प्रयागराज के शंकरगढ़ थाने में चाकघाट के सरजो हॉस्पिटल के संचालक डॉ. दीपक सिंह चौधरी के खिलाफ लिखित शिकायत देकर प्रसूता के इलाज में गंभीर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि सामान्य डिलीवरी की संभावना होने के बावजूद महिला का सिजेरियन ऑपरेशन किया गया। इसके बाद जब ऑपरेशन के कारण महिला की हालत बिगड़ने लगी, तो उसे अन्य अस्पतालों में रेफर कर दिया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। इस मामले में पीड़ित परिजनों ने इलाज में लापरवाही और आर्थिक शोषण के गंभीर आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। इस घटना के बाद सरजो हॉस्पिटल एक बार फिर विवादों में आ गया है। फिलहाल, इस पूरे मामले की पुलिस स्तर पर जांच होना अपेक्षित है और इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि होना अभी शेष है।
प्रयागराज के शंकरगढ़ थाने में चाकघाट के सरजो हॉस्पिटल के संचालक डॉ. दीपक सिंह चौधरी के खिलाफ लिखित शिकायत देकर प्रसूता के इलाज में गंभीर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि सामान्य डिलीवरी की संभावना होने के बावजूद महिला का सिजेरियन ऑपरेशन किया गया। इसके बाद जब ऑपरेशन के कारण महिला की हालत बिगड़ने लगी, तो उसे अन्य अस्पतालों में रेफर कर दिया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। इस मामले में पीड़ित परिजनों ने इलाज में लापरवाही और आर्थिक शोषण के गंभीर आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। इस घटना के बाद सरजो हॉस्पिटल एक बार फिर विवादों में आ गया है। फिलहाल, इस पूरे मामले की पुलिस स्तर पर जांच होना अपेक्षित है और इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि होना अभी शेष है।
- रीवा में दो यात्री बसों की आमने-सामने भिड़ंत हो गई है। इस हादसे में कुल 15 लोग घायल हुए हैं। दुर्घटना में ड्राइवर की लापरवाही की आशंका जताई जा रही है।1
- उत्तर प्रदेश के लखनऊ में पारा थाना क्षेत्र के बुद्धेश्वर चौकी इलाके में शुक्रवार को उस वक्त सनसनी फैल गई, जब गाजीपुर थाने में तैनात एक दरोगा का शव उनकी कार से बरामद हुआ। बताया जा रहा है कि यह कार गुरुवार दोपहर से ही मौके पर खड़ी थी। घटना की सूचना मिलने के बाद पारा थाना पुलिस और गाजीपुर थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस के मुताबिक, कार की बगल वाली सीट के नीचे से शराब की बोतलें भी मिली हैं। हालांकि, दरोगा की मौत के कारणों की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है, जिसकी रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की वजह साफ हो पाएगी। सूत्रों के अनुसार, दरोगा गुरुवार को एक विवेचना के सिलसिले में गाजीपुर थाने से निकले थे। इस मामले में लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट के डीसीपी कमलेश कुमार दीक्षित के अनुसार, पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगालने के साथ ही सभी पहलुओं से मामले की जांच कर रही है।2
- मध्य प्रदेश के मऊगंज में एक सरकारी स्कूल डेढ़ घंटे तक नहीं खुला, जिसके कारण बच्चे बाहर धूप में खड़े रहे। इस मामले में अब कलेक्टर ने जांच के आदेश दे दिए हैं।1
- प्रयागराज के भुसौली टोला स्थित योगेंद्र पांडे के आवास पर युनाइटेड फोरम ऑफ पेंशनर वेलफेयर एसोसिएशन की एक बैठक राजेश यादव के नेतृत्व में आयोजित की गई। इस बैठक में सत्येंद्र बहादुर सिंह ने पेंशनभोगियों की एकजुटता पर बल देते हुए वर्तमान प्रशासन और राजनेताओं के रवैये को अघोषित इमरजेंसी जैसा बताया। बैठक के दौरान योगेंद्र कुमार पांडे और प्रकाश कुमार ने पार्सल विभाग के निजीकरण का कड़ा विरोध किया और इसे तत्काल सार्वजनिक क्षेत्र में वापस करने की मांग की। उन्होंने कहा कि निजीकरण से युवाओं के लिए नौकरियों के अवसर कम हो रहे हैं और वे आउटसोर्सिंग के जाल में फंसकर शोषित होने को मजबूर हैं। इसके साथ ही, वरिष्ठ नागरिकों को पूर्व में मिलने वाली रियायतें तुरंत बहाल करने की मांग की गई। एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश यादव ने एन.पी.एस. पर सवाल उठाते हुए पूछा कि यदि एन.पी.एस. इतनी ही अच्छी है तो सभी पूर्व और वर्तमान राजनेता इसे स्वीकार क्यों नहीं करते। राजेश कुमार सहित अन्य वक्ताओं ने आगामी 29 सितंबर को होने वाले 24 घंटे के धरने को सफल बनाने के लिए पेंशनरों से अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने का आह्वान किया। इसी बैठक में सत्येंद्र बहादुर सिंह का जन्मदिन भी धूमधाम से मनाया गया, जिसमें संजय मजूमदार, रामकिशोर और योगेंद्र पांडे ने गीत गाए और राजेश यादव ने उन्हें माला पहनाई। इसके अलावा, ए.जी. ब्रदरहुड के पूर्व अध्यक्ष दिवंगत तिवारी जी की आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन रखकर शोक सभा आयोजित की गई। इस दौरान रमेश कुमार, मोहम्मद तारीफ, गिरीश चंद यादव, राजू, द्वारका प्रसाद, अंसार अहमद, अबरार अहमद, रमेश, विश्वनाथ प्रजापति, घनश्याम, रामलाल पटेल, वीरेंद्र कुमार पांडे और जावेद अख्तर आदि ने भी अपने विचार व्यक्त कर समर्थन का वादा किया।1
- रीवा में नशे के कारोबार पर पुलिस ने एक बड़ा प्रहार किया है। यहाँ नशे के सामान की बिक्री होने से ठीक पहले ही पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो तस्करों को गिरफ्तार कर लिया है।1
- उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में स्थित उत्तर प्रदेश राजर्षि टण्डन मुक्त विश्वविद्यालय का 21वां दीक्षान्त समारोह शुक्रवार को सरस्वती परिसर स्थित अटल प्रेक्षागृह में आयोजित किया गया। इस दीक्षान्त समारोह की अध्यक्षता उत्तर प्रदेश की राज्यपाल एवं कुलाधिपति माननीया श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने की। समारोह में कुल 26 को गोल्ड मेडल मिले। दीक्षान्त समारोह को संबोधित करते हुए राज्यपाल माननीया श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने कहा कि नारी शक्ति उच्च शिक्षा में नए आयाम स्थापित कर रही है। वहीं, मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित लखनऊ की प्रख्यात भारतीय शास्त्रीय एवं लोक गायिका पद्मश्री मालिनी अवस्थी ने दीक्षान्त उद्बोधन दिया। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि आधुनिकता को अपनाएँ परन्तु संस्कृति व परंपराओं से विच्छिन्न न हों। इस दीक्षान्त समारोह में उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री श्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘‘नन्दी’’, उच्च शिक्षा मंत्री श्री योगेंद्र उपाध्याय तथा उच्च शिक्षा राज्यमंत्री श्रीमती रजनी तिवारी विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए।1
- आज कटनी जिले के स्लीमनाबाद हेलीपैड पर मध्य प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव जी के आगमन पर उनका आत्मीय स्वागत किया गया।1
- प्रयागराज के बारा क्षेत्र के गौहनिया पावर हाउस के कर्मचारियों की लापरवाही के चलते चिल्ला गौहानी गांव की बिजली पिछले एक हफ्ते से ठप है। दरअसल, ओवरलोड और मेंटेनेंस न होने के कारण 100 केवीए ट्रांसफार्मर की कुंडली जल गई और उसका केबल टूटकर सड़क किनारे जमीन पर गिर पड़ा। एक हफ्ता बीत जाने के बाद भी जली हुई केबल को न तो बदला गया है और न ही मौके से हटाया गया है, जिससे ग्रामीणों में गंभीर हादसे का डर बना हुआ है। बिजली गुल होने से गांव में पानी की सप्लाई भी बंद हो गई है, जिससे लोग भीषण गर्मी में परेशान हैं। ग्रामीण राजेश और सुरेश ने बताया कि वे रोज पावर हाउस के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन जेई फंड न होने की बात कहते हैं और लाइनमैन ऊपर से आदेश न मिलने का बहाना बनाते हैं। वहीं, गांव की महिलाओं का कहना है कि इनवर्टर भी बंद हो चुके हैं, जिससे रात में सांप-बिच्छू का डर सताता है और बीमारों व बच्चों का बुरा हाल है। खुले में पड़ी जली हुई केबल के पास से बच्चे और मवेशी गुजरते हैं, लेकिन वहां सुरक्षा के लिए न कोई बैरिकेडिंग है और न ही कोई चेतावनी बोर्ड लगाया गया है। ग्रामीणों ने कर्मचारियों की इस लापरवाही को सीधे तौर पर जान से खिलवाड़ बताया है। मामले को लेकर गौहनिया पावर हाउस के जेई ने कहा है कि वे लाइन स्टाफ को भेजकर तार हटवाएंगे और क्षेत्र को सील करेंगे। वहीं, आक्रोशित ग्रामीणों ने 24 घंटे के भीतर नई केबल लगाने और दोषी कर्मचारियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।1