भांवरकोल: एसडीएम के निर्देश पर रेवसड़ा और पलिया गांव में चला अतिक्रमण हटाओ अभियान, सार्वजनिक रास्ता और जमीन कराई गई मुक्त..... गाजीपुर। भांवरकोल थाना क्षेत्र में प्रशासन ने अतिक्रमण के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए दो अलग-अलग गांवों में अभियान चलाकर कब्जे हटवाए। यह कार्रवाई डॉ. हर्षिता तिवारी (उपजिलाधिकारी, मोहम्मदाबाद) द्वारा 30 मार्च को दिए गए निर्देशों के अनुपालन में की गई। पहली कार्रवाई पलिया गांव में की गई, जहां सार्वजनिक रास्ते की जमीन पर वुधराम यादव ब्रदर्स द्वारा चरन, नाद, ईंट-पत्थर आदि रखकर अतिक्रमण कर लिया गया था। इस मामले में स्थानीय निवासी संतलाल राय द्वारा आपत्ति दर्ज कराई गई थी। शिकायत के आधार पर नायब तहसीलदार विपिन कुमार चौरसिया के नेतृत्व में कानूनगो मंगला प्रसाद तथा लेखपाल अर्पणा राय की टीम ने मौके पर पहुंचकर अतिक्रमण हटवाया। कार्रवाई के दौरान संतोष कुमार राय (थाना प्रभारी, भांवरकोल) पुलिस बल के साथ मौजूद रहे, जिससे अभियान शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ। दूसरी कार्रवाई रेवसड़ा गांव में की गई, जहां अराजी संख्या 408 व 409 की जमीन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। भूमि स्वामी जितेंद्र राय, रविंद्र राय, शिवजी राय, रणजीत राय, राजेंद्र राय, सुनीता मिश्रा पत्नी संजय मिश्रा तथा बबिता देवी पत्नी रामाधार चौधरी द्वारा दिए गए आपत्ति एवं अनुरोध पत्र के आधार पर प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर जमीन की पुनः पक्की नापी कराई और सीमांकन के लिए पत्थर गाड़े। प्रशासनिक जांच में पाया गया कि उक्त जमीन पर सुनीता देवी पत्नी अच्छेलाल चौधरी द्वारा कब्जा किया गया था। बताया जाता है कि इससे पहले भी चार-पांच बार इस जमीन की पक्की नापी कर सीमांकन किया गया था, लेकिन आरोप है कि हर बार पत्थरों को उखाड़ दिया जाता था। इस मामले में दो बार थाना स्तर पर एफआईआर भी दर्ज कराई जा चुकी है। इस बार प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए पुलिस की मौजूदगी में अतिक्रमण हटवाकर जमीन को उसके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिया। कार्रवाई के दौरान महिला पुलिसकर्मी प्रिया सिंह, कंचन गोंड तथा स्नेहलता सहित कई पुलिसकर्मी मौके पर मौजूद रहे। अतिक्रमण हटाने की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में प्रशासन की सक्रियता को लेकर चर्चा का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि इसी तरह लगातार कार्रवाई होती रही तो सार्वजनिक जमीनों पर अवैध कब्जों पर लगाम लग सकेगी।
भांवरकोल: एसडीएम के निर्देश पर रेवसड़ा और पलिया गांव में चला अतिक्रमण हटाओ अभियान, सार्वजनिक रास्ता और जमीन कराई गई मुक्त..... गाजीपुर। भांवरकोल थाना क्षेत्र में प्रशासन ने अतिक्रमण के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए दो अलग-अलग गांवों में अभियान चलाकर कब्जे हटवाए। यह कार्रवाई डॉ. हर्षिता तिवारी (उपजिलाधिकारी, मोहम्मदाबाद) द्वारा 30 मार्च को दिए गए निर्देशों के अनुपालन में की गई। पहली कार्रवाई पलिया गांव में की गई, जहां सार्वजनिक रास्ते की जमीन पर वुधराम यादव ब्रदर्स द्वारा चरन, नाद, ईंट-पत्थर आदि रखकर अतिक्रमण कर लिया गया था। इस मामले में स्थानीय निवासी संतलाल राय द्वारा आपत्ति दर्ज कराई गई थी। शिकायत के आधार पर नायब तहसीलदार विपिन कुमार चौरसिया के नेतृत्व में कानूनगो मंगला प्रसाद तथा लेखपाल अर्पणा राय की टीम ने मौके पर पहुंचकर अतिक्रमण हटवाया। कार्रवाई के दौरान संतोष कुमार राय (थाना प्रभारी, भांवरकोल) पुलिस बल के साथ मौजूद रहे, जिससे अभियान शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ। दूसरी कार्रवाई रेवसड़ा गांव में की गई, जहां अराजी संख्या 408 व 409 की जमीन को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। भूमि स्वामी जितेंद्र राय, रविंद्र राय, शिवजी राय, रणजीत राय, राजेंद्र राय, सुनीता मिश्रा पत्नी संजय मिश्रा तथा बबिता देवी पत्नी रामाधार चौधरी द्वारा दिए गए आपत्ति एवं अनुरोध पत्र के आधार पर प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर जमीन की पुनः पक्की नापी कराई और सीमांकन के लिए पत्थर गाड़े। प्रशासनिक जांच में पाया गया कि उक्त जमीन पर सुनीता देवी पत्नी अच्छेलाल चौधरी द्वारा कब्जा किया गया था। बताया जाता है कि इससे पहले भी चार-पांच बार इस जमीन की पक्की नापी कर सीमांकन किया गया था, लेकिन आरोप है कि हर बार पत्थरों को उखाड़ दिया जाता था। इस मामले में दो बार थाना स्तर पर एफआईआर भी दर्ज कराई जा चुकी है। इस बार प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए पुलिस की मौजूदगी में अतिक्रमण हटवाकर जमीन को उसके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिया। कार्रवाई के दौरान महिला पुलिसकर्मी प्रिया सिंह, कंचन गोंड तथा स्नेहलता सहित कई पुलिसकर्मी मौके पर मौजूद रहे। अतिक्रमण हटाने की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में प्रशासन की सक्रियता को लेकर चर्चा का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि इसी तरह लगातार कार्रवाई होती रही तो सार्वजनिक जमीनों पर अवैध कब्जों पर लगाम लग सकेगी।
- Post by Sadik Ahmed1
- #किशोरी का घर के अंदर फांसी के फंदे से लटकता मिला शव, फंदे से लटकता शव मिलने से इलाके में चर्चाओं का बाजार गर्म, बिना बताए परिजनों द्वारा शव का अंतिम संस्कार करने की कहीं जा रही बात ,सूचना पर पहुंची पुलिस ने घर से 100 मीटर दूर भंवरा बाग में शव को कब्जे में लिया, पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा,सैनी थाना इलाके के बरीपुर गांव की है घटना...1
- बिल्थरारोड (बलिया)। उभांव थाना क्षेत्र अंतर्गत सोनबरसा गांव में घरेलू पारिवारिक विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच जमकर मारपीट हो गई। देखते ही देखते विवाद ने उग्र रूप ले लिया, जिसमें एक ही परिवार के दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद परिजनों द्वारा घायलों को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सीयर लाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। घायलों में सुनील उपाध्याय (49 वर्ष), अंजू उपाध्याय (48 वर्ष) तथा आंचल उपाध्याय (16 वर्ष) शामिल हैं। बताया जा रहा है कि विवाद पारिवारिक मामले को लेकर शुरू हुआ, जो बाद में मारपीट में बदल गया। फिलहाल मामले की जानकारी पुलिस को दे दी गई है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।1
- Post by SONI DEVI1
- मऊ । पुलिस अधीक्षक मऊ कमलेश बहादुर द्वारा पुलिस लाइन मऊ में डायल 112 के समस्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक के दौरान पुलिस अधीक्षक द्वारा डायल 112 की कार्यप्रणाली की समीक्षा की गई तथा प्राप्त होने वाली सूचनाओं पर त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि आमजन की सुरक्षा एवं सहायता हेतु डायल 112 एक महत्वपूर्ण सेवा है, अतः प्रत्येक कॉल को गंभीरता से लेते हुए समयबद्ध रिस्पॉन्स देना सुनिश्चित किया जाए। पुलिस अधीक्षक महोदय द्वारा कर्मचारियों को अनुशासन, बेहतर समन्वय एवं व्यवहार कुशलता बनाए रखने के निर्देश दिए गए। साथ ही, फील्ड में तैनात पीआरवी कर्मियों को घटनास्थल पर शीघ्र पहुंचकर पीड़ितों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराने हेतु प्रेरित किया गया। इस दौरान अपर पुलिस अधीक्षक मऊ अनूप कुमार, प्रतिसार निरीक्षक अरूण कुमार सिंह, सहित अन्य संबंधित अधिकारीगण उपस्थित रहे।4
- सासाराम/रोहतास: कभी-कभी दुखद घटनाएँ स माज को झकझोर देती हैं, लेकिन उसी दर्द के बीच इंसानियत की रोशनी भी उम्मीद जगाती है। रोहतास जिले के चेनारी प्रखंड में बिजली करंट की चपेट में आने से हुई सतानंद तिवारी की असामयिक मौत ने पूरे इलाके को शोक में डुबो दिया। परिवार के मुखिया के अचानक चले जाने से घर पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा, वहीं छोटे-छोटे बच्चों और परिजनों के सामने भविष्य की चिंता सबसे बड़ी चुनौती बनकर खड़ी हो गई। इस हृदयविदारक घटना के बाद जहां बिजली विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे, वहीं प्रशासन ने संवेदनशीलता और मानवता का परिचय देते हुए पीड़ित परिवार के साथ खड़े होने का सराहनीय कदम उठाया। घटना के बाद बिजली विभाग की ओर से चार लाख रुपये की सहायता राशि दी गई, लेकिन प्रशासन ने इसे परिवार की दीर्घकालिक जरूरतों के लिए पर्याप्त नहीं माना। इसके बाद सासाराम की एसडीएम डॉ. नेहा कुमारी ने मानवीय पहल करते हुए अपने कार्यालय में विशेष डोनेशन बॉक्स स्थापित कर पीड़ित परिवार की सहायता के लिए सात दिवसीय सहयोग अभियान की शुरुआत की। इस अभियान में आम नागरिकों के साथ-साथ अधिकारी, कर्मचारी, विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि और स्थानीय समाजसेवी भी स्वेच्छा से योगदान दे रहे हैं। हर व्यक्ति का उद्देश्य एक ही है — दुख की इस घड़ी में परिवार को आर्थिक सहारा देना और उनके भविष्य को सुरक्षित बनाने में सहयोग करना। प्रशासन ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए बिजली विभाग की संभावित लापरवाही की जांच के आदेश भी दे दिए हैं। संबंधित विभाग के खिलाफ कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। इस सराहनीय पहल को लेकर वरिष्ठ पत्रकार राजू दुबे ने बताया की यह पहल केवल सरकारी जिम्मेदारी का निर्वहन नहीं, बल्कि संवेदनशील प्रशासन और मानवीय सरोकारों की जीवंत मिसाल बनकर सामने आई है। सासाराम प्रशासन का यह प्रयास समाज को यह संदेश देता है कि विपत्ति की घड़ी में जब व्यवस्था और समाज साथ खड़े होते हैं, तब दुख का बोझ थोड़ा हल्का जरूर हो जाता है। आज यह सहयोग अभियान सिर्फ आर्थिक मदद नहीं, बल्कि इंसानियत, सहानुभूति और सामाजिक एकजुटता की एक प्रेरणादायक कहानी बन चुका है।1
- खबर गाजीपुर जनपद शहर जहां की जखनियां तहसील में जिलाधिकारी अविनाश कुमार और पुलिस अधीक्षक नीरज राजा के द्वारा समाधान दिवस का आयोजन किया गया1
- Post by Tatkal News Bihar 241
- मऊ। पुलिस अधीक्षक कमलेश बहादुर के आदेश के अनुपालन में वांछित/सदिंग्ध व्यक्ति ,जिलाबदर तथा इनामिया अपराधियों व जनपद मे हो रही लूट हत्या तथा चोरी से सम्बन्धित अपराधियों के विरुद्ध चलाये जा रहे अभियान के क्रम मे, अपर पुलिस अधीक्षक मऊ अनुप कुमार, क्षेत्राधिकारी घोसी जितेन्द्र सिंह के कुशल निर्देशन में प्रभारी निरीक्षक प्रमेन्द्र कुमार सिंह द्वारा थाना घोसी पुलिस टीम के साथ मुखबिर की सूचना पर दिनांक 02 अप्रैल 2026 को समय करीब 19.10 बजे सायंकाल पी.एम.डी महाविद्यालय के पास से मु0अ0सं0 129/26 धारा 103(1) बी.एन.एस. में वाछित अभियुक्त हरिकेश हरिजन पुत्र स्व0 बसाऊ निवासी इन्द्रपुर थाना घोसी जनपद मऊ उम्र करीब 29 वर्ष को मय उस लोहे की राड(आला कत्ल के साथ) जिसमें खून लगा था के साथ गिरफ्तार किया गया जिससे कि अभियुक्त हरिकेश द्वारा अपने पिता स्व0 बसाऊ की दिनांक 02 अप्रैल 2026 की सुबह करीब 4 बजे घर के बाहर चारपाई पर सोते समय हत्या की थी। विस्तृत विवरण इस प्रकार है दिनांक 02 अप्रैल 2026 को प्रार्थिनी चन्दा देवी पत्नी स्व0 बसाऊ निवासी इन्द्रपुर पो0 भोपौरा थाना घोसी जनपद मऊ द्वारा अपने बडे पुत्र हरिकेश द्वारा उक्त दिनांक को ही सुबह 4 बजे के करीब उनके पति बसाऊ की सोते समय लोहे के राड से मार कर हत्या करने के सम्बन्ध में दी गयी तहरीर पर थाना घोसी पर मु0अ0सं0 129/2026 धारा 103(1) बी.एन.एस. बनाम हरिकेश हरिजन पुत्र स्व0 बसाऊ निवासी इन्द्रपुर थाना घोसी जनपद मऊ के दिनांक घटना 02 अप्रैल 2026 समय 08.13 बजे पंजीकृत किया गया था। जिसकी विवेचना प्रभारी निरीक्षक घोसी द्वारा की जा रही है। मुकदमा उपरोक्त में मृतक का सगा लड़का हरिकेश उक्त फरार चल रहा था जिसे दिनांक 02 अप्रैल 2026 को घोसी पुलिस टीम द्वारा मुखबिर की सूचना पर उक्त अभियुक्त को नियमानुसार गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ में अभियुक्त ने बताया कि उसके पिता बार बार उसे इलाज हेतु दिमागी अस्पताल भेंजने की बात कर रहे थे जिस कारण से गुस्सा और आवेश मे आकर उसने अपने पिता की लोहे की राड से प्रहार कर सोते समय सुबह करीब 4 बजे हत्या की है। अभियुक्त को नियमानुसार गिरफ्तारी व बरामदगी के आधार पर विधिक कार्यवाही अमल मे लाते हुए मा0 न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है।2