रुद्राक्ष महोत्सव–2026 हेतु पुलिस एवं ज़िला प्रशासन की व्यवस्थाएँ दिनांक 14 फरवरी 2026 से 20 फरवरी 2026 तक कुबरेश्वर धाम में आयोजित होने वाले रुद्राक्ष महोत्सव के दृष्टिगत श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा एवं सुचारु आवागमन सुनिश्चित करने हेतु पुलिस एवं ज़िला प्रशासन द्वारा व्यापक एवं सुव्यवस्थित तैयारियाँ की गई हैं। ➡️ डायवर्जन व्यवस्था 📍भारी वाहनों के लिए डायवर्सन मार्ग संचालित है। 📍छोटे एवं सवारी वाहन सुचारु रूप से हाईवे से आवागमन कर रहे हैं। 📍 वर्तमान में कहीं भी जाम की स्थिति नहीं है। ➡️ ऑटो/बस स्टैंड एवं यातायात व्यवस्था भोपाल–इंदौर मार्ग पर हाईवे के दोनों ओर लगभग 8 से 10 एकड़ क्षेत्रफल वाले दो बड़े ऑटो/बस स्टैंड चिन्हित किए गए हैं। पहला स्टैंड फूलमोगरा जोड़ तथा दूसरा गुडभेला जोड़ पर स्थित है। सभी ऑटो, बस एवं अन्य यात्री वाहन निर्धारित स्टैंड पर ही पार्क किए जा रहे हैं, जिससे मुख्य हाईवे पर यातायात बाधित नही हो रही है। 📍 सभी आटो एवं बस,आदि ऑटो बस स्टैंड की व्यवस्थित पार्किंग में पार्क हो रहे हैं। ➡️ वाहन पार्किंग व्यवस्था महोत्सव स्थल के आसपास 10 पृथक पार्किंग स्थल विकसित किए गए हैं। सभी पार्किंग स्थलों पर पुलिस बल एवं पीए सिस्टम, प्रकाश व्यवस्था एवं पानी का टैंकर की व्यवस्था की गई है। वाहन चालकों से अनुरोध है कि वे केवल निर्धारित पार्किंग स्थलों में ही वाहन खड़े करें। 📍सभी वाहन निर्धारित पार्किंग में पार्क हो रही है । ➡️ कॉरिडोर एवं संकेतक व्यवस्था धाम परिसर में विशेष कॉरिडोर का निर्माण किया गया है, जिसका उपयोग श्रद्धालुओं की आवाजाही तथा आकस्मिक परिस्थितियों में पुलिस, एम्बुलेंस एवं अग्निशमन दल द्वारा किया जाएगा। परिसर में दिशा-सूचक संकेतक एवं सूचना पटल स्थापित किए गए हैं, जिनके माध्यम से भोजनशाला, कथा पांडाल, पुलिस सहायता केंद्र, मेडिकल केंद्र, पेयजल, शौचालय एवं निकास मार्ग आदि तक सहज पहुँच सुनिश्चित की गई है। ➡️ भोजनशाला प्रबंधन भोजन वितरण हेतु तीन पृथक कतारें बनाई गई हैं। बीच-बीच में आपातकालीन निकास द्वार भी बनाए गए हैं। प्रवेश एवं निर्गमन के लिए अलग-अलग मार्ग निर्धारित किए गए हैं। तीन वॉच टावरों से पुलिस द्वारा निरंतर निगरानी की जा रही है। ➡️ पुलिस एवं सुरक्षा व्यवस्था महोत्सव क्षेत्र में एक मुख्य पुलिस एवं प्रशासन सहायता केंद्र तथा पाँच पुलिस सहायक केंद्र एवं खोया-पाया केंद्र स्थापित किए गए हैं। सभी केंद्रों पर 24 घंटे पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी तैनात रहेंगे। सुरक्षा के लिए डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर ( DFMD ), हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर ( HHMD), CCTV कैमरे, ड्रोन कैमरे एवं वॉच टावर के माध्यम से 24×7 निगरानी की जा रही है। हाई-राइज प्वाइंट्स पर भी सुरक्षा बल की तैनाती की गई है। ➡️ एसडीआरएफ एवं आपातकालीन सेवाएँ आपदा प्रबंधन हेतु एसडीआरएफ की विशेष टीम तैनात की गई है, जो भीड़ नियंत्रण, प्राथमिक उपचार एवं रेस्क्यू कार्य हेतु पूर्णतः सजग है। कंट्रोल रूम एवं हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं। अग्निशमन दल भी सक्रिय रूप से तैनात है। ➡️ मेडिकल व्यवस्था धाम स्थित अस्पताल के अतिरिक्त अस्थायी मेडिकल सहायता केंद्र स्थापित किए गए हैं। मुख्य प्रवेश मार्ग, भोजनशाला कॉरिडोर एवं कथा स्थल के समीप चिकित्सा सुविधाएँ उपलब्ध हैं। प्रत्येक केंद्र पर चिकित्सक, नर्स, आवश्यक दवाइयाँ एवं जीवनरक्षक उपकरण उपलब्ध हैं तथा एम्बुलेंस की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। 📍 सभी व्यवस्थाएँ सुचारु रूप से संचालित की जा रही हैं। 📍श्रद्धालुओं से अनुरोध है कि वे निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए सहयोग प्रदान करें,ताकि सभी व्यवस्थाएं सुचारू रूप से इस तरह संचालित हो सके।
रुद्राक्ष महोत्सव–2026 हेतु पुलिस एवं ज़िला प्रशासन की व्यवस्थाएँ दिनांक 14 फरवरी 2026 से 20 फरवरी 2026 तक कुबरेश्वर धाम में आयोजित होने वाले रुद्राक्ष महोत्सव के दृष्टिगत श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा एवं सुचारु आवागमन सुनिश्चित करने हेतु पुलिस एवं ज़िला प्रशासन द्वारा व्यापक एवं सुव्यवस्थित तैयारियाँ की गई हैं। ➡️ डायवर्जन व्यवस्था 📍भारी वाहनों के लिए डायवर्सन मार्ग संचालित है। 📍छोटे एवं सवारी वाहन सुचारु रूप से हाईवे से आवागमन कर रहे हैं। 📍 वर्तमान में कहीं भी जाम की स्थिति नहीं है। ➡️ ऑटो/बस स्टैंड एवं यातायात व्यवस्था भोपाल–इंदौर मार्ग पर हाईवे के दोनों ओर लगभग 8 से 10 एकड़ क्षेत्रफल वाले दो बड़े ऑटो/बस स्टैंड चिन्हित किए गए हैं। पहला स्टैंड फूलमोगरा जोड़ तथा दूसरा गुडभेला जोड़ पर स्थित है। सभी ऑटो, बस एवं अन्य यात्री वाहन निर्धारित स्टैंड पर ही पार्क किए जा रहे हैं, जिससे मुख्य हाईवे पर यातायात बाधित नही हो रही है। 📍 सभी आटो एवं बस,आदि ऑटो बस स्टैंड की व्यवस्थित पार्किंग में पार्क हो रहे हैं। ➡️ वाहन पार्किंग व्यवस्था महोत्सव स्थल के आसपास 10 पृथक पार्किंग स्थल विकसित किए गए हैं। सभी पार्किंग स्थलों पर पुलिस बल एवं पीए सिस्टम, प्रकाश व्यवस्था एवं पानी का टैंकर की व्यवस्था की गई है। वाहन चालकों से अनुरोध है कि वे केवल निर्धारित पार्किंग स्थलों में ही वाहन खड़े करें। 📍सभी वाहन निर्धारित पार्किंग में पार्क हो रही है । ➡️ कॉरिडोर एवं संकेतक व्यवस्था धाम परिसर में विशेष कॉरिडोर का निर्माण किया गया है, जिसका उपयोग श्रद्धालुओं की आवाजाही तथा आकस्मिक परिस्थितियों में पुलिस, एम्बुलेंस एवं अग्निशमन दल द्वारा किया जाएगा। परिसर में दिशा-सूचक संकेतक एवं सूचना पटल स्थापित किए गए हैं, जिनके माध्यम से
भोजनशाला, कथा पांडाल, पुलिस सहायता केंद्र, मेडिकल केंद्र, पेयजल, शौचालय एवं निकास मार्ग आदि तक सहज पहुँच सुनिश्चित की गई है। ➡️ भोजनशाला प्रबंधन भोजन वितरण हेतु तीन पृथक कतारें बनाई गई हैं। बीच-बीच में आपातकालीन निकास द्वार भी बनाए गए हैं। प्रवेश एवं निर्गमन के लिए अलग-अलग मार्ग निर्धारित किए गए हैं। तीन वॉच टावरों से पुलिस द्वारा निरंतर निगरानी की जा रही है। ➡️ पुलिस एवं सुरक्षा व्यवस्था महोत्सव क्षेत्र में एक मुख्य पुलिस एवं प्रशासन सहायता केंद्र तथा पाँच पुलिस सहायक केंद्र एवं खोया-पाया केंद्र स्थापित किए गए हैं। सभी केंद्रों पर 24 घंटे पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी तैनात रहेंगे। सुरक्षा के लिए डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर ( DFMD ), हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर ( HHMD), CCTV कैमरे, ड्रोन कैमरे एवं वॉच टावर के माध्यम से 24×7 निगरानी की जा रही है। हाई-राइज प्वाइंट्स पर भी सुरक्षा बल की तैनाती की गई है। ➡️ एसडीआरएफ एवं आपातकालीन सेवाएँ आपदा प्रबंधन हेतु एसडीआरएफ की विशेष टीम तैनात की गई है, जो भीड़ नियंत्रण, प्राथमिक उपचार एवं रेस्क्यू कार्य हेतु पूर्णतः सजग है। कंट्रोल रूम एवं हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं। अग्निशमन दल भी सक्रिय रूप से तैनात है। ➡️ मेडिकल व्यवस्था धाम स्थित अस्पताल के अतिरिक्त अस्थायी मेडिकल सहायता केंद्र स्थापित किए गए हैं। मुख्य प्रवेश मार्ग, भोजनशाला कॉरिडोर एवं कथा स्थल के समीप चिकित्सा सुविधाएँ उपलब्ध हैं। प्रत्येक केंद्र पर चिकित्सक, नर्स, आवश्यक दवाइयाँ एवं जीवनरक्षक उपकरण उपलब्ध हैं तथा एम्बुलेंस की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। 📍 सभी व्यवस्थाएँ सुचारु रूप से संचालित की जा रही हैं। 📍श्रद्धालुओं से अनुरोध है कि वे निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए सहयोग प्रदान करें,ताकि सभी व्यवस्थाएं सुचारू रूप से इस तरह संचालित हो सके।
- जैसे ही दोनों संत आमने-सामने आए, मंच पर एक अद्भुत शांति छा गई। शब्द कम थे, लेकिन भावनाएं बहुत गहरी थीं। श्रद्धा, सम्मान और आत्मीयता का ऐसा संगम देखने को मिला, जिसने उपस्थित भक्तों की आंखें भी नम कर दीं। यह केवल दो संतों का मिलन नहीं था, बल्कि आस्था और अध्यात्म का संगम था, जिसने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया।1
- राजस्थान :: *शादियाँ साधारण रूप से किजिए, दिखावा ना करें।कृपया एकबार पूरा विडिओ जरूर सुनें। समाज में सुधार लायें।मध्यम वर्ग में लड़की वालों की मजबूरी होती है अतः लड़के वालों को आगे आना चाहिए।*!!,1
- भोपाल से उज्जैन के बीच में एक युवक एक अकेली लड़की को सीहोर से छेद छाड़ कर रहा था जब लड़की को प्राइवेट अंग को छू रहा था तब लड़की जोर से चिल्लाई लड़के से पूछ ताछ कारी तो लड़का उज्जैन का पता बता रहा था बाथरूम के बहाने से चलती ट्रेन से कूदा युवक ओर भाग गया अकोदिया ओर बोलाई के बीच कूदा ट्रेन से1
- सत्यमेव जयते1
- Post by Devendra Singh reporter1
- Post by सत्य एक्सप्रेस न्यूज1
- शाजापुर: मटका मोहल्ले की विद्युत डीपी में शॉर्ट सर्किट से दहशत, टला बड़ा हादसा शाजापुर। शहर के बादशाहपुर इलाके में बुधवार सुबह उस वक्त हड़कंप मच गया, जब घनी आबादी के बीच स्थित एक विद्युत डीपी में अचानक शॉर्ट सर्किट से भीषण चिंगारियां उठने लगीं। लगातार उठ रही इन चिंगारियों से स्थानीय रहवासियों में भारी दहशत फैल गई। हालांकि गनीमत यह रही कि बिजली विभाग ने तत्परता दिखाते हुए समय रहते आपूर्ति बंद कर दी, जिससे एक बड़ा हादसा होने से टल गया। घटनाक्रम एक नज़र में: आधे घंटे तक रहा दहशत का माहौल: बुधवार सुबह करीब 8 से 9 बजे के बीच वार्ड क्रमांक 8 के मटका मोहल्ला में मस्जिद के पास लगी डीपी में अचानक फॉल्ट होना शुरू हुआ। टूट गईं केबल: करीब 10 से 15 मिनट तक डीपी से लगातार चिंगारियां निकलती रहीं। लगभग आधे घंटे तक बार-बार हुए इस फॉल्ट के कारण एक-दो केबल भी टूट गईं, जिससे क्षेत्र में आग लगने की प्रबल आशंका बन गई थी। तत्काल रोकी गई सप्लाई: घटना की सूचना मिलते ही विद्युत वितरण कंपनी के कर्मचारियों ने एहतियात के तौर पर तुरंत बिजली आपूर्ति बंद कर दी और तकनीकी स्टाफ ने मौके पर पहुंचकर सुधार कार्य शुरू किया। जल्द बहाल होगी बिजली: जेई बेरछा रोड स्थित बिजली कार्यालय में पदस्थ कनिष्ठ अभियंता (जेई) रामप्रसाद अहिरवार ने सुबह करीब 9:30 बजे घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि डीपी में फॉल्ट और केबल में आग लगने के कारण क्षेत्र की बिजली बंद की गई थी। उन्होंने बताया, "सूचना मिलते ही हमारी टीम को तुरंत मौके पर भेज दिया गया है। सुधार कार्य तेजी से जारी है और जल्द ही विद्युत आपूर्ति पूरी तरह बहाल कर दी जाएगी।"1
- सीहोर। आस्था और श्रद्धा के केंद्र कुबरेश्वर धाम में प्रसिद्ध कथा वाचक एवं बागेश्वर धाम सरकार के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री जी का आगमन हुआ। उनके आगमन से धाम परिसर में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। धर्मसभा के दौरान शास्त्री जी ने सनातन धर्म, राष्ट्रभक्ति और सामाजिक एकता का संदेश दिया। श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन और जयकारों के साथ उनका स्वागत किया। कुबरेश्वर धाम परिसर में सुरक्षा व्यवस्था के विशेष इंतजाम किए गए थे। दूर-दूर से आए भक्तों ने दर्शन एवं आशीर्वाद प्राप्त कर स्वयं को धन्य महसूस किया। हर-हर महादेव के जयकारों से गूंजा सीहोर।3