मुरैना जिले के कैलारस जनपद पंचायत की ग्राम पंचायत चमरगवां में महिला सरपंच के पति लक्ष्मण धाकड़ की दबंगई का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पंचायत में हुए निर्माण कार्यों में कथित अनियमितताओं और अवैध निर्माण की शिकायत की जांच करने पहुंचे प्रशासनिक दल के सामने ही सरपंच पति और उनके परिजनों ने शिकायतकर्ता को डराया, धमकाया और जमकर गाली-गलौज व अभद्र भाषा का प्रयोग किया। घटना उस समय की है जब जनपद पंचायत कैलारस के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) श्री रामपाल करजरे एवं अन्य कर्मचारी शिकायत की जांच के लिए गांव पहुंचे थे। अधिकारियों की मौजूदगी के बावजूद सरपंच पति लक्ष्मण धाकड़ बेखौफ होकर अपनी दबंगई दिखाते नजर आए। जांच अधिकारी के सामने हुई इस गुंडागर्दी के बाद अब जनपद सीईओ की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। वर्तमान में चमरगवां ग्राम पंचायत की सरपंच श्रीमती विद्या धाकड़ हैं। इस पूरे घटनाक्रम के सामने आने के बाद अब जनता की निगाहें प्रशासन पर टिकी हैं कि क्या शिकायतकर्ता को सुरक्षा देकर आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी, या फिर यह मामला भी ठंडे बस्ते और आपसी समझौते में दबा दिया जाएगा।
मुरैना जिले के कैलारस जनपद पंचायत की ग्राम पंचायत चमरगवां में महिला सरपंच के पति लक्ष्मण धाकड़ की दबंगई का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। पंचायत में हुए निर्माण कार्यों में कथित अनियमितताओं और अवैध निर्माण की शिकायत की जांच करने पहुंचे प्रशासनिक दल के सामने ही सरपंच पति और उनके परिजनों ने शिकायतकर्ता को डराया, धमकाया और जमकर गाली-गलौज व अभद्र भाषा का प्रयोग किया। घटना उस समय की है जब जनपद पंचायत कैलारस के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) श्री रामपाल करजरे एवं अन्य कर्मचारी शिकायत की जांच के लिए गांव पहुंचे थे। अधिकारियों की मौजूदगी के बावजूद सरपंच पति लक्ष्मण धाकड़ बेखौफ होकर अपनी दबंगई दिखाते नजर आए। जांच अधिकारी के सामने हुई इस गुंडागर्दी के बाद अब जनपद सीईओ की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं। वर्तमान में चमरगवां ग्राम पंचायत की सरपंच श्रीमती विद्या धाकड़ हैं। इस पूरे घटनाक्रम के सामने आने के बाद अब जनता की निगाहें प्रशासन पर टिकी हैं कि क्या शिकायतकर्ता को सुरक्षा देकर आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी, या फिर यह मामला भी ठंडे बस्ते और आपसी समझौते में दबा दिया जाएगा।
- Shuru UserAmbah, Morena👏4 hrs ago
- मुरैना जिले की जौरा तहसील के ग्राम घुरा निवासी सकील उद्दीन और उनकी माता तारा बेगम ने पुलिस अधीक्षक को आवेदन देकर अपनी पैतृक कृषि भूमि पर अवैध कब्जे, मारपीट और पुलिस की निष्क्रियता की शिकायत की है। प्रार्थियों का आरोप है कि उनके चचेरे भाई शमसुद्दीन उर्फ छोटा ने उनकी पैतृक जमीन पर जबरन कब्जा कर लिया है और विरोध करने पर गाली-गलौज, मारपीट व जान से मारने की धमकी देता है। पीड़ित का कहना है कि इस मामले में 15 अप्रैल 2026 और 3 जून 2026 को बागचीनी थाना में एफआईआर दर्ज कराई गई थी, लेकिन इसके बावजूद पुलिस ने जमीन का कब्जा नहीं दिलाया और न ही कोई प्रभावी कार्रवाई की। आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया है कि सोहिल खान, जलील उद्दीन और उनकी माता वफ़ातन ने जमीन के विवाद में फंसाने की नीयत से अपने ही बेटे का कान काटकर सकील उद्दीन के खिलाफ झूठी एफआईआर दर्ज कराने की कोशिश की। पीड़ित के मुताबिक, जब भी वह अपनी कृषि भूमि की जुताई करने जाता है, आरोपी लाठी-डंडों और अन्य हथियारों के साथ आकर हमला करने का प्रयास करते हैं और जान से मारने की धमकी देते हैं, जिससे परिवार भय के साए में जीने को मजबूर है। पीड़ित परिवार का कहना है कि उक्त कृषि भूमि ही उनकी आजीविका का एकमात्र साधन है और शीघ्र न्याय न मिलने पर उनके सामने गंभीर आर्थिक संकट पैदा हो जाएगा। आवेदन में पुलिस अधीक्षक से जमीन से अवैध कब्जा हटवाकर विधिसम्मत कब्जा दिलाने, पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कानूनी कार्रवाई करने और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की गई है।1
- मध्य प्रदेश के मुरैना जिले के जौरा में गुरुवार को 13 वर्षीय बालक राज सविता के कथित अपहरण की खबर से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। स्कूल जाने के लिए निकला मासूम घटना के करीब 7 घंटे बाद सही-सलामत अपने घर लौट आया। आर.एम. कृष्णा पैलेस के पास रहने वाला राज सविता, पिता संतोष सविता, सुबह करीब 8 बजे स्कूल जाने के लिए घर से निकला था। जब दोपहर करीब 2:30 बजे तक वह वापस नहीं आया, तो चिंतित परिजन स्कूल पहुंचे। वहां जाकर पता चला कि राज पूरे दिन स्कूल पहुंचा ही नहीं था। इसके बाद परिजनों ने आसपास और रिश्तेदारों के यहां उसकी खोजबीन शुरू की, तभी सूचना मिली कि बच्चा घर लौट आया है। घर लौटने पर राज ने परिजनों को बताया कि कुछ अज्ञात लोग उसका मुंह बांधकर उसे एक गाड़ी में बैठाकर ले गए थे, जिसके बाद वह किसी तरह वहां से वापस अपने घर पहुंचा। बेटे के सकुशल लौटने पर मां की आंखों से आंसू नहीं थमे और घर का माहौल भावुक हो गया। घटना की खबर फैलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। फिलहाल पुलिस मामले की शिकायत और बच्चे द्वारा बताए गए घटनाक्रम की सत्यता की जांच में जुटी है।1
- सबलगढ़ की नगर पालिका परिषद में जनहित, पारदर्शिता और मूलभूत समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर पार्षदों का जनहित सत्याग्रह 77वें दिन भी जारी रहा। इस अवसर पर चंद्रशेखर आजाद जयंती के मौके पर सत्याग्रही पार्षदों ने महान क्रांतिकारी चंद्रशेखर आजाद को नमन किया। पार्षदों ने कहा कि उनके साहस, त्याग और निर्भीकता से प्रेरणा लेकर वे जनता के अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे हैं और आजाद की तरह निर्भीक होकर आवाज उठाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। सत्याग्रह में शामिल पार्षद मोहन रामजी लाल पचौरी, पार्षद कैलाश चंद भगत एवं पार्षद रचना अशरफ सहित अन्य पार्षदों ने बताया कि पिछले 77 दिनों से जमीन पर बैठकर चलाया जा रहा यह आंदोलन किसी व्यक्तिगत स्वार्थ या राजनीतिक लाभ के लिए नहीं है। यह सत्याग्रह नगर की जनता को बेहतर पेयजल, सफाई व्यवस्था, विकास कार्यों में पारदर्शिता और नगर पालिका के वित्तीय मामलों में जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग को लेकर किया जा रहा है, जो अब जनता की आवाज बन चुका है। सत्याग्रह कर रहे पार्षदों ने स्पष्ट कहा, “आजाद थे, आजाद हैं और जनता के लिए आजाद रहेंगे। जनता के हित और अधिकारों की लड़ाई में किसी दबाव के आगे नहीं झुकेंगे।” उन्होंने ऐलान किया कि जब तक जनहित से जुड़े इन मुद्दों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनका जनहित सत्याग्रह बिना रुके जारी रहेगा।1
- श्योपुर में मध्यप्रदेश पुलिस के "नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0" अभियान के तहत युवाओं और आमजन को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। इस पहल के माध्यम से "नशे को कहेंगे ना, ज़िंदगी को कहेंगे हाँ" का संदेश फैलाया जा रहा है और सभी से मिलकर एक नशामुक्त समाज बनाने का संकल्प लेने का आह्वान किया गया है।1
- धौलपुर के सरमथुरा में नीट परीक्षा में चयन होने पर सम्मान किया गया। इस अवसर पर नीट परीक्षा में मिली सफलता पर अभिनंदन व्यक्त किया गया।1
- धौलपुर के सरमथुरा में आंगई थाना प्रभारी कृपाल सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मुखबिर की सूचना पर चिलाचौंद के पास कार्रवाई की है। पुलिस ने दो पिकअप गाड़ियों में भरकर कट्टीघर ले जाए जा रहे कुल 16 पशुओं को मुक्त करवाया है। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मौके से तीन पशु तस्करों को भी गिरफ्तार किया है। पुलिस की इस अचानक हुई कार्रवाई से क्षेत्र में पशु क्रूरता करने वाले लोगों में हड़कंप मच गया है।1
- जयपुर में कांग्रेस द्वारा भाजपा कार्यालय का घेराव किया गया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों की पुलिस के साथ तीखी झड़प हो गई, जिसके बाद वाटर कैनन का इस्तेमाल किया गया।1
- मध्य प्रदेश शासन की कार्रवाई के तहत मुरैना जिले की तहसील अम्बाह के ग्राम लुधावली में 82 बीघा से अधिक भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराकर वास्तविक पट्टाग्राहियों को सौंप दिया गया है। वर्ष 2001-2002 में शासन द्वारा ग्राम लुधावली में भूमिहीनों को पट्टे प्रदान किए गए थे, लेकिन 25 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद भी उन्हें वास्तविक कब्जा प्राप्त नहीं हो सका था। इस अवधि में कुछ पट्टाग्राहियों की मृत्यु भी हो चुकी थी। मुरैना कलेक्टर लोकेश जांगिड़ के निर्देशन, अनुविभागीय अधिकारी श्रीमती प्रतिज्ञा शर्मा के मार्गदर्शन और तहसीलदार अम्बाह नरेश शर्मा के नेतृत्व में इस कार्रवाई को अंजाम दिया गया। तहसीलदार नरेश शर्मा ने 25 पटवारियों और 50 कोटवारों के राजस्व दल के साथ पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में लगातार 6 घंटे तक सीमांकन और कब्जा देने की कार्रवाई की। इस दौरान ग्राम लुधावली के भूमि सर्वे क्रमांक 424, 426 और 430 में एक ही दिन में 14 सीमांकन करते हुए 14 पट्टों का वास्तविक कब्जा लाभार्थियों को सौंपा गया। इन पट्टों के लाभार्थियों में रामसेवक, जगन्नाथ, भीमसेन, भिखारी, रामहरि, गुड्डी, मुन्नी, कप्तान सिंह, भगीरथ सिंह, शयमवती, जगन्नाथ सिंह, सामंत, मोहश्री, शिवचरण, लालाराम, गुनाईया, रामस्वरूप, पान सिंह और नाथूराम शामिल हैं। 25 वर्ष बाद अपनी भूमि का वास्तविक कब्जा मिलने पर पट्टाग्राहियों के चेहरों पर खुशी नजर आई और उन्होंने प्रशासन का धन्यवाद दिया। तहसीलदार नरेश शर्मा ने बताया कि तहसील अम्बाह क्षेत्र में अवैध कब्जाधारियों से भूमि मुक्त करवाने की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।1