मध्य प्रदेश के आमला में एक रिटायर्ड रेल कर्मचारी के सूने मकान में दिनदहाड़े लाखों की चोरी की वारदात सामने आई है, जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। अज्ञात चोरों ने इस घटना में करीब 5 लाख रुपये नकद और लगभग 40 लाख रुपये के सोने-चांदी के जेवरात पर हाथ साफ कर दिया। जानकारी के अनुसार, रिटायर्ड रेल कर्मचारी डीके सूर्यवंशी का परिवार अपने बेटे को गोंडवाना ट्रेन से रेलवे स्टेशन आमला छोड़ने गया था। इसी दौरान, अज्ञात बदमाशों ने सूने मकान का ताला तोड़कर घर में प्रवेश किया और चोरी की इस बड़ी वारदात को अंजाम दिया। परिजनों के घर लौटने पर उन्हें चोरी का पता चला, जब उन्होंने घर का टूटा ताला और अंदर बिखरा सामान देखा। तत्काल आमला पुलिस को सूचना दी गई, जिसके बाद थाना प्रभारी सहित पुलिस बल मौके पर पहुंचा और जांच शुरू कर दी गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए बैतूल से डॉग स्क्वॉड टीम भी घटना स्थल पर पहुंची। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, ताकि संदिग्धों की पहचान की जा सके। पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। दिनदहाड़े हुई इस बड़ी चोरी की घटना से क्षेत्रवासियों में दहशत का माहौल बना हुआ है।
मध्य प्रदेश के आमला में एक रिटायर्ड रेल कर्मचारी के सूने मकान में दिनदहाड़े लाखों की चोरी की वारदात सामने आई है, जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। अज्ञात चोरों ने इस घटना में करीब 5 लाख रुपये नकद और लगभग 40 लाख रुपये के सोने-चांदी के जेवरात पर हाथ साफ कर दिया। जानकारी के अनुसार, रिटायर्ड रेल कर्मचारी डीके सूर्यवंशी का परिवार अपने बेटे को गोंडवाना ट्रेन से रेलवे स्टेशन आमला छोड़ने गया था। इसी दौरान, अज्ञात बदमाशों ने सूने मकान का ताला तोड़कर घर में प्रवेश किया और चोरी की इस बड़ी वारदात को अंजाम दिया। परिजनों के घर लौटने पर उन्हें चोरी का पता चला, जब उन्होंने घर का टूटा ताला और अंदर बिखरा सामान देखा। तत्काल आमला पुलिस को सूचना दी गई, जिसके बाद थाना प्रभारी सहित पुलिस बल मौके पर पहुंचा और जांच शुरू कर दी गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए बैतूल से डॉग स्क्वॉड टीम भी घटना स्थल पर पहुंची। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, ताकि संदिग्धों की पहचान की जा सके। पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। दिनदहाड़े हुई इस बड़ी चोरी की घटना से क्षेत्रवासियों में दहशत का माहौल बना हुआ है।
- मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद द्वारा आठनेर विकासखण्ड क्षेत्र के ढोंड़खेडा़ गाँव में जल गंगा संवर्धन अभियान का आयोजन किया गया। इस दौरान, अभियान के तहत जल स्रोतों का पूरे विधि-विधान से पूजन किया गया और एक भव्य कलश यात्रा निकाली गई। कार्यक्रम में शिव मंदिर में भगवान शिव का अभिषेक भी किया गया। इस अवसर पर मौजूद ग्रामीणों को जल संरक्षण के महत्व और जल स्रोतों की सफाई बनाए रखने का संदेश दिया गया। साथ ही, उन्हें जल का सही और सदुपयोग करने को लेकर भी समझाइश दी गई। कार्यक्रम में जिला समन्वयक श्रीमती मधु चौहान, नवांकुर से राजू सलामे, दिनेश माकोड़े, आशुतोष चौहान, प्रस्फुटन समिति के सदस्य और बड़ी संख्या में ग्रामीण युवा उपस्थित रहे।1
- बैतूल शहर में गहराते पेयजल संकट के खिलाफ मंगलवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस जिलाध्यक्ष निलय डागा के नेतृत्व में पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने एक रैली निकाली, जो नगर पालिका कार्यालय पहुंचकर मटका फोड़ प्रदर्शन में बदल गई। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने नगर प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और एक ज्ञापन भी सौंपा। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि ताप्ती बैराज की दोनों मोटरें खराब पड़ी हैं, फिर भी नगर प्रशासन इस गंभीर समस्या को लेकर संवेदनहीन बना हुआ है। उन्होंने बताया कि शहर के कई वार्डों में आठ-आठ दिनों तक पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है, जिससे आम जनता को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। नगर पालिका के नेता प्रतिपक्ष राजकुमार दिवान ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि पानी की मोटरों की मरम्मत के नाम पर 40-40 हजार रुपए के बिल लगाए जा रहे हैं, जबकि इतनी राशि में नई मोटर खरीदी जा सकती है। उन्होंने यह भी कहा कि नगर पालिका महीने में पंद्रह दिन भी नियमित जलापूर्ति नहीं कर पा रही, फिर भी जनता से पूरे महीने का टैक्स वसूला जा रहा है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष एवं पूर्व विधायक निलय डागा ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि बैतूल विधायक हेमंत खंडेलवाल ने जनता को प्रतिदिन पानी उपलब्ध कराने का वादा किया था, और लाखापुर से बैतूल तक करोड़ों रुपए की पाइपलाइन भी डाली गई है, लेकिन इसके बावजूद शहर में पेयजल संकट जस का तस बना हुआ है। डागा ने आरोप लगाया कि नगर पालिका जानबूझकर 'कृत्रिम' पेयजल संकट पैदा कर भ्रष्टाचार कर रही है। उन्होंने सुझाव दिया कि यदि नगर पालिका शहर में बंद पड़े बोरवेलों को फिर से शुरू कर दे, तो लोगों को पर्याप्त पानी मिल सकता है।1
- मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद के तत्वाधान में नगर विकास प्रस्फुटन समिति भैंसदेही द्वारा गंगा संवर्धन अभियान के अंतर्गत भैंसदेही के पूर्णा घाट पोहर पर जल स्रोत पूजन और भव्य गंगा कलश यात्रा का आयोजन बड़े श्रद्धा और उत्साह के साथ किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आमजन में जल संरक्षण, नदी स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलाना था। कार्यक्रम की शुरुआत पूर्णा घाट स्थित जल स्रोत के विधिवत पूजन-अर्चन से हुई, जहाँ उपस्थित जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और समिति सदस्यों ने माँ गंगा के जयघोष के साथ जल संरक्षण का संकल्प लिया। इसके बाद महिलाओं और युवाओं ने अपने सिर पर कलश धारण कर एक भव्य गंगा कलश यात्रा निकाली, जिसने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय और सांस्कृतिक वातावरण से भर दिया। यात्रा के दौरान नागरिकों को 'जल है तो कल है', 'नदियों को स्वच्छ रखें' और 'जल बचाओ-जीवन बचाओ' जैसे प्रेरणादायक संदेशों के माध्यम से जल संरक्षण हेतु जागरूक किया गया। कार्यक्रम में वक्ताओं ने जल स्रोतों के संरक्षण को वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बताया और समाज के प्रत्येक व्यक्ति से इस दिशा में सक्रिय सहभागिता निभाने का आह्वान किया। नगर विकास प्रस्फुटन समिति के अध्यक्ष ने जानकारी दी कि जन अभियान परिषद द्वारा गंगा संवर्धन अभियान के तहत ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में लगातार जनजागरूकता गतिविधियाँ चलाई जा रही हैं, जिससे लोगों में पर्यावरण और जल संरक्षण के प्रति सकारात्मक सोच विकसित हो रही है। इस आयोजन में प्रमुख रूप से ब्लाक समन्वयक विकास जी, पत्रकार मनीष राठौर, राजेश जी पानकर, प्रदीप धुले जी, समिति के अध्यक्ष दीपक जैन सहित समिति के अन्य पदाधिकारी, सामाजिक कार्यकर्ता, महिलाएँ, युवा और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। अंत में, सभी उपस्थित लोगों ने मिलकर जल संरक्षण और स्वच्छता बनाए रखने का सामूहिक संकल्प लिया।2
- राज्य शासन द्वारा संचालित साप्ताहिक जनसुनवाई कार्यक्रम के तहत, पांढुर्णा के कलेक्टर कार्यालय में मंगलवार को जनसुनवाई का आयोजन किया गया। इस दौरान अपर कलेक्टर श्री नीलमणि अग्निहोत्री ने 40 आवेदकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और उनके त्वरित निराकरण के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। यह कार्यक्रम हर मंगलवार को आम नागरिकों की समस्याओं के समाधान के उद्देश्य से होता है। जनसुनवाई में जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के साथ-साथ दूरस्थ अंचलों से भी नागरिक अपनी विभिन्न समस्याओं और मांगों को लेकर पहुंचे। प्राप्त आवेदनों में भूमि सीमांकन, प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ, भू-अधिकार पट्टा, जन्म एवं मृत्यु प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र जारी करने, मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना का लाभ दिलाने तथा खसरा-नक्शा दुरुस्ती जैसे प्रमुख मामले शामिल थे। इसके अतिरिक्त, भूमि, मुआवजा, बी.पी.एल., वनाधिकार और आधार संबंधी प्रकरण भी जनसुनवाई में प्रस्तुत किए गए। कुछ विशिष्ट मामलों में, ग्राम सिवनी निवासी श्री नामदेव पांडुरंग डाले ने डोलनाला जलाशय डूब क्षेत्र से प्रभावित ग्राम करव्हार में शेष डूब क्षेत्र के मुआवजे की मांग की। जाटवा वार्ड पांढुर्णा निवासी प्रकाश घोडे ने अपनी कृषिभूमि के नक्शे में सुधार कराने का अनुरोध किया, जबकि ग्राम जुनापानीढाना निवासी सुनंदा भुमरकर ने बी.पी.एल. के तहत अनाज कूपन जारी करने के लिए आवेदन दिया। इसी तरह, ग्राम बोरखेड़ी के रामेश्वर बेलखडे और कलावती बेलखडे ने भी कृषिभूमि के नक्शे में सुधार की मांग रखी। ग्राम मरकावाड़ा निवासी शांति कुमरे ने वनाधिकार अधिनियम-2006 के अंतर्गत कृषि भूमि के विभागीय स्वामित्व की जांच और पट्टा आवंटन की अपील की। ठाकुर कॉलोनी निवासी किशोर गजभीये ने सड़क पर अवैध निर्माण और चबूतरा बनाए जाने की शिकायत की, और वार्ड क्रमांक 4 उटेकाटा निवासी नारायण पावनकर ने अपने पुत्र आर्यन पावनकर तथा सीराकुही निवासी माधुरी कवरेती के आधार कार्ड नंबर एक होने के कारण शासकीय सुविधाओं और शिक्षा प्राप्त करने में आ रही कठिनाइयों से अवगत कराया। आजानगांव निवासी श्रीमती रूसीकला बेवा गणेश भादे ने भूमि सीमांकन के लिए आवेदन दिया, वहीं शिवाजी वार्ड निवासी विलास खुरसंगे ने बी.पी.एल. सर्वे सूची में अपना नाम दर्ज कराने की मांग की। जनसुनवाई में संयुक्त कलेक्टर सुश्री मेघा शर्मा और डिप्टी कलेक्टर सुश्री प्रेक्षा पाठक सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने प्राप्त आवेदनों पर सुनवाई कर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित की। अपर कलेक्टर श्री नीलमणि अग्निहोत्री की अध्यक्षता में आयोजित इस जनसुनवाई में कुल 40 आवेदनों पर सुनवाई की गई और संबंधित अधिकारियों को उनके त्वरित निराकरण के निर्देश दिए गए।1
- डोलरिया, नर्मदापुरम के अंतर्गत आने वाली मिसरोद ग्राम पंचायत में डोलरिया विद्युत विभाग द्वारा एक विशेष संपर्क अभियान कैम्प का आयोजन किया गया। इस कैम्प का मुख्य उद्देश्य बिजली से संबंधित उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान करना और मध्य प्रदेश सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं का लाभ उन तक पहुँचाना था। अभियान के दौरान कुल 50 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 30 आवेदनों का निराकरण तत्काल मौके पर ही कर दिया गया, जिससे उपभोक्ताओं को बिजली की समस्याओं से तुरंत राहत मिली। डोलरिया विद्युत विभाग के वरिष्ठ अधिकारी प्रभारी शुभम सुहाने ने प्राप्त आवेदनों के त्वरित निराकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कैम्प में विद्युत विभाग के कई ऑपरेटर और कर्मचारी भी मौजूद रहे, जिनमें राजेश बाबू, सेवकराम कुशरे, गोपाल चौधरी, अंकित राजपूत, रामकुमार गौर, अजय साध, भूपेन्द्र राठोर, अनिल यादव, अनिकेत राजपूत और सुरेंद्र साहू शामिल थे। ग्राम पंचायत मिसरोद के सरपंच, सचिव और बड़ी संख्या में उपभोक्ता भी इस कैम्प में उपस्थित रहे। विभाग ने यह भी जानकारी दी कि शेष बचे आवेदनों की जांच जारी है और उन पर भी जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।1
- इटारसी की न्यास कॉलोनी में पानी की गंभीर समस्या और सीवेज मिश्रित पानी की आपूर्ति के बीच, नगर पालिका द्वारा मात्र 2 इंच की पतली पाइपलाइन डालने के प्रयास पर स्थानीय निवासियों का गुस्सा भड़क उठा है। सिद्धार्थ आर्य वेलफेयर फाउंडेशन और स्थानीय नागरिकों ने मिलकर इस प्रस्तावित 'जुगाड़' का कड़ा विरोध करते हुए काम रुकवा दिया है, जिसे वे समस्या का अस्थायी समाधान और जनता की जेब पर अनावश्यक बोझ मानते हैं। आंदोलनकारियों की मुख्य माँगें हैं कि शुरुआत में ही 4 इंच की पाइपलाइन डाली जाए ताकि हर घर को पर्याप्त दबाव के साथ पानी मिल सके। इसके अलावा, उन्होंने नगर पालिका की उस योजना का भी पुरजोर विरोध किया है, जिसके तहत जनता से दोबारा कनेक्शन शुल्क के नाम पर पैसे वसूलने की बात कही जा रही थी। इस मामले की शिकायत प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) तक पहुँचने के बाद प्रशासन हरकत में आया है। न्यास कॉलोनी के निवासियों ने स्पष्ट किया है कि उनकी यह लड़ाई किसी तात्कालिक समाधान के लिए नहीं, बल्कि आने वाले दशकों के लिए एक स्थायी जल समाधान प्राप्त करने के लिए है। उनका दृढ़ संकल्प है कि जब तक उन्हें उनका हक नहीं मिल जाता, तब तक न्यास कॉलोनी के लोग झुकेंगे नहीं।1
- बैतूल, 26 मई 2026 को मुलताई जनपद कार्यालय में आयोजित जनसुनवाई में कलेक्टर डॉ. सौरभ संजय सोनवणे ने आमजन की समस्याओं को गंभीरता से सुना। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश देते हुए यह सख्त हिदायत दी कि जनसमस्याओं पर त्वरित और स्थाई समाधान किया जाए, ताकि लोगों को बार-बार परेशान न होना पड़े। इस जनसुनवाई में बड़ी संख्या में ग्रामीणों की राजस्व, बिजली, अतिक्रमण, सीमांकन, कॉलोनी विकास, पारिवारिक विवाद और वृद्धजन भरण-पोषण से जुड़ी शिकायतों सहित लगभग 150 आवेदनों पर सुनवाई की गई। कलेक्टर डॉ. सोनवणे ने कई विशिष्ट मामलों में तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। मुलताई निवासी कन्हैयालाल की अवैध कब्जे की शिकायत पर उन्होंने एसडीएम और पुलिस अधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर मौके पर जांच कर कब्जा हटाने की कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। ग्राम नीमनवाड़ा के गुलाबराव धोटे के कृषि भूमि के रिकॉर्ड दुरुस्ती संबंधी आवेदन और ग्राम डहुआ के प्रहलाद पटेल की पट्टे की भूमि पर नाम दर्ज न होने की समस्या पर तहसीलदार मुलताई को शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए गए। ग्राम परमंडल के फूलचंद वानखेड़े की कब्जे के अनुसार अभिलेख दुरुस्ती और राजस्व रिकॉर्ड दर्ज करने की मांग पर एसडीएम मुलताई को कार्रवाई के निर्देश दिए गए। विवेकानंद वार्ड मुलताई के रतनसिंह की भूमि सीमांकन विवाद और पड़ोसी द्वारा दो फीट भूमि पर कब्जा करने की शिकायत पर भी तहसीलदार को शीघ्र सीमांकन कराने को कहा गया। 80 वर्षीय मीला बाई निवासी कोठी की सीमांकन संबंधी समस्या के समाधान हेतु भी तहसीलदार को निर्देशित किया गया। बिजली आपूर्ति और कॉलोनियों में सुविधाओं के अभाव संबंधी शिकायतों पर भी कलेक्टर ने तत्काल संज्ञान लिया। गांधी वार्ड मुलताई निवासी समाबाई तायवाड़ ने बिजली बिल में अनियमितता और लाइन काटे जाने की शिकायत की, जिस पर कलेक्टर ने उपमहाप्रबंधक एमपीईबी को तत्काल बिजली आपूर्ति बहाल करने और प्रकरण की जांच कर उचित निराकरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। ग्राम प्रभातपट्टन निवासी मधुकर राव धोटे की ग्राम पंचायत द्वारा निधि भूमि पर बोर कराए जाने की शिकायत पर संबंधित पंचायत से राशि वसूली के निर्देश दिए गए। कबीर कॉलोनी पटेल वार्ड के रहवासियों ने कॉलोनी में पेयजल, स्ट्रीट लाइट और अन्य मूलभूत सुविधाओं के अभाव की समस्या रखी, जिस पर कलेक्टर डॉ. सोनवणे ने नगरपालिका को कॉलोनाइजर के विरुद्ध सख्त कार्रवाई कर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने और बिना पूर्ण विकास कार्य के पूर्णता प्रमाण पत्र जारी करने वाले संबंधित अधिकारी पर कार्रवाई के निर्देश दिए। पारिवारिक विवादों और सहायता संबंधी मामलों में भी निर्देश जारी हुए। एक महिला आवेदिका ने अपने पति की आकाशीय बिजली गिरने से मृत्यु के बाद ससुराल पक्ष द्वारा गृहस्थी का सामान एवं जेवर ले जाने और जान से मारने की धमकी देने की शिकायत की, जिस पर कलेक्टर ने पुलिस विभाग को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। ग्राम कामथ निवासी बुजुर्ग दंपति कारु बारंगे और उनकी पत्नी ने बेटे द्वारा घर और जमीन पर कब्जा कर घर से निकालने की शिकायत की, जिस पर कलेक्टर डॉ. सोनवणे ने एसडीएम को सुनवाई कर बुजुर्ग दंपति को न्याय दिलाने तथा भरण-पोषण अधिनियम के तहत कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर डॉ. सोनवणे ने जनसुनवाई में अनुग्रह सहायता, आधार कार्ड, पीएम आवास, वेतन भुगतान नहीं होने, घरेलू हिंसा, ग्राम घाट पिपरिया के राशन और जलाशय, तथा रिकॉर्ड दुरुस्त सहित विभिन्न अन्य आवेदनों पर भी ध्यानपूर्वक सुनवाई कर निराकरण कराया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त आवेदनों का समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण निराकरण किया जाए। इस जनसुनवाई में एसडीएम मुलताई श्री राजीव कहार, जनपद सीईओ, तहसीलदार सहित अन्य ब्लॉक स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।2
- पांढुर्णा कांग्रेस संगठन में प्रस्तावित बड़ा फेरबदल टल गया है। पांढुर्णा जिला कांग्रेस कमेटी के सोशल मीडिया जिला अध्यक्ष देवकांत मांडोगडे का इस्तीफा पार्टी नेतृत्व ने नामंजूर कर दिया है। यह महत्वपूर्ण निर्णय पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ, पूर्व सांसद नकुलनाथ और प्रदेश सोशल मीडिया अध्यक्ष चंचलेश व्यास के साथ हुई विस्तृत चर्चा के बाद लिया गया। पार्टी नेतृत्व ने देवकांत मांडोगडे की कार्यकुशलता और संगठन के प्रति उनके समर्पण की सराहना करते हुए उन्हें पद पर बनाए रखने का फैसला किया। इस फैसले के बाद, देवकांत मांडोगडे अब पूरी निष्ठा के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे और संगठन को मजबूत करने के लिए कार्य करेंगे। जिला कांग्रेस अध्यक्ष जतन उईके ने इस जानकारी की आधिकारिक पुष्टि की है।1
- इटारसी की जनता को एक बड़ी राहत मिली है, जहाँ वार्ड क्रमांक 25 (भगत सिंह नगर) में पार्षद शुभम गौर के घर के सामने स्थित माइकल बगीचे वाली पुलिया पर एक बड़ा गड्ढा लगातार हादसों का कारण बन रहा था। रात के अंधेरे में ठीक से दिखाई न देने के कारण कई बच्चे और बाइक सवार इस जानलेवा गड्ढे का शिकार हो चुके थे। इस गंभीर समस्या की सूचना मिलते ही युवा नेता शिवम मेहरा जी ने तत्काल कार्रवाई करते हुए सरकारी बजट का इंतजार किए बिना, अपनी निजी लागत से मिस्त्री और लेबर लगाकर गड्ढे को तुरंत भरवाया। इस जनसेवा कार्य के दौरान उनकी टीम के सदस्य अब्दुल फरहान और शुभम मौर्य भी सक्रिय रूप से शामिल रहे। इसी के साथ सड़क से कचरा हटवाने का कार्य भी किया जा रहा है, जिससे इलाके में स्वच्छता भी बनी रहे। पुलिया भरने के इस कार्य के अलावा, शिवम मेहरा जी आमजन के लिए आयुष्मान कार्ड, ई-श्रम कार्ड, समग्र ID और समग्र KYC जैसी महत्वपूर्ण सरकारी सुविधाओं को भी बिल्कुल निशुल्क उपलब्ध करा रहे हैं। युवाओं की इस जनसेवा और दूरदर्शी सोच के लिए इटारसी की जनता सलाम कर रही है, जो वास्तव में सामुदायिक विकास और निस्वार्थ सेवा का एक शानदार उदाहरण है।1