*शिक्षा व्यवस्था पर कलेक्टर की पैनी नजर: स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों का किया गहन निरीक्षण* *बेहतर शिक्षा और सुरक्षित भविष्य पर फोकस: कलेक्टर ने विद्यालयों का किया निरीक्षण, प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए किया प्रेरित* *एमसीबी/01 अगस्त 2026/* कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी सुश्री संतन देवी जांगड़े ने मनेन्द्रगढ़ विकासखंड के विभिन्न शासकीय विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण कर शिक्षा व्यवस्था, विद्यार्थियों की उपस्थिति, आधारभूत सुविधाओं तथा आंगनबाड़ी सेवाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उनके साथ अपर कलेक्टर अनिल कुमार सिदार, डिप्टी कलेक्टर नेहा खलखो, डिप्टी कलेक्टर स्वप्निल वर्मा तथा कृषि विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे। कलेक्टर ने सबसे पहले शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पसौरी पहुंचकर छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों की उपस्थिति की जानकारी ली तथा संचालित टेस्ट परीक्षा का अवलोकन किया। उन्होंने विद्यार्थियों से आत्मीय संवाद करते हुए उनके भविष्य के लक्ष्य, कैरियर की योजनाओं एवं अध्ययन की तैयारी के बारे में जानकारी ली। इस दौरान डिप्टी कलेक्टर नेहा खलखो एवं स्वप्निल वर्मा ने विद्यार्थियों को छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (सीजीपीएससी) सहित अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी, अध्ययन की रणनीति तथा उपलब्ध अवसरों के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी देकर उन्हें उच्च लक्ष्य निर्धारित करने के लिए प्रेरित किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने विद्यालय की आधारभूत सुविधाओं का भी निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यालय के वॉशरूम की मरम्मत कराने तथा बाउंड्री वॉल निर्माण के लिए पंचायत स्तर पर आवश्यक प्रस्ताव तैयार कर शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। दौरे के अंतिम चरण में कलेक्टर ने डीएवी मुख्यमंत्री पब्लिक स्कूल एवं शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कछौड़ का निरीक्षण किया। डीएवी मुख्यमंत्री पब्लिक स्कूल में उन्होंने मुख्य द्वार, टेरेस, प्रयोगशाला एवं वॉशरूम की स्थिति का अवलोकन करते हुए आवश्यक मरम्मत एवं उन्नयन कार्यों के लिए प्रस्ताव तैयार कर शीघ्र कार्यवाही करने के निर्देश दिए। इसके पश्चात शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कछौड़ में कक्षा 9वीं, 10वीं, 11वीं एवं 12वीं के विद्यार्थियों और शिक्षकों की उपस्थिति, विद्यालय परिसर की स्वच्छता, वॉशरूम, कक्षाओं की व्यवस्था तथा शैक्षणिक गतिविधियों का विस्तृत निरीक्षण किया। इस दौरान कलेक्टर, अपर कलेक्टर एवं दोनों डिप्टी कलेक्टरों ने विद्यार्थियों से सीधा संवाद कर उनकी शैक्षणिक प्रगति, मानसिक एवं शारीरिक स्वास्थ्य तथा अध्ययन संबंधी चुनौतियों की जानकारी ली। उन्होंने विद्यार्थियों को स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित कर नियमित अध्ययन, अनुशासन एवं समय प्रबंधन के साथ परीक्षा की तैयारी करने की सलाह दी। साथ ही 12वीं के बाद उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं एवं विभिन्न कैरियर विकल्पों की जानकारी देकर उन्हें अपने भविष्य के प्रति गंभीर एवं जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने कछौड़ स्थित आंगनबाड़ी केंद्र का भी निरीक्षण किया। यहां उन्होंने पेयजल व्यवस्था, बच्चों की देखभाल, टीकाकरण, वजन मापन, पोषण ट्रैकिंग, पूरक पोषण आहार वितरण तथा भोजन व्यवस्था की विस्तार से जानकारी ली। उन्होंने बच्चों को गुणवत्तापूर्ण पोषण एवं स्वास्थ्य सेवाएं समय पर उपलब्ध कराने, केंद्र में स्वच्छता बनाए रखने तथा सभी शासकीय योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को दिए। कलेक्टर ने कहा कि विद्यालय और आंगनबाड़ी बच्चों के भविष्य की मजबूत नींव हैं। यहां शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और आधारभूत सुविधाओं की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि निरीक्षण के दौरान दिए गए सभी निर्देशों का समयबद्ध पालन सुनिश्चित किया जाए, ताकि विद्यार्थियों एवं नौनिहालों को बेहतर शैक्षणिक एवं पोषण संबंधी वातावरण उपलब्ध हो सके।
*शिक्षा व्यवस्था पर कलेक्टर की पैनी नजर: स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों का किया गहन निरीक्षण* *बेहतर शिक्षा और सुरक्षित भविष्य पर फोकस: कलेक्टर ने विद्यालयों का किया निरीक्षण, प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए किया प्रेरित* *एमसीबी/01 अगस्त 2026/* कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी सुश्री संतन देवी जांगड़े ने मनेन्द्रगढ़ विकासखंड के विभिन्न शासकीय विद्यालयों एवं आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण कर शिक्षा व्यवस्था, विद्यार्थियों की उपस्थिति, आधारभूत सुविधाओं तथा आंगनबाड़ी सेवाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उनके साथ अपर कलेक्टर अनिल कुमार सिदार, डिप्टी कलेक्टर नेहा खलखो, डिप्टी कलेक्टर स्वप्निल वर्मा तथा कृषि विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे। कलेक्टर ने सबसे पहले शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय पसौरी पहुंचकर छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों की उपस्थिति की जानकारी ली तथा संचालित टेस्ट परीक्षा का अवलोकन किया। उन्होंने विद्यार्थियों से आत्मीय संवाद करते हुए उनके भविष्य के लक्ष्य, कैरियर की योजनाओं
एवं अध्ययन की तैयारी के बारे में जानकारी ली। इस दौरान डिप्टी कलेक्टर नेहा खलखो एवं स्वप्निल वर्मा ने विद्यार्थियों को छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (सीजीपीएससी) सहित अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी, अध्ययन की रणनीति तथा उपलब्ध अवसरों के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी देकर उन्हें उच्च लक्ष्य निर्धारित करने के लिए प्रेरित किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने विद्यालय की आधारभूत सुविधाओं का भी निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यालय के वॉशरूम की मरम्मत कराने तथा बाउंड्री वॉल निर्माण के लिए पंचायत स्तर पर आवश्यक प्रस्ताव तैयार कर शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। दौरे के अंतिम चरण में कलेक्टर ने डीएवी मुख्यमंत्री पब्लिक स्कूल एवं शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कछौड़ का निरीक्षण किया। डीएवी मुख्यमंत्री पब्लिक स्कूल में उन्होंने मुख्य द्वार, टेरेस, प्रयोगशाला एवं वॉशरूम की स्थिति का अवलोकन करते हुए आवश्यक
मरम्मत एवं उन्नयन कार्यों के लिए प्रस्ताव तैयार कर शीघ्र कार्यवाही करने के निर्देश दिए। इसके पश्चात शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कछौड़ में कक्षा 9वीं, 10वीं, 11वीं एवं 12वीं के विद्यार्थियों और शिक्षकों की उपस्थिति, विद्यालय परिसर की स्वच्छता, वॉशरूम, कक्षाओं की व्यवस्था तथा शैक्षणिक गतिविधियों का विस्तृत निरीक्षण किया। इस दौरान कलेक्टर, अपर कलेक्टर एवं दोनों डिप्टी कलेक्टरों ने विद्यार्थियों से सीधा संवाद कर उनकी शैक्षणिक प्रगति, मानसिक एवं शारीरिक स्वास्थ्य तथा अध्ययन संबंधी चुनौतियों की जानकारी ली। उन्होंने विद्यार्थियों को स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित कर नियमित अध्ययन, अनुशासन एवं समय प्रबंधन के साथ परीक्षा की तैयारी करने की सलाह दी। साथ ही 12वीं के बाद उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं एवं विभिन्न कैरियर विकल्पों की जानकारी देकर उन्हें अपने भविष्य के प्रति गंभीर एवं जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने
कछौड़ स्थित आंगनबाड़ी केंद्र का भी निरीक्षण किया। यहां उन्होंने पेयजल व्यवस्था, बच्चों की देखभाल, टीकाकरण, वजन मापन, पोषण ट्रैकिंग, पूरक पोषण आहार वितरण तथा भोजन व्यवस्था की विस्तार से जानकारी ली। उन्होंने बच्चों को गुणवत्तापूर्ण पोषण एवं स्वास्थ्य सेवाएं समय पर उपलब्ध कराने, केंद्र में स्वच्छता बनाए रखने तथा सभी शासकीय योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को दिए। कलेक्टर ने कहा कि विद्यालय और आंगनबाड़ी बच्चों के भविष्य की मजबूत नींव हैं। यहां शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और आधारभूत सुविधाओं की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि निरीक्षण के दौरान दिए गए सभी निर्देशों का समयबद्ध पालन सुनिश्चित किया जाए, ताकि विद्यार्थियों एवं नौनिहालों को बेहतर शैक्षणिक एवं पोषण संबंधी वातावरण उपलब्ध हो सके।
- खोगापानी जनप्रतिनिधि व पार्षद सड़क पर गड्ढे को लेकर बहस - बहसी? ब्यूरो रिपोर्टर - राजकुमार विश्वकर्मा जिला - एम. सी. बी. मनेदगढ(छ. ग) आपको बता दे की एम. सी. बी. जिले के अंतर्गत कोयलांचल क्षेत्र खोगापानी मे शुक्रवार को नगर पंचायत खोगापानी के जनप्रतिनिधि व पार्षद सड़क पर गड्ढे को लेकर पार्षद मुख्य नगर पालिका अधिकारी से मुलाकात करने पहुंचे हुए थे इस विषय को लेकर मुख्य नगर पालिका अधिकारी ने पार्षद बहस - बहसी हो गये जिसको लेकर पाषर्द गढ़ नाराज हो गए और बीच सड़क पर धरने पर बैठ गए हैं जिससे मौके में नया तहसीलदार पहुंचे और उन्हें आश्वासन दी गई2
- ও সেপদ মন্ডল1
- दो शब्द आप बोलेंगे क्या वीडियो देख कर अगर मन हो तो दिल खोल के बोले 😅1
- दुनिया भर में कर्ज लेने में हमारा स्थान नंबर वन पहुंच गया है।1
- कहीं ना कहीं नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की बात मैं सच्चाई है।1
- हाथियों ने किसान का घर तोड़ा फसलों को रौंदा लगातार हाथी का उत्पात जारी है जनकपुर पार्क परिक्षेत्र के ग्राम ढाब में 12 हाथियों का उत्पात, एक मकान क्षतिग्रस्त, कई किसानों की फसल बर्बाद एमसीबी --- जिले के जनकपुर पार्क परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम ढाब में बुधवार, 30 जुलाई 2026 की रात लगभग 2 बजे 12 हाथियों के दल ने गांव में प्रवेश कर जमकर उत्पात मचाया। हाथियों के अचानक गांव में पहुंचने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और ग्रामीणों के सहयोग से हाथियों को सुरक्षित रूप से जंगल की ओर खदेड़ने में सफलता प्राप्त की। हाथियों के हमले में ग्राम ढाब निवासी विशाले सिंह, पिता जयदीन सिंह का एक मकान क्षतिग्रस्त हो गया। इसके अलावा गांव के कई किसानों की खेतों में खड़ी फसलों को भी हाथियों ने रौंद दिया, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। घटना के दौरान ग्रामीण पूरी रात भय और सतर्कता के बीच रहे। पार्क परिक्षेत्र अधिकारी शैलेश गुप्ता ने बताया कि 12 हाथियों का दल रात के समय जंगल से निकलकर गांव की ओर आ गया था। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। ग्रामीणों के सहयोग से सतर्कता एवं सुरक्षा के साथ हाथियों को पुनः जंगल की ओर खदेड़ दिया गया। उन्होंने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों का सर्वे कर नुकसान का आकलन किया जा रहा है तथा नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। वन विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि हाथियों की गतिविधियों की सूचना मिलते ही उनके निकट जाने का प्रयास न करें, न ही उन्हें उकसाएं। किसी भी आपात स्थिति में तुरंत वन विभाग को सूचना दें ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके। विभाग द्वारा हाथियों की गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखी जा रही है, जिससे भविष्य में जन-धन की हानि को रोका जा सके।3
- "महिलाओं के सम्मान पर सियासत गरम: केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी और सांसद कंगना रनौत के खिलाफ महिला कांग्रेस का उग्र प्रदर्शन, सार्वजनिक माफी की मांग" मनेंद्रगढ़/एमसीबी। महिलाओं के सम्मान और देश की बेटियों की गरिमा को लेकर राजनीतिक माहौल शुक्रवार को उस समय गर्मा गया, जब जिला महिला कांग्रेस ने केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी और भाजपा सांसद कंगना रनौत के विरोध में राजीव गांधी चौक, खेड़िया टॉकीज़ के पास प्रतीकात्मक पुतला दहन कर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान महिला कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने दोनों नेताओं के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोप लगाया कि महिलाओं और युवा पीढ़ी की बेटियों के संबंध में की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणियां न केवल असंवेदनशील हैं, बल्कि देश की आधी आबादी के सम्मान पर भी सीधा आघात हैं। प्रदर्शनकारियों ने दोनों नेताओं से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की। यह प्रदर्शन अखिल भारतीय महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष सुश्री अलका लाम्बा के निर्देश तथा छत्तीसगढ़ प्रदेश महिला कांग्रेस की कार्यवाहक अध्यक्ष श्रीमती संगीता सिन्हा के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में महिला कांग्रेस की पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने कहा कि जनप्रतिनिधियों के शब्द समाज में व्यापक प्रभाव छोड़ते हैं, इसलिए उनकी भाषा मर्यादित और जिम्मेदार होनी चाहिए। पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष प्रभा पटेल ने कहा कि महिलाओं का सम्मान किसी भी लोकतांत्रिक समाज की सबसे बड़ी पहचान है। उन्होंने कहा कि महिलाओं के संबंध में किसी भी प्रकार की अपमानजनक या असंवेदनशील टिप्पणी स्वीकार नहीं की जा सकती और महिला कांग्रेस ऐसे हर मुद्दे पर मुखर होकर आवाज उठाती रहेगी। पूर्व महिला कांग्रेस प्रदेश महामंत्री रुकमणी खोपरागढ़े ने आरोप लगाया कि भाजपा नेताओं के लगातार सामने आ रहे ऐसे बयान समाज में गलत संदेश दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान से जुड़े मामलों में राजनीतिक मतभेद से ऊपर उठकर संवेदनशीलता दिखाना आवश्यक है और संबंधित नेताओं को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए। जिला कांग्रेस महामंत्री पूनम सिंह ने कहा कि देश की बेटियों के आत्मसम्मान पर किसी भी प्रकार की टिप्पणी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि महिला कांग्रेस लोकतांत्रिक तरीके से संघर्ष जारी रखेगी और महिलाओं के सम्मान एवं अधिकारों की रक्षा के लिए हर स्तर पर आवाज उठाएगी। पूर्व जिला अध्यक्ष महिला कांग्रेस (शहर) रूमा चटर्जी ने कहा कि महिलाओं के सम्मान को ठेस पहुंचाने वाले किसी भी बयान का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध किया जाएगा। वहीं पूर्व जिला अध्यक्ष महिला कांग्रेस (ग्रामीण) निर्मला चतुर्वेदी ने कहा कि यह आंदोलन किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि महिलाओं के सम्मान और देश की बेटियों के स्वाभिमान की रक्षा के लिए है। प्रदर्शन में पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष शोभना वर्मा, पार्षद किरण कुजूर, पूर्व पार्षद हमीदा खातून, बबीता यादव, शशि चंदेल, नीलमां शामल, ममता रजक, सीता कली, दीपा सिंह, सरोज, ज्योति, शकीला बाला सहित बड़ी संख्या में महिला कांग्रेस की पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहीं।4
- बेलगाम रफ्तार का कहर: तेज़ रफ़्तार कार ने कई लोगों को रौंदा, शहर की यातायात व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल मनेन्द्रगढ़/एमसीबी। शुक्रवार शाम लगभग 5 बजे मनेन्द्रगढ़ शहर में तेज़ रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने का एक गंभीर मामला सामने आया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सीजी 16 बी 8323 नंबर की एक कार ने खेडिया टॉकीज के पास से लेकर मेन रोड मौहार पारा तक कई लोगों को लगातार टक्कर मार दी, जिससे कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और लोग घायलों की मदद के लिए दौड़ पड़े। बताया जा रहा है कि कार चालक अत्यधिक तेज गति से वाहन चला रहा था। जब तक लोग कुछ समझ पाते और वाहन को रोकने का प्रयास करते, तब तक चालक तेज़ी से मौके से फरार हो चुका था। इस घटना ने शहर की यातायात व्यवस्था और लापरवाह वाहन चालकों पर कार्रवाई को लेकर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि शहर की व्यस्त सड़कों पर आए दिन तेज रफ्तार वाहन लोगों की जान जोखिम में डाल रहे हैं, लेकिन प्रभावी निगरानी और कड़ी कार्रवाई के अभाव में ऐसे हादसे लगातार सामने आ रहे हैं। नागरिकों ने दोषी चालक की शीघ्र गिरफ्तारी, घायलों को समुचित उपचार तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सख्त यातायात व्यवस्था लागू करने की मांग की है। बहरहाल घायलों की संख्या और दुर्घटना के कारणों की आधिकारिक पुष्टि संबंधित पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।1