PROMOTED” में उलझा भविष्य: अंक/प्रतिशत बिना भटक रहे छात्र UP Board की बड़ी चूक! नंबर बिना भटक रहे छात्र, फॉर्म तक नहीं भर पा रहे। PROMOTED” में उलझा भविष्य: अंक/प्रतिशत बिना भटक रहे छात्र UP Board की बड़ी चूक! नंबर बिना भटक रहे छात्र, फॉर्म तक नहीं भर पा रहे। चित्रकूट : कोरोना काल में घोषित इंटरमीडिएट परीक्षा परिणाम अब छात्रों के लिए गंभीर समस्या बनता जा रहा है। माध्यमिक शिक्षा परिषद उत्तर प्रदेश द्वारा वर्ष 2021 में जारी किए गए परिणाम में कई छात्रों को “PROMOTED” दर्शाया गया, लेकिन उनकी मार्कशीट में अंक व प्रतिशत अंकित नहीं किए गए। इसका खामियाजा अब छात्रों को नौकरी व प्रवेश फॉर्म भरने में उठाना पड़ रहा है। जनपद के कर्वी स्थित CIC कॉलेज के लगभग 10 से 12 छात्र इस समस्या से प्रभावित हैं। छात्रों का कहना है कि उनकी मार्कशीट में केवल “PROMOTED” लिखा है, जबकि नंबर व प्रतिशत का कोई उल्लेख नहीं है। ऐसे में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं, सरकारी नौकरियों व उच्च शिक्षण संस्थानों में आवेदन के दौरान फॉर्म स्वीकार नहीं किए जा रहे हैं। छात्रों ने बताया कि वे कई बार कॉलेज प्रशासन व संबंधित अधिकारियों से संपर्क कर चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है। इससे छात्रों में रोष व्याप्त है और उनका भविष्य अधर में लटका हुआ है। गौरतलब है कि कोविड-19 महामारी के चलते वर्ष 2021 में बोर्ड परीक्षाएं आयोजित नहीं की गई थीं और छात्रों को आंतरिक मूल्यांकन के आधार पर प्रोन्नत किया गया था। हालांकि, अब सवाल उठ रहा है कि जब मूल्यांकन किया गया था, तो अंक व प्रतिशत जारी क्यों नहीं किए गए। छात्रों ने प्रशासन से मांग की है कि उनकी समस्या का शीघ्र समाधान करते हुए अंक व प्रतिशत सहित संशोधित अंकपत्र जारी किया जाए, ताकि वे बिना किसी बाधा के अपने भविष्य की दिशा तय कर सकें। इस संबंध में संबंधित अधिकारियों का कहना है कि मामला संज्ञान में आने पर आवश्यक कार्यवाही की जाएगी।
PROMOTED” में उलझा भविष्य: अंक/प्रतिशत बिना भटक रहे छात्र UP Board की बड़ी चूक! नंबर बिना भटक रहे छात्र, फॉर्म तक नहीं भर पा रहे। PROMOTED” में उलझा भविष्य: अंक/प्रतिशत बिना भटक रहे छात्र UP Board की बड़ी चूक! नंबर बिना भटक रहे छात्र, फॉर्म तक नहीं भर पा रहे। चित्रकूट : कोरोना काल में घोषित इंटरमीडिएट परीक्षा परिणाम अब छात्रों के लिए गंभीर समस्या बनता जा रहा है। माध्यमिक शिक्षा परिषद उत्तर प्रदेश द्वारा वर्ष 2021 में जारी किए गए परिणाम में कई छात्रों को “PROMOTED” दर्शाया गया, लेकिन उनकी मार्कशीट में अंक व प्रतिशत अंकित नहीं किए गए। इसका खामियाजा अब छात्रों को नौकरी व प्रवेश फॉर्म भरने में उठाना पड़ रहा है। जनपद के कर्वी स्थित CIC कॉलेज के लगभग 10 से 12 छात्र इस समस्या से प्रभावित हैं। छात्रों का कहना है कि उनकी मार्कशीट में केवल “PROMOTED” लिखा है, जबकि नंबर व प्रतिशत का कोई उल्लेख नहीं है। ऐसे में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं, सरकारी नौकरियों व उच्च शिक्षण संस्थानों में आवेदन के दौरान फॉर्म स्वीकार नहीं किए जा रहे हैं। छात्रों ने बताया कि वे कई बार कॉलेज प्रशासन व संबंधित अधिकारियों से संपर्क कर चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है। इससे छात्रों में रोष व्याप्त है और उनका भविष्य अधर में लटका हुआ है। गौरतलब है कि कोविड-19 महामारी के चलते वर्ष 2021 में बोर्ड परीक्षाएं आयोजित नहीं की गई थीं और छात्रों को आंतरिक मूल्यांकन के आधार पर प्रोन्नत किया गया था। हालांकि, अब सवाल उठ रहा है कि जब मूल्यांकन किया गया था, तो अंक व प्रतिशत जारी क्यों नहीं किए गए। छात्रों ने प्रशासन से मांग की है कि उनकी समस्या का शीघ्र समाधान करते हुए अंक व प्रतिशत सहित संशोधित अंकपत्र जारी किया जाए, ताकि वे बिना किसी बाधा के अपने भविष्य की दिशा तय कर सकें। इस संबंध में संबंधित अधिकारियों का कहना है कि मामला संज्ञान में आने पर आवश्यक कार्यवाही की जाएगी।
- Post by Chitrakootnewslive1
- Post by Abhay TV News1
- CM योगी की मां पर अभद्र टिप्पणी करने वाला मौलाना हुआ गिरफ्तार #newsupdate #taazasamachar #न्यूज़1
- Post by संजय राणा पत्रकार चित्रकूट1
- ब्रेकिंग चित्रकूट: बागै नदी में डूबने से दो मासूमों की दर्दनाक मौत, गांव में पसरा मातम* चित्रकूट। जनपद के पहाड़ी थाना क्षेत्र अंतर्गत सकरौली मजरा केयूटरा पुरवा गांव में मंगलवार सुबह एक हृदयविदारक हादसा हो गया। बागै नदी के चकरेही घाट पर नहाने गए दो मासूम बच्चों की डूबने से दर्दनाक मौत हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार सुबह करीब 9 बजे शिवम राजपूत (पुत्र नवल) और आशीष राजपूत (पुत्र गोविंद) नदी में नहाने के लिए गए थे। इसी दौरान गहराई का अंदाजा न लग पाने के कारण दोनों बच्चे पानी में डूब गए। आसपास मौजूद लोगों ने बचाने का प्रयास किया, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया और पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से दोनों बच्चों के शव बाहर निकलवाए और आवश्यक कार्रवाई में जुट गई। इस दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर नदी घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था की कमी और बच्चों की निगरानी को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।1
- Post by जितेंद्र राय1
- Post by उमेश पाठक सेमरिया रीवा1
- *चित्रकूट में 'सुपोषित उत्तर प्रदेश-सशक्त भारत' अभियान के तहत 486 सहायिका 4 आंगनवाड़ी कार्यकत्रियों नियुक्ति पत्र वितरित* *जिलाधिकारी और जनप्रतिनिधियों ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का किया शुभारंभ* *मुख्यमंत्री के लाइव संबोधन के माध्यम से नवनियुक्त कर्मियों को दी गई प्रेरणा* *पारदर्शिता और मेरिट के आधार पर हुआ चयन* *01 अप्रैल 2026 तक कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश* जनपद मे स्थित मल्टीपर्पज ऑडिटोरियम हॉल में सोमवार को *सुपोषित उत्तर प्रदेश-सशक्त भारत* मिशन के अंतर्गत जनपद चित्रकूट की 04 नवनियुक्त आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों एवं 486 सहायिकाओं को नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ जिलाधिकारी श्री पुलकित गर्ग, अध्यक्ष नगर पालिका परिषद (कर्वी) श्री नरेन्द्र गुप्ता, अध्यक्ष जिला सहकारी बैंक (बांदा/चित्रकूट) श्री पंकज अग्रवाल, मुख्य विकास अधिकारी श्री डी.पी. पाल एवं अन्य अधिकारियों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर उपस्थित सभी कर्मियों ने माननीय मुख्यमंत्री जी के संबोधन का सीधा सजीव प्रसारण (लाइव) भी देखा। जिलाधिकारी श्री पुलकित गर्ग ने नवनियुक्त कर्मियों को बधाई देते हुए कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों पर आम जनमानस का भरोसा निरंतर बढ़ रहा है। उन्होंने व्यक्तिगत उदाहरण साझा करते हुए बताया कि उनकी अपनी पुत्री भी आंगनबाड़ी केंद्र में शिक्षा ग्रहण कर रही है, जो इन केंद्रों की गुणवत्ता का प्रमाण है। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सभी कर्मी प्रशिक्षण प्राप्त कर बच्चों की शारीरिक व मानसिक क्षमता के विकास पर ध्यान दें। उन्होंने डिजिटल सशक्तिकरण पर जोर देते हुए कहा कि विभाग द्वारा प्रदत्त स्मार्टफ़ोन का उपयोग स्वयं करें ताकि कार्यों में पारदर्शिता आए। साथ ही, जिला कार्यक्रम अधिकारी को निर्देशित किया गया कि सभी कर्मियों के मतदाता पहचान पत्र एवं आयुष्मान भारत कार्ड अनिवार्य रूप से बनवाए जाएं। मुख्य विकास अधिकारी श्री डी.पी. पाल ने जानकारी दी कि जनपद के 1088 केंद्रों में रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया पूरी पारदर्शिता के साथ मेरिट के आधार पर की गई है। आज के वितरण के पश्चात अब प्रत्येक केंद्र पर सहायिका की उपलब्धता सुनिश्चित हो गई है, जिससे पोषाहार वितरण और बच्चों के मूल्यांकन में सुगमता होगी। उन्होंने बताया कि जनपद में 07 नए आंगनबाड़ी भवनों का भी लोकार्पण किया गया है। सभी नवनियुक्त कर्मियों को 01 अप्रैल 2026 तक अपनी योगदान आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। अध्यक्ष नगर पालिका परिषद श्री नरेन्द्र गुप्ता एवं अध्यक्ष जिला सहकारी बैंक श्री पंकज अग्रवाल ने कर्मियों को संबोधित करते हुए कहा कि कोरोना काल में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का योगदान अतुलनीय रहा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में बच्चों और माताओं के स्वास्थ्य के प्रति सरकार संवेदनशील है और भविष्य में मानदेय वृद्धि की कार्ययोजना भी प्रस्तावित है। कार्यक्रम के प्रारंभ में जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री पी.डी. विश्वकर्मा ने अतिथियों का स्वागत पुष्प गुच्छ एवं 'एक जनपद एक उत्पाद' (ODOP) के निर्मित स्मृति चिन्ह भेंट कर किया। प्रतीकात्मक रूप से आंगनबाड़ी कार्यकत्री उर्मिला देवी, सुमैना देवी, रोशनी देवी, रीनू देवी तथा सहायिका राधा रानी, कोमल, बबिता, कुसुम सहित अन्य को मंच से नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए। इस अवसर पर भाजपा नेता श्री सुरेश अनुरागी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. भूपेश द्विवेदी, डीसी मनरेगा श्री डी.एन. पांडेय सहित सभी विकास खंडों के बाल विकास परियोजना अधिकारी एवं भारी संख्या में नवनियुक्त कर्मी उपस्थित रहे।1