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हमारी 3 स्पष्ट, non-negotiable माँगे हैं। 1️⃣ छात्रों-युवाओं पर की गई बर्बरता पर अमित शाह संसद में जवाब दें। 2️⃣ मोदी सरकार बताए कि राम मंदिर का 'चंदा-चढ़ावा' कहाँ गया? 3️⃣ इस सबके लिए मोदी जी और अमित शाह को देश से माफी माँगनी चाहिए। ✍️👆🤣😀🤣.🔥🔥💯 हमारे पेज को फॉलो करें / 🙏मगही शेर अभिषेक रंजन🙏
Abhishek ranjan C E O
हमारी 3 स्पष्ट, non-negotiable माँगे हैं। 1️⃣ छात्रों-युवाओं पर की गई बर्बरता पर अमित शाह संसद में जवाब दें। 2️⃣ मोदी सरकार बताए कि राम मंदिर का 'चंदा-चढ़ावा' कहाँ गया? 3️⃣ इस सबके लिए मोदी जी और अमित शाह को देश से माफी माँगनी चाहिए। ✍️👆🤣😀🤣.🔥🔥💯 हमारे पेज को फॉलो करें / 🙏मगही शेर अभिषेक रंजन🙏
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- हम हिंदू धर्म और उनकी आस्था का सम्मान करते है , लेकिन हम समस्तीपुर सेवा सदन वालो से अपील करना चाहते है कि आप महिला या लड़की कावड़ियों की मालिश के लिये लड़की या महिलाओं को ही बैठाये , आप सब की क्या राय है ?1
- दोनो हाथ नहीं लेकिन पैरों से लिखकर करती है पढ़ाई,अनोखी मिशाल बनी लक्ष्मी कटिहार से हौसले और जज्बे की ऐसी तस्वीर सामने आई है, जो हर किसी को प्रेरणा देने वाली है। जन्म से ही दोनों हाथ नहीं होने के बावजूद 13 वर्षीय लक्ष्मी ने पढ़ाई के लिए अपनी शारीरिक चुनौतियों को कभी आड़े नहीं आने दिया। पैरों की उंगलियों के बीच पेन पकड़कर लिखना सीखा और अब वह पढ़-लिखकर शिक्षक बनने का सपना देख रही है। कटिहार के हसनगंज प्रखंड स्थित उत्क्रमित मध्य विद्यालय भतोरिया की कक्षा चार में पढ़ने वाली लक्ष्मी अपनी मेहनत और लगन से स्कूल के दूसरे बच्चों के लिए भी मिसाल बन गई है। दोनों हाथ नहीं होने के बावजूद लक्ष्मी नियमित रूप से स्कूल आती है और दूसरे बच्चों की तरह पढ़ाई के साथ-साथ खेलकूद में भी हिस्सा लेती है। लक्ष्मी ने अपने पैरों को ही अपने हाथों का सहारा बनाया है। वह पैरों की उंगलियों के बीच पेन पकड़कर लिखती है और स्कूल में दिए जाने वाले पढ़ाई के कार्य को पूरा करने की पूरी कोशिश करती है। लक्ष्मी का कहना है कि उसे पढ़ने का बहुत शौक है और वह पढ़-लिखकर भविष्य में शिक्षक बनना चाहती है। स्कूल की शिक्षिका रिंकू कुमारी के मुताबिक, लक्ष्मी दूसरे बच्चों की तरह ही पढ़ाई करती है। उसे जो भी टास्क दिया जाता है, वह उसे पूरा करने का प्रयास करती है। शिक्षकों का कहना है कि सरकार की ओर से लक्ष्मी को जरूरी सहायता और सुविधाएं मिलें, तो उसका भविष्य और बेहतर हो सकता है। वहीं, विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक ने बताया कि स्कूल में सभी बच्चों को समान रूप से शिक्षा दी जाती है। लक्ष्मी के दोनों हाथ नहीं हैं, लेकिन उसकी पढ़ाई के प्रति लगन काबिल-ए-तारीफ है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने भी स्कूल पहुंचकर उसकी जांच की थी और उसे 100 प्रतिशत दिव्यांगता का प्रमाणपत्र दिया गया है। लक्ष्मी की मां रेणु देवी बताती हैं कि जब बेटी का जन्म हुआ था, तब कुछ लोगों ने उसे छोड़ देने तक की सलाह दी थी। लेकिन परिवार ने ऐसा नहीं किया। मजदूरी करके परिवार बेटी की पढ़ाई का खर्च उठा रहा है और चाहता है कि लक्ष्मी पढ़-लिखकर अपने पैरों पर खड़ी हो सके। मामले को लेकर हसनगंज के प्रखंड चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. आयुष भारद्वाज ने बताया कि सूचना मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने स्कूल पहुंचकर बच्ची की जांच की है। विभाग की ओर से जो भी संभव सहायता होगी, उसे उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा। कटिहार की लक्ष्मी ने यह साबित कर दिया है कि मंजिल पाने का जज्बा हो तो शारीरिक चुनौतियां भी हौसले को नहीं रोक सकतीं। दोनों हाथ नहीं होने के बावजूद पैरों से लिखकर पढ़ाई कर रही लक्ष्मी आज उन तमाम बच्चों के लिए प्रेरणा है, जो छोटी-छोटी मुश्किलों के सामने हार मान लेते हैं।1
- कटिहार सदर अस्पताल: सुपरवाइजर ईशा कुमारी की नाक के नीचे जीविका कर्मियों की खुली मनमानी, ड्यूटी छोड़कर सोने और वीडियो कॉल में मगन दिनांक: 12 अगस्त 2026 दिन: बुधवार समय: दोपहर 3:00 बजे स्थान: कंगारू रूम के अंदर, कटिहार सदर अस्पताल "इस वक्त हम सीधे ग्राउंड जीरो यानी कटिहार सदर अस्पताल के कंगारू रूम के अंदर मौजूद हैं। तस्वीरों में आप साफ देख सकते हैं कि किस तरह जीविका कर्मी ड्यूटी टाइम में अपने काम को ताक पर रखकर आराम से सो रही हैं और मोबाइल पर वीडियो कॉल में मगन हैं। जब इन्हें काम के लिए कहा गया, तब भी ये घंटों अपनी जगह से नहीं हिलीं, जिससे आम जनता का काम पूरी तरह ठप पड़ा रहा।" सबसे बड़ा सवाल: सुपरवाइजर ईशा कुमारी के रहते इतनी बड़ी लापरवाही कैसे? अस्पताल परिसर में जीविका कर्मियों की यह करतूत हैरान करने वाली है। सबसे बड़ा और कड़ा सवाल यह उठता है कि जब विभाग की सुपरवाइजर ईशा कुमारी खुद मौजूद हैं, तो उनकी देखरेख और मौजूदगी के बावजूद जीविका कर्मचारी इतनी बड़ी गलती और लापरवाही कैसे कर रही हैं? क्या सुपरवाइजर महोदया की अनदेखी के कारण इन कर्मियों के हौ इतने बुलंद हो चुके हैं कि इन्हें किसी का डर नहीं रहा? हमारा सीधा सवाल सुपरवाइजर ईशा कुमारी और प्रशासन से है—आखिरी इन लापरवाह कर्मियों पर कब और क्या कड़ा एक्शन लिया जाएगा1
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- लखीसराय जिला से रिपोर्टर साहिल राज आगाज टाइम सरस्वती विद्या निकेतन से निकली भव्य तिरंगा रैली, मननपुर बाजार चौक होते हुए लौटी स्कूल लखीसराय जिला से रिपोर्टर साहिल राज आगाज टाइम सरस्वती विद्या निकेतन से निकली भव्य तिरंगा रैली, मननपुर बाजार चौक होते हुए लौटी स्कूल चानन (लखीसराय)। ‘हर घर तिरंगा 2026’ अभियान के तहत 12 अगस्त को सरस्वती विद्या निकेतन (MODEL स्कूल), राज्य सम्पोषित +2 उच्च विद्यालय, मननपुर के परिसर से भव्य तिरंगा रैली निकाली गई। रैली में विद्यालय के सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं के साथ बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने हाथों में तिरंगा लेकर उत्साहपूर्वक भाग लिया। विद्यालय परिसर से शुरू हुई तिरंगा रैली मननपुर बाजार चौक होते हुए पुनः विद्यालय परिसर में पहुंची। रैली के दौरान छात्र-छात्राओं ने देशभक्ति के नारों के साथ लोगों को राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान और ‘हर घर तिरंगा’ अभियान के प्रति जागरूक किया। रैली में विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं भी विद्यार्थियों के साथ कदम से कदम मिलाकर शामिल हुए। इस दौरान विद्यार्थियों को स्वतंत्रता दिवस के महत्व, स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास और राष्ट्रीय एकता के प्रति जागरूक किया गया। विद्यालय परिसर से निकली इस तिरंगा रैली ने मननपुर बाजार में देशभक्ति का माहौल बना दिया। रैली के माध्यम से विद्यालय परिवार ने राष्ट्रप्रेम, एकता और देशभक्ति का संदेश आम लोगों तक पहुंचाया। विद्यालय की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं की उत्साहपूर्ण सहभागिता देखने को मिली। ‘हर घर तिरंगा 2026’ अभियान के उद्देश्य को जन-जन तक पहुंचाने में विद्यालय परिवार की यह पहल महत्वपूर्ण रही।4
- हमारी दूसरी माँग है — प्रधानमंत्री मोदी श्री राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े चंदे और संपत्ति को लेकर उठ रहे गंभीर सवालों पर देश को जवाब दें। ट्रस्ट का गठन प्रधानमंत्री मोदी की सरकार ने किया, ट्रस्टियों का चयन किया गया। आज जब जनता के चंदे, सोना-चांदी, धन और अन्य बहुमूल्य वस्तुओं को लेकर गंभीर आरोप और सवाल सामने आए हैं, तो प्रधानमंत्री मौन क्यों हैं? भगवान श्री राम के नाम पर देश की जनता ने पूरी आस्था से चंदा दिया था। उस चंदे की एक-एक पाई का हिसाब देश को मिलना चाहिए। मामले की निष्पक्ष जांच हो, पूरा सच जनता के सामने आए और यदि किसी ने जनता की आस्था के साथ विश्वासघात किया है, तो उसे सख्त से सख्त सजा मिले। ✍️👆🤣😀🤣.🔥🔥💯 हमारे पेज को फॉलो करें / 🙏मगही शेर अभिषेक रंजन🙏1
- 3 दिन से पति लापता… थाने पहुंची पत्नी की आंखों में छलका दर्द, बोली—“मुझे बस मेरा पति चाहिए”1
- राहुल गांधी का बयान:- अमित शाह में संसद आने की हिम्मत ही नहीं है। वो 20 दिनों से गायब हैं। अपने चैंबर में बैठे रहते हैं, लेकिन सदन में नहीं आते। उनके काफिले में करीब 30 गाड़ियां चलती हैं, घर के आगे हजारों पुलिस वाले खड़े रहते हैं कि कोई बच्चा न आ जाए। अमित शाह की इमेज का गुब्बारा फट चुका है, उससे हवा निकल चुकी है। अब जबरन उसमें हवा भरने की कोशिश की जा रही है। : नेता विपक्ष श्री RahulGandhi1