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आज सुबह शाहदरा की बिहारी कॉलोनी के गली नंबर 7 में स्थित एक बिल्डिंग में आग लगने की घटना सामने आई। फायर ब्रिगेड को सुबह 4:50 बजे आग लगने की सूचना मिली, जिसके बाद फायर की 6 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। सुबह 7:55 बजे तक आग पर पूरी तरह से काबू पा लिया गया। इस दौरान बिल्डिंग की पहली मंजिल पर मौजूद एक व्यक्ति को फायर कर्मियों द्वारा सुरक्षित बाहर निकाला गया।
Sanjay Khan
आज सुबह शाहदरा की बिहारी कॉलोनी के गली नंबर 7 में स्थित एक बिल्डिंग में आग लगने की घटना सामने आई। फायर ब्रिगेड को सुबह 4:50 बजे आग लगने की सूचना मिली, जिसके बाद फायर की 6 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। सुबह 7:55 बजे तक आग पर पूरी तरह से काबू पा लिया गया। इस दौरान बिल्डिंग की पहली मंजिल पर मौजूद एक व्यक्ति को फायर कर्मियों द्वारा सुरक्षित बाहर निकाला गया।
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- पुलिस चौकी सिदिपुरा ने एक प्रशंसनीय कार्य करते हुए एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया है जो नकली ADM बनकर आम लोगों को ठग रहा था।1
- सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट पुलिस के चांदनी महल थाने ने इंटरस्टेट साइबर इन्वेस्टमेंट फ्रॉड में मदद करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के साथ एक APK-आधारित नकली इन्वेस्टमेंट फ्रॉड सिंडिकेट का पर्दाफाश हुआ है। आरोपी पर आरोप है कि उसने ठगे गए पैसों को अपने और अपने पिता के बैंक खातों के ज़रिए रूट करने और निकालने में प्रमुख भूमिका निभाई थी। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी अलग-अलग राज्यों में दर्ज तीन साइबर फ्रॉड की शिकायतों में शामिल था। पुलिस अब सिंडिकेट के दूसरे सदस्यों की पहचान करने और उन्हें पकड़ने के लिए आगे की जांच कर रही है।1
- राजधानी दिल्ली के शाहदरा रेलवे स्टेशन पर प्लेटफॉर्म नंबर-3 पर हुए झगड़े में 34 वर्षीय पंकज धामा की मौत हो गई। यह दर्दनाक घटना सुबह करीब 6 बजे हुई, जब कुछ युवकों के बीच हुए विवाद ने मारपीट का रूप ले लिया। मृतक के परिवार ने रेलवे पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं कि उन्होंने समय रहते घायल पंकज को अस्पताल नहीं पहुंचाया। परिजन का कहना है कि करीब आठ लड़कों द्वारा मारपीट किए जाने के बाद पंकज धामा प्लेटफॉर्म पर गिर गए और उनकी हालत बिगड़ती चली गई। आरोप है कि मौके पर मौजूद रेलवे पुलिस का एक कर्मचारी पंकज को खींचकर किनारे ले जाता दिखा, लेकिन उन्हें तुरंत अस्पताल नहीं पहुंचाया गया। परिवार के अनुसार, अगर रेलवे पुलिस फौरन कार्रवाई करती और पंकज को अस्पताल ले जाया जाता तो शायद उनकी जान बच सकती थी। परिजनों ने यह भी बताया कि पंकज को रेलवे पुलिस ने नहीं, बल्कि स्टेशन पर मौजूद यात्रियों ने अस्पताल पहुंचाया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी और इलाज के दौरान पंकज धामा का निधन हो गया। मृतक पंकज धामा दिल्ली मेट्रो में गार्ड की नौकरी करते थे और उनके परिवार में एक बेटी व एक बेटा है। उनकी मौत के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है और परिजन लगातार यह सवाल उठा रहे हैं कि आखिर मौके पर मौजूद रेलवे पुलिस ने घायल पंकज को तुरंत अस्पताल क्यों नहीं पहुंचाया। वहीं, इस मामले में पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए मारपीट में शामिल आठ आरोपियों को मुजफ्फरनगर रेलवे स्टेशन के पास से गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस फिलहाल इन आरोपियों से पूछताछ कर रही है और झगड़े की असली वजह जानने की कोशिश में जुटी है।1
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- दिल्ली के उत्तर-पश्चिम जिले की पुलिस ने चोरी और सेंधमारी के 100 से अधिक मामलों में कथित रूप से शामिल कुख्यात अपराधी फरीद को गिरफ्तार कर एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस के अनुसार, आरोपी के कब्जे से एक लाइसेंसी .32 बोर रिवॉल्वर, कारतूस, सोने-चांदी के आभूषण, फिक्स्ड डिपॉजिट से जुड़े दस्तावेज और चोरी किया गया एक लॉकर बरामद किया गया है। पुलिस इस मामले में आगे की जांच कर रही है।1
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- दिल्ली पुलिस ने I4C और MHA के साथ मिलकर खुफिया जानकारी जुटाने की प्रक्रिया के तहत 'ऑपरेशन CyHawk 5.0' चलाया। यह दो दिवसीय ऑपरेशन साइबर अपराध और ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी के नेटवर्क के खिलाफ लक्षित था। इस अभियान में साइबर हॉटस्पॉट की पहचान करना, धोखाधड़ी में इस्तेमाल होने वाले 'म्यूल अकाउंट्स' का विश्लेषण करना, संदिग्ध लेनदेन का पता लगाना और डिजिटल सबूतों को आपस में जोड़ना शामिल था। 'ऑपरेशन CyHawk 5.0' के तहत, 2,374 कर्मियों वाली 715 रेडिंग टीमों ने दिल्ली और 21 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में एक साथ कार्रवाई की। इस कोऑर्डिनेटेड ऑपरेशन के दौरान देश भर में लगभग 7,200 संदिग्धों को हिरासत में लिया गया, जिनमें से 916 लोगों को गिरफ्तार किया गया और 691 लोगों को पाबंद किया गया। कुल मिलाकर, 4,290 से ज़्यादा लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई।1