कोटा में जेके फैक्ट्री के 4200 पूर्व मजदूरों और कर्मचारियों का बकाया वेतन भुगतान करवाने की मांग को लेकर चल रहा अनिश्चितकालीन धरना गुरुवार को 486वें दिन भी जारी रहा। यह धरना कोटा कलेक्ट्रेट गेट पर सीटू के बैनर तले 18 फरवरी 2025 से चल रहा है। बुधवार को धरनारत मजदूरों के एक प्रतिनिधिमंडल ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा, जिसमें सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लागू करते हुए मजदूरों को बकाया भुगतान जल्द दिलवाने की मांग की गई। मजदूर नेता कामरेड हबीब खान और कामरेड उमाशंकर सहित प्रतिनिधिमंडल ने पूर्व मुख्यमंत्री गहलोत को अवगत कराया कि 1997 में बंद हुई फैक्ट्री के मजदूर पिछले 29 सालों से अपने हक के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला है। उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के 2023 के फैसले के बावजूद राजस्थान सरकार ने अब तक 260 करोड़ रुपए से अधिक के बकाया वेतन और 18 प्रतिशत ब्याज का भुगतान नहीं किया है। धरने में सैकड़ों मजदूर, महिला कर्मचारी, बुजुर्ग और बच्चे लगातार शामिल हैं। धरना स्थल पर कामरेड हबीब खान, कामरेड उमाशंकर, कामरेड नरेंद्र सिंह और कामरेड सतीश चंद त्रिवेदी ने मजदूरों को संबोधित किया। सीटू मीडिया प्रभारी मुरारीलाल बैरवा ने जानकारी दी कि धरने के दौरान कई बार जिला कलेक्टर, श्रम आयुक्त, संभागीय आयुक्त और मुख्य सचिव को ज्ञापन दिए जा चुके हैं, लेकिन अभी तक सरकार की तरफ से कोई आश्वासन नहीं मिला है। कामरेड उमाशंकर ने बताया कि वे डेढ़ साल से धरना दे रहे हैं और अगले एक-दो दिन में वे मुख्य सचिव, राजस्थान सरकार से दोबारा मुलाकात कर बकाया भुगतान के लिए ठोस वार्ता करेंगे। गुरुवार को 486वें दिन के धरने में कामरेड महावीर प्रसाद, कामरेड अली मोहम्मद, कामरेड मोहम्मद मंसूरी, कामरेड रामफूल, कामरेड रामनरेश, कामरेड जेठाराम, कामरेड गुलाब शंकर, कामरेड मंगल सिंह, कामरेड शिशुपाल, कामरेड गिरजा शंकर पांडे, कामरेड बच्चन जयसवाल, कामरेड लटूर लाल, कामरेड भवर लाल शर्मा, कामरेड अब्दुल सलाम, कामरेड बने सिंह, महिला मजदूर कैलाशी बाई, राजकुमारी, नजमा बेगम, संतोष, मंजू कश्यप, बदाम बाई, रहीसा बानो, अनीसा जी सहित सैकड़ों मजदूर, परिजन और सीटू कार्यकर्ता उपस्थित रहे। धरने का संचालन कामरेड अशोक सिंह ने किया।
कोटा में जेके फैक्ट्री के 4200 पूर्व मजदूरों और कर्मचारियों का बकाया वेतन भुगतान करवाने की मांग को लेकर चल रहा अनिश्चितकालीन धरना गुरुवार को 486वें दिन भी जारी रहा। यह धरना कोटा कलेक्ट्रेट गेट पर सीटू के बैनर तले 18 फरवरी 2025 से चल रहा है। बुधवार को धरनारत मजदूरों के एक प्रतिनिधिमंडल ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मुलाकात कर उन्हें ज्ञापन सौंपा, जिसमें सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लागू करते हुए मजदूरों को बकाया भुगतान जल्द दिलवाने की मांग की गई। मजदूर नेता कामरेड हबीब खान
और कामरेड उमाशंकर सहित प्रतिनिधिमंडल ने पूर्व मुख्यमंत्री गहलोत को अवगत कराया कि 1997 में बंद हुई फैक्ट्री के मजदूर पिछले 29 सालों से अपने हक के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला है। उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के 2023 के फैसले के बावजूद राजस्थान सरकार ने अब तक 260 करोड़ रुपए से अधिक के बकाया वेतन और 18 प्रतिशत ब्याज का भुगतान नहीं किया है। धरने में सैकड़ों मजदूर, महिला कर्मचारी, बुजुर्ग और बच्चे लगातार शामिल हैं। धरना स्थल पर
कामरेड हबीब खान, कामरेड उमाशंकर, कामरेड नरेंद्र सिंह और कामरेड सतीश चंद त्रिवेदी ने मजदूरों को संबोधित किया। सीटू मीडिया प्रभारी मुरारीलाल बैरवा ने जानकारी दी कि धरने के दौरान कई बार जिला कलेक्टर, श्रम आयुक्त, संभागीय आयुक्त और मुख्य सचिव को ज्ञापन दिए जा चुके हैं, लेकिन अभी तक सरकार की तरफ से कोई आश्वासन नहीं मिला है। कामरेड उमाशंकर ने बताया कि वे डेढ़ साल से धरना दे रहे हैं और अगले एक-दो दिन में वे मुख्य सचिव, राजस्थान सरकार से दोबारा मुलाकात कर बकाया भुगतान
के लिए ठोस वार्ता करेंगे। गुरुवार को 486वें दिन के धरने में कामरेड महावीर प्रसाद, कामरेड अली मोहम्मद, कामरेड मोहम्मद मंसूरी, कामरेड रामफूल, कामरेड रामनरेश, कामरेड जेठाराम, कामरेड गुलाब शंकर, कामरेड मंगल सिंह, कामरेड शिशुपाल, कामरेड गिरजा शंकर पांडे, कामरेड बच्चन जयसवाल, कामरेड लटूर लाल, कामरेड भवर लाल शर्मा, कामरेड अब्दुल सलाम, कामरेड बने सिंह, महिला मजदूर कैलाशी बाई, राजकुमारी, नजमा बेगम, संतोष, मंजू कश्यप, बदाम बाई, रहीसा बानो, अनीसा जी सहित सैकड़ों मजदूर, परिजन और सीटू कार्यकर्ता उपस्थित रहे। धरने का संचालन कामरेड अशोक सिंह ने किया।
- कोटा में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर व्यापक उत्साह देखा गया, जहाँ योगाचार्य इंजीनियर मनीष जैन के मार्गदर्शन में एक सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। योगाचार्य इंजीनियर मनीष जैन ने उपस्थित जनसमूह को विभिन्न योगासन और प्राणायाम का अभ्यास कराया, साथ ही नियमित योग को स्वस्थ जीवन की कुंजी बताया। इस विशेष योग शिविर में सैकड़ों लोगों ने स्वास्थ्य और फिटनेस का संदेश देते हुए सामूहिक योगाभ्यास किया। सहयोजक जेके जैन ने जानकारी दी कि योग प्रोटोकॉल के अनुसार कुल 55 मिनट का योगाभ्यास आम नागरिकों द्वारा सफलतापूर्वक पूरा किया गया। योगा फ्रॉम हार्ट की डायरेक्टर मोनिका जैन ने बताया कि इस योग शिविर में महिलाओं, बुजुर्गों, युवाओं और बच्चों सहित सभी आयु वर्गों के लोगों ने सक्रिय भागीदारी की और स्वस्थ रहने का संकल्प लिया। उल्लेखनीय है कि योगा फ्रॉम हार्ट द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर आयोजित किया गया तीन दिवसीय योग दिवस कार्यक्रम इसी दिन संपन्न हो गया।4
- कल री-नीट-यूजी की परीक्षा होनी है, जिसके लिए सरकार ने अब भारतीय वायुसेना को बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। पेपर लीक मामलों में अपनी 'भारी फजीहत' करवा चुकी सरकार ने इस परीक्षा को सही ढंग से करवाने के लिए वायुसेना को तैनात किया है। इसी क्रम में, वायुसेना का एक विमान किसी सैनिक अभियान पर न जाकर, परीक्षा के प्रश्नपत्रों को पहुंचाने का महत्वपूर्ण कार्य संभाल रहा है। इस स्थिति पर सरकार और उसके सिस्टम पर गहरा धिक्कार व्यक्त किया गया है, क्योंकि परीक्षा जैसे नागरिक कार्य के लिए सेना को इस तरह से इस्तेमाल करने की नौबत आ गई है।1
- एक संदेश के माध्यम से सभी भाइयों और बहनों से अपनी खेती पर विशेष ध्यान देने और समय पर बुवाई करने का प्रयास करने का आग्रह किया गया है। इसमें सभी को 'राम-राम' कहते हुए यह भी बताया गया है कि इस साल बारिश अच्छी हुई है, जिससे कपास की बुवाई के लिए स्थितियां अनुकूल हैं। इसके साथ ही, संदेश में लोगों से यह जानकारी साझा करने का अनुरोध किया गया है कि वे अपनी खेती में क्या-क्या बो रहे हैं और उनके शहर या गाँव में किस तरह की बारिश हो रही है।2
- भारत के राजनीतिक इतिहास में विधायकों और सांसदों को तोड़ने तथा सरकारों को गिराने की नींव कांग्रेस ने ही रखी थी, ऐसा मूल पाठ में दृढ़ता से दावा किया गया है। मौजूदा समय में सांसदों और विधायकों के दलबदल को लेकर मचे हंगामे के बीच, यह उजागर करना अत्यंत आवश्यक बताया गया है कि किसने मात्र चार साल के भीतर 1800 विधायकों और सांसदों को तोड़ा और 45 सरकारें गिरा दीं। यह पाठ इस ऐतिहासिक परिप्रेक्ष्य और तोड़फोड़ की वर्तमान गतिविधियों को खोलने की ज़रूरत पर बल देता है, जिससे लोग आश्चर्यचकित हो सकते हैं।1
- नशे मुक्ति अभियान की राष्ट्रीय अध्यक्ष पूजा छाबड़ा ने बताया है कि राजस्थान में अब नशे के खिलाफ लोगों में जागरूकता बढ़ रही है। उनके अनुसार, समाज और आम लोगों में नशे के प्रति गहरी जागृति आई है, जिसके परिणामस्वरूप लोग अब सामाजिक कार्यक्रमों में भी नशे से दूरी बनाए रखने लगे हैं।1
- यह एक कहानी है जो वृद्ध माता-पिता और उनके इकलौते बेटे के जीवन पर आधारित है। यह कहानी विशेष रूप से बुढ़ापे में मिलने वाले सहारे और रिश्तों की अहमियत के विषय पर प्रकाश डालती है।1
- अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर, कोटा डिस्ट्रिक्ट ताइक्वांडो एसोसिएशन ने श्रीनाथपुरम स्टेडियम में एक विशेष योग सत्र का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में एसोसिएशन के अध्यक्ष अनिल कुमार ने खिलाड़ियों को योग के महत्व और इसकी विभिन्न विधाओं के बारे में जानकारी दी, साथ ही सूर्य नमस्कार की 12 अवस्थाओं का अभ्यास भी कराया। अनिल कुमार ने बताया कि योग केवल एक शारीरिक व्यायाम नहीं है, बल्कि स्वस्थ जीवनशैली का आधार है। उन्होंने ज़ोर दिया कि नियमित योगाभ्यास से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, मानसिक तनाव कम होता है और शारीरिक तथा मानसिक स्वास्थ्य बेहतर बना रहता है। उन्होंने खिलाड़ियों को प्रतिदिन योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया। अध्यक्ष ने यह भी कहा कि ताइक्वांडो आत्मरक्षा की एक प्रभावी विधा है, और योग इसके अभ्यास के लिए आवश्यक अनुशासन, एकाग्रता, लचीलापन और संतुलन विकसित करने का एक सशक्त माध्यम है। इसी उद्देश्य से कोटा डिस्ट्रिक्ट ताइक्वांडो एसोसिएशन में ताइक्वांडो प्रशिक्षण से पहले प्रतिदिन योगाभ्यास कराया जाता है, जिससे खिलाड़ियों का सर्वांगीण विकास हो सके। कार्यक्रम में सभी खिलाड़ियों ने पूरे उत्साह के साथ योगाभ्यास किया और नियमित रूप से योग अपनाने का संकल्प लिया।4
- प्रसिद्ध सिंगर गोकुल शर्मा पर सांवरिया सेठ की कृपा बनी हुई है। उन्होंने बूंदी टनल में रुककर इस टनल के अनुभव का भरपूर आनंद लिया।1
- महाराष्ट्र के परभणी जिले के मानवत तालुका स्थित यशवाड़ी देवस्थान में एक बड़ा हादसा हो गया है, जहाँ हनुमान मंदिर परिसर में निर्माणाधीन सभामंडप की छत गिर गई। इस दुर्घटना में अब तक 7 लोगों की मौत की खबर है, जबकि 32 श्रद्धालु घायल हुए हैं। आशंका जताई जा रही है कि 40 से अधिक श्रद्धालु मलबे में दबे हो सकते हैं। हादसे की सूचना मिलने पर प्रशासन, एनडीआरएफ (NDRF) और बचाव दल मौके पर पहुँच गए हैं और राहत एवं बचाव अभियान में जुट गए हैं। घायलों को तत्काल परभणी जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।1