#अशोक खरात (जिन्हें उनके अनुयायी 'कैप्टन' के नाम से भी पुकारते थे) मार्च 2026 में महाराष्ट्र के नासिक में सामने आए एक बड़े यौन शोषण और धोखाधड़ी मामले का मुख्य आरोपी है। इस मामले ने महाराष्ट्र की राजनीति और सामाजिक गलियारों में काफी हलचल मचा दी थी। अशोक खरात और उससे जुड़े विवाद की मुख्य बातें यहाँ दी गई हैं: 1. गंभीर आरोप और गिरफ्तारी अशोक खरात को मार्च 2026 में नासिक पुलिस ने गिरफ्तार किया था। उस पर एक महिला ने बेहद गंभीर आरोप लगाए थे: • यौन शोषण: पीड़िता का आरोप था कि खरात ने कई वर्षों तक उसका शारीरिक शोषण किया। • ब्लैकमेलिंग: आरोपी ने कथित तौर पर पीड़िता के आपत्तिजनक वीडियो बनाए थे और उन्हें वायरल करने की धमकी देकर उसे चुप रखा था। • आर्थिक धोखाधड़ी: खरात पर पीड़िता से करोड़ों रुपये ठगने का भी आरोप लगा। 2. 'आध्यात्मिक गुरु' का चोला खरात खुद को एक आध्यात्मिक गुरु या 'बाबा' के रूप में पेश करता था। उसने नासिक और उसके आसपास के इलाकों में अपना एक बड़ा प्रभाव बना रखा था। वह अक्सर सफेद कपड़ों में दिखता था और खुद को 'कैप्टन' कहलवाना पसंद करता था। 3. हाई-प्रोफाइल संबंध पुलिस जांच में यह बात सामने आई कि खरात के संबंध कई प्रभावशाली राजनेताओं और अधिकारियों के साथ थे। • रुपाली चाकणकर विवाद: महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग की तत्कालीन अध्यक्षा रुपाली चाकणकर के साथ उसके पुराने वीडियो वायरल हुए, जिसमें वह उसके पैर धोती नजर आ रही थीं। इसी विवाद के चलते चाकणकर को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा। • SIT जांच: मामले की गंभीरता और राजनीतिक कनेक्शन को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने इस केस की जांच के लिए एक SIT (विशेष जांच दल) का गठन किया है। 4. पुलिस की बरामदगी गिरफ्तारी के बाद खरात के ठिकानों पर की गई छापेमारी में पुलिस को कई चौंकाने वाली चीजें मिलीं: • कई महिलाओं के आपत्तिजनक वीडियो और तस्वीरें। • बड़ी मात्रा में नकदी और संपत्ति के दस्तावेज। • कुछ ऐसे सबूत जिनसे संकेत मिले कि वह महिलाओं को डरा-धमका कर उनका शोषण करता था। वर्तमान स्थिति अशोक खरात फिलहाल न्यायिक हिरासत में है और SIT उसके द्वारा किए गए अन्य संभावित अपराधों और उसके 'वित्तीय साम्राज्य' की जांच कर रही है। इस मामले ने महाराष्ट्र में धर्म के नाम पर शोषण करने वाले 'स्वयंभू बाबाओं' के खिलाफ एक नई बहस छेड़ दी है।
#अशोक खरात (जिन्हें उनके अनुयायी 'कैप्टन' के नाम से भी पुकारते थे) मार्च 2026 में महाराष्ट्र के नासिक में सामने आए एक बड़े यौन शोषण और धोखाधड़ी मामले का मुख्य आरोपी है। इस मामले ने महाराष्ट्र की राजनीति और सामाजिक गलियारों में काफी हलचल मचा दी थी। अशोक खरात और उससे जुड़े विवाद की मुख्य बातें यहाँ दी गई हैं: 1. गंभीर आरोप और गिरफ्तारी अशोक खरात को मार्च 2026 में नासिक पुलिस ने गिरफ्तार किया था। उस पर एक महिला ने बेहद गंभीर आरोप लगाए थे: • यौन शोषण: पीड़िता का आरोप था कि खरात ने कई वर्षों तक उसका शारीरिक शोषण किया। • ब्लैकमेलिंग: आरोपी ने कथित तौर पर पीड़िता के आपत्तिजनक वीडियो बनाए थे और उन्हें वायरल करने की धमकी देकर उसे चुप रखा था। • आर्थिक धोखाधड़ी: खरात पर पीड़िता से करोड़ों रुपये ठगने का भी आरोप लगा। 2. 'आध्यात्मिक गुरु' का चोला खरात खुद को एक आध्यात्मिक गुरु या 'बाबा' के रूप में पेश करता था। उसने नासिक और उसके आसपास के इलाकों में अपना एक बड़ा प्रभाव बना रखा था। वह अक्सर सफेद कपड़ों में दिखता था और खुद को 'कैप्टन' कहलवाना पसंद करता था। 3. हाई-प्रोफाइल संबंध पुलिस जांच में यह बात सामने आई कि खरात के संबंध कई प्रभावशाली राजनेताओं और अधिकारियों के साथ थे। • रुपाली चाकणकर विवाद: महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग की तत्कालीन अध्यक्षा रुपाली चाकणकर के साथ उसके पुराने वीडियो वायरल हुए, जिसमें वह उसके पैर धोती नजर आ रही थीं। इसी विवाद के चलते चाकणकर को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा। • SIT जांच: मामले की गंभीरता और राजनीतिक कनेक्शन को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने इस केस की जांच के लिए एक SIT (विशेष जांच दल) का गठन किया है। 4. पुलिस की बरामदगी गिरफ्तारी के बाद खरात के ठिकानों पर की गई छापेमारी में पुलिस को कई चौंकाने वाली चीजें मिलीं: • कई महिलाओं के आपत्तिजनक वीडियो और तस्वीरें। • बड़ी मात्रा में नकदी और संपत्ति के दस्तावेज। • कुछ ऐसे सबूत जिनसे संकेत मिले कि वह महिलाओं को डरा-धमका कर उनका शोषण करता था। वर्तमान स्थिति अशोक खरात फिलहाल न्यायिक हिरासत में है और SIT उसके द्वारा किए गए अन्य संभावित अपराधों और उसके 'वित्तीय साम्राज्य' की जांच कर रही है। इस मामले ने महाराष्ट्र में धर्म के नाम पर शोषण करने वाले 'स्वयंभू बाबाओं' के खिलाफ एक नई बहस छेड़ दी है।
- जबलपुर के करमचंद चौक 11 baje रात्रि एक imarat में अचानक आग लगने से अफरताफरि ka माहौल बना मौके पे police प्रशासन नगर निगम फायरबिर्गेट pahuch के आग बुझाने का lagatar प्रयास कर रहे1
- viral video अशोक खरात (जिन्हें उनके अनुयायी 'कैप्टन' के नाम से भी पुकारते थे) मार्च 2026 में महाराष्ट्र के नासिक में सामने आए एक बड़े यौन शोषण और धोखाधड़ी मामले का मुख्य आरोपी है। इस मामले ने महाराष्ट्र की राजनीति और सामाजिक गलियारों में काफी हलचल मचा दी थी। अशोक खरात और उससे जुड़े विवाद की मुख्य बातें यहाँ दी गई हैं: 1. गंभीर आरोप और गिरफ्तारी अशोक खरात को मार्च 2026 में नासिक पुलिस ने गिरफ्तार किया था। उस पर एक महिला ने बेहद गंभीर आरोप लगाए थे: • यौन शोषण: पीड़िता का आरोप था कि खरात ने कई वर्षों तक उसका शारीरिक शोषण किया। • ब्लैकमेलिंग: आरोपी ने कथित तौर पर पीड़िता के आपत्तिजनक वीडियो बनाए थे और उन्हें वायरल करने की धमकी देकर उसे चुप रखा था। • आर्थिक धोखाधड़ी: खरात पर पीड़िता से करोड़ों रुपये ठगने का भी आरोप लगा। 2. 'आध्यात्मिक गुरु' का चोला खरात खुद को एक आध्यात्मिक गुरु या 'बाबा' के रूप में पेश करता था। उसने नासिक और उसके आसपास के इलाकों में अपना एक बड़ा प्रभाव बना रखा था। वह अक्सर सफेद कपड़ों में दिखता था और खुद को 'कैप्टन' कहलवाना पसंद करता था। 3. हाई-प्रोफाइल संबंध पुलिस जांच में यह बात सामने आई कि खरात के संबंध कई प्रभावशाली राजनेताओं और अधिकारियों के साथ थे। • रुपाली चाकणकर विवाद: महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग की तत्कालीन अध्यक्षा रुपाली चाकणकर के साथ उसके पुराने वीडियो वायरल हुए, जिसमें वह उसके पैर धोती नजर आ रही थीं। इसी विवाद के चलते चाकणकर को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा। • SIT जांच: मामले की गंभीरता और राजनीतिक कनेक्शन को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने इस केस की जांच के लिए एक SIT (विशेष जांच दल) का गठन किया है। 4. पुलिस की बरामदगी गिरफ्तारी के बाद खरात के ठिकानों पर की गई छापेमारी में पुलिस को कई चौंकाने वाली चीजें मिलीं: • कई महिलाओं के आपत्तिजनक वीडियो और तस्वीरें। • बड़ी मात्रा में नकदी और संपत्ति के दस्तावेज। • कुछ ऐसे सबूत जिनसे संकेत मिले कि वह महिलाओं को डरा-धमका कर उनका शोषण करता था। वर्तमान स्थिति अशोक खरात फिलहाल न्यायिक हिरासत में है और SIT उसके द्वारा किए गए अन्य संभावित अपराधों और उसके 'वित्तीय साम्राज्य' की जांच कर रही है। इस मामले ने महाराष्ट्र में धर्म के नाम पर शोषण करने वाले 'स्वयंभू बाबाओं' के खिलाफ एक नई बहस छेड़ दी है।1
- रायपुर से हुई मास्टरमाइंड की गिरफ्तारीजमीन धोखाधड़ी मामले में ढीमरखेडा पुलिस को मिली सफलता1
- kayangi jabalpur madhya pradesh katangi chaupati me gandi naliyo se bahut kharab smell ati hai or kuch kha bhi nahi pate hai esliye esko jaldi se clen kro1
- जबलपुर में लूट की वारदात के बाद फरार हो रहे बदमाशों में से एक की बाइक का पेट्रोल खत्म हो गया। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। --- 📍 घटना कैसे हुई ▪ कलेक्शन एजेंट से नकदी और सामान लूटा गया ▪ वारदात को 5 आरोपियों ने मिलकर अंजाम दिया ▪ तीन अलग-अलग बाइक से पहुंचे थे आरोपी --- ⚠ पकड़ा कैसे गया ▪ भागते समय एक आरोपी की बाइक बंद हो गई ▪ ग्रामीणों ने पीछा कर घेराबंदी की ▪ मौके पर ही पकड़कर रोका गया --- 👊 ग्रामीणों की भूमिका ▪ आरोपी को भागने नहीं दिया ▪ हाथ-पैर बांधकर रोके रखा ▪ तुरंत पुलिस को सूचना दी --- 🚔 पुलिस की कार्रवाई ▪ पूछताछ में गैंग का खुलासा ▪ सभी आरोपी हिरासत में ▪ लूटा गया सामान बरामद --- ⚠ जांच में खुलासा ▪ वारदात से पहले साथ बैठकर प्लान बनाया ▪ शराब पीने के बाद किया अपराध ▪ अन्य मामलों की भी जांच जारी --- 📍 स्थान: जबलपुर, मध्यप्रदेश 🎤 रिपोर्ट: दीपक विश्वकर्मा1
- जबलपुर में कलेक्शन एजेंट से लूट कर भाग रहे एक आरोपी की बाइक का पेट्रोल खत्म हो गया। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने पीछा कर उसे पकड़ लिया और हाथ-पैर बांधकर पुलिस के हवाले कर दिया। --- 📍 क्या है पूरा मामला ▪ 5 लुटेरों ने कलेक्शन एजेंट को निशाना बनाया ▪ नकदी, लैपटॉप और दस्तावेज लूटकर फरार ▪ 3 बाइक से आए थे सभी आरोपी --- ⚠ कैसे हुआ खुलासा ▪ भागते समय एक आरोपी की बाइक का पेट्रोल खत्म ▪ ग्रामीणों ने पीछा कर दबोचा ▪ मौके पर ही पकड़कर पुलिस को सौंपा --- 👊 ग्रामीणों की कार्रवाई ▪ आरोपी को बांधकर रोके रखा ▪ मौके पर ही पकड़ लिया गया ▪ बाद में पुलिस के हवाले किया गया --- 🚔 पुलिस कार्रवाई ▪ पूछताछ में आरोपी ने साथियों के नाम बताए ▪ सभी 5 आरोपी गिरफ्तार ▪ लूट का सामान बरामद --- ⚠ क्या था प्लान ▪ पहले साथ बैठकर शराब पी ▪ फिर लूट की योजना बनाई ▪ सुनसान जगह पर वारदात को अंजाम दिया --- 📍 स्थान: जबलपुर (मध्यप्रदेश) 🎤 रिपोर्ट: दीपक विश्वकर्मा1
- ट्रांस संशोधन बिल के विरोध में उतरा किन्नर समाज जबलपुर के करमचंद चौक स्थित विजन पैलेस होटल में अरमान फाउंडेशन के द्वारा किन्नर समाज का एक सामुदायिक कार्यक्रम आयोजित किया गया जिसमें संसद में मार्च महीने में पारित ट्रांस संशोधन विधेयक का किन्नर समाज द्वारा पुरजोर विरोध करते हुए इसे वापस लेने की मांग की गई,सभी किन्नर समाज ने हाथों में तख्तियां लेकर एक स्वर में इस विधेयक को वापस लेने की मांग की, इस मौके पर आए हुए किन्नर गुरुओं ने अपने-अपने विचार सभी के सामने व्यक्त किये एवं कार्यक्रम में किन्नर समाज द्वारा प्रस्तुतियां दी गई,इस सभा में किन्नर समुदाय से गुरु संजना हाजी, गुरु मनीषा दास ,गुरु दिया नायक, सुरैया जी,सनम नायक, सयाना,सुहाना जी, अरमान फाउंडेशन की वरिष्ठ संरक्षक प्रो. भारती शुक्ला जी, चंद, निज्जो जी उपस्थित रहे ।4
- अशोक खरात (जिन्हें उनके अनुयायी 'कैप्टन' के नाम से भी पुकारते थे) मार्च 2026 में महाराष्ट्र के नासिक में सामने आए एक बड़े यौन शोषण और धोखाधड़ी मामले का मुख्य आरोपी है। इस मामले ने महाराष्ट्र की राजनीति और सामाजिक गलियारों में काफी हलचल मचा दी थी। अशोक खरात और उससे जुड़े विवाद की मुख्य बातें यहाँ दी गई हैं: 1. गंभीर आरोप और गिरफ्तारी अशोक खरात को मार्च 2026 में नासिक पुलिस ने गिरफ्तार किया था। उस पर एक महिला ने बेहद गंभीर आरोप लगाए थे: • यौन शोषण: पीड़िता का आरोप था कि खरात ने कई वर्षों तक उसका शारीरिक शोषण किया। • ब्लैकमेलिंग: आरोपी ने कथित तौर पर पीड़िता के आपत्तिजनक वीडियो बनाए थे और उन्हें वायरल करने की धमकी देकर उसे चुप रखा था। • आर्थिक धोखाधड़ी: खरात पर पीड़िता से करोड़ों रुपये ठगने का भी आरोप लगा। 2. 'आध्यात्मिक गुरु' का चोला खरात खुद को एक आध्यात्मिक गुरु या 'बाबा' के रूप में पेश करता था। उसने नासिक और उसके आसपास के इलाकों में अपना एक बड़ा प्रभाव बना रखा था। वह अक्सर सफेद कपड़ों में दिखता था और खुद को 'कैप्टन' कहलवाना पसंद करता था। 3. हाई-प्रोफाइल संबंध पुलिस जांच में यह बात सामने आई कि खरात के संबंध कई प्रभावशाली राजनेताओं और अधिकारियों के साथ थे। • रुपाली चाकणकर विवाद: महाराष्ट्र राज्य महिला आयोग की तत्कालीन अध्यक्षा रुपाली चाकणकर के साथ उसके पुराने वीडियो वायरल हुए, जिसमें वह उसके पैर धोती नजर आ रही थीं। इसी विवाद के चलते चाकणकर को अपने पद से इस्तीफा देना पड़ा। • SIT जांच: मामले की गंभीरता और राजनीतिक कनेक्शन को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने इस केस की जांच के लिए एक SIT (विशेष जांच दल) का गठन किया है। 4. पुलिस की बरामदगी गिरफ्तारी के बाद खरात के ठिकानों पर की गई छापेमारी में पुलिस को कई चौंकाने वाली चीजें मिलीं: • कई महिलाओं के आपत्तिजनक वीडियो और तस्वीरें। • बड़ी मात्रा में नकदी और संपत्ति के दस्तावेज। • कुछ ऐसे सबूत जिनसे संकेत मिले कि वह महिलाओं को डरा-धमका कर उनका शोषण करता था। वर्तमान स्थिति अशोक खरात फिलहाल न्यायिक हिरासत में है और SIT उसके द्वारा किए गए अन्य संभावित अपराधों और उसके 'वित्तीय साम्राज्य' की जांच कर रही है। इस मामले ने महाराष्ट्र में धर्म के नाम पर शोषण करने वाले 'स्वयंभू बाबाओं' के खिलाफ एक नई बहस छेड़ दी है।2