शाहपुरा के जाट छात्रावास में लंबे समय तक चले सदस्यता अभियान के बाद, चुनाव संचालन समिति ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया के तहत अध्यक्ष चुनाव संपन्न करवाया। जाट छात्रावास के विधिक सलाहकार व प्रवक्ता एडवोकेट रामप्रसाद जाट के अनुसार, अध्यक्ष पद को लेकर वरिष्ठजनों के साथ-साथ युवाओं में भी अत्यधिक जोश देखने को मिला। नामांकन से पूर्व सर्वसम्मति से निर्विरोध निर्वाचन के प्रयास किए गए, हालांकि अंततः इच्छुक व्यक्तियों से विधिवत नामांकन फॉर्म लिए गए। इनमें कार्यकारी अध्यक्ष रामधन थरोदा, एडवोकेट रामलाल जाट, एडवोकेट रामेश्वर लाल जाट और पूर्व सरपंच ठिठोडी राजकुमार जाट ने अपना नामांकन दाखिल किया। रामधन जाट, रामेश्वर जाट और रामलाल जाट द्वारा अपना नामांकन वापस लेने के बाद, चुनाव संचालन समिति ने राजकुमार जाट को दो वर्ष के लिए जाट छात्रावास का निर्विरोध अध्यक्ष चुन लिया। नवनिर्वाचित अध्यक्ष राजकुमार जाट आगामी 28 जून को समाज के वरिष्ठजनों की राय के उपरांत अपनी कार्यकारिणी घोषित करेंगे। इसके पश्चात, 5 जुलाई 2026 को वे नवनिर्वाचित कार्यकारिणी के साथ अध्यक्ष पद ग्रहण करेंगे। राजकुमार जाट के निर्विरोध निर्वाचन पर पूरे जाट समाज ने खुशी व्यक्त की है। इस अवसर पर चुनाव संचालन समिति के जगदीश जाट, रतनलाल जाट, ओम प्रकाश जाट, सुवालाल जाट, बेनाथ जाट, चांदमल जाट, मोती जाट सहित सैकड़ों वरिष्ठ और युवा समाजजन उपस्थित थे। वरिष्ठजनों में रतनलाल जाट जहाजपुर, रामनिवास जाट (अतिरिक्त प्रशासनिक अधिकारी), शिवराज जाट, शोकारण जाट, रामप्रसाद गोरा, सीताराम जाट (जिला परिषद सदस्य), शंकर लाल कुड़ी (विवाह सम्मेलन के महामंत्री) और शोभाराम तोगड़ा शामिल थे। वहीं, युवाओं में बंटी चाड़ प्रधान चड्ढा, राजाराम जाट, कैलाश गोरा, अर्जुन गोरा, अनिल गोरा (सरपंच), सत्यनारायण जाट, सांवरलाल गोरा, रामदयाल जाट, गजराज जाट, शंकर लाल जाट, नारायण जाट, सुखपाल जाट और शंकर लाल नागा प्रमुख रूप से मौजूद थे।
शाहपुरा के जाट छात्रावास में लंबे समय तक चले सदस्यता अभियान के बाद, चुनाव संचालन समिति ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया के तहत अध्यक्ष चुनाव संपन्न करवाया। जाट छात्रावास के विधिक सलाहकार व प्रवक्ता एडवोकेट रामप्रसाद जाट के अनुसार, अध्यक्ष पद को लेकर वरिष्ठजनों के साथ-साथ युवाओं में भी अत्यधिक जोश देखने को मिला। नामांकन से पूर्व सर्वसम्मति से निर्विरोध निर्वाचन के प्रयास किए गए, हालांकि अंततः इच्छुक व्यक्तियों से विधिवत नामांकन फॉर्म लिए गए। इनमें कार्यकारी अध्यक्ष रामधन थरोदा, एडवोकेट रामलाल जाट, एडवोकेट रामेश्वर लाल जाट और पूर्व सरपंच ठिठोडी राजकुमार जाट ने अपना नामांकन दाखिल किया। रामधन जाट, रामेश्वर जाट और रामलाल जाट द्वारा अपना नामांकन वापस लेने के बाद, चुनाव संचालन समिति ने राजकुमार जाट को दो वर्ष के लिए जाट छात्रावास का निर्विरोध अध्यक्ष चुन लिया। नवनिर्वाचित अध्यक्ष राजकुमार जाट आगामी 28 जून को समाज के वरिष्ठजनों की राय के उपरांत अपनी कार्यकारिणी घोषित करेंगे। इसके पश्चात, 5 जुलाई 2026 को वे नवनिर्वाचित कार्यकारिणी के साथ अध्यक्ष पद ग्रहण करेंगे। राजकुमार जाट के निर्विरोध निर्वाचन पर पूरे जाट समाज ने खुशी व्यक्त की है। इस अवसर पर चुनाव संचालन समिति के जगदीश जाट, रतनलाल जाट, ओम प्रकाश जाट, सुवालाल जाट, बेनाथ जाट, चांदमल जाट, मोती जाट सहित सैकड़ों वरिष्ठ और युवा समाजजन उपस्थित थे। वरिष्ठजनों में रतनलाल जाट जहाजपुर, रामनिवास जाट (अतिरिक्त प्रशासनिक अधिकारी), शिवराज जाट, शोकारण जाट, रामप्रसाद गोरा, सीताराम जाट (जिला परिषद सदस्य), शंकर लाल कुड़ी (विवाह सम्मेलन के महामंत्री) और शोभाराम तोगड़ा शामिल थे। वहीं, युवाओं में बंटी चाड़ प्रधान चड्ढा, राजाराम जाट, कैलाश गोरा, अर्जुन गोरा, अनिल गोरा (सरपंच), सत्यनारायण जाट, सांवरलाल गोरा, रामदयाल जाट, गजराज जाट, शंकर लाल जाट, नारायण जाट, सुखपाल जाट और शंकर लाल नागा प्रमुख रूप से मौजूद थे।
- केकड़ी में 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर भारत विकास परिषद शाखा ने देवगांव गेट स्थित गौशाला परिसर में एक सामूहिक योग कार्यक्रम का उत्साहपूर्ण और आध्यात्मिक वातावरण में आयोजन किया। इस कार्यक्रम में परिषद के सदस्यों, योग साधकों और नगर के जागरूक नागरिकों ने बड़ी संख्या में भाग लेकर योग के प्रति अपनी आस्था और प्रतिबद्धता व्यक्त की। परिषद के शाखा सचिव रामनिवास जैन ने बताया कि योग शिक्षक राजेंद्र विजय ने उपस्थित साधकों को विभिन्न योगासन, प्राणायाम, सूक्ष्म व्यायाम, अनुलोम-विलोम, कपालभाति और सूर्य नमस्कार सहित अनेक योग क्रियाओं का अभ्यास करवाया। उन्होंने योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नियमित योगाभ्यास न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाता है, बल्कि मानसिक शांति, सकारात्मक सोच एवं आत्मिक ऊर्जा का भी संचार करता है। शिक्षक ने सभी को योग को अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। योग शिविर में लगभग 34 से अधिक साधकों ने सहभागिता करते हुए पूरे उत्साह और अनुशासन के साथ योगाभ्यास किया। इस दौरान उपस्थित लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता और योग के प्रति विशेष उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम के समापन पर सभी प्रतिभागियों को स्वास्थ्यवर्धक जूस वितरित किया गया, और साधकों ने योगाभ्यास के साथ-साथ स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प भी लिया। भारत विकास परिषद शाखा के पदाधिकारियों ने बताया कि योग भारत की प्राचीन और अमूल्य विरासत है, जिसे आज पूरा विश्व अपना रहा है, और ऐसे आयोजनों का उद्देश्य समाज में स्वास्थ्य, संतुलन और सकारात्मक जीवनशैली के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न होने पर उपस्थित साधकों एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त किया गया, और इस आयोजन को स्वास्थ्य, अनुशासन एवं सामूहिक सहभागिता का एक प्रेरणादायी उदाहरण बताया गया।4
- विदिशा से सामने आई एक हृदय विदारक घटना ने कई लोगों को भावुक कर दिया है, जहाँ री-नीट परीक्षा देने आईं तीन छात्राएँ परीक्षा में शामिल नहीं हो पाईं। इन छात्राओं को बायोमेट्रिक संबंधी दिक्कतों और उनके प्रवेश पत्र (एडमिट कार्ड) में हुई गलतियों के कारण परीक्षा से वंचित रहना पड़ा। इस घटना से जुड़ीं हर छात्रा के पीछे उनके माता-पिता भी मौजूद थे, जिनकी बरसों की उम्मीदें, त्याग और सपने इन परीक्षाओं से जुड़े थे। जिसने भी यह दुखद पल देखा, वह भावुक हो गया। इस पूरे वाकये को देखते हुए, “सिस्टम” की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए गए हैं, और यह पूछा गया है कि आखिर इसे जनता के हित में कब बनाया जाएगा।1
- महेश नवमी के अवसर पर निकलने वाली भव्य शोभायात्रा की तैयारियों में मातृशक्ति पूरे उत्साह के साथ जुटी हुई है। इस शोभायात्रा के लिए मातृशक्ति ने ढोल-नगाड़ों के साथ परेड अभ्यास किया, जिसमें उत्सव का माहौल स्पष्ट रूप से दिखाई दिया।1
- बारां जिले के छबड़ा में खाद न मिलने से किसानों का गुस्सा फूट पड़ा, जिसके बाद उन्होंने उपखंड अधिकारी कार्यालय के बाहर सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिला किसान भी शामिल हुईं, जिससे सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस मौके पर पहुंची और किसानों को समझाने का प्रयास कर रही है। सहायक कृषि अधिकारी चौथमल मीणा ने बताया कि फिलहाल खाद का स्टॉक खत्म हो गया है और रेक पहुंचते ही वितरण शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने किसानों से शांति बनाए रखने की अपील भी की है। किसानों का कहना है कि बुवाई का समय निकल रहा है और खाद न मिलने से उनकी फसल चौपट होने का खतरा है। उन्होंने चेतावनी दी है कि जब तक खाद का वितरण शुरू नहीं होता, उनका प्रदर्शन जारी रहेगा।1
- एक टूर्नामेंट में नए प्लेयर बैजेस को लेकर खूब चर्चा हो रही है। ये बैजेस इस समय टूर्नामेंट से संबंधित बातचीत का मुख्य विषय बन गए हैं।1
- अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर 21 जून को केकड़ी में उपखण्ड स्तरीय कार्यक्रम का गरिमामय एवं हर्षोल्लासपूर्ण आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में सैकड़ों नागरिकों, अधिकारियों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों तथा योग साधकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और योग को अपने दैनिक जीवन का अभिन्न अंग बनाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ उपखण्ड अधिकारी सुरेश कुमार बलाई, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार मील, अधिशासी अधिकारी केंद्र प्रसाद शर्मा, आयुर्वेद महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. गिरिराज साहू, शिविर प्रभारी डॉ. शिवराम जाट और पतंजलि योग समिति के मुख्य योग शिक्षक जेपी सोनी द्वारा भगवान धन्वंतरि के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए अतिथियों ने योग को शारीरिक स्वास्थ्य, मानसिक शांति और एक स्वस्थ जीवनशैली के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताया और सभी से नियमित योगाभ्यास अपनाने का आह्वान किया। योग प्रशिक्षकों जेपी सोनी, सत्यनारायण सोनी, लोकेश धाकड़ एवं सरिता धाकड़ ने विभिन्न आसनों, प्राणायाम तथा ध्यान की विधियों का प्रदर्शन कर प्रतिभागियों को स्वस्थ जीवन के लिए योग के महत्व से अवगत कराया। कार्यक्रम का मंच संचालन सुरेन्द्र कुमार जोशी ने प्रभावी ढंग से किया, जहाँ लोगों में योग के प्रति विशेष उत्साह और सकारात्मक ऊर्जा देखने को मिली। कार्यक्रम के समापन पर उपखण्ड अधिकारी सुरेश कुमार बलाई ने सभी उपस्थित लोगों को “सुदृढ़ लोकतंत्र के लिए मतदान की शपथ” दिलाई। यह भव्य आयोजन उपखण्ड प्रशासन, आयुर्वेद विभाग एवं पतंजलि योग समिति के संयुक्त तत्वावधान में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ, जिसमें सैकड़ों लोगों की भागीदारी ने योग और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जन-जागरूकता का महत्वपूर्ण संदेश दिया। इसी के साथ, अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर न्यायालय परिसर में भी एक योगाभ्यास कार्यक्रम आयोजित किया गया, जहाँ प्रह्लाद मेघवंशी और अमरचंद ने विभिन्न योगासन करवाए। इस कार्यक्रम में एसीजेएम 1 आशीष बेदाला, एसीजेएम 2 श्रीमती बीना मीणा, बार अध्यक्ष सीताराम कुमावत, अनेक अधिवक्तागण और न्यायिक कार्मिक उपस्थित रहे।4
- आज श्री सांवरिया सेठ के लाइव श्रृंगार दर्शन हुए हैं। भक्तों के लिए प्रभु के सुंदर स्वरूप के दर्शन उपलब्ध कराए गए।1
- भीलवाड़ा जिले में रविवार को री-नीट यूजी 2026 परीक्षा का आयोजन कड़े सुरक्षा इंतजामों और सख्त निगरानी के बीच किया गया। जिले के पांच परीक्षा केंद्रों पर कुल 2302 अभ्यर्थी इस महत्वपूर्ण परीक्षा में शामिल हुए। अभ्यर्थियों की प्रवेश प्रक्रिया सुबह 11 बजे शुरू हुई और दोपहर 1:30 बजे तक जारी रही, जिसमें उन्हें बायोमेट्रिक सत्यापन, पूर्ण फ्रिस्किंग और त्रिस्तरीय जांच के बाद ही परीक्षा केंद्रों में प्रवेश दिया गया। परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक आयोजित हुई, जिसमें अभ्यर्थियों को प्रश्नपत्र पढ़ने और समझने के लिए 15 मिनट का अतिरिक्त समय भी प्रदान किया गया। परीक्षा की गोपनीयता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए अभूतपूर्व सुरक्षा व्यवस्था की गई थी, जिसमें प्रश्नपत्रों के सुरक्षित परिवहन की जिम्मेदारी केंद्रीय सुरक्षा बलों के साथ भारतीय वायुसेना को भी सौंपी गई। सभी परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे और जैमर लगाए गए थे, जबकि जिला प्रशासन ने केंद्रों के 300 मीटर दायरे को प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित कर दिया था। जिला कलेक्टर जसमीत सिंह संधू ने पुष्टि की कि सभी तैयारियां पहले ही पूरी कर ली गई थीं और प्रभारी सचिव द्वारा भी केंद्रों का निरीक्षण किया गया था, तथा परीक्षा एनटीए, भारत सरकार और राज्य सरकार की सभी गाइडलाइन के अनुरूप संचालित की जा रही है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पारसमल जैन ने बताया कि सभी पांच परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया था और पुलिस अधिकारी परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध हैं। परीक्षा देने पहुंची अभ्यर्थी प्रिया राठौड़ ने पिछले पेपर लीक प्रकरण के बाद इस दोबारा परीक्षा के आयोजन को विद्यार्थियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि अभ्यर्थियों और उनके अभिभावकों ने इस परीक्षा के लिए कड़ी मेहनत की है और सभी चाहते हैं कि यह निष्पक्ष तरीके से संपन्न हो। प्रिया ने परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा और व्यवस्थाओं को संतोषजनक बताया, उम्मीद जताई कि इस बार परीक्षा पूरी पारदर्शिता के साथ होगी और विद्यार्थियों के भविष्य के साथ किसी प्रकार का खिलवाड़ नहीं होगा।1