आमला थाना क्षेत्र के ग्राम लालावाड़ी रेलवे क्रॉसिंग के पास हुए चाकूबाजी की घटना का आमला पुलिस ने महज 72 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए पाँच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किए जाने के बाद न्यायिक अभिरक्षा में उपजेल मुलताई भेज दिया गया है। यह त्वरित कार्रवाई पुलिस अधीक्षक बैतूल वीरेन्द्र जैन के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश कुमार खरपुसे और एसडीओपी आमला एस.के. सिंह के मार्गदर्शन में की गई। पुलिस के अनुसार, यह घटना 30 जून 2026 को घटी थी, जब ग्राम लालावाड़ी रेलवे क्रॉसिंग के समीप एक मामूली कहासुनी के बाद आरोपियों ने विनोद मोड़क और उसके साथी योगेंद्र मोड़क के साथ पहले हाथ-मुक्कों से मारपीट की। इसके बाद उन्होंने चाकू से हमला कर दोनों को घायल कर दिया और मौके से फरार हो गए। पीड़ित की शिकायत पर आमला थाने में अपराध क्रमांक 276/2026 दर्ज किया गया, जिसमें भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला पंजीबद्ध किया गया। विवेचना के दौरान, पुलिस ने लगातार पतारसी और तलाश जारी रखी, जिसके परिणामस्वरूप मुखबिर की सूचना के आधार पर 3 जुलाई को घटना में शामिल सभी पाँच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में विकास पिता वारेलाल जोठे (18), भानू पिता लिखीराम जोठे (20), नवीन पिता मुकेश मोहबे (22), विकास पिता बसंत यादव (22) जो इटारसी, जिला नर्मदापुरम का निवासी है, तथा मोहित पिता मनोज कुमार मालवीय (18) जो वर्तमान में बस स्टैंड आमला का निवासी है, शामिल हैं। पूछताछ में सभी आरोपियों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया, जिसके बाद उन्हें न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इस सराहनीय कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक मुकेश ठाकुर, उपनिरीक्षक नितिन उईके, सहायक उपनिरीक्षक रामेश्वर सिंह, प्रधान आरक्षक नीलेश सोनी, बसंत उईके, संतोष मालवीय, विकास वर्मा, कमल पांसे, तथा आरक्षक विवेक टेटवार, नागेंद्र सिंह, रोहित कुशवाह, आदेश कवरेती, शशिकांत आरसे, विनोद अस्तरे और सैनिक रामराव की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधीक्षक वीरेन्द्र जैन ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी विवाद की स्थिति में कानून को अपने हाथ में न लें और छोटी-सी कहासुनी को हिंसक रूप देने से बचें, क्योंकि इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं। उन्होंने किसी भी विवाद की सूचना तत्काल निकटतम पुलिस थाना अथवा डायल 112 पर देने का आग्रह करते हुए बैतूल पुलिस की जिले में शांति, कानून व्यवस्था और आमजन की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता दोहराई।
आमला थाना क्षेत्र के ग्राम लालावाड़ी रेलवे क्रॉसिंग के पास हुए चाकूबाजी की घटना का आमला पुलिस ने महज 72 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए पाँच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किए जाने के बाद न्यायिक अभिरक्षा में उपजेल मुलताई भेज दिया गया है। यह त्वरित कार्रवाई पुलिस अधीक्षक बैतूल वीरेन्द्र जैन के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश कुमार खरपुसे और एसडीओपी आमला एस.के. सिंह के मार्गदर्शन में की गई। पुलिस के अनुसार, यह घटना 30 जून 2026 को घटी थी, जब ग्राम लालावाड़ी रेलवे क्रॉसिंग के समीप एक मामूली कहासुनी के बाद आरोपियों ने विनोद मोड़क और उसके साथी योगेंद्र मोड़क के साथ पहले हाथ-मुक्कों से मारपीट की। इसके बाद उन्होंने चाकू से हमला कर दोनों को घायल कर दिया और मौके से फरार हो गए। पीड़ित की शिकायत पर आमला थाने में अपराध क्रमांक 276/2026 दर्ज किया गया, जिसमें भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला पंजीबद्ध किया गया। विवेचना के दौरान, पुलिस ने लगातार पतारसी और तलाश जारी रखी, जिसके परिणामस्वरूप मुखबिर की सूचना के आधार पर 3 जुलाई को घटना में शामिल सभी पाँच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार किए
गए आरोपियों में विकास पिता वारेलाल जोठे (18), भानू पिता लिखीराम जोठे (20), नवीन पिता मुकेश मोहबे (22), विकास पिता बसंत यादव (22) जो इटारसी, जिला नर्मदापुरम का निवासी है, तथा मोहित पिता मनोज कुमार मालवीय (18) जो वर्तमान में बस स्टैंड आमला का निवासी है, शामिल हैं। पूछताछ में सभी आरोपियों ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया, जिसके बाद उन्हें न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। इस सराहनीय कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक मुकेश ठाकुर, उपनिरीक्षक नितिन उईके, सहायक उपनिरीक्षक रामेश्वर सिंह, प्रधान आरक्षक नीलेश सोनी, बसंत उईके, संतोष मालवीय, विकास वर्मा, कमल पांसे, तथा आरक्षक विवेक टेटवार, नागेंद्र सिंह, रोहित कुशवाह, आदेश कवरेती, शशिकांत आरसे, विनोद अस्तरे और सैनिक रामराव की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधीक्षक वीरेन्द्र जैन ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी विवाद की स्थिति में कानून को अपने हाथ में न लें और छोटी-सी कहासुनी को हिंसक रूप देने से बचें, क्योंकि इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं। उन्होंने किसी भी विवाद की सूचना तत्काल निकटतम पुलिस थाना अथवा डायल 112 पर देने का आग्रह करते हुए बैतूल पुलिस की जिले में शांति, कानून व्यवस्था और आमजन की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्धता दोहराई।
- बैतूल जिले के भीमपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत कूनखेड़ी के कारीदा स्थित शासकीय एकीकृत माध्यमिक शाला की हालत बेहद गंभीर बनी हुई है। ग्रामीणों का आरोप है कि स्कूल बनने के बाद से हर बारिश में पूरा परिसर पानी में डूब जाता है, जिससे यह शिक्षण संस्थान की बजाय जलभराव वाले क्षेत्र जैसा प्रतीत होता है। कक्षाओं की छत से लगातार पानी टपकता है, वहीं दूसरा भवन भी जर्जर अवस्था में है। ऐसे खतरनाक हालात में बच्चे रोजाना अपनी जान जोखिम में डालकर पढ़ाई करने को मजबूर हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि पानी भरने और भवन की खराब स्थिति के कारण कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है, लेकिन इसके बावजूद समस्या का कोई स्थायी समाधान नहीं किया गया है। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि जिला मुख्यालय से अधिक दूरी होने के कारण संबंधित अधिकारी इस ओर गंभीरता से ध्यान नहीं देते, और वर्षों से उनकी शिकायतों के बावजूद हालात में कोई सुधार नहीं हुआ है। यह स्थिति तब और गंभीर हो जाती है, जब यह विद्यालय भीमपुर विकासखंड के विधायक के गृह ग्राम से कुछ ही दूरी पर तथा एक केंद्रीय मंत्री के गृह क्षेत्र के समीप स्थित है, जिसके बावजूद बच्चों को सुरक्षित भवन उपलब्ध नहीं हो पा रहा है, जो व्यवस्था पर गंभीर प्रश्न खड़े करता है। कभी दुर्गम परिस्थितियों के कारण "प्रदेश का काला पानी" कहे जाने वाले भीमपुर क्षेत्र में आज भी बुनियादी सुविधाओं की कमी को लेकर ग्रामीण बेहद नाराज हैं। उनकी स्पष्ट चेतावनी है कि यदि समय रहते स्कूल की मरम्मत, जल निकासी की व्यवस्था और नए भवन का इंतजाम नहीं किया गया, तो किसी भी दिन कोई बड़ा हादसा हो सकता है।3
- मुलताई में विगत माह की 5 तारीख की रात हुई एक सड़क दुर्घटना के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए घटना में शामिल ट्रैक्टर को जब्त कर लिया है। पुलिस ने जब्त किए गए ट्रैक्टर को थाना परिसर में खड़ा करा दिया है। यह कार्रवाई फरियादी चंदन बारंगे की शिकायत के आधार पर की गई है। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने इस घटना के संबंध में अपराध दर्ज कर मामले की जांच शुरू की थी, जिसके दौरान दुर्घटना में शामिल ट्रैक्टर की पहचान कर उसे जब्त कर लिया गया। पुलिस के अनुसार, जब्त ट्रैक्टर को थाना लाया गया है और मामले में नियमानुसार आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस द्वारा दुर्घटना के सभी पहलुओं की जांच जारी है।1
- भैंसदेही की ग्राम पंचायत खोमई में अंडना नदी पर पुलिया निर्माण और नदी किनारे रिटर्निंग वॉल बनाने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री, सांसद दुर्गादास उईके और कलेक्टर बैतूल को पत्र लिखे हैं। ग्रामीणों ने चिंता जताई है कि पुलिया स्वीकृत होने के बावजूद निर्माण कार्य लंबित है, जिससे हर बारिश में जान-माल का नुकसान होता है। ग्रामीणों के अनुसार, भैंसदेही में अंडना नदी पर पुलिया निर्माण की स्वीकृति ज.प./MGNREGS-MP/2022/1669 के तहत 22 सितंबर 2022 को ही मिल चुकी थी, लेकिन 'विशेष कारणों' से अब तक काम शुरू नहीं हो सका है। इस लंबित निर्माण के कारण ग्रामीणों को आवागमन और परिवहन में भारी असुविधा का सामना करना पड़ता है। खोमई से महाराष्ट्र की सीमा मात्र 6 किलोमीटर दूर होने से, पुलिया न होने से मरीज इलाज के लिए, मजदूर मजदूरी के लिए, और आदिवासी सीजन में फसल कटाई के लिए महाराष्ट्र के सिरजगांव व आसपास के गांवों तक जाने में कठिनाई महसूस करते हैं। इससे व्यवसाय और आपातकालीन सेवाएं भी बुरी तरह प्रभावित होती हैं। पत्रों में गंभीर चिंता व्यक्त की गई है कि पुलिया के अभाव में बारिश के दौरान अंडना नदी में कई गाड़ियां और लोग बह चुके हैं, जिससे हर साल ग्रामीणों को अपनी जान जोखिम में डालकर नदी पार करनी पड़ती है। इसके अतिरिक्त, एक अलग पत्र में सांसद दुर्गादास उईके से नदी किनारे रिटर्निंग वॉल बनाने की मांग की गई है। खोमई में नदी किनारे लगभग 30 मकान बने हैं, जो अधिक वर्षा में बाढ़ के खतरे का सामना करते हैं। बाढ़ के साथ ही जहरीले जीव-जंतु भी घरों में घुस जाते हैं, जिससे लोगों की जान को खतरा बना रहता है। ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री, केंद्रीय मंत्री दुर्गादास उईके और कलेक्टर बैतूल से अंडना नदी पर लंबित पुलिया निर्माण के लिए अनुमोदन व नवीन स्वीकृति जारी करने का आग्रह किया है। साथ ही, उन्होंने रिटर्निंग वॉल के निर्माण को भी स्वीकृत करने की मांग की है ताकि बाढ़ और जहरीले जीवों से सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। ग्रामीणों का कहना है कि इन दोनों परियोजनाओं के पूरा होने से क्षेत्र की एक बड़ी समस्या का समाधान होगा और जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकेगी। अब सबकी निगाहें शासन-प्रशासन के फैसले पर टिकी हैं।2
- शहर की नई नगर पालिका सीएमओ सुरेखा जाटव ने पदभार संभालते ही कड़े तेवर दिखाते हुए अतिक्रमणकारियों को सबक सिखाना शुरू कर दिया है। शुक्रवार को उन्होंने मुख्य बाज़ार का औचक निरीक्षण किया, जहाँ सड़क पर अवैध कब्ज़ा करने वाले और दुकानों के बाहर गंदगी फैलाने वाले दुकानदारों पर मौके पर ही जुर्माना ठोक दिया गया। इस कार्रवाई से बाज़ार में ऐसा हड़कंप मचा कि दुकानदार तुरंत अपनी दुकानों के बाहर से सामान समेटते नजर आए। सीएमओ सुरेखा जाटव ने दो टूक शब्दों में चेतावनी दी है कि सड़कें आम जनता के लिए हैं, न कि किसी की निजी दुकान का विस्तार। उन्होंने अतिक्रमणकारियों को कविता और व्यंग्य के अंदाज़ में सुधरने का अल्टीमेटम भी दिया है, जिससे यह सवाल खड़ा हो गया है कि क्या इस बार बाज़ार सचमुच साफ हो पाएंगे।1
- सिवनी मालवा तहसील के ग्राम जाट गुराड़िया निवासी भारतीय सेना के हवलदार संतोष कुमार जाट (40 वर्ष), पिता स्वर्गीय हेमराज जाट, देश की सेवा करते हुए शहीद हो गए हैं। उनकी शहादत की खबर से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। हवलदार संतोष कुमार जाट पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी क्षेत्र स्थित बागडोगरा बॉर्डर पर पदस्थ थे, जहां ड्यूटी के दौरान वॉचिंग टावर से सीमा पर गतिविधियों पर नजर रखते समय वे दुर्घटनावश नीचे गिर गए थे। गंभीर रूप से घायल होने के बाद उनका लगातार उपचार किया गया, लेकिन उपचार के दौरान ही उन्होंने अंतिम सांस ली और मातृभूमि की सेवा में वीरगति को प्राप्त हुए। शहीद संतोष कुमार जाट अपने पीछे पत्नी, 15 वर्षीय पुत्री, 12 वर्षीय पुत्र तथा अन्य परिजनों को छोड़ गए हैं, उनके भाई सत्यनारायण जाट भी भारतीय सेना में सेवारत हैं। शुक्रवार दोपहर लगभग 2 बजे शहीद का पार्थिव शरीर भोपाल से उनके गृहग्राम जाट गुराड़िया लाया गया। यहां हजारों लोगों ने नम आंखों से अपने वीर सपूत के अंतिम दर्शन किए, जिसके बाद पूरे सम्मान के साथ अंतिम यात्रा ग्राम भिलाड़िया के लिए निकाली गई। शाम लगभग 5:30 बजे नर्मदा घाट पर पूरे राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान सेना के जवानों ने गार्ड ऑफ ऑनर देते हुए हवाई फायर कर अपने वीर साथी को अंतिम सलामी दी। अंतिम संस्कार में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, सेना के अधिकारियों और बड़ी संख्या में क्षेत्रवासियों की उपस्थिति रही। शहीद के अंतिम दर्शन के लिए राज्यसभा सांसद माया नारोलिया भी उनके गृहग्राम पहुंचीं, जिन्होंने शहीद के सम्मान में गांव में शहीद स्मारक (शहीद स्तंभ) बनाए जाने के निर्देश दिए और परिजनों को सांत्वना देते हुए हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। क्षेत्रवासियों ने शहीद हवलदार संतोष कुमार जाट के सर्वोच्च बलिदान को नमन करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की और कहा कि उनका त्याग एवं बलिदान सदैव देशवासियों को राष्ट्रसेवा की प्रेरणा देता रहेगा।1
- आमला शहर स्वच्छता विभाग के अनाड़ीपन के कारण जलमग्न हो गया है, जिससे नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश का पानी शहर की सभी मुख्य सड़कों और गलियों में भर गया है, जिसके चलते आवागमन में बाधा आ रही है। स्थिति इतनी गंभीर हो गई है कि लोगों के मकानों और दुकानों में भी पानी घुस गया है, जिससे उन्हें काफी नुकसान और असुविधा हो रही है। इस पूरी स्थिति के लिए स्वच्छता विभाग की अक्षमता को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है।1
- सोहागपुर के मातापुरा वार्ड निवासी और महाविद्यालय के पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष स्वर्गीय श्री विक्रम कहार "बंडू भैया" जी की पंचम पुण्यतिथि मनाई गई। इस अवसर पर उनकी पुण्य स्मृति में, उनकी धर्मपत्नी श्रीमती मनीषा कहार और सुपुत्र श्री हर्ष कहार जी ने राम रहीम रोटी बैंक के माध्यम से जरूरतमंद, बेघर और बेसहारा भाई-बहनों को प्रेमपूर्वक स्वादिष्ट भोजन कराकर पुण्य लाभ अर्जित किया। स्वर्गीय बंडू भैया, जिन्हें "सिर्फ एक नाम नहीं, एक विचार" माना जाता था, हमेशा कहते थे कि "भूखे का पेट भरना सबसे बड़ी देशभक्ति है"। इसी विचार को जीवित रखते हुए, कहार परिवार प्रतिवर्ष उनकी स्मृति में राम रहीम रोटी बैंक के माध्यम से यह अन्न सेवा करता आ रहा है। यह सेवा का सिलसिला कभी टूटा नहीं है, क्योंकि नेक काम मरते नहीं, बल्कि जिंदा रहते हैं। राम रहीम रोटी बैंक समिति ने इस सेवाभावी कहार परिवार का हृदय की गहराइयों से आभार व्यक्त किया है, यह कहते हुए कि उनका यह दान सैकड़ों दुआओं और आशीर्वाद में बदलेगा। इस पुण्य अवसर पर ईश्वर से प्रार्थना की गई कि वे स्वर्गीय बंडू भैया की दिवंगत पुण्य आत्मा को शांति प्रदान करें और उन्हें अपने श्री चरणों में ऊँचा स्थान दें। यह सेवा "नर सेवा = नारायण सेवा" के आदर्श को दर्शाता है, जिसके तहत महाविद्यालय के पूर्व अध्यक्ष की पंचम पुण्यतिथि पर जरूरतमंदों को भोजन कराया गया।1
- चौरई में एक वायरल वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने हरकत में आते हुए दोनों पक्षों पर क्रॉस केस दर्ज किए हैं। इस वीडियो में एक नगर सैनिक (होमगार्ड) कर्मचारी के मौके पर मौजूद होने और मारपीट के दौरान हस्तक्षेप न करने पर प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। पुलिस ने एक ओर चोरी का मामला दर्ज किया है, तो दूसरी ओर कानून हाथ में लेने और मारपीट करने के आरोप में दुकान संचालकों के खिलाफ भी कार्रवाई की है। चौरई थाना प्रभारी ने बताया कि वीडियो के आधार पर जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, क्योंकि कानून किसी को भी अपने हाथ में लेने की इजाजत नहीं देता।1