प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के तारकेश्वर, जिला हुगली से वेबकास्ट के माध्यम से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 23वीं किश्त की राशि का हस्तांतरण किया। इस महत्वपूर्ण पहल के तहत महासमुंद जिले के 1 लाख 26 हजार 154 से अधिक किसानों के बैंक खातों में कुल 25 करोड़ 23 लाख रुपये की राशि सीधी अंतरित की गई है। इस अवसर पर महासमुंद जिले के कृषि विज्ञान केंद्र भलेसर में आयोजित कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में किसानों और जनप्रतिनिधियों ने प्रधानमंत्री के संबोधन तथा किश्त हस्तांतरण कार्यक्रम को देखा। इस कार्यक्रम में महासमुंद विधानसभा क्षेत्र के विधायक श्री योगेश्वर राजू सिन्हा, जिला अध्यक्ष श्री ऐतराम साहू, जनपद पंचायत महासमुंद की उपाध्यक्ष श्रीमती हुलसी चन्द्राकर और नगरपालिका परिषद के उपाध्यक्ष श्री देवीचंद राठी सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण शामिल हुए। साथ ही, कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह, उप संचालक कृषि श्री एफ.आर. कश्यप, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक और विभागीय अधिकारी-कर्मचारी भी उपस्थित थे। कार्यक्रम के दौरान किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के महत्व, कृषि विकास और शासन की विभिन्न किसान हितैषी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। अधिकारियों ने किसानों से इन योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने और आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने का भी आह्वान किया।
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के तारकेश्वर, जिला हुगली से वेबकास्ट के माध्यम से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 23वीं किश्त की राशि का हस्तांतरण किया। इस महत्वपूर्ण पहल के तहत महासमुंद जिले के 1 लाख 26 हजार 154 से अधिक किसानों के बैंक खातों में कुल 25 करोड़ 23 लाख रुपये की राशि सीधी अंतरित की गई है। इस अवसर पर महासमुंद जिले के कृषि विज्ञान केंद्र भलेसर में आयोजित कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में किसानों और जनप्रतिनिधियों ने प्रधानमंत्री के संबोधन तथा किश्त हस्तांतरण कार्यक्रम को देखा। इस कार्यक्रम में महासमुंद विधानसभा क्षेत्र के विधायक श्री योगेश्वर राजू सिन्हा, जिला अध्यक्ष श्री ऐतराम साहू, जनपद पंचायत महासमुंद की उपाध्यक्ष श्रीमती हुलसी चन्द्राकर और नगरपालिका परिषद के उपाध्यक्ष श्री देवीचंद राठी सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण शामिल हुए। साथ ही, कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह, उप संचालक कृषि श्री एफ.आर. कश्यप, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक और विभागीय अधिकारी-कर्मचारी भी उपस्थित थे। कार्यक्रम के दौरान किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के महत्व, कृषि विकास और शासन की विभिन्न किसान हितैषी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। अधिकारियों ने किसानों से इन योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने और आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने का भी आह्वान किया।
- बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के पलारी विकासखंड अंतर्गत ग्राम भरुवाडीह में गुरुवार को एक अनोखा घटनाक्रम सामने आया, जब जिला पंचायत सदस्य रवि बंजारे की कार सड़क पर डीजल खत्म होने के कारण बंद हो गई। आरोप है कि पास के एसएस पेट्रोल पंप से महज 500 मीटर की दूरी पर खड़ी होने के बावजूद, चालक को डिब्बे में 4 लीटर डीजल देने से मना कर दिया गया। पेट्रोल पंप प्रबंधन की मदद न मिलने से नाराज होकर, ग्रामीणों ने बैलों की मदद से कार को रस्सी से बांधकर पेट्रोल पंप तक खींचा। बैलों से खिंचती कार को देखकर मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण जुट गए और देखते ही देखते यह घटना पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गई। चालक के बार-बार निवेदन करने के बावजूद पेट्रोल पंप कर्मचारियों ने डिब्बे में डीजल देने से इनकार कर दिया था, जिसके बाद यह कदम उठाया गया। जिला पंचायत सदस्य रवि बंजारे ने पेट्रोल पंप प्रबंधन पर गंभीर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि एक जनप्रतिनिधि के साथ ऐसा व्यवहार हो सकता है, तो आम ग्रामीणों को कितनी परेशानियों का सामना करना पड़ता होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों के पास सीमित विकल्प होते हैं और ऐसी स्थिति में पेट्रोल पंपों की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। उपसरपंच फागू सेन सहित कई ग्रामीणों ने भी पेट्रोल पंप के रवैये पर नाराजगी जताई और पहले भी ऐसी कठिनाइयों का सामना करने का आरोप लगाया। ग्रामीणों ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार के पेट्रोल पंप पहुंचने के बाद वहां लगभग एक घंटे तक विवाद, बहस, नारेबाजी और विरोध प्रदर्शन चलता रहा। आखिरकार, वाहन में डीजल डाला गया, जिसके बाद स्थिति सामान्य हुई। रवि बंजारे ने इस पूरे मामले की लिखित शिकायत जिला कलेक्टर से करने की बात कही है और आवश्यकता पड़ने पर ग्रामीणों के साथ आंदोलन करने की भी चेतावनी दी है। अब सभी की निगाहें प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।2
- गरियाबंद पुलिस अधीक्षक वेदव्रत सिरमौर के दिशा-निर्देशन में गरियाबंद पुलिस द्वारा 'मिशन जन मित्र' नामक एक नई पहल शुरू की गई है, जिसके तहत ग्रामीणों को जागरूक किया जा रहा है। इसी कड़ी में, ग्राम पंचायत हथबाय के अंतर्गत आने वाले छोटे से गाँव चिखली में एक जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। चिखली में लगभग 40-45 परिवार निवास करते हैं और यहाँ मुख्य रूप से विशेष पिछड़ी कमार जनजाति के लोग रहते हैं। इस गाँव में प्रसिद्ध पर्यटन स्थल पैरीघूमर भी है, जहाँ एक स्टाप डेम स्थित है। इस कार्यक्रम में ग्राम पंचायत हथबाय की सरपंच, गाँव के गणमान्य नागरिक, और बड़ी संख्या में महिलाएँ व बच्चों ने भाग लिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों को यातायात नियमों, साइबर अपराधों और नशामुक्ति के प्रति जागरूक करना था। पुलिस अधिकारियों ने नशे के सेवन से होने वाले शारीरिक, मानसिक और आर्थिक नुकसान पर प्रकाश डाला, यह भी बताया कि यह पूरे परिवार व समाज के लिए घातक है, अपराधों को जन्म देता है और पारिवारिक कलह व बच्चों के मानसिक विकास पर बुरा प्रभाव डालता है। ग्रामीणों से अवैध नशे से दूर रहने और नशामुक्त समाज बनाने में सहयोग की अपील की गई। साइबर अपराधों के संबंध में, उन्हें ऑनलाइन ठगी से बचाव के तरीके बताए गए और लालच, फर्जी लिंक या संदिग्ध कॉल से सावधान रहने को कहा गया। किसी भी धोखाधड़ी की स्थिति में तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करने के लिए जागरूक किया गया। यातायात सुरक्षा पर हेलमेट पहनने, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का उपयोग न करने और शराब या नशीले पदार्थों के सेवन के बाद वाहन न चलाने की सलाह दी गई, ताकि स्वयं और दूसरों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। इस अवसर पर, ग्रामीणों को गरियाबंद पुलिस के फेसबुक और इंस्टाग्राम पेज से जुड़ने के लिए प्रेरित किया गया; जिन लोगों के पास सोशल मीडिया अकाउंट थे, उनसे मौके पर ही आधिकारिक पेज को फॉलो भी करवाया गया। पुलिस ने बताया कि इन माध्यमों से जनहितकारी और महत्वपूर्ण जानकारियाँ साझा की जाती हैं, जो नागरिकों के लिए उपयोगी होती हैं। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों को पैरीघूमर स्थल के आसपास स्वच्छता बनाए रखने तथा छोटे-छोटे व्यवसाय एवं स्वरोजगार के अवसर विकसित करने के लिए भी प्रोत्साहित किया। इसके अतिरिक्त, बेरोजगार युवक-युवतियों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ लेने और युवतियों को जिला मुख्यालय में संचालित सिलाई, कढ़ाई व अन्य कौशल विकास प्रशिक्षण कार्यक्रमों से जुड़ने की जानकारी दी गई। प्रतिभावान विद्यार्थियों को जिला मुख्यालय में उपलब्ध निःशुल्क कोचिंग सुविधाओं का लाभ उठाने के लिए भी प्रेरित किया गया। यह जनजागरूकता कार्यक्रम पुलिस और ग्रामीणों के बीच आत्मीय संवाद और सक्रिय सहभागिता का एक मंच बना, जिससे पुलिस और जनता के बीच विश्वास एवं समन्वय को मजबूत करने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण प्रयास साबित हुआ।1
- खरवे गांव में इस समय खौफ पसरा हुआ है। शांति पूजा कराने वाले एक बैगा की जान जा चुकी है, और अब सबकी नजरें केवल फारेंसिक जांच पर टिकी हुई हैं।1
- रायपुर जिला की ग्राम पंचायत बुंडेरा के सरपंच पर अपने पद का दुरुपयोग और गुंडागर्दी करने का एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसके कारण ग्रामीणों में गहरा आक्रोश व्याप्त है। ग्राम पंचायत बुंडेरा निवासी तोरण कुमार साहू, पिता शत्रुघ्न साहू ने खरोरा थाना, तहसील खरोरा, जिला रायपुर, छत्तीसगढ़ में आरोप लगाया है कि सरपंच द्वारा गुंडागर्दी करते हुए उनके घर और एक ब्रिक्स कंपनी पर अवैध रूप से कब्जा किया गया है, जिसके लिए उनसे 10 लाख रुपये की मांग की जा रही है। तोरण कुमार साहू के अनुसार, पैसा न दिए जाने पर 14.06.2026 को सरपंच ने अपने भाई, पत्नी और अन्य साथियों के साथ मिलकर उनके घर के चारों तरफ बनी सुरक्षा बाउंड्री को तोड़ दिया, जिससे उन्हें और उनके परिवार को मानसिक एवं आर्थिक क्षति पहुंची है। शिकायतकर्ता ने यह भी बताया कि सरपंच ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए, उनकी ही जमीन पर श्रम दिवस मनाने और 'प्रधानमंत्री जी के 12 वर्ष पूर्ण होने का दिवस' मनाने के लिए रोजगार गारंटी योजना के लगभग 200 लोगों को बुलाया। इस दौरान, सरपंच और उनके साथियों ने उन्हें तथा उनके परिवार वालों को गाली-गलौज करते हुए घेरा छोड़ दिया, जबकि उन्हें सरपंच या तहसील कार्यालय से कोई नोटिस नहीं दिया गया था। तोरण कुमार साहू का आरोप है कि सरपंच द्वारा उन्हें बार-बार गाली-गलौज और मानसिक-आर्थिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि खुद सरपंच कई जगहों पर बेजा कब्जा किए हुए हैं, लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होती, जबकि गरीब परिवारों का भी बहुत शोषण किया जा रहा है। इस मामले में तोरण कुमार साहू ने एसडीम कार्यालय पहुंचकर अनुविभागीय अधिकारी को आवेदन दिया है, जिसमें उन्होंने सरपंच के खिलाफ निष्पक्ष जांच कर उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों का भी कहना है कि सरपंच द्वारा किए गए अवैध कब्जों की भी निष्पक्ष जांच कर कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए।4
- बलौदा बाजार जिले में कलेक्टर कुलदीपक शर्मा और पुलिस अधीक्षक ओम प्रकाश शर्मा सहित जिले के समस्त अधिकारी-कर्मचारियों ने एक साथ योग किया।4
- नवापारा राजिम के नेहरू बाल उद्यान में रविवार को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर मॉर्निंग मस्ती ग्रुप द्वारा एक उत्साहपूर्ण एवं प्रेरणादायक योग कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रतिवर्ष की भाँति इस वर्ष भी ग्रुप के सदस्यों ने अपनी जीवंतता, उमंग और मस्ती के साथ इस विशेष दिन को मनाया। सुबह के सुहावने मौसम और मधुर संगीत के बीच, सदस्यों ने सामूहिक रूप से योग और प्राणायाम के विभिन्न आसनों का अभ्यास किया। इस दौरान संघ परिवार से जुड़े सनत चौधरी और डॉ. के. आर. सिन्हा ने प्रतिभागियों को योग की विभिन्न विधाओं और आसनों का अभ्यास कराया। कार्यक्रम को और भी रोचक बनाने के लिए खेल-खेल में शारीरिक व्यायाम, पी.टी., परेड एवं ड्रिल भी शामिल किए गए, जिसमें सभी सदस्यों ने बड़े उत्साह के साथ भाग लिया। इस अवसर पर वरिष्ठ सदस्य अशोक गंगवाल ने बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी की प्रेरणा और पहल के कारण ही योग को आज वैश्विक पहचान मिली है, और उन्हीं के प्रयासों से 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में पूरे विश्व में मनाया जाना भारत के लिए एक गौरवपूर्ण उपलब्धि है। वयोवृद्ध सदस्यों ठाकुरदास और नंदलाल सायरानी ने बुजुर्गों के लिए योग, प्राणायाम और सुबह की सैर को जीवन का एक आवश्यक हिस्सा बताया। वहीं, शिव भगवान शर्मा और संतोष सोनी ने यह जानकारी दी कि वे प्रतिदिन इसी उद्यान में एकत्र होकर योग, प्राणायाम एवं हास्य-व्यायाम के माध्यम से अपने दिन की सकारात्मक शुरुआत करते हैं। ब्रह्मदत्त शर्मा और प्रेम साधवानी ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि जीवन स्वयं एक मधुर संगीत है और जो व्यक्ति सहयोग, सद्भाव तथा मिलजुल कर हंसने-गाने की कला सीख लेता है, वही वास्तविक अर्थों में योग को आत्मसात कर लेता है। उन्होंने "सबका साथ, सबका सहयोग ही सबसे बड़ा योग है" का संदेश भी दिया। कार्यक्रम के समापन पर, मॉर्निंग मस्ती ग्रुप से जुड़े गोपाल अग्रवाल के सौजन्य से सभी प्रतिभागियों के लिए स्वल्पाहार की व्यवस्था की गई, जिसका सभी ने आनंद लिया। इसके पश्चात, सभी सदस्यों ने उद्यान में स्वच्छता अभियान चलाकर सफाई की और पर्यावरण संरक्षण एवं स्वच्छता का महत्वपूर्ण संदेश दिया। इस प्रेरणादायक आयोजन में अभय दाऊजी, दिलीप रावलानी, मुरली भाई, कमलेश साहू, अजय अग्रवाल, तुकाराम कंसारी, अशोक सचदेव सहित अनेक सदस्य और उद्यान में प्रतिदिन सैर हेतु आने वाले नागरिक भी उपस्थित रहे, जिन्होंने योग दिवस को सफल और सार्थक बनाया।1
- गरियाबंद के देवभोग क्षेत्र को रेल लाइन से जोड़ने की मांग एक बार फिर से जोर पकड़ने लगी है। यह मांग स्थानीय लोगों द्वारा सांसद रूपकुमारी चौधरी के समक्ष रखी गई, जो केंद्र सरकार की 12 साल की उपलब्धियों को गिनाने के लिए पहुंची थीं। स्थानीय निवासियों ने इस अवसर का उपयोग जवाबदार जनप्रतिनिधियों को 'आईना' दिखाने की कोशिश में किया है। दरअसल, ओडिशा के राज्यसभा सांसद सुजीत कुमार ने मई माह में रेल मंत्री को एक मांग पत्र सौंपा था, जिसमें कालाहांडी और नुआपड़ा जिलों के साथ-साथ ओडिशा से राजिम रेल लाइन को जोड़ने की मांग की गई थी। इसी पृष्ठभूमि में स्थानीय लोग चाहते हैं कि ओडिशा के जनप्रतिनिधियों की तरह, उनके क्षेत्र के जिम्मेदार जनप्रतिनिधि भी रेल लाइन विस्तार की चिंता करें। इस मांग पत्र के मिलने के बाद, अब क्षेत्रीय सांसद भी रेल लाइन विस्तार की बात कहने लगे हैं।3
- गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले में कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं, जहाँ मरवाही थाना क्षेत्र के ग्राम उषाढ़ में शनिवार को दिनदहाड़े दो अज्ञात बदमाश कथित पुलिसकर्मी बनकर एक व्यवसायी गिरीश यादव का पिस्तौल की नोक पर अपहरण कर फरार हो गए। यह पूरी वारदात घर में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है, जिससे पूरे क्षेत्र में भय और असुरक्षा का माहौल व्याप्त हो गया है। शनिवार सुबह करीब 11 बजे, किराना, छड़-सीमेंट तथा आटा चक्की का व्यवसाय करने वाले गिरीश यादव अपने घर के गलियारे में विश्राम कर रहे थे, जबकि उनका पुत्र पंकज यादव दुकान संभाल रहा था। इसी दौरान नीले रंग की कार में सवार दो व्यक्ति दुकान पर पहुंचे, जिन्होंने पहले सिगरेट और पानी खरीदा और गिरीश यादव के बारे में पूछताछ की। जैसे ही पंकज अपने पिता को बुलाने भीतर गया, दोनों आरोपी जबरन घर में घुस गए। परिजनों के अनुसार, आरोपियों ने गिरीश यादव को स्टील रंग की पिस्तौल दिखाते हुए स्वयं को पुलिसकर्मी बताया और साथ चलने को कहा। विरोध करने पर उन्हें पैर में गोली मारने की धमकी दी गई, जिसके बाद बदमाश उन्हें जबरन अपनी कार में बैठाकर बरौर बस्ती की दिशा में ले गए। परिवार के सदस्यों के शोर मचाने के बावजूद आरोपी तेज रफ्तार से वाहन लेकर भाग निकले। पंकज यादव ने पुलिस को वाहन के नंबर का आंशिक हिस्सा "OD 8552" देखा होने की जानकारी दी है। इस घटना का पूरा घटनाक्रम सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हुआ है, जिसमें दो संदिग्ध व्यक्तियों को व्यापारी को जबरन वाहन तक ले जाते हुए स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है। पुलिस अब इसी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान और तलाश में जुटी है। व्यापारी की पत्नी के मुंहबोले भाई मनीष जायसवाल ने बरौर क्षेत्र में संदिग्ध कार को रोकने का प्रयास भी किया था, लेकिन आरोपी वाहन लेकर मरवाही की ओर भाग निकले। व्यापारी की पत्नी दुर्गा यादव की शिकायत पर मरवाही थाने में मामला दर्ज किया गया। प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट होने के बाद कि ले जाने वाले व्यक्ति वास्तविक पुलिसकर्मी नहीं थे, पुलिस ने अपहरण, धमकी और आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच तेज कर दी है। एडिशनल एसपी अविनाश मिश्रा ने बताया कि भारतीय न्याय संहिता की धारा 140(3), 3(5), 333, 351(3) तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25 और 27 के तहत प्रकरण दर्ज कर सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की तलाश की जा रही है, जिसके लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। गौरतलब है कि लगभग 25 दिन पहले ही जिले में एक सर्राफा व्यापारी की हत्या की सनसनीखेज घटना सामने आई थी। लगातार हो रही इन गंभीर वारदातों ने जिले की सुरक्षा व्यवस्था पर प्रश्नचिह्न खड़ा कर दिया है। अपराधियों द्वारा पुलिस का भेष धारण कर दिनदहाड़े अपहरण जैसी घटना को अंजाम दिए जाने से व्यापारियों और आम नागरिकों में गहरी चिंता व्याप्त है। अब पूरे जिले की निगाहें पुलिस कार्रवाई और अपहृत व्यापारी की सुरक्षित बरामदगी पर टिकी हुई हैं।1