नशे की गिरफ्त में युवा, सड़कों पर मारपीट — प्रशासन पर उठे सवाल अंकित संवाद-शाहिद लखाही लखीमपुर खीरी / पलिया कला: जनपद के पलिया कला क्षेत्र में नशे का बढ़ता प्रकोप अब खतरनाक रूप लेता नजर आ रहा है। जानकारी के अनुसार, नशे की हालत में मोटरसाइकिल सवार युवक 60-70 किमी प्रति घंटे की तेज रफ्तार से सड़कों पर दौड़ते हुए देखे जा रहे हैं। इतना ही नहीं, बीच सड़क पर गाड़ी रोककर आपस में मारपीट जैसी घटनाएं भी सामने आ रही हैं, जिससे क्षेत्र में भय और असुरक्षा का माहौल बन गया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पलिया कला में मेडिकल स्टोरों पर खुलेआम नशे की गोलियां और इंजेक्शन बेचे जा रहे हैं। इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग, विशेषकर ड्रग्स इंस्पेक्टर, इस ओर कोई ठोस कार्रवाई करता नजर नहीं आ रहा है। यहां तक कि पत्रकारों द्वारा संपर्क करने पर भी फोन न उठाने के आरोप लगाए जा रहे हैं। अगर समय रहते इस पर अंकुश नहीं लगाया गया, तो नशे की लत में फंसे युवा मानसिक रूप से असंतुलित होकर कानून-व्यवस्था के लिए बड़ा खतरा बन सकते हैं। यह स्थिति पुलिस प्रशासन के लिए भी गंभीर चुनौती साबित हो सकती है। सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि आखिर किसके संरक्षण में पलिया कला में इतना बड़ा नशे का कारोबार फल-फूल रहा है? क्या शासन-प्रशासन इस ओर ध्यान देगा या फिर युवाओं का भविष्य यूं ही अंधकार में डूबता रहेगा?
नशे की गिरफ्त में युवा, सड़कों पर मारपीट — प्रशासन पर उठे सवाल अंकित संवाद-शाहिद लखाही लखीमपुर खीरी / पलिया कला: जनपद के पलिया कला क्षेत्र में नशे का बढ़ता प्रकोप अब खतरनाक रूप लेता नजर आ रहा है। जानकारी के अनुसार, नशे की हालत में मोटरसाइकिल सवार युवक 60-70 किमी प्रति घंटे की तेज रफ्तार से सड़कों पर दौड़ते हुए देखे जा रहे हैं। इतना ही नहीं, बीच सड़क पर गाड़ी रोककर आपस में मारपीट जैसी घटनाएं भी सामने आ रही हैं, जिससे क्षेत्र में भय और असुरक्षा का माहौल बन गया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पलिया कला में मेडिकल स्टोरों पर खुलेआम नशे की गोलियां और इंजेक्शन बेचे जा रहे हैं। इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग, विशेषकर ड्रग्स इंस्पेक्टर, इस ओर कोई ठोस कार्रवाई करता नजर नहीं आ रहा है। यहां तक कि पत्रकारों द्वारा संपर्क करने पर भी फोन न उठाने के आरोप लगाए जा रहे हैं। अगर समय रहते इस पर अंकुश नहीं लगाया गया, तो नशे की लत में फंसे युवा मानसिक रूप से असंतुलित होकर कानून-व्यवस्था के लिए बड़ा खतरा बन सकते हैं। यह स्थिति पुलिस प्रशासन के लिए भी गंभीर चुनौती साबित हो सकती है। सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि आखिर किसके संरक्षण में पलिया कला में इतना बड़ा नशे का कारोबार फल-फूल रहा है? क्या शासन-प्रशासन इस ओर ध्यान देगा या फिर युवाओं का भविष्य यूं ही अंधकार में डूबता रहेगा?
- अंकित संवाद-शाहिद लखाही भारतीय जन शक्ति मंच मंडल अध्यक्ष जिला क्राइम संवाददाता एवं जिला संवाददाता एम अहमद सिद्दीकी पत्रकार* निघासन खीरी श्याम मंदिर से आज भव्य निशान यात्रा का आयोजन किया गया, जो सिंगाही रोड से प्रारंभ होकर तहसील गेट होते हुए पलिया रोड तक पूरे श्रद्धा और उत्साह के साथ निकली। यात्रा में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी और जगह-जगह लोगों ने पुष्प वर्षा कर स्वागत किया। इस दौरान भक्ति गीतों और जयकारों से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। श्रद्धालु “हारे का सहारा, बाबा श्याम हमारा” के जयघोष के साथ आगे बढ़ते रहे। यात्रा में शामिल भक्तों ने पूरे मार्ग में अनुशासन और श्रद्धा का परिचय दिया। कार्यक्रम के अंतर्गत विशाल भंडारे का भी आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। भंडारे की व्यवस्था में पंडित पिंकू शुक्ला, अनिल मोर्या, मनोज वर्मा, शिवम गुप्ता, जयप्रकाश मिश्रा, अशोक कुमार तिवारी, हिमांशु शुक्ला, जितेंद्र (मोनू) दीक्षित, आशीष कनौजिया सहित अन्य लोगों ने महत्वपूर्ण योगदान दिया। आयोजकों ने बताया कि इस तरह के धार्मिक आयोजनों से समाज में भाईचारा और एकता का संदेश फैलता है। कार्यक्रम शांतिपूर्ण एवं सफलतापूर्वक कड़ी पुलिस व्यवस्था के बीच संपन्न हुआ।1
- पलिया-गौरीफंटा रोड पर शुक्रवार को उस समय सनसनी फैल गई, जब मामूली कहासुनी ने खतरनाक रूप ले लिया। पलिया निवासी टैक्सी चालक रामबख्स गुप्ता और लखनऊ के एक अन्य टैक्सी चालक के बीच हुए मामूली विवाद ने इतना खतरनाक रूप ले लिया कि टैक्सी चालक ने गुस्से में आकर रामबख्स पर कार चढ़ाने का प्रयास कर दिया। जान बचाने के लिए रामबख्स ने तत्परता दिखाते हुए कार के बोनट पर छलांग लगा दी और वाइपर पकड़कर खुद को संभाले रखा। हैरानी की बात यह रही कि आरोपी चालक काफी दूर तक रामबख्स को बोनट पर लटकाए हुए तेज रफ्तार में गाड़ी दौड़ाता रहा। इस दौरान मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। घटना को देख राहगीरों ने तत्परता दिखाते हुए कार का पीछा किया और किसी तरह रामबख्स को सुरक्षित बचाया। इस खौफनाक घटनाक्रम में रामबख्स बाल-बाल बच गए। पीड़ित ने मामले की तहरीर गौरीफंटा कोतवाली पुलिस को देकर कार्रवाई की मांग की। हालांकि, पुलिस के हस्तक्षेप के बाद दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया, जिसके चलते आगे की कार्रवाई नहीं की गई।1
- *दिनांक 27.03.2026 को थाना गौरीफंटा क्षेत्रान्तर्गत टैक्सी ड्राइवर द्वारा एक व्यक्ति को गाड़ी के बोनट पर बैठाकर गाड़ी चलाने के संबंध में क्षेत्राधिकारी पलिया, जितेन्द्र सिंह परिहार की बाइट*1
- औरैया ब्रेकिंग-- । बारात में आये युवक को सेल्फी लेना पड़ा भारी, सेल्फी लेते समय युवक का आईफोन 17 प्रो नाले में गिरा, आईफोन गिरने के बाद बारात छोड़ नाले में घुसा युवक, नाले में आईफोन ढूंढते नज़र आया युवक, नाले में फोन ढूंढने के वीडियो हुआ वायरल, कानपुर से बारात में आया था युवक, कई घंटों की मशक्कत के बाद भी नाले में गिरा फोन नही मिला, फुफेरे भाई की शादी पर आज ही खरीदा था आईफोन 17 प्रो, फोन गिरने के बाद नाले के बाहर लगा बारातियों का जमाबड़ा, शहर के तकिया चौराहे का मामला।3
- उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले में भीषण सड़क हादसा सामने आया है, जहां एक पिकअप गाड़ी ट्रेलर में जा घुसी हादसे में करीब 8 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 15 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं सभी लोग प्रयागराज से एक बच्चे का मुंडन संस्कार कराकर फतेहपुर लौट रहे थे, तभी रास्ते में यह दुर्घटना हो गई घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया है1
- Post by Kailash Gupta1
- लखीमपुर खीरी रमियाबेहड़ में आज भारत गैस एजेंसी पर सिलेंडर के लिए उपभोक्ताओं की लगी लंबी लाइन क्षेत्र में गैस सिलेंडर की कालाबाजारी का खेल जारी, अब 2000 से 2500 रुपए तक की कीमत में चोरी छुपे ब्लैक किए जा रहे सिलेंडर सिलेंडर न मिलने के कारण आम उपभोक्ताओं के साथ-साथ गैस संचालित दुकानदारों में अफरा तफरी का माहौल एक-एक सिलेंडर के लिए इधर-उधर जुगाड़ लगा रहे होटल व्यापारी1
- बांग्लादेश में बड़ा हादसा…डरावना मंज़र। यात्रियों से भरी बस पद्मा नदी में गिरी। 35 यात्री लापता।1
- ऊंची बनी सीसी सड़क से बढ़ा खतरा, ग्रामीण परेशान ग्राम प्रधान एवं ग्रामीणों के तमाम प्रयासों के बाद समस्या का समाधान नहीं हो सका। हम बात कर रहे हैं पलिया क्षेत्र की ग्राम पंचायत बसही कॉलोनी की। जहां पीडब्ल्यूडी द्वारा सीसी सड़क का निर्माण कराया गया है, लेकिन अब ये सड़क ग्रामीणों के लिए सुविधा के बजाय मुसीबत बन गई है। सड़क का स्तर जमीन से काफी ऊंचा होने और किनारों पर मिट्टी न डाले जाने के कारण आए दिन हादसे होने का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों के अनुसार सड़क के दोनों ओर कच्ची जमीन काफी नीची है, जिससे आमने-सामने आने वाले वाहनों को साइड देना लगभग असंभव हो जाता है। ऐसे में यदि कोई वाहन चालक मजबूरी में अपना वाहन सड़क से नीचे उतारता है तो वाहन का चेम्बर फटना या फिर अन्य नुकसान होना निश्चित है। कई बार बाइक सवार असंतुलित होकर गिरकर चोटिल भी हो चुके हैं। ग्राम प्रधान राजनाथ यादव ने बताया कि इस समस्या को लेकर कई बार संबंधित विभाग से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं हुआ। ग्रामीणों का आरोप है कि सड़क किनारे मिट्टी डालने के लिए बजट जरूर आया होगा, लेकिन जिम्मेदार सारा पैसा डकार गये, जिसका खामियाजा आज ग्रामीणों को भुगतना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द सड़क के दोनों ओर मिट्टी डलवाकर इसे सुरक्षित बनाया जाए, ताकि संभावित हादसों को रोका जा सके।1