नीट पेपर लीक मामले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कड़ी कार्रवाई का संदेश देते हुए कहा है कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। दिल्ली में आयोजित 'मंगल मिलन' कार्यक्रम के दौरान एनडीए सांसदों को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि पेपर लीक की जानकारी मिलते ही सरकार ने त्वरित कार्रवाई शुरू कर दी थी और अब तक इस मामले में 13 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जोर देकर कहा कि छात्रों का भविष्य प्रभावित न हो, इसके लिए प्राथमिकता के आधार पर नीट की पुनर्परीक्षा कराई गई और बिना किसी देरी के परिणाम भी घोषित किए गए। भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सख्त कदम उठाए गए हैं और देश के शीर्ष कानूनी विशेषज्ञों की मदद से दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने की तैयारी है ताकि यह दूसरों के लिए एक नज़ीर बने। उन्होंने सभी राज्यों से दलगत राजनीति से ऊपर उठकर इस राष्ट्रीय हित के मुद्दे पर केंद्र के साथ मिलकर काम करने की अपील की है ताकि पेपर लीक जैसी घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।
नीट पेपर लीक मामले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कड़ी कार्रवाई का संदेश देते हुए कहा है कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। दिल्ली में आयोजित 'मंगल मिलन' कार्यक्रम के दौरान एनडीए सांसदों को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि पेपर लीक की जानकारी मिलते ही सरकार ने त्वरित कार्रवाई शुरू कर दी थी और अब तक इस मामले में 13 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जोर देकर कहा कि छात्रों का भविष्य प्रभावित न हो, इसके लिए प्राथमिकता के आधार पर नीट की पुनर्परीक्षा कराई गई और बिना किसी देरी के परिणाम भी घोषित किए गए। भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सख्त कदम उठाए गए हैं और देश के शीर्ष कानूनी विशेषज्ञों की मदद से दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने की तैयारी है ताकि यह दूसरों के लिए एक नज़ीर बने। उन्होंने सभी राज्यों से दलगत राजनीति से ऊपर उठकर इस राष्ट्रीय हित के मुद्दे पर केंद्र के साथ मिलकर काम करने की अपील की है ताकि पेपर लीक जैसी घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।
- किसान आंदोलन के तहत किसान अपने ट्रैक्टरों के साथ दिल्ली की तरफ निकल पड़े हैं। दिल्ली विरोध प्रदर्शन और किसान मार्च के बीच किसान बड़ी संख्या में ट्रैक्टरों के साथ दिल्ली की ओर रुख कर रहे हैं।1
- 'जय श्री राम' बोलने के लिए कहे जाने पर एक महिला के भड़क उठने का मामला सामने आया है। इस पूरी घटना को लेकर लोगों से प्रतिक्रिया माँगते हुए महिला के इस रवैये पर दो शब्द कहने को कहा गया है।1
- उत्तर पूर्वी दिल्ली के वेलकम थाने की पुलिस टीम ने हत्या के प्रयास के मामले में कार्रवाई करते हुए एक नाबालिग सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस को इस संबंध में पहले एक गुप्त सूचना प्राप्त हुई थी, जिसके बाद तुरंत कार्रवाई करते हुए इन आरोपियों को धर-दबोचा गया। पुलिस ने गिरफ्तार किए गए आरोपियों के पास से हथियार और एक मोटरसाइकिल भी बरामद की है।1
- दिल्ली के जंतर मंतर पर प्रदर्शन के दौरान हुई तोड़फोड़ के मामले में दिल्ली पुलिस ने पांच एफआईआर दर्ज की हैं। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान हुई घटना में 118 से अधिक पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिसकर्मियों के साथ-साथ इस प्रदर्शन में प्रदर्शनकारी भी जख्मी हुए हैं। तोड़फोड़ और पुलिसकर्मियों के घायल होने के बाद पुलिस ने यह कार्रवाई की है।1
- कल संसद मार्च के दौरान हुए जमकर बवाल और कई छात्राओं पर लाठीचार्ज की घटना के बाद आज राजनीतिक गलियारों में हलचल काफी तेज हो गई है। इस लाठीचार्ज के विरोध में कांग्रेस द्वारा जगह-जगह विरोध प्रदर्शन किया जा रहा है और राहुल गांधी धरने पर बैठ गए हैं। वहीं दूसरी तरफ, संसद परिसर के बाहर अंबेडकर जी की प्रतिमा के पास नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद भी धरने पर बैठ गए हैं। इसी मामले को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक दीपके ने दिल्ली पुलिस पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं।1
- राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री आवास के गेट पर प्रदर्शन की जगह चुने जाने को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए जा रहे हैं। जब इतने लोग एक साथ इकट्ठा होकर प्रधानमंत्री आवास के बाहर तक पहुँच सकते हैं, तो इससे सुरक्षा में बड़ी चूक होने की आशंका जताई गई है। प्रधानमंत्री आवास के मुख्य द्वार पर इस तरह प्रदर्शन करने के फैसले और जुटी भीड़ को सुरक्षा के दृष्टिकोण से चिंताजनक माना जा रहा है।1