भोजपुर के आरा स्थित आरा ग्रैंड होटल में आयोजित "एक शाम श्री मंगलधाम के नाम" भजन संध्या में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने हिस्सा लेकर भजन-कीर्तन का आनंद लिया और पूरा परिसर जय श्रीराम के जयघोष से गूंज उठा। कार्यक्रम में परमपूज्य संत प्रदीप भैया जी महाराज के भजनों और प्रवचनों ने श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। संत प्रदीप भैया जी महाराज ने अपने प्रवचन के दौरान सनातन संस्कृति, परिवार की एकजुटता, मानव सेवा और धर्म रक्षा का संदेश दिया। उन्होंने देवघर में निर्माणाधीन श्री मंगलधाम और वहां स्थापित होने वाली 108 फीट की बजरंगबली प्रतिमा के निर्माण कार्य में सभी श्रद्धालुओं से सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह निर्माण आने वाली पीढ़ियों के लिए आध्यात्मिक प्रेरणा का केंद्र बनेगा। इस भव्य कार्यक्रम का उद्घाटन मंत्री संजय सिंह टाइगर और भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष संतोष पाठक सहित कई गणमान्य लोगों ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। कार्यक्रम के संयोजक गुड्डू सिंह बबुआन रहे, जबकि इसका संचालन कौशल विद्यार्थी ने किया। कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित श्रद्धालुओं के बीच महाप्रसाद का वितरण किया गया।
भोजपुर के आरा स्थित आरा ग्रैंड होटल में आयोजित "एक शाम श्री मंगलधाम के नाम" भजन संध्या में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने हिस्सा लेकर भजन-कीर्तन का आनंद लिया और पूरा परिसर जय श्रीराम के जयघोष से गूंज उठा। कार्यक्रम में परमपूज्य संत प्रदीप भैया जी महाराज के भजनों और प्रवचनों ने श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। संत प्रदीप भैया जी महाराज ने अपने प्रवचन के दौरान सनातन संस्कृति, परिवार की एकजुटता, मानव सेवा और धर्म रक्षा का संदेश दिया। उन्होंने देवघर में निर्माणाधीन श्री मंगलधाम और वहां स्थापित होने वाली 108 फीट की बजरंगबली प्रतिमा के निर्माण कार्य में सभी श्रद्धालुओं से सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह निर्माण आने वाली पीढ़ियों के लिए आध्यात्मिक प्रेरणा का केंद्र बनेगा। इस भव्य कार्यक्रम का उद्घाटन मंत्री संजय सिंह टाइगर और भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष संतोष पाठक सहित कई गणमान्य लोगों ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। कार्यक्रम के संयोजक गुड्डू सिंह बबुआन रहे, जबकि इसका संचालन कौशल विद्यार्थी ने किया। कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित श्रद्धालुओं के बीच महाप्रसाद का वितरण किया गया।
- बिहार के आरा में लगातार हुई बारिश के बाद कई सड़कें और मोहल्ले पूरी तरह जलमग्न हो गए हैं। इस भीषण जलजमाव के बीच आरा नगर निगम की चरमरा चुकी व्यवस्था पर डिप्टी मेयर के पति सरोज सिंह का एक बेहद चौंकाने वाला बयान सामने आया है, जो इस समय चर्चा का विषय बना हुआ है। सरोज सिंह ने सीधे तौर पर स्वीकार किया है कि नगर निगम में व्याप्त भ्रष्टाचार के आगे वे सब पूरी तरह बेबस हैं और वहां उनकी एक नहीं चल रही है। उन्होंने जनता से माफी मांगते हुए कहा, "नगर निगम में व्याप्त भ्रष्टाचार के आगे हम सब बेबस हैं। हमारी नहीं चल रही... जनता हमें माफ करे।" इस बयान के बाद अब यह बड़ा सवाल खड़ा हो गया है कि जब खुद जनप्रतिनिधि ही इस तरह बेबसी जाहिर कर रहे हैं, तो नगर निगम में फैले कथित भ्रष्टाचार पर आखिरकार कार्रवाई कौन करेगा और बेहाल शहरवासियों को इस जलजमाव की समस्या से कब तक राहत मिलेगी।1
- आरा शहर में रविवार को हुई मूसलाधार बारिश ने नगर निगम की लचर व्यवस्था की पोल खोल कर रख दी है। लगातार हुई तेज बारिश के कारण शहर के कई प्रमुख इलाकों में भारी जलजमाव हो गया है, जिससे आम लोगों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। नगर निगम की बेफिक्री के कारण स्थानीय लोगों में व्यवस्था के प्रति गहरा आक्रोश है। इस बारिश के चलते कर्मन टोला, बाबू बाजार, पकड़ी चौक और महिला कॉलेज रोड सहित कई मोहल्लों की सड़कें पूरी तरह पानी में डूब गई हैं। आलम यह है कि सड़क और नाले का अंतर पूरी तरह खत्म हो चुका है, जिससे पैदल यात्रियों, दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों के लिए आवागमन बेहद मुश्किल और जोखिम भरा हो गया है। कई स्थानों पर नालों का गंदा पानी सड़कों के ऊपर बह रहा है, जिसके कारण राहगीर इस दूषित पानी से होकर गुजरने के लिए मजबूर हैं। जलजमाव की इस बेहद खराब स्थिति से नाराज स्थानीय लोगों ने नगर निगम की जल निकासी व्यवस्था पर तीखे सवाल खड़े किए हैं। लोगों का कहना है कि हर साल बारिश के मौसम में यहां यही दुर्दशा बन जाती है, लेकिन प्रशासन द्वारा आज तक इसका कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला गया। परेशान नागरिकों ने नगर निगम से जलजमाव की समस्या का परमानेंट इलाज करने, नालों की नियमित सफाई सुनिश्चित करने और मानसून के दौरान त्वरित जल निकासी की व्यवस्था करने की पुरजोर मांग की है।3
- भोजपुर के आरा में पुलिस अधीक्षक के दिशा-निर्देशन में भोजपुर पुलिस ने बबुरा थाना अंतर्गत 'रामानुज गर्ल्स कोचिंग सेंटर' में एक विशेष जागरूकता अभियान चलाया। इस कार्यक्रम के दौरान छात्राओं को महिला सशक्तिकरण के अंतर्गत उनके कानूनी अधिकारों और आत्मरक्षा के तरीकों के प्रति जागरूक किया गया। इसके साथ ही, उन्हें वर्तमान समय की चुनौतियों जैसे—साइबर अपराध (ऑनलाइन फ्रॉड एवं सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग) के संबंध में भी विस्तृत जानकारी दी गई। इस दौरान बालिकाओं को किसी भी आपातकालीन स्थिति में तत्काल पुलिस की मदद लेने के लिए भी प्रेरित किया गया।3
- पटना के वरिष्ठतम चिकित्सक डॉ. हई का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें उन्होंने बांकीपुर के उपचुनाव में प्रशांत किशोर के लिए वोट करने की अपील की है। वीडियो में पटना के वरिष्ठ चिकित्सक प्रशांत किशोर के समर्थन में मतदान करने की बात कहते नजर आ रहे हैं।1
- आरा की प्रमुख जनसमस्याओं को लेकर तीखे सवाल खड़े किए गए हैं और पूछा गया है कि आखिर इन समस्याओं का जवाब देने वाला कौन है। नगर निगम पर बीजेपी का कब्जा होने के बावजूद आरा की लगातार हो रही उपेक्षा पर नाराजगी जताते हुए सवाल उठाया गया है कि सत्ता होने के बाद भी आरा को इस तरह उपेक्षित क्यों रखा गया है।1
- आरा के बड़ा बसंतपुर में स्थित सूर्य मंदिर घूमने के लिए लोगों को तुरंत यहाँ आने का आमंत्रण दिया गया है। इसे लेकर अत्यधिक प्रसन्नता व्यक्त की गई है और लोग बेहद खुश हैं कि उन्हें यह अवसर मिल रहा है।1
- बिहार के आरा में VKSU में राज्यपाल के दौरे के दौरान जमकर हाई वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। विश्वविद्यालय परिसर में राज्यपाल के आगमन पर AISA के छात्रों ने उन्हें काले झंडे दिखाकर अपना जोरदार विरोध दर्ज कराया। इस घटना के बाद पूरे विश्वविद्यालय परिसर में भारी हंगामे और बवाल की खबर सामने आई है। दूसरी तरफ, इस पूरे घटनाक्रम पर विश्वविद्यालय प्रशासन ने बिल्कुल अलग रुख अपनाया है। प्रशासन ने परिसर में किसी भी तरह की तोड़फोड़ होने और काले झंडे दिखाए जाने के दावों से साफ इनकार कर दिया है। इस दावे और इनकार के बीच आखिर सच क्या है, यह बड़ा सवाल बना हुआ है।1
- भोजपुर में साइबर अपराध पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से पुलिस द्वारा एक विशेष अभियान चलाया गया। पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार, साइबर क्राइम के पुलिस उपाधीक्षक के नेतृत्व में इसके लिए एक विशेष टीम का गठन किया गया है। इस टीम ने 19 जुलाई 2026 को आरा नगर और नवादा थाना क्षेत्रों में संचालित विभिन्न सिम वेंडरों और मोबाइल दुकानों की सघन जांच की। इस पुलिस अभियान का मुख्य उद्देश्य फर्जी दस्तावेजों के आधार पर सिम कार्डों की अवैध बिक्री को रोकना है। इसके साथ ही, पुलिस का लक्ष्य साइबर अपराधों में इस्तेमाल होने वाले सिम नेटवर्क पर पूर्णतः प्रतिबंध लगाना है ताकि इन अवैध गतिविधियों पर पूरी तरह लगाम कसी जा सके।2