देवरिया के सिविल लाइन स्थित एक रेस्टोरेंट में आयोजित प्रेसवार्ता में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव एवं पूर्व विधायक सुभाष चंद्र श्रीवास्तव ने छात्र आंदोलन के समर्थन में आवाज उठाई। उन्होंने 20 जुलाई को दिल्ली में संसद मार्च के दौरान प्रदर्शनकारी छात्र-छात्राओं पर हुई पुलिस कार्रवाई और लाठीचार्ज की कड़ी आलोचना की। सपा नेता ने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे युवाओं पर निष्ठुरता से बल प्रयोग किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र घायल हुए और कई को हिरासत में ले लिया गया। उन्होंने 20 जुलाई की घटना को भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में एक काला अध्याय करार दिया और दावा किया कि प्रदर्शन के दौरान छात्राओं के साथ अभद्र व्यवहार भी किया गया, जिसके वीडियो सामने आ रहे हैं। प्रेसवार्ता के दौरान सपा नेता ने जंतर-मंतर से पर्यावरणविद् सोनम वांगचुक को हटाए जाने की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि इससे देशभर के युवाओं में आक्रोश बढ़ा और वे संसद मार्च में स्वतः शामिल हुए। उन्होंने आरोप लगाया कि 22 जुलाई को सादे कपड़ों में मौजूद कुछ लोगों ने छात्रों और पुलिसकर्मियों पर लाठीचार्ज किया। सुभाष चंद्र श्रीवास्तव ने सवाल उठाया कि सादे वेश में डंडे लेकर हमला करने वाले ये लोग कौन थे? उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा और आरएसएस ने अपने लोगों को सादे कपड़ों में भेजकर आंदोलन को प्रभावित करने की कोशिश की है। उन्होंने इस व्यवस्था की तुलना जर्मनी में हिटलर की निजी पुलिस से करते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। सपा नेता ने बताया कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव, सांसद डिंपल यादव समेत समाजवादी पार्टी के सांसदों ने छात्र-छात्राओं के समर्थन में प्रमुखता से आवाज उठाई है, जिसकी देशभर में सराहना हो रही है। केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने मांग की कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने पदों से तुरंत इस्तीफा दें। इसके साथ ही उन्होंने हिरासत में लिए गए सभी छात्र-छात्राओं और पर्यावरणविद् सोनम वांगचुक को सम्मानपूर्वक रिहा करने की मांग की।
देवरिया के सिविल लाइन स्थित एक रेस्टोरेंट में आयोजित प्रेसवार्ता में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय सचिव एवं पूर्व विधायक सुभाष चंद्र श्रीवास्तव ने छात्र आंदोलन के समर्थन में आवाज उठाई। उन्होंने 20 जुलाई को दिल्ली में संसद मार्च के दौरान प्रदर्शनकारी छात्र-छात्राओं पर हुई पुलिस कार्रवाई और लाठीचार्ज की कड़ी आलोचना की। सपा नेता ने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे युवाओं पर निष्ठुरता से बल प्रयोग किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में छात्र घायल हुए और कई को हिरासत
में ले लिया गया। उन्होंने 20 जुलाई की घटना को भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में एक काला अध्याय करार दिया और दावा किया कि प्रदर्शन के दौरान छात्राओं के साथ अभद्र व्यवहार भी किया गया, जिसके वीडियो सामने आ रहे हैं। प्रेसवार्ता के दौरान सपा नेता ने जंतर-मंतर से पर्यावरणविद् सोनम वांगचुक को हटाए जाने की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि इससे देशभर के युवाओं में आक्रोश बढ़ा और वे संसद मार्च में स्वतः शामिल हुए। उन्होंने आरोप लगाया कि 22 जुलाई
को सादे कपड़ों में मौजूद कुछ लोगों ने छात्रों और पुलिसकर्मियों पर लाठीचार्ज किया। सुभाष चंद्र श्रीवास्तव ने सवाल उठाया कि सादे वेश में डंडे लेकर हमला करने वाले ये लोग कौन थे? उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा और आरएसएस ने अपने लोगों को सादे कपड़ों में भेजकर आंदोलन को प्रभावित करने की कोशिश की है। उन्होंने इस व्यवस्था की तुलना जर्मनी में हिटलर की निजी पुलिस से करते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। सपा नेता ने बताया कि पार्टी
के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव, सांसद डिंपल यादव समेत समाजवादी पार्टी के सांसदों ने छात्र-छात्राओं के समर्थन में प्रमुखता से आवाज उठाई है, जिसकी देशभर में सराहना हो रही है। केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने मांग की कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए अपने पदों से तुरंत इस्तीफा दें। इसके साथ ही उन्होंने हिरासत में लिए गए सभी छात्र-छात्राओं और पर्यावरणविद् सोनम वांगचुक को सम्मानपूर्वक रिहा करने की मांग की।
- उत्तर प्रदेश के देवरिया स्थित बीआरडी पीजी कॉलेज परिसर में समाजवादी छात्र सभा ने मौलाना मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय के समर्थन में व्यापक हस्ताक्षर अभियान चलाया। प्रदेश अध्यक्ष विनीत कुशवाहा के निर्देशन में आयोजित इस अभियान में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया और विश्वविद्यालय को बचाने के साथ-साथ शिक्षा संस्थानों की गरिमा तथा स्वायत्तता बनाए रखने के पक्ष में अपना समर्थन दर्ज कराया। समाजवादी छात्र सभा के जिलाध्यक्ष मनोज यादव ने कहा कि शिक्षा के मंदिरों को विवाद और विध्वंस का नहीं, बल्कि संरक्षण और विकास का विषय बनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि छात्र सभा विश्वविद्यालय पर प्रस्तावित बुलडोजर कार्रवाई का विरोध करती है और इस लोकतांत्रिक हस्ताक्षर अभियान के जरिए अपनी बात सरकार तक पहुंचाना चाहती है। उन्होंने मांग की कि विश्वविद्यालय के भविष्य और वहां अध्ययनरत विद्यार्थियों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए। अभियान में समाजवादी युवजन सभा के जिलाध्यक्ष रणवीर यादव, यूथ ब्रिगेड के जिलाध्यक्ष खुर्शीद आलम अंसारी, सलोवा के जिलाध्यक्ष दिव्यांश श्रीवास्तव, हरिओम लाला, बलवंत, धीरज कुमार, विकास यादव, अंकुल, अभिषेक, रवि यादव, बिट्टू, दिलीप, प्रेम और दुर्गेश कुमार सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।1
- छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सरकार बड़ा कदम उठाने जा रही है। पेपर लीक की घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से जल्द ही एक सख्त कानून बनाया जाएगा। इस व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए सरकार संसद में एक नया बिल पेश करने जा रही है, ताकि युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले असामाजिक तत्वों पर कड़ा प्रहार किया जा सके।1
- जंतर-मंतर पर बच्चों के ऊपर लाठियां बरसाना पूरी तरह से गलत है। बच्चों पर इस तरह से लाठीचार्ज करने की कार्रवाई बिल्कुल अनुचित और गलत है।1
- देवरिया के बरहज विधानसभा क्षेत्र में जनहित के विभिन्न मुद्दों को लेकर मोहाव काली मंदिर के पास 21 जुलाई से चल रही क्रमिक भूख हड़ताल उपजिलाधिकारी (एसडीएम) बरहज के आश्वासन के बाद समाप्त हो गई है। समाजवादी पार्टी के नेता विजय रावत ने प्रशासनिक स्तर पर मांगें पूरी करने का भरोसा मिलने के बाद अपनी हड़ताल खत्म की। सपा नेता विजय रावत बरहज-सोनू घाट मार्ग के गड्ढों की मरम्मत, मोहन सेतु के निर्माण हेतु धन आवंटित कराने, नगर पालिका बरहज के वार्ड संख्या-24 स्थित लंगड़ा पोल की स्ट्रीट लाइट ठीक कराने और परसिया विशुनपुर देवार में हो रहे कटान को रोकने की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। उन्होंने बताया कि पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा सड़क के गड्ढों की मरम्मत के लिए गिट्टी गिरा दी गई है और स्ट्रीट लाइट को 24 घंटे के भीतर ठीक कराने का आश्वासन मिला है। इसके अलावा अन्य सभी मांगों को शासन को भेजकर जल्द पूरा कराने का भरोसा एसडीएम द्वारा दिया गया है। इस दौरान समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष व्यास यादव ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि प्रदेश में भ्रष्टाचार चरम पर है और सरकार की कथनी और करनी में बड़ा अंतर है। उन्होंने कहा कि बरहज-सोनू घाट मार्ग वर्षों से बदहाल पड़ा है और सरकार वादों को धरातल पर लागू करने में विफल रही है। विजय रावत ने चेतावनी दी कि यदि तय समय सीमा के भीतर मांगों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई तो पार्टी व्यापक जन आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी। इस अवसर पर बाबूलाल यादव, रामबचन सिंह यादव, गुड्डू यादव, विकास यादव और दिनेश कुमार सहित बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता मौजूद रहे।2
- सन्त कबीर आध्यात्मिक मिशन एंड चेरिटेबल फाउंडेशन ट्रस्ट का बैंक खाता विवरण साझा किया गया है। इस विवरण के अनुसार, खाताधारक का नाम 'सन्त कबीर आध्यात्मिक मिशन एंड चेरिटेबल फाउंडेशन' (SANT KABIR ADHYATAMIK MISSION AND CHARITABLE FOUNDATION) है। ट्रस्ट का खाता संख्या 259936572400 है और इसका आईएफएससी कोड INDU0000790 है।1
- देवरिया पुलिस अधीक्षक अभिजीत आर. शंकर के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी आनंद कुमार पाण्डेय के निर्देशन तथा क्षेत्राधिकारी नगर संजय कुमार रेड्डी के पर्यवेक्षण में थाना कोतवाली पुलिस ने सोनूघाट-महुआनी अहिल्यापुर लिंक रोड के पास से सुनील यादव (24 वर्ष) को गिरफ्तार किया है। बरवा गोरस्थान निवासी सुनील को संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों की चेकिंग के दौरान मुखबिर की सूचना पर पकड़ा गया। पुलिस ने उसके कब्जे से 315 बोर के दो अवैध देशी तमंचे बरामद किए हैं। मामले में थाना कोतवाली में मु0अ0सं0-477/2026 के तहत धारा 3/25 आयुध अधिनियम में मुकदमा दर्ज कर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार अभियुक्त के विरुद्ध पूर्व में भी थाना कोतवाली में अपहरण, दुष्कर्म एवं अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज है। इस गिरफ्तारी को अंजाम देने वाली पुलिस टीम में उपनिरीक्षक विनय कुमार सिंह, कांस्टेबल मनीष गिरी, कांस्टेबल कविन्द्र सिंह और कांस्टेबल आदित्य पटेल शामिल रहे।2
- देवरिया के भलुअनी थाना पुलिस ने पुलिस अधीक्षक अभिजीत आर. शंकर के निर्देशन में चलाए जा रहे अपराधियों एवं वारंटियों की गिरफ्तारी अभियान के तहत एक वारंटी को गिरफ्तार किया है। अपर पुलिस अधीक्षक (दक्षिणी) सुनील सिंह के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी बरहज राजेश चतुर्वेदी के पर्यवेक्षण में कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने अभियुक्त को उसके घर से गिरफ्तार किया। पकड़े गए वारंटी की पहचान कुवर प्रताप, पुत्र प्रहलाद सिंह, निवासी भलुअनी, थाना भलुअनी के रूप में हुई है। न्यायालय अपर प्रधान न्यायाधीश, कक्ष संख्या-03, देवरिया द्वारा 'रंजना बनाम कुवर' वाद में जारी भरण-पोषण वारंट के अनुपालन में यह कार्रवाई की गई है। गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम में भलुअनी थाने की महिला उपनिरीक्षक ज्योति और कांस्टेबल अरविन्द यादव शामिल रहे। पुलिस के अनुसार गिरफ्तार अभियुक्त के विरुद्ध नियमानुसार अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।2