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कानपुर के बिल्हौर क्षेत्र स्थित जैसेमऊ गांव में भैंस बांधने को लेकर दो पक्षों के बीच खूनी संघर्ष हो गया। इस झड़प में दोनों ओर से जमकर लाठी-डंडे चले, जिसमें कई लोग घायल हो गए। इस घटना से जुड़ा मारपीट का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। स्थानीय पुलिस ने इस पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।
Anoop Nishad Kanpur
कानपुर के बिल्हौर क्षेत्र स्थित जैसेमऊ गांव में भैंस बांधने को लेकर दो पक्षों के बीच खूनी संघर्ष हो गया। इस झड़प में दोनों ओर से जमकर लाठी-डंडे चले, जिसमें कई लोग घायल हो गए। इस घटना से जुड़ा मारपीट का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। स्थानीय पुलिस ने इस पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।
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- फैजाबाद जिला कोर्ट में राम मंदिर से जुड़े एक मामले के सभी आरोपियों को पेश किया गया, जहाँ उन्हें तीन दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया। इस बीच, आरोप लगाया गया है कि श्रीराम मंदिर के चंदा चोरों को अपने चेहरे छिपाने के लिए सरकारी सिस्टम द्वारा मास्क मुहैया कराए गए थे, लेकिन वे ठीक से चेहरे नहीं ढक पाए। इस पूरे घटनाक्रम को लेकर सरकारी सिस्टम पर सवाल उठाए जा रहे हैं, जिसमें यह टिप्पणी की गई कि 'बड़ी मछली' को बचा लिया गया है, जबकि 'छोटी मछली' ही जाल में फंस पाई।1
- यह एक महत्वपूर्ण खबर है कि अधिकतर लोग इस बात से अनभिज्ञ रहते हैं कि डॉक्टर द्वारा दी गई दवाओं का सेवन कब और कैसे करना है। अक्सर मरीज डॉक्टर के पास से दवाइयाँ तो ले आते हैं, लेकिन उन्हें यह नहीं पता होता कि कौन सी दवा सुबह-शाम लेनी है और कौन सी रात में खानी है। इस महत्वपूर्ण जानकारी को अब लोगों तक पहुँचाया जा रहा है।1
- फर्रुखाबाद के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) आनंद उपाध्याय ने एक नया आदेश जारी करते हुए कार्यालय परिसर में मोबाइल फोन और कैमरे के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। इस नोटिस के सार्वजनिक होते ही स्वास्थ्य विभाग के भीतर तीखी बहस छिड़ गई है, जिससे कार्यालय में पारदर्शिता को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। इस फरमान के बाद लोग पूछ रहे हैं कि क्या यह प्रशासनिक अनुशासन का हिस्सा है, या फिर यह मीडिया की आवाज को दबाने का एक प्रयास है। सरकारी कार्यालयों में पारदर्शिता के दावों के बीच, इस तरह के आदेशों के औचित्य पर सवाल उठ रहे हैं और इस प्रतिबंध की असल वजह जानने के प्रयास किए जा रहे हैं।1
- प्री-स्कूलर्स के लिए मजेदार सीखने की गतिविधियाँ और वर्कशीट उपलब्ध कराई गई हैं।1
- प्रतापगढ़ निवासी सियाराम उमावैश्य, जिन्होंने अपनी जमीन बेचकर अयोध्या राम मंदिर निर्माण के लिए एक करोड़ रुपये का दान दिया था, अब कथित दान गड़बड़ी के मामले को लेकर काफी भावुक और दुखी हो गए हैं। एक वीडियो संदेश में उन्होंने कहा कि उन्होंने भगवान राम के मंदिर के लिए पूरी श्रद्धा और भक्ति के साथ यह दान किया था, लेकिन अब सामने आ रहे घटनाक्रमों से उन्हें गहरा दुख पहुँचा है। सियाराम उमावैश्य ने स्पष्ट रूप से कहा कि यदि दान की राशि में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी हुई है, तो दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।1
- कानपुर नगर के थाना चकेरी क्षेत्र स्थित रामादेवी चौराहे पर गुरुवार, 25 जून की शाम लगभग 7:00 से 9:00 बजे के बीच भीषण यातायात जाम हो गया। यह स्थिति भारत पेट्रोलियम के टैंकर (वाहन संख्या UP-66 AT 3887) के अचानक खराब हो जाने के कारण उत्पन्न हुई, जिससे यातायात बुरी तरह बाधित हुआ। सूचना मिलते ही यातायात पुलिस के जवान मौके पर पहुंचे और ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारु बनाने में जुट गए। पुलिस ने वाहनों को वैकल्पिक मार्गों से निकालकर जाम को कम करने का प्रयास किया। आम जनमानस से अपील की गई है कि वे यातायात में व्यवधान के दौरान धैर्य बनाए रखें, ट्रैफिक नियमों का पालन करें और पुलिस प्रशासन का सहयोग करें।1
- कानपुर के ग्वालटोली क्षेत्र से एक वायरल वीडियो सामने आया है, जिसने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस वीडियो में ग्वालटोली थाना प्रभारी एक युवक पर लाठी चलाते हुए दिखाई दे रहे हैं। दावा किया जा रहा है कि यह युवक मोहर्रम का जुलूस देखकर वापस लौट रहा था, जब उस पर यह कार्रवाई की गई। इस घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि अगर चलते वाहन पर लाठी चलाने से युवक का संतुलन बिगड़ जाता, वह सड़क पर गिर जाता और कोई बड़ा हादसा हो जाता, तो उसकी जिम्मेदारी किसकी होती। यह स्थिति बड़े अनिष्ट को जन्म दे सकती थी, जिस पर गहरी चिंता व्यक्त की जा रही है। वायरल वीडियो की निष्पक्ष जांच और पुलिस का पक्ष सामने आना आवश्यक बताया जा रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए, यह मांग उठ रही है कि इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए ताकि सच्चाई सामने आ सके।1