स्टेट कराटे चैंपियनशिप में बाहुल्य, उद्विक, ध्रुव का गोल्ड नेशनल के लिए चयन। जयपुर में 8 से 10 मई 2026 तक आयोजित राजस्थान स्टेट कराटे चैंपियनशिप 2026 में झालावाड़ जिले के 29 खिलाड़ियों ने भाग लेते हुए शानदार प्रदर्शन किया। खिलाड़ियों ने उत्कृष्ट खेल का प्रदर्शन करते हुए कुल 3 गोल्ड मेडल, 3 सिल्वर मेडल एवं 10 ब्रॉन्ज मेडल जीतकर जिले का नाम राज्य स्तर पर रोशन किया। खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन से पूरे जिले में खुशी का माहौल है। चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाले खिलाड़ियों का चयन आगामी जून माह में देहरादून, उत्तराखंड में आयोजित होने वाली नेशनल कराटे चैंपियनशिप 2026 के लिए किया गया है, जो झालावाड़ जिले के लिए गर्व की बात है। पदक विजेता खिलाड़ी इस प्रकार रहे। 🥇 गोल्ड मेडल बाहुल्य जैन, ध्रुव वर्मा, उद्विक सिंह सोलंकी। 🥈 सिल्वर मेडल दर्शी सेन, भुविका राठौड़, दर्विका तिलकर। 🥉 ब्रॉन्ज मेडल प्रांजल सोनी, निर्वी अग्रवाल, श्रीनिका नेमा, भाव्यांश यादव, विट्टल सोनी, मोहित सिंह, लक्ष्य जादौन, लोकाम्या वैष्णव,आराध्य गौतम, अनाया नागर। प्रतियोगिता में भाग लेने वाले खिलाड़ी भूमिजा शर्मा, आराध्या राठौर, निर्वी पाटीदार, हितांशी गौतम, शुभांगी भटनागर, आराध्य राठौर, चहल तिलकर, शादमा सदफ, हिमाक्ष मित्तल, राघव मालव, नक्श शर्मा, चंदन लोधा, लाविका जादौन। झालावाड़ की मुख्य कराटे कोच अनिता मालव ने बताया कि खिलाड़ियों ने इस राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए जिले की शानदार पहचान बनाई है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के लिए खिलाड़ियों का चयन होना पूरे जिले के लिए गौरव की बात है। इसी दौरान झालावाड़ के कराटे कोच रोहित यादव ने राष्ट्रीय रेफरी परीक्षा उत्तीर्ण कर राष्ट्रीय स्तर के रेफरी बनने की उपलब्धि हासिल की वही झालावाड़ के राष्ट्रीय रेफरी अंकित शर्मा ने प्रतियोगिता में रेफरी की भूमिका निभाई। इस सफलता पर खेल प्रेमियों एवं अभिभावकों में खुशी का माहौल है। सभी ने खिलाड़ियों एवं कोचों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। झालावाड़ की मुख्य कराते कोच अनिता मालव ने बताया कि आगामी जून माह में देहरादून, उत्तराखंड में आयोजित नेशनल कराटे चैंपियनशिप में झालावाड़ के तीन खिलाड़ी बाहुल्य जैन, उद्वित सिंह,सोलंकी ध्रुव वर्मा राजस्थान राज्य का प्रतिनिधित्व करेंगे।
स्टेट कराटे चैंपियनशिप में बाहुल्य, उद्विक, ध्रुव का गोल्ड नेशनल के लिए चयन। जयपुर में 8 से 10 मई 2026 तक आयोजित राजस्थान स्टेट कराटे चैंपियनशिप 2026 में झालावाड़ जिले के 29 खिलाड़ियों ने भाग लेते हुए शानदार प्रदर्शन किया। खिलाड़ियों ने उत्कृष्ट खेल का प्रदर्शन करते हुए कुल 3 गोल्ड मेडल, 3 सिल्वर मेडल एवं 10 ब्रॉन्ज मेडल जीतकर जिले का नाम राज्य स्तर पर रोशन किया। खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन से पूरे जिले में खुशी का माहौल है। चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाले खिलाड़ियों का चयन आगामी जून माह में देहरादून, उत्तराखंड में आयोजित होने वाली नेशनल कराटे चैंपियनशिप 2026 के लिए किया गया है, जो झालावाड़ जिले के
लिए गर्व की बात है। पदक विजेता खिलाड़ी इस प्रकार रहे। 🥇 गोल्ड मेडल बाहुल्य जैन, ध्रुव वर्मा, उद्विक सिंह सोलंकी। 🥈 सिल्वर मेडल दर्शी सेन, भुविका राठौड़, दर्विका तिलकर। 🥉 ब्रॉन्ज मेडल प्रांजल सोनी, निर्वी अग्रवाल, श्रीनिका नेमा, भाव्यांश यादव, विट्टल सोनी, मोहित सिंह, लक्ष्य जादौन, लोकाम्या वैष्णव,आराध्य गौतम, अनाया नागर। प्रतियोगिता में भाग लेने वाले खिलाड़ी भूमिजा शर्मा, आराध्या राठौर, निर्वी पाटीदार, हितांशी गौतम, शुभांगी भटनागर, आराध्य राठौर, चहल तिलकर, शादमा सदफ, हिमाक्ष मित्तल, राघव मालव, नक्श शर्मा, चंदन लोधा, लाविका जादौन। झालावाड़ की मुख्य कराटे कोच अनिता मालव ने बताया कि खिलाड़ियों ने इस राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए जिले की शानदार पहचान बनाई है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के लिए खिलाड़ियों
का चयन होना पूरे जिले के लिए गौरव की बात है। इसी दौरान झालावाड़ के कराटे कोच रोहित यादव ने राष्ट्रीय रेफरी परीक्षा उत्तीर्ण कर राष्ट्रीय स्तर के रेफरी बनने की उपलब्धि हासिल की वही झालावाड़ के राष्ट्रीय रेफरी अंकित शर्मा ने प्रतियोगिता में रेफरी की भूमिका निभाई। इस सफलता पर खेल प्रेमियों एवं अभिभावकों में खुशी का माहौल है। सभी ने खिलाड़ियों एवं कोचों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। झालावाड़ की मुख्य कराते कोच अनिता मालव ने बताया कि आगामी जून माह में देहरादून, उत्तराखंड में आयोजित नेशनल कराटे चैंपियनशिप में झालावाड़ के तीन खिलाड़ी बाहुल्य जैन, उद्वित सिंह,सोलंकी ध्रुव वर्मा राजस्थान राज्य का प्रतिनिधित्व करेंगे।
- झालरापाटन में भीषण गर्मी की चपेट में आने से नंदी महाराज बीमार और घायल हो गए हैं। उनकी बिगड़ती हालत देख स्थानीय लोग चिंतित हैं और उनके इलाज के लिए मदद की अपील कर रहे हैं।1
- दरा नाल के पास अनियंत्रित होकर खाई में गिरी कार, खराब सड़क बनी हादसे का कारण, बड़ा हादसा टला रामगंजमंडी में मोड़क थाना क्षेत्र के दरा नाल के पास एक कार अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे के दौरान कार में सवार लोग सुरक्षित बच गए, हालांकि वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। सूचना मिलने पर मौके पर मौजूद लोगों ने कार सवारों की मदद की और उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला। प्रत्यक्षदर्शियों से मिली जानकारी के अनुसार इंदौर निवासी पंकज जैन अपनी कार से कोटा से इंदौर की ओर जा रहे थे। दरा नाल के पास अचानक कार का संतुलन बिगड़ गया।1
- कोटा जिले से सटे बारां में एक दर्दनाक सड़क हादसे में काम से लौट रहे राकेश सहरिया की मौत हो गई। उनकी बाइक अचानक भैंस से टकरा गई, जिससे सिर में गंभीर चोट आने के कारण उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया।1
- पनवाड़ के बालचंद नागर नामक ट्रक ड्राइवर ने आरोप लगाया है कि कोरोना काल में धोखाधड़ी का शिकार हुए उनके ट्रक मामले में खानपुर पुलिस रिपोर्ट दर्ज नहीं कर रही है। उन्होंने कोटा व झालावाड़ पुलिस पर भ्रष्टाचार और उन्हें फंसाने की साजिश रचने का भी आरोप लगाया है।1
- छीपाबड़ौद क्षेत्र में अब शरीर और मन को लचीला बनाने का एक बेहद सरल तरीका उपलब्ध है। यह विधि इतनी आसान है कि कोई भी इसे सीखकर अपने जीवन में अपना सकता है। स्वस्थ रहने के लिए इस सरल तरीके को सीखने और साझा करने की अपील की गई है।1
- भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष अल्का मूंदड़ा ने छीपाबड़ौद में पार्टी पदाधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने आगामी समय में संगठन को और अधिक मजबूत करने पर जोर दिया। बैठक में मंडल अध्यक्ष समेत कई वरिष्ठ पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे।2
- झालावाड़ के धनवाड़ा स्थित मुख्यमंत्री पुनर्वास गृह में वृद्धजन, बेघर और दिव्यांगों के लिए रोटी बनाने वाली मशीन का उद्घाटन किया गया। इससे अब रसोई कर्मचारियों को बड़ी राहत मिलेगी और लाभार्थियों को गरमागरम रोटियां मिल सकेंगी, जो प्रेम व अपनत्व का प्रतीक है।1
- कोटा से रावतभाटा मार्ग पीडब्ल्यूडी की लापरवाही के कारण जानलेवा बन गया है। सड़क किनारे बर्म न होने और गहरे गड्ढे समतल न करने से लगातार दुर्घटनाओं का खतरा बना हुआ है। स्थानीय लोग प्रशासन की अनदेखी से परेशान हैं।2
- रामगंजमंडी के पीपल्दा गांव में बीती रात चोरों ने बालाजी मंदिर से तांबे की घंटी और कई कुओं से पानी की मोटरों की केबल चुराई। लगातार हो रही इन वारदातों से स्थानीय ग्रामीणों और किसानों में भय का माहौल है।1