लग सकती है, जिससे जान-माल का भारी नुकसान हो सकता है। प्रशासन और अग्निशमन विभाग भी लोगों से अपील कर रहे हैं कि घबराहट में ईंधन की अनावश्यक जमाखोरी न करें और सुरक्षा नियमों का पालन करें। जरूरत के अनुसार ही पेट्रोल-डीजल खरीदें ताकि किसी भी संभावित हादसे से बचा जा सके।1
- रवि रावत की रिपोर्ट लोकेशन फतेहपुर फतेहपुर बाराबंकी के अहमदपुर गुडौली गांव के पास बुधवार को एक सड़क हादसे में दो युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। अहमदपुर गुडौली निवासी कुलदीप वर्मा और ज्ञान सिंह मोटरसाइकिल से अपने घर लौट रहे थे, तभी उनकी बाइक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे गिर पड़ी। घटना के बाद मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने तत्काल परिजनों को सूचना दी। परिजन घायलों को उपचार के लिए फतेहपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए। प्राथमिक उपचार के दौरान कुलदीप वर्मा की हालत गंभीर पाई गई, जिसके बाद डॉक्टरों ने उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया। ज्ञान सिंह को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। हादसे की खबर फैलते ही गांव में चिंता का माहौल बन गया है। परिजन कुलदीप वर्मा के बेहतर उपचार के लिए जिला अस्पताल में चिकित्सकों के संपर्क में हैं। ग्रामीणों का कहना है कि गांव के पास सड़क पर अक्सर तेज रफ्तार और असंतुलन के कारण दुर्घटनाएं होती रहती हैं। उन्होंने प्रशासन से सड़क सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने और चेतावनी संकेत लगाने की मांग की है। फिलहाल, कुलदीप वर्मा का जिला अस्पताल में इलाज जारी है, जबकि ज्ञान सिंह को घर भेज दिया गया है। पुलिस को घटना की सूचना1