घरेलू कलह बना मौत का कारण: पत्नी, भाई और रिश्तेदार ने मिलकर उतारा मौत के घाट *छत्तीसगढ़ संपादक* *वंदे भारत* *8839398932*📞 https://vandebharatlivetvnews.com/?p=654901 बलौदा बाजार/पलारी। ग्राम बिनौरी से एक सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा हुआ है, जिसने रिश्तों की नींव को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस थाना पलारी ने एक अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाते हुए मृतक की पत्नी, सगे भाई और एक रिश्तेदार को गिरफ्तार किया है। यह हत्या कोई अचानक की गई वारदात नहीं, बल्कि लंबे समय से चले आ रहे मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना के खिलाफ उपजा आक्रोश था, जिसने एक भयावह साजिश का रूप ले लिया। मृतक रामकुमार साय (37 वर्ष) की मौत पहले संदिग्ध लगी, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने इसे साफ तौर पर हत्या करार दिया। इसके बाद पुलिस ने सूक्ष्मता से जांच शुरू की—जहां हर बयान, हर हावभाव और हर छुपी हुई बात को बारीकी से परखा गया। 🧠 मनोवैज्ञानिक पूछताछ ने खोला सच का दरवाजा पुलिस ने आरोपियों से अलग-अलग और गहन पूछताछ की। मनोवैज्ञानिक तकनीकों और भावनात्मक सवालों के जरिए उनके बयानों में छिपे विरोधाभासों को पकड़ा गया। आरोपी पहले से ही जवाबों की तैयारी करके आए थे, लेकिन सच्चाई के सामने उनकी चालाकी ज्यादा देर टिक नहीं सकी। ⚖️ हत्या के पीछे की दर्दनाक वजह जांच में सामने आया कि मृतक शराब का आदी था और रोजाना नशे में घर लौटकर पत्नी और परिजनों के साथ मारपीट करता था। इतना ही नहीं, उसने अपनी ही बेटी के प्रति भी गलत नजर रखनी शुरू कर दी थी। यह स्थिति परिवार के लिए असहनीय बन गई थी। इसी प्रताड़ना से तंग आकर मृतक की पत्नी मीना बाई साय, भाई महावीर साय और रिश्तेदार वैभव उर्फ अंशु बघेल ने मिलकर हत्या की योजना बनाई। 🕵️♂️ साजिश से सबूत मिटाने तक 29-30 मार्च की रात, जब रामकुमार साय गहरी नींद में था, तब तीनों आरोपियों ने गमछे से उसका गला घोंट दिया। हत्या के बाद सबूत छिपाने के लिए गमछे को पत्थर से बांधकर कुएं में फेंक दिया गया। लेकिन पुलिस की सटीक जांच और फोरेंसिक टीम की मदद से यह साक्ष्य बरामद कर लिया गया। 🔍 एक झूठ ने बढ़ाया शक परिजनों द्वारा एक रिश्तेदार (भतीजे) की घटना स्थल पर मौजूदगी छिपाने की कोशिश ने पुलिस के शक को और गहरा कर दिया। वहीं, एक आरोपी का घटना के बाद रायपुर भाग जाना भी संदेह का कारण बना, जिसे बाद में तलब कर सख्ती से पूछताछ की गई और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। 🚔 पुलिस की सतर्कता और टीमवर्क से सुलझी गुत्थी पुलिस अधीक्षक श्रीमती भावना गुप्ता के निर्देशन और वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में थाना पलारी की टीम ने इस जटिल मामले को परत-दर-परत सुलझाया। वैज्ञानिक साक्ष्यों, फोरेंसिक रिपोर्ट और गहन पूछताछ के समन्वय से सच्चाई सामने आई। ⚖️ आरोपी गिरफ्तार, न्याय की प्रक्रिया जारी पुलिस ने तीनों आरोपियों— महावीर साय (40 वर्ष) मीना बाई साय (36 वर्ष) वैभव उर्फ अंशु बघेल (19 वर्ष) को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। ✍️ एक सवाल छोड़ गया यह मामला यह घटना सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि उस दर्दनाक स्थिति की कहानी है, जहां घरेलू हिंसा, नशे की लत और सामाजिक चुप्पी मिलकर एक परिवार को अपराध की ओर धकेल देती है। क्या समय रहते मदद और हस्तक्षेप मिलता, तो क्या यह त्रासदी टल सकती थी? यह सवाल आज भी समाज के सामने खड़ा है।
घरेलू कलह बना मौत का कारण: पत्नी, भाई और रिश्तेदार ने मिलकर उतारा मौत के घाट *छत्तीसगढ़ संपादक* *वंदे भारत* *8839398932*📞 https://vandebharatlivetvnews.com/?p=654901 बलौदा बाजार/पलारी। ग्राम बिनौरी से एक सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा हुआ है, जिसने रिश्तों की नींव को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस थाना पलारी ने एक अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाते हुए मृतक की पत्नी, सगे भाई और एक रिश्तेदार को गिरफ्तार किया है। यह हत्या कोई अचानक की गई वारदात नहीं, बल्कि लंबे समय से चले आ रहे मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना के खिलाफ उपजा आक्रोश था, जिसने एक भयावह साजिश का रूप ले लिया। मृतक रामकुमार साय (37 वर्ष) की मौत पहले संदिग्ध लगी, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने इसे साफ तौर पर हत्या करार दिया। इसके बाद पुलिस ने सूक्ष्मता से जांच शुरू की—जहां हर बयान, हर हावभाव और हर छुपी हुई बात को बारीकी से परखा गया। 🧠 मनोवैज्ञानिक पूछताछ ने खोला सच का दरवाजा पुलिस ने आरोपियों से अलग-अलग और गहन पूछताछ की। मनोवैज्ञानिक तकनीकों और भावनात्मक सवालों के जरिए उनके बयानों में छिपे विरोधाभासों को पकड़ा गया। आरोपी पहले से ही जवाबों की तैयारी करके आए थे, लेकिन सच्चाई के सामने उनकी चालाकी ज्यादा देर टिक नहीं सकी। ⚖️ हत्या के पीछे की दर्दनाक वजह जांच में सामने आया कि मृतक शराब का आदी था और रोजाना नशे में घर लौटकर पत्नी और परिजनों के साथ मारपीट करता था। इतना ही नहीं, उसने अपनी ही बेटी के प्रति भी गलत नजर रखनी शुरू कर दी थी। यह स्थिति परिवार के लिए असहनीय बन गई थी। इसी प्रताड़ना से तंग आकर मृतक की पत्नी मीना बाई साय, भाई महावीर साय और रिश्तेदार वैभव उर्फ अंशु बघेल ने मिलकर हत्या की योजना बनाई। 🕵️♂️ साजिश से सबूत मिटाने तक 29-30 मार्च की रात, जब रामकुमार साय गहरी नींद में था, तब तीनों आरोपियों ने गमछे से उसका गला घोंट दिया। हत्या के बाद सबूत छिपाने के लिए गमछे को पत्थर से बांधकर कुएं में फेंक दिया गया। लेकिन पुलिस की सटीक जांच और फोरेंसिक टीम की मदद से यह साक्ष्य बरामद कर लिया गया। 🔍 एक झूठ ने बढ़ाया शक परिजनों द्वारा एक रिश्तेदार (भतीजे) की घटना स्थल पर मौजूदगी छिपाने की कोशिश ने पुलिस के शक को और गहरा कर दिया। वहीं, एक आरोपी का घटना के बाद रायपुर भाग जाना भी संदेह का कारण बना, जिसे बाद में तलब कर सख्ती से पूछताछ की गई और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। 🚔 पुलिस की सतर्कता और टीमवर्क से सुलझी गुत्थी पुलिस अधीक्षक श्रीमती भावना गुप्ता के निर्देशन और वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में थाना पलारी की टीम ने इस जटिल मामले को परत-दर-परत सुलझाया। वैज्ञानिक साक्ष्यों, फोरेंसिक रिपोर्ट और गहन पूछताछ के समन्वय से सच्चाई सामने आई। ⚖️ आरोपी गिरफ्तार, न्याय की प्रक्रिया जारी पुलिस ने तीनों आरोपियों— महावीर साय (40 वर्ष) मीना बाई साय (36 वर्ष) वैभव उर्फ अंशु बघेल (19 वर्ष) को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। ✍️ एक सवाल छोड़ गया यह मामला यह घटना सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि उस दर्दनाक स्थिति की कहानी है, जहां घरेलू हिंसा, नशे की लत और सामाजिक चुप्पी मिलकर एक परिवार को अपराध की ओर धकेल देती है। क्या समय रहते मदद और हस्तक्षेप मिलता, तो क्या यह त्रासदी टल सकती थी? यह सवाल आज भी समाज के सामने खड़ा है।
- baniya para sthit Shri Radha Krishna Mandir mein 108 bar Hanuman chalisa Hanuman jayanti mahapaur ATI harsolas se manaya Gaya1
- खबर आज 1 अप्रैल दोपहर 3:30 बजे की है ,थाना पलारी क्षेत्र के ग्राम बिनौरी में हुए अंधे कत्ल का पुलिस ने खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मृतक रामकुमार साय (37) की हत्या उसकी ही पत्नी, बड़े भाई और एक रिश्तेदार ने मिलकर की थी। पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक अक्सर शराब के नशे में परिवार के साथ मारपीट और प्रताड़ना करता था।1
- बिजली ऑफिस चौक चकरभाठा के पास अनियंत्रित कार के नीचे फसे दो गायों की छतौना गौ सेवा धाम की टीम ने किया रेस्क्यू आज गुरुवार की सुबह 11:00 बजे गौ सेवा धाम छतौना के सेवक प्रहलाद यादव जी से मिली जानकारी के अनुसार कल बुधवार की रात 9:00 बजे के करीब गौ सेवा धाम छतौना को सूचना मिली की बिजली ऑफिस चौक चकरभाठा के पास एक अनियंत्रित कार चालक ने चौक पर बैठे दो गायों के ऊपर कार चढ़ा दी है और दोनों गाय कार के नीचे फंस गए है रेस्क्यू करना होगा सूचना मिलते हैं गौ सेवा धाम छतौना की टीम तत्काल घटना स्थल पहुंची यहां लोगो की भीड़ लगी थी दो गौ वंश कार के नीचे फंसे हुए थे काफी दूर तक गयो को घसीटा गया था जिसके बाद उपस्थित लोगों की मदद से कार को उठाकर दोनो गायों को बाहर निकला गया इस दुर्घटना में दोनों गायों के पैर पेट और पीठ में गंभीर चोटे आई थी जिसकी वजह से कार चालक भाग नहीं पाया और बताया की चौक पर बैठी गायों को ओ देख नही पाया जिसकी वजह से दोनो गाय नीचे फस गई कार चालक ने अपनी गलती मानी और उन्होंने दोनों गायों का इलाज करवाया इसके बाद दोनों घायल गायों को देख रेख और इलाज के लिए गौ सेवा धाम छतौना ले जाया गया है जहां दोनों घायल गायों का इलाज जारी है आपको बता दे की क्षेत्र में एक्सीडेंटल गायों की सेवा के लिए प्रसिद्ध गौ सेवा धाम छतौना के द्वारा एक्सीडेंटल लावारिस गायों की मदद कर इलाज की जाती है जिनके कार्यों की छेत्र में काफी प्रशंसा की जाती है क्योंकि यह गौ सेवा धाम छतौना यूवायो की एक टीम है जिसमे ऐसे लोग सामिल है जो गौ वंश प्रेमी है जो बेजुबान एक्सीडेंटल गौ वंश की निशुल्क सेवा के लिए दिन हो या रात हमेशा तत्पर रहते है1
- दिव्यांग महिला को नहीं मिला रहा है उसके हिस्से का चावल दर-दर भटक रही हैं दिव्यांग महिला..1
- ग्राम हरदीकला मे शार्टसर्किट से ग्रामीण के घर मे लगी आग / हरदीकला ,बिलासपुर #bilaspurnews #bilaspurbreakingnews #hardikalabilaspur1
- मुंगेली जिले के सरगांव थाना क्षेत्र में जमीन से जुड़ी बड़ी धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। फर्जी दस्तावेजों के जरिए जमीन का नामांतरण कर करीब 15 लाख रुपये की ठगी करने वाले आरोपी छगनलाल वर्मा को पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। जांच में खुलासा हुआ कि जमीन पहले ही 1975 में खरीदी जा चुकी थी, लेकिन नामांतरण नहीं हुआ था, जिसका फायदा उठाकर आरोपी ने दोबारा पंजीयन कराया। पुलिस ने फर्जी आधार कार्ड और कूटरचित दस्तावेज भी जप्त किए हैं।1
- Post by Moneybowl Fincon1
- ग्राम पिरैया की 32 वर्षीय महिला बिन बताये घर से हुई फरार पति ने थाना चकरभाठा मे दर्ज कराई गुमसुदगी रिपोर्ट बुधवार की रात 9:30 पर चकरभाठा पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार नाम प्राथों विनोद कुमार भारद्वाज पिता रामफल भारद्वाज उम्र 35 साल साकिन ग्राम पिरैया थाना। चकरभाठा जिला बिलासपुर ने बुधवार की साम 5 बजे के करीब थाना चकरभाठा मे अपनी पत्नी गुम इसान आरती भारद्वाज पति विनोद कुमार भारद्वाज आम्र 32 साल साकिन ग्राम पिरैया थाना चकरभाठा जिला बिलासपुर छ.ग की गुम इंसान रिपोर्ट दर्ज कराया कि इसकी पत्नि आरती भारद्वाज पति विनोद कुमार भारद्वाज उम्र 32 साल साकिन ग्राम पिरैया थाना चकरभाठा जिला बिलासपुर छग जो दिनांक 31/03/2026 को सुबह करीबन 11:00 बजे घर ग्राम पिश्या से बिना बताये कही चली गई है जिसका आस पास रिश्तेदारो में पता तलाश किया कोई पता नहीं चला हलिया कद 5 फिट 4 इंच रंग गोरी, चेहरा गोल, बाल काला लम्बा, लाल रंग की साड़ी पहनी है छत्तीसगढ़ी भाषा बोलती है घर में रखे सोने का सामान लेकर चली गई है अपने साथ मोबइल रखी है बंद बता रहा है सूचक की सूचना पर गुम इंसान क्रमांक 28/2026 कायम कर पतासाजी में लिया गया गुम इंसान कायमी की सूचना जरिये RM सर्व थाना चौकी प्रभारी DCRB को भेजी जाती है1