अयोध्या के बीकापुर स्थित खिदिरपुर में राशन वितरण को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो का विवाद प्रशासनिक जांच के बाद पूरी तरह पलट गया है। जांच में राशन वितरण व्यवस्था को सही पाया गया और कोटेदार भाग्य चंद्र सिंह पर लगाए गए आरोपों की पुष्टि नहीं हुई। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण खुलकर कोटेदार के समर्थन में सामने आए और अधिकारियों के समक्ष उनका पक्ष रखा। ग्रामीणों के अनुसार, घटना वाले दिन राशन वितरण पूरी तरह लाइन और क्रम संख्या के आधार पर किया जा रहा था। इसी बीच भानु प्रताप प्रजापति बिना लाइन में लगे राशन लेने की जिद करने लगे और मना करने पर कहासुनी हो गई। आरोप है कि मौके पर ग्रामीणों द्वारा समझाए जाने के बावजूद बातचीत का एक छोटा हिस्सा चुपके से रिकॉर्ड कर वायरल कर दिया गया। शिकायत मिलने पर जिला प्रशासन ने जांच कराई, जिसमें करीब 300 लोग ग्राम सचिवालय पहुंचे और 80 से 100 ग्रामीणों ने हस्ताक्षर युक्त लिखित बयान देकर राशन वितरण को निष्पक्ष बताया। जांच में अधिकारियों ने वितरण व्यवस्था को सही माना और ग्रामीणों ने भी कोटेदार के व्यवहार व ईमानदारी की सराहना की। इसके अलावा एक पुराना वीडियो भी सामने आया है, जिसमें वही व्यक्ति गांव वालों से कोटेदार के बारे में राय ले रहा था और लोग उनके काम को संतोषजनक बता रहे थे। फिलहाल प्रशासनिक जांच में कोटेदार को राहत मिल गई है और अंतिम आधिकारिक स्थिति सक्षम प्राधिकारी के आदेश के अनुसार ही मान्य होगी।
अयोध्या के बीकापुर स्थित खिदिरपुर में राशन वितरण को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो का विवाद प्रशासनिक जांच के बाद पूरी तरह पलट गया है। जांच में राशन वितरण व्यवस्था को सही पाया गया और कोटेदार भाग्य चंद्र सिंह पर लगाए गए आरोपों की पुष्टि नहीं हुई। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण खुलकर कोटेदार के समर्थन में सामने
आए और अधिकारियों के समक्ष उनका पक्ष रखा। ग्रामीणों के अनुसार, घटना वाले दिन राशन वितरण पूरी तरह लाइन और क्रम संख्या के आधार पर किया जा रहा था। इसी बीच भानु प्रताप प्रजापति बिना लाइन में लगे राशन लेने की जिद करने लगे और मना करने पर कहासुनी हो गई। आरोप है कि मौके पर ग्रामीणों द्वारा समझाए जाने के बावजूद
बातचीत का एक छोटा हिस्सा चुपके से रिकॉर्ड कर वायरल कर दिया गया। शिकायत मिलने पर जिला प्रशासन ने जांच कराई, जिसमें करीब 300 लोग ग्राम सचिवालय पहुंचे और 80 से 100 ग्रामीणों ने हस्ताक्षर युक्त लिखित बयान देकर राशन वितरण को निष्पक्ष बताया। जांच में अधिकारियों ने वितरण व्यवस्था को सही माना और ग्रामीणों ने भी कोटेदार के व्यवहार व ईमानदारी
की सराहना की। इसके अलावा एक पुराना वीडियो भी सामने आया है, जिसमें वही व्यक्ति गांव वालों से कोटेदार के बारे में राय ले रहा था और लोग उनके काम को संतोषजनक बता रहे थे। फिलहाल प्रशासनिक जांच में कोटेदार को राहत मिल गई है और अंतिम आधिकारिक स्थिति सक्षम प्राधिकारी के आदेश के अनुसार ही मान्य होगी।
- अयोध्या जिले के रूदौली क्षेत्र स्थित प्राथमिक विद्यालय पूरे कामगार में जय मां फाउण्डेशन ट्रस्ट की ओर से गरीब और असहाय बच्चों को शिक्षा के प्रति जागरूक करने के लिए एक सराहनीय पहल की गई है। ट्रस्ट के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल जायसवाल ने विद्यालय में पहुंचकर अध्ययनरत सैकड़ों बच्चों के बीच निशुल्क कॉपी, किताब, पेन, पेंसिल, रबर और कटर जैसी आवश्यक शिक्षण सामग्री का वितरण किया। कार्यक्रम के दौरान राहुल जायसवाल ने कहा कि शिक्षा ही समाज की सबसे बड़ी ताकत है और आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को सामग्री उपलब्ध कराना संस्था का सामाजिक दायित्व है। उन्होंने कहा कि पढ़ेगा तभी आगे बढ़ेगा बच्चा, और भविष्य में भी जनहित के ऐसे कार्य लगातार जारी रहेंगे। इस अवसर पर राधा देवी (फैजाबादिन), बजरंग, कुशाग्र तथा विद्यालय के अध्यापक मौजूद रहे। निशुल्क पठन सामग्री पाकर नन्हे-मुन्ने बच्चों के चेहरे खुशी से खिल उठे, वहीं विद्यालय परिवार ने ट्रस्ट के इस सेवा कार्य की सराहना करते हुए आभार व्यक्त किया।1
- अयोध्या में शुक्रवार दोपहर करीब 1:00 बजे दिल्ली रवाना हो रहे समाजवादी सांस्कृतिक प्रकोष्ठ के प्रदेश सचिव दिव्यांग पंडित समरजीत को पुलिस ने रास्ते में रोक दिया। इसके बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने नीट परीक्षा प्रकरण की निष्पक्ष जांच के लिए शिक्षा मंत्री से तत्काल इस्तीफे की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि युवाओं से जुड़े इतने संवेदनशील मुद्दे पर भी भाजपा सरकार राजनीतिक लाभ लेने का प्रयास कर रही है और अपने मंत्री को बचाने में जुटी है। पंडित समरजीत ने राम मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 15 दिनों में जांच पूरी करने की बात कही थी, लेकिन अब तक जांच कहां पहुंची, इसका कोई पता नहीं है और सरकार को इसकी जानकारी सार्वजनिक करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि देश के युवा अपने अधिकारों के लिए सड़कों पर उतर गए हैं, लेकिन सरकार के कानों में जूं तक नहीं रेंग रही है और जनता के सवालों के जवाब देने के बजाय मंत्री को बचाने में लगी है। ऐसे मंत्री को जल्द से जल्द बर्खास्त किया जाना चाहिए।1
- अयोध्या में हल्की सी बारिश होते ही नगर निगम के जलभराव से मुक्ति, जल निकासी और नाली-नालों की सफाई के पुख्ता इंतजामों के दावों की हवा निकल गई है। जल निकासी की व्यवस्था सुधारने के नाम पर नगर निगम द्वारा पानी की तरह अकूत धन बहाया गया था, लेकिन इसके बावजूद शहर की सड़कों और गलियों में जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है। नगर निगम के अखबारी दावों पर तीखा तंज कसते हुए कहा गया है कि व्यवस्था में कमी ढूंढने या दावों को परखने की जहमत उठाने के बजाय चुपचाप बारिश का आनंद लीजिए। चारों तरफ 'विकास' का माहौल है और ऐसे में बोलना बिल्कुल मना है।1
- दिल्ली के जंतर-मंतर पर आंदोलनरत छात्रों पर कथित लाठीचार्ज, नीट (NEET) पेपर लीक प्रकरण और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर शुक्रवार को फैजाबाद/अयोध्या बार के अधिवक्ताओं ने कलेक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन किया। इस दौरान अधिवक्ताओं ने दिल्ली छात्र आंदोलन को अपना खुला समर्थन देते हुए संविधान की प्रस्तावना पढ़ी और राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट को सौंपा। इस प्रदर्शन में फैजाबाद बार एसोसिएशन के पूर्व पदाधिकारियों, वरिष्ठ अधिवक्ताओं, समिति के सदस्यों और बड़ी संख्या में युवा अधिवक्ताओं ने हिस्सा लिया। अधिवक्ताओं ने ज्ञापन के माध्यम से दिल्ली में छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई की कड़े शब्दों में निंदा की और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करवाकर दोषी अधिकारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई किए जाने की मांग रखी।1
- शासन के निर्देश पर चलाए जा रहे विशेष प्रवर्तन अभियान के अंतर्गत अयोध्या जिले के तारून थाना क्षेत्र में स्थित ग्राम डगरा भारी/बरेहटा में आबकारी विभाग की टीम ने आकस्मिक दबिश की। 24 जुलाई 2026 को हुई इस कार्रवाई के दौरान मौके से लगभग आधा कुंतल लहन बरामद कर नियमानुसार नष्ट किया गया। इसके साथ ही 15 लीटर अवैध कच्ची शराब और शराब बनाने के उपकरण जब्त किए गए, जबकि मौके पर मौजूद 02 भट्ठियों को पूरी तरह नष्ट कर दिया गया। यह कार्रवाई जिलाधिकारी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक और उप आबकारी आयुक्त अयोध्या प्रभार के पर्यवेक्षण तथा जिला आबकारी अधिकारी अयोध्या के नेतृत्व में की गई। बीकापुर क्षेत्र के आबकारी निरीक्षक आनंद कुमार शुक्ला के नेतृत्व वाली इस दबिश टीम में हेड कांस्टेबल प्रताप वर्मा, संजीत सिंह तथा सिपाही सीता, अंकुर गौतम और संदीप सिंह राठौर शामिल रहे। विभाग की ओर से स्पष्ट किया गया है कि अवैध शराब के खिलाफ इस प्रकार की प्रभावी प्रवर्तन कार्यवाही आगे भी जारी रहेगी।1
- अयोध्या जिले के गोसाईगंज स्थित महाराजगंज थाना क्षेत्र में बुधवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब एक युवक 132 केवी हाईटेंशन बिजली के टावर पर चढ़ गया। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस, बिजली विभाग की टीम और प्रशासनिक अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। खबर फैलते ही घटनास्थल पर बड़ी संख्या में ग्रामीण भी एकत्र हो गए। युवक की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए बिजली विभाग ने एहतियातन हाईटेंशन लाइन की विद्युत आपूर्ति तत्काल बंद करा दी। इसके बाद पुलिस और अधिकारियों ने सूझबूझ से काम लेते हुए काफी देर तक युवक से बातचीत की और समझा-बुझाकर उसे सकुशल नीचे उतार लिया। रेस्क्यू के दौरान पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित रखते हुए क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखी। नीचे उतारने के बाद युवक की स्वास्थ्य जांच कराई गई और आवश्यक चिकित्सीय देखभाल उपलब्ध कराई गई। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है और युवक की पहचान के साथ-साथ इस कदम के पीछे की वजह के संबंध में आधिकारिक जानकारी का इंतजार किया जा रहा है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे घटना को लेकर किसी भी प्रकार की अफवाह या अपुष्ट जानकारी पर विश्वास न करें और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें।1
- अयोध्या के बार एसोसिएशन के पूर्व पदाधिकारियों और वरिष्ठ अधिवक्ताओं ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों पर हुए बर्बर लाठीचार्ज, नीट (NEET) paper लीक मामले और भारत के शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट अयोध्या को सौंपा। ज्ञापन में दिल्ली में छात्रों पर हुई बर्बरता की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त प्रशासनिक कार्रवाई की मांग की गई है। ज्ञापन सौंपने से पूर्व अधिवक्ताओं ने बाबा साहब भीमराव अम्बेडकर की मूर्ति पर माल्यार्पण किया। इसके साथ ही बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं ने आंदोलनरत छात्रों को अपना पूर्ण समर्थन देने का ऐलान किया। मामले की विस्तृत जानकारी रामशंकर यादव और अरविंद सिंह द्वारा दी गई। मौके पर पूर्व अध्यक्ष अरविन्द सिंह, पूर्व अध्यक्ष सुशील चौबे, पूर्व मंत्री रामशंकर यादव, पूर्व मंत्री के.के. पटेल, पूर्व मंत्री आलोक खरे, पूर्व मंत्री गिरिश तिवारी, शावेज़ जाफ़री, रामकरन यादव, राजनराम यादव, राजेश यादव, दिनेश कुमार पटेल, अर्जुन यादव, जय सिंह, सतीश वर्मा, जगदीश यादव, सुशील वर्मा, शिवपाल पाल, राकेश यादव, कृपा शंकर अनूप चतुर्वेदी, आदर्श मलिक, अखण्ड यादव, हंसराज यादव, राहुल सेठ नंदवंशी, शशिकांत वंशी, रवीन्द्र चौरासिया, मनोज महरोत्रा, राकेश राणा, देशराज यादव, धर्मराज यादव, वंदना, ममता, तिलक बोरा सहित सैकड़ों अधिवक्ता उपस्थित रहे।2
- अयोध्या में शुक्रवार दोपहर दिल्ली रवाना हो रहे समाजवादी सांस्कृतिक प्रकोष्ठ के प्रदेश सचिव दिव्यांग पंडित समरजीत को पुलिस ने रास्ते में ही रोक दिया। इस दौरान उनके साथ समाजवादी मजदूर सभा के जिला उपाध्यक्ष कृष्ण कुमार निषाद और जंग बहादुर यादव भी मौजूद थे। पुलिस द्वारा रोके जाने पर दिव्यांग सपा नेता पंडित समरजीत ने सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने मांग की कि नीट परीक्षा प्रकरण की निष्पक्ष जांच के लिए शिक्षा मंत्री को तत्काल इस्तीफा देना चाहिए और ऐसे मंत्री को जल्द से जल्द बर्खास्त किया जाना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि युवाओं से जुड़े संवेदनशील मुद्दे पर भाजपा सरकार राजनीतिक लाभ लेने और अपने मंत्री को बचाने का प्रयास कर रही है। पंडित समरजीत ने राम मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण का भी जिक्र करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 15 दिनों में जांच पूरी करने की बात कही थी, लेकिन अब तक जांच कहां पहुंची इसका कोई पता नहीं है और सरकार को इसकी जानकारी सार्वजनिक करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि देश के युवा अपने अधिकारों के लिए सड़कों पर उतर गए हैं, लेकिन सरकार के कानों पर जूं तक नहीं रेंग रही है और जनता इस पूरे मामले पर जवाब चाहती है।1