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संसद में राहुल गांधी के कथित झूठ पर सांसद निशिकांत दुबे ने पलटवार किया है। निशिकांत दुबे ने राहुल गांधी के इन झूठों की पोल खोलते हुए उन्हें उजागर किया और उनकी बोलती बंद कर दी। दुबे ने राहुल गांधी के झूठ का करारा जवाब दिया।
Vinod Rastogi
संसद में राहुल गांधी के कथित झूठ पर सांसद निशिकांत दुबे ने पलटवार किया है। निशिकांत दुबे ने राहुल गांधी के इन झूठों की पोल खोलते हुए उन्हें उजागर किया और उनकी बोलती बंद कर दी। दुबे ने राहुल गांधी के झूठ का करारा जवाब दिया।
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- दिल्ली में MCD वार्ड कमेटी चुनावों को तय प्रक्रिया का पालन किए बिना अगले आदेश तक टाल दिया गया है, जिसके बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर तीसरी बार चुनावों से भागने और लोकतंत्र की हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया गया है। ये चुनाव 29 मई को नामांकन के साथ शुरू होने थे और मतदान 3 जून को निर्धारित था। आरोप है कि DMC एक्ट की धारा 53(2) स्पष्ट रूप से कहती है कि चेयरमैन की मंजूरी के बिना न तो चुनाव की तारीख तय की जा सकती है और न ही उसे टाला जा सकता है। ऐसे में यह सवाल उठाया जा रहा है कि निगम सचिव ने किसके इशारे पर यह फैसला लिया। आरोप है कि BJP को अपने ही पार्षदों की नाराज़गी का डर है, जिससे पार्टी के हाथ से ज़ोन निकल सकते हैं। इसी कारण BJP पर सत्ता के लालच में लोकतंत्र की हत्या करने का आरोप लगाया गया है।1
- अब सिम कार्ड बंद होने की टेंशन खत्म हो गई है। यूजर्स अपना मोबाइल नंबर मात्र ₹44 के खर्च पर पूरे एक साल तक लगातार चालू रख सकते हैं।1
- दिल्ली में चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल एन.एस. राजा सुब्रमणि ने अपना पदभार संभालने के बाद सम्मान व्यक्त किया और सशस्त्र बलों पर देश द्वारा दिखाए गए विश्वास के लिए आभार जताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारतीय सेना, नौसेना, वायु सेना, रक्षा मंत्रालय, सामरिक संस्थान और सभी हितधारक भारत की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए पूरे देश के नजरिए के हिस्से के तौर पर एकजुट हैं। जनरल सुब्रमणि ने प्रधानमंत्री के 'JAI' (जॉइंटनेस, आत्मनिर्भरता और इनोवेशन) विजन को लागू करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने बताया कि संयुक्तता, तालमेल और एकीकरण को बढ़ाने के लिए सशस्त्र बलों में परिवर्तन और संगठनात्मक सुधार पर प्राथमिक ध्यान केंद्रित किया जाएगा। इस संदर्भ में, उन्होंने आत्मनिर्भरता को राष्ट्रीय सुरक्षा का एक केंद्रीय स्तंभ बताया और कहा कि सशस्त्र बलों में स्वदेशी हथियारों के विकास, प्रेरण और एकीकरण को तेज किया जाएगा।1
- अखिलेश यादव की समाजवादी पार्टी का कथित तौर पर 'असली चेहरा' सामने आया है, जहाँ पार्टी की महिला कार्यकर्ताओं ने रोते हुए यह गंभीर आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी में महिलाओं का सम्मान नहीं होता बल्कि उन्हें अपमानित किया जाता है। इन महिला कार्यकर्ताओं ने अपने आँसुओं के साथ अखिलेश यादव के 'नकली समाजवाद' की पोल खोल दी है, जिससे पार्टी की अंदरूनी स्थिति पर सवाल उठ रहे हैं।1
- केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने शुगर और बायोएनर्जी कॉन्फ्रेंस, अवॉर्ड और एक्सपो 2026 में लोगों को संबोधित किया।1
- भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने एक महत्वपूर्ण घोषणा की है। इस ऐलान को लेकर अधिक जानकारी प्रतीक्षित है।1
- दिल्ली के कई इलाकों में अब बड़ा बुलडोजर एक्शन होने वाला है। इस कार्रवाई में मुख्यमंत्री का शालीमार बाग विधानसभा क्षेत्र भी शामिल है, जिसके अलावा अन्य इलाके भी इस अभियान के दायरे में आएंगे।1
- पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस महासचिव अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले के बाद सियासी गहमागहमी तेज हो गई है। शनिवार को सोनारपुर में उग्र भीड़ ने अभिषेक बनर्जी पर पत्थरों और अंडों से हमला कर दिया, जिसमें वह घायल हो गए। सुरक्षाकर्मियों ने हेलमेट पहनाकर उन्हें भीड़ से बाहर निकाला। इस घटना पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए, कथित तौर पर उस बैले व्यू अस्पताल के CEO को धमकाया है, जहाँ अभिषेक बनर्जी का इलाज हुआ था। वायरल हो रहे एक ऑडियो के अनुसार, ममता बनर्जी ने अस्पताल के CEO, मिस्टर टंडन को बांग्ला में कहा है कि 'भगवान आपको माफ नहीं करेगा' और 'आपने गलत काम किया है'। उन्होंने टंडन को याद दिलाया कि उन्होंने कितनी मदद की है और उन पर लोगों को गुमराह करने का आरोप लगाते हुए कहा कि उन्हें शर्म आनी चाहिए और हर कोई उनके इस अहंकार को याद रखेगा। ममता बनर्जी ने इस पूरी घटना पर अस्पताल प्रशासन और कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने पूछा कि यदि अभिषेक की हालत गंभीर नहीं थी तो उन्हें आईटीयू में क्यों रखा गया, और यदि गंभीर थे तो दबाव में उन्हें क्यों छोड़ा गया। उन्होंने इसे सुरक्षा में बड़ी चूक बताया और कहा कि अभिषेक के शरीर में खून के थक्के जमे हैं और यदि उन्होंने हेलमेट नहीं पहना होता, तो उनकी मौके पर ही मौत हो जाती। मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि अब अभिषेक का इलाज घर पर ही अस्पताल जैसी व्यवस्थाओं के साथ होगा, जिसमें ऑक्सीजन सिलेंडर और अन्य उपकरण उपलब्ध रहेंगे। उन्होंने अस्पताल को चेतावनी दी कि यदि अभिषेक को कुछ भी होता है तो उसकी पूरी जिम्मेदारी अस्पताल की होगी। ममता बनर्जी ने इस स्थिति को 'लोकतंत्र की हत्या' करार देते हुए यह भी कहा कि सरकार बदली नहीं, बल्कि जबरन बदली गई है। उन्होंने बंगाल के स्थानीय नेताओं की निंदा करते हुए कहा कि वे दिल्ली के बीजेपी नेताओं से भी बुरे हैं, और सीआईडी को 'डरपोक' बताया।1