मध्य प्रदेश के गुना जिले के म्याना थाना क्षेत्र में सामने आए सनसनीखेज तिहरे हत्याकांड का गुना पुलिस ने मात्र 7 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि अवैध संबंधों से उपजा विवाद और संपत्ति हड़पने की लालच ही इस जघन्य वारदात का मुख्य कारण बनी। पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक अन्य आरोपी की तलाश जारी है। यह मामला तब सामने आया जब 21 जून 2026 को म्याना स्थित ओमप्रकाश शर्मा के खेत पर बने मकान से दुर्गंध आने की सूचना पुलिस को मिली। मौके पर पहुंची पुलिस ने एक बंद कमरे से करीब 3 से 4 दिन पुराना, सड़ी-गली अवस्था में एक पुरुष का शव बरामद किया, जिसकी पहचान 56 वर्षीय ओमप्रकाश शर्मा के रूप में हुई। शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद पुलिस ने अपनी जांच शुरू की। अगले ही दिन, 22 जून को, उसी मकान के दूसरे बंद कमरे से भी दुर्गंध आने पर ताला खुलवाने पर एक महिला और एक पुरुष के शव मिले। महिला की पहचान बदरवास (जिला शिवपुरी) निवासी बिंदाबाई जाटव के रूप में हुई, जबकि दूसरे शव की प्रारंभिक पहचान रामकृष्ण जाटव के तौर पर की गई। लगातार शवों के मिलने से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस अधीक्षक हितिका वासल स्वयं घटनास्थल पर पहुंचीं और जांच की निगरानी की। पुलिस ने मृतकों के परिजनों से पूछताछ की, सीसीटीवी फुटेज खंगाले और वैज्ञानिक जांच के लिए एफएसएल, साइबर सेल, फिंगर प्रिंट विशेषज्ञ तथा डॉग स्क्वॉड की मदद ली। जांच के दौरान, 18 जून की एक सीसीटीवी फुटेज में एक संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिया, जिसे हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। उसकी पहचान म्याना थाना क्षेत्र के शाहपुर निवासी सुरेंद्र जाटव के रूप में हुई, जो मृतका बिंदाबाई का भांजा था। पूछताछ के दौरान बिंदाबाई के पुत्र सीताराम जाटव और सुरेंद्र जाटव के बयानों में विरोधाभास पाए जाने पर पुलिस का शक गहरा गया। कड़ी पूछताछ के बाद, दोनों आरोपियों ने हत्या की साजिश रचने और उसे अंजाम देने की बात कबूल कर ली। उन्होंने पुलिस को बताया कि बिंदाबाई के ओमप्रकाश शर्मा से अवैध संबंध थे, इसी बात से नाराज होकर और ओमप्रकाश शर्मा की संपत्ति पर कब्जा करने की नीयत से उन्होंने अपने एक अन्य साथी के साथ मिलकर 18 जून की रात तीनों की गला दबाकर हत्या कर दी। वारदात के बाद सबूत मिटाने के उद्देश्य से शवों को अलग-अलग कमरों में बंद करके ताले लगा दिए गए थे। पुलिस ने इस मामले में सीताराम जाटव (32 वर्ष) और सुरेंद्र जाटव (27 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ में एक तीसरे आरोपी की संलिप्तता भी सामने आई है जिसकी पहचान हो चुकी है और उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। गुना पुलिस ने इस त्वरित कार्रवाई को वैज्ञानिक जांच, तत्काल प्रतिक्रिया और संवेदनशील पुलिसिंग का परिणाम बताया है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि मामले के अन्य पहलुओं की गहन जांच जारी है और फरार आरोपी को भी जल्द ही गिरफ्तार कर कानून के दायरे में लाया जाएगा।
मध्य प्रदेश के गुना जिले के म्याना थाना क्षेत्र में सामने आए सनसनीखेज तिहरे हत्याकांड का गुना पुलिस ने मात्र 7 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि अवैध संबंधों से उपजा विवाद और संपत्ति हड़पने की लालच ही इस जघन्य वारदात का मुख्य कारण बनी। पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक अन्य आरोपी की तलाश जारी है। यह मामला तब सामने आया जब 21 जून 2026 को म्याना स्थित ओमप्रकाश शर्मा के खेत पर बने मकान से दुर्गंध आने की सूचना पुलिस को मिली। मौके पर पहुंची पुलिस ने एक बंद कमरे से करीब 3 से 4 दिन पुराना, सड़ी-गली अवस्था में एक पुरुष का शव बरामद किया, जिसकी पहचान 56 वर्षीय ओमप्रकाश शर्मा के रूप में हुई। शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद पुलिस ने अपनी जांच शुरू की। अगले ही दिन, 22 जून को, उसी मकान के दूसरे बंद कमरे से भी दुर्गंध आने पर ताला खुलवाने पर एक महिला और एक पुरुष के शव मिले। महिला की पहचान बदरवास (जिला शिवपुरी) निवासी बिंदाबाई जाटव के रूप में हुई, जबकि दूसरे शव की प्रारंभिक पहचान रामकृष्ण जाटव के तौर पर की गई। लगातार शवों के मिलने से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस अधीक्षक हितिका वासल स्वयं घटनास्थल पर पहुंचीं और जांच की निगरानी की। पुलिस ने मृतकों के परिजनों से पूछताछ की, सीसीटीवी फुटेज खंगाले और वैज्ञानिक जांच के लिए एफएसएल, साइबर सेल, फिंगर प्रिंट विशेषज्ञ तथा डॉग
स्क्वॉड की मदद ली। जांच के दौरान, 18 जून की एक सीसीटीवी फुटेज में एक संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिया, जिसे हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। उसकी पहचान म्याना थाना क्षेत्र के शाहपुर निवासी सुरेंद्र जाटव के रूप में हुई, जो मृतका बिंदाबाई का भांजा था। पूछताछ के दौरान बिंदाबाई के पुत्र सीताराम जाटव और सुरेंद्र जाटव के बयानों में विरोधाभास पाए जाने पर पुलिस का शक गहरा गया। कड़ी पूछताछ के बाद, दोनों आरोपियों ने हत्या की साजिश रचने और उसे अंजाम देने की बात कबूल कर ली। उन्होंने पुलिस को बताया कि बिंदाबाई के ओमप्रकाश शर्मा से अवैध संबंध थे, इसी बात से नाराज होकर और ओमप्रकाश शर्मा की संपत्ति पर कब्जा करने की नीयत से उन्होंने अपने एक अन्य साथी के साथ मिलकर 18 जून की रात तीनों की गला दबाकर हत्या कर दी। वारदात के बाद सबूत मिटाने के उद्देश्य से शवों को अलग-अलग कमरों में बंद करके ताले लगा दिए गए थे। पुलिस ने इस मामले में सीताराम जाटव (32 वर्ष) और सुरेंद्र जाटव (27 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ में एक तीसरे आरोपी की संलिप्तता भी सामने आई है जिसकी पहचान हो चुकी है और उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। गुना पुलिस ने इस त्वरित कार्रवाई को वैज्ञानिक जांच, तत्काल प्रतिक्रिया और संवेदनशील पुलिसिंग का परिणाम बताया है। पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि मामले के अन्य पहलुओं की गहन जांच जारी है और फरार आरोपी को भी जल्द ही गिरफ्तार कर कानून के दायरे में लाया जाएगा।
- बारां जिले के अमीरपुरखेड़ी छाबड़ा में स्थित खाटू श्याम जी मंदिर में समुद्र मंथन प्राणायाम का आयोजन किया गया।1
- शिवपुरी जिले की ग्राम पंचायत करई के सचिव अशोक रावत को जनमन आवास योजना के क्रियान्वयन में लापरवाही बरतने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है।1
- आज ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ने एसडीएम कार्यालय के समक्ष केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ जोरदार धरना प्रदर्शन किया और ज्ञापन सौंपा। यह प्रदर्शन पूर्व विधायक निर्मला सरिया के नेतृत्व में आयोजित किया गया, जिसमें ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के सभी पदाधिकारी भी मौजूद रहे। किशनगंज कांग्रेस कमेटी ने केंद्र सरकार की जल-विरोधी और जन-विरोधी नीतियों के विरोध में अपना विरोध दर्ज कराते हुए एसडीएम को ज्ञापन सौंपा।1
- पुलिस अधीक्षक यांगचेन डोलकर भूटिया जी द्वारा क्षेत्र में अवैध गतिविधियों और अवैध शराब के विरुद्ध कार्रवाई के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए थे। इन्हीं निर्देशों के तहत, 21 जून को सतनवाड़ा थाना पुलिस ने एक व्यक्ति को रुधियापुरा के तालाब के छर्रा के पास से गिरफ्तार किया, जिसके पास से कुल 70 लीटर अवैध हाथ भट्टी की बनी कच्ची शराब जब्त की गई। पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति रुधियापुरा के तालाब के छर्रा के पास हाथ भट्टी की कच्ची शराब बेचने के लिए खड़ा है। सूचना की तस्दीक के लिए मौके पर पहुँची पुलिस टीम ने तालाब के छर्रा के पास एक व्यक्ति को नीले रंग के ड्रम और सफेद रंग की कैन के साथ बैठा देखा। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे पकड़ा और पूछताछ में उसने अपना नाम अभिषेक गुरुवर पुत्र ओमप्रकाश, निवासी आदिवासी बस्ती ग्राम काँकर, थाना सतनवाडा, जिला शिवपुरी बताया। आरोपी के कब्जे से 50 लीटर क्षमता वाले नीले ड्रम में 50 लीटर और 20 लीटर क्षमता वाली सफेद कैन में 20 लीटर, कुल 70 लीटर हाथ भट्टी की बनी कच्ची शराब बरामद की गई, जिसकी अनुमानित कीमत ₹7000 है। अभिषेक गुरुवर के पास इस अवैध शराब को रखने, बेचने या लाने-ले जाने का कोई वैध लाइसेंस नहीं था। उसके इस कृत्य को धारा 34(2) आवकारी एक्ट के तहत दंडनीय पाया गया। इसके बाद, सतनवाड़ा पुलिस ने 70 लीटर अवैध शराब को जब्त कर आरोपी अभिषेक गुरुवर को विधिवत गिरफ्तार किया। उसके खिलाफ अपराध क्रमांक 85/26 के तहत धारा 34(2) आवकारी एक्ट के अंतर्गत मामला पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई है, और आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया।1
- अशोकनगर में 'डसटोन' कार्यक्रम से जुड़े एक पुराने विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच झड़प हो गई, जिसमें चार लोग घायल हो गए। इस घटना के बाद, पुलिस ने दोनों ही पक्षों की शिकायत के आधार पर संबंधित मामले दर्ज कर लिए हैं।1
- यह सलाह दी गई है कि व्यक्तियों को प्रतिदिन योग और प्राणायाम का अभ्यास करना चाहिए।2
- सोमवार सुबह बारां जिले के भंवरगढ़ क्षेत्र में गेहूं से भरा एक ट्रक हादसे का शिकार हो गया। यह घटना भंवरगढ़ हाईवे पर उस समय हुई जब ट्रक पिछोर से बारां की ओर जा रहा था। जानकारी के अनुसार, अचानक एक गाय के सामने आ जाने पर चालक ने उसे बचाने की कोशिश की, जिससे ट्रक अनियंत्रित होकर पलट गया। इस दुर्घटना की सूचना सुबह 11 बजे मिली। इस भीषण हादसे में ट्रक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें लदा सारा गेहूं सड़क किनारे बिखर गया। गनीमत रही कि दुर्घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। सूचना मिलते ही स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और स्थिति को संभाला।1