किसान सभा जिला काउंसिल ने आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया इटावा, 13 जनवरी। खेती-किसानी पर गहराते संकट के लिए किसान सभा जिला काउंसिल ने सरकार की किसान विरोधी और पूंजीपति परस्त नीतियों को जिम्मेदार ठहराते हुए आंदोलन तेज करने का ऐलान किया है। बैठक में कहा गया कि सरकार खेती को पूरी तरह कॉरपोरेट के हवाले करने पर आमादा है और जनता का ध्यान भटकाने के लिए साम्प्रदायिकता व नफरत फैलाई जा रही है। मनरेगा का खात्मा, बिजली का निजीकरण, स्मार्ट मीटर, बीज विधेयक तथा कृषि व दुग्ध उत्पादों के क्षेत्र में विदेशी कंपनियों को बढ़ावा देने से किसान बर्बाद हो जाएंगे। बैठक का उद्घाटन मां लक्ष्मी देवी के स्मृति दिवस पर नगला बरी में आयोजित बैठक का उद्घाटन किसान सभा के राष्ट्रीय संयुक्त मंत्री एवं प्रांतीय सीपीआई महामंत्री कामरेड मुकुट सिंह ने किया। उन्होंने अपील की कि 16 जनवरी को देशव्यापी प्रतिरोध और 12 फरवरी को देशव्यापी आम हड़ताल का आयोजन संयुक्त किसान मोर्चा एवं केंद्रीय ट्रेड यूनियनों द्वारा किया जा रहा है, जिसे गांव-गांव तक प्रचार कर सफल बनाना होगा। संगठनात्मक लक्ष्य जिलामंत्री संतोष शाक्य ने लिखित रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए कहा कि वर्ष 2026 तक संगठन का लक्ष्य 40,000 सदस्यता और ₹1 लाख आंदोलन फंड जुटाना है। आगामी कार्यक्रम - 16 जनवरी: इटावा कचहरी और ताखा तहसील पर प्रतिरोध प्रदर्शन - 26 जनवरी: जिले में ट्रैक्टर परेड - 4 फरवरी: सरसईनावर में आम सभा (कामरेड शमशेर खां एवं मास्टर रघुनाथ सिंह की स्मृति में) - 11 मार्च: नगला ढकाऊ, ताखा में शहीदों के सम्मान में आम सभा स्थानीय मुद्दे काउंसिल ने चिंता जताई कि लगातार आंदोलनों के बावजूद ताखा में तैयार अस्पताल और आईटीआई का संचालन शुरू नहीं हुआ है। बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर बसों का संचालन, ताखा तहसील में अनाज मंडी और अन्य स्थानीय समस्याओं पर आंदोलन को और तेज करने का संकल्प लिया गया। विचार-विमर्श बैठक में एन.आर. यादव ने मनरेगा खत्म करने वाले कानून पर और डॉ. शौकीन सिंह ने बीज विधेयक पर आलेख प्रस्तुत किए। दोनों ने इन बिलों को किसान-मजदूर विरोधी बताया। नेतृत्व बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष राम बृजेश यादव ने की और संचालन जिलामंत्री संतोष शाक्य ने किया। उपाध्यक्ष रामवरन सिंह, शिवराम सिंह, पूर्व जिलाध्यक्ष विश्राम सिंह यादव, संयुक्त मंत्री संतोष राजपूत, विवेक यादव, राजेश्वरी यादव, वर्षा कठेरिया और दर्शना देवी ने भी अपने विचार रखे। बैठक का समापन श्रद्धांजलि के साथ किया गया। रजत यादव पत्रकार नव भारत संवाद इटावा
किसान सभा जिला काउंसिल ने आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया इटावा, 13 जनवरी। खेती-किसानी पर गहराते संकट के लिए किसान सभा जिला काउंसिल ने सरकार की किसान विरोधी और पूंजीपति परस्त नीतियों को जिम्मेदार ठहराते हुए आंदोलन तेज करने का ऐलान किया है। बैठक में कहा गया कि सरकार खेती को पूरी तरह कॉरपोरेट के हवाले करने पर आमादा है और जनता का ध्यान भटकाने के लिए साम्प्रदायिकता व नफरत फैलाई जा रही है। मनरेगा का खात्मा, बिजली का निजीकरण, स्मार्ट मीटर, बीज विधेयक तथा कृषि व दुग्ध उत्पादों के क्षेत्र में विदेशी कंपनियों को बढ़ावा देने से
किसान बर्बाद हो जाएंगे। बैठक का उद्घाटन मां लक्ष्मी देवी के स्मृति दिवस पर नगला बरी में आयोजित बैठक का उद्घाटन किसान सभा के राष्ट्रीय संयुक्त मंत्री एवं प्रांतीय सीपीआई महामंत्री कामरेड मुकुट सिंह ने किया। उन्होंने अपील की कि 16 जनवरी को देशव्यापी प्रतिरोध और 12 फरवरी को देशव्यापी आम हड़ताल का आयोजन संयुक्त किसान मोर्चा एवं केंद्रीय ट्रेड यूनियनों द्वारा किया जा रहा है, जिसे गांव-गांव तक प्रचार कर सफल बनाना होगा। संगठनात्मक लक्ष्य जिलामंत्री संतोष शाक्य ने लिखित रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए कहा कि वर्ष 2026 तक संगठन का लक्ष्य 40,000 सदस्यता और ₹1 लाख आंदोलन
फंड जुटाना है। आगामी कार्यक्रम - 16 जनवरी: इटावा कचहरी और ताखा तहसील पर प्रतिरोध प्रदर्शन - 26 जनवरी: जिले में ट्रैक्टर परेड - 4 फरवरी: सरसईनावर में आम सभा (कामरेड शमशेर खां एवं मास्टर रघुनाथ सिंह की स्मृति में) - 11 मार्च: नगला ढकाऊ, ताखा में शहीदों के सम्मान में आम सभा स्थानीय मुद्दे काउंसिल ने चिंता जताई कि लगातार आंदोलनों के बावजूद ताखा में तैयार अस्पताल और आईटीआई का संचालन शुरू नहीं हुआ है। बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर बसों का संचालन, ताखा तहसील में अनाज मंडी और अन्य स्थानीय समस्याओं पर आंदोलन को और तेज
करने का संकल्प लिया गया। विचार-विमर्श बैठक में एन.आर. यादव ने मनरेगा खत्म करने वाले कानून पर और डॉ. शौकीन सिंह ने बीज विधेयक पर आलेख प्रस्तुत किए। दोनों ने इन बिलों को किसान-मजदूर विरोधी बताया। नेतृत्व बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष राम बृजेश यादव ने की और संचालन जिलामंत्री संतोष शाक्य ने किया। उपाध्यक्ष रामवरन सिंह, शिवराम सिंह, पूर्व जिलाध्यक्ष विश्राम सिंह यादव, संयुक्त मंत्री संतोष राजपूत, विवेक यादव, राजेश्वरी यादव, वर्षा कठेरिया और दर्शना देवी ने भी अपने विचार रखे। बैठक का समापन श्रद्धांजलि के साथ किया गया। रजत यादव पत्रकार नव भारत संवाद इटावा
- hamare yahan jagmohanpur gaon mein Safai karne ke liye aate Hain aur Safai na karne ki vajah photo khinchkar chale jaate Hain gaon ki sadak nali mein Pani V gandgi Bhari rahti hai1
- jay Mata di 🙏🚩1
- *इस बुजुर्ग के पास तो शायद कोई "डिग्री" भी नहीं है, जो आपके पास है… पर इस दर्द का अहसास तो देश के हर नागरिक को होना चाहिए…* 🤔1
- दलीप नगर नगर मढैयन इटावा उ प्र1
- सरकार से 1 लाख रुपए महीना की सैलरी लेने वाले श्री राम शर्मा जो भिण्ड जिले के ऊमरी कसवा गांव के सरकारी स्कूल का टीचर है। बच्चों को क्या पढ़ाता होगा,सोचो जब ये गंगा,अंडा,आशीर्वाद जैसे शब्दों को शुद्ध नहीं लिख पा रहा है ऊपर से पत्रकार के पूछने पर दांत निकाल कर कहे रहा हैं क्यों मजाक कर रहे हो #bhind1
- उत्तर प्रदेश मे ऑटो रिक्शा चलाने वाले के ज़मीन पर कब्ज़ा हो गया था, हमने खाली करवाया.. तत्काल न्याय मिला1
- भिंड जिले के ऊमरी कस्बे के शासकीय स्कूल का यह दृश्य है इससे आप क्या अंदाजा लगा सकते हैं। अब अगर ऐसे शिक्षक हो तो क्या भविष्य होगा देश का1
- सर्दी के प्रकोप से वचने के लिए सलाह अवश्य मानें ।1