कौशांबी जिले के नेवादा विकास खंड की ग्राम सभा तरना मजरा गांव तरनी में जलभराव ने ग्रामीणों के जीवन को बेहाल कर दिया है। गांव की मुख्य सड़क पर लंबे समय से पानी भरा रहने के कारण लोगों की आवाजाही बाधित हो रही है, जिससे खासकर स्कूली बच्चों को प्रतिदिन स्कूल आने-जाने के लिए गंदे पानी से होकर गुजरने को मजबूर होना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, बरसात शुरू होते ही स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, पैदल चलना तक मुश्किल हो जाता है और फिसलकर हादसे की आशंका बनी रहती है, जबकि छोटे बच्चों और बुजुर्गों को सबसे ज़्यादा कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। इस मामले में, ग्राम विकास अधिकारी ने बताया कि जल निकासी की स्थायी व्यवस्था के लिए नाली निर्माण का कार्य शुरू कराया गया था, लेकिन गांव के कुछ लोगों के विरोध के कारण यह कार्य बीच में ही रुक गया। नाली अधूरी होने से पानी की निकासी नहीं हो पा रही है और जलभराव की समस्या लगातार बनी हुई है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से हस्तक्षेप कर इस विवाद का शीघ्र समाधान कराने और अधूरी नाली का निर्माण कार्य पूरा कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो बरसात के दौरान हालात और भी बदतर हो जाएंगे, जिससे बच्चों की पढ़ाई और ग्रामीणों का दैनिक जीवन गंभीर रूप से प्रभावित होगा।
कौशांबी जिले के नेवादा विकास खंड की ग्राम सभा तरना मजरा गांव तरनी में जलभराव ने ग्रामीणों के जीवन को बेहाल कर दिया है। गांव की मुख्य सड़क पर लंबे समय से पानी भरा रहने के कारण लोगों की आवाजाही बाधित हो रही है, जिससे खासकर स्कूली बच्चों को प्रतिदिन स्कूल आने-जाने के लिए गंदे पानी से होकर गुजरने को मजबूर होना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, बरसात शुरू होते ही स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, पैदल चलना तक मुश्किल हो जाता है और फिसलकर हादसे की आशंका बनी रहती है, जबकि छोटे बच्चों और बुजुर्गों को सबसे ज़्यादा कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। इस मामले में, ग्राम विकास अधिकारी ने बताया कि जल निकासी की स्थायी व्यवस्था के लिए नाली निर्माण का कार्य शुरू कराया गया था, लेकिन गांव के कुछ लोगों के विरोध के कारण यह कार्य बीच में ही रुक गया। नाली अधूरी होने से पानी की निकासी नहीं हो पा रही है और जलभराव की समस्या लगातार बनी हुई है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से हस्तक्षेप कर इस विवाद का शीघ्र समाधान कराने और अधूरी नाली का निर्माण कार्य पूरा कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो बरसात के दौरान हालात और भी बदतर हो जाएंगे, जिससे बच्चों की पढ़ाई और ग्रामीणों का दैनिक जीवन गंभीर रूप से प्रभावित होगा।
- प्रयागराज के लोगों को जल्द ही एक नया सार्वजनिक आकर्षण मिलने जा रहा है, जहाँ संगम नगरी में 'प्रेरणा स्थल पार्क' बनकर तैयार हो गया है। यह पार्क राष्ट्रभक्ति, प्रेरणा और आधुनिक सुविधाओं का एक अनूठा संगम होगा। करीब 12 से 15 हजार वर्गफीट क्षेत्र में विकसित इस भव्य पार्क में पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी, डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी और अशोक सिंघल की 12-12 फीट ऊंची कांस्य प्रतिमाएं स्थापित की गई हैं। आम लोगों के लिए इस पार्क में एंट्री बिल्कुल मुफ्त रहेगी। आगे चलकर इस पार्क में फूड कोर्ट, फन जोन और नौकायन घाट जैसी अतिरिक्त सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी। इन सुविधाओं के साथ, यह पार्क शहर के प्रमुख पर्यटन और मनोरंजन केंद्रों में से एक के रूप में स्थापित हो सकेगा।1
- कौशाम्बी जनपद के थाना मंझनपुर अंतर्गत हुई एक लूट की घटना के संबंध में पुलिस को एक और सफलता मिली है। इस मामले में एक और व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है, जिसके साथ ही घटना से जुड़ी बरामदगी भी की गई है। इस पूरी कार्रवाई और घटनाक्रम के संबंध में क्षेत्राधिकारी मंझनपुर श्री शिवांक सिंह ने जानकारी दी है।1
- भारतीय एकता एवं एकात्मकता के प्रतीक डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी जी की जयंती के अवसर पर दिनांक 06 जुलाई 2026 को उत्तर प्रदेश के यशस्वी माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी के कर कमलों द्वारा प्रयागराज में एक महत्वपूर्ण प्रतिमा का अनावरण किया जाएगा। यह प्रतिमा नगर निगम प्रयागराज द्वारा यमुना बैंक रोड स्थित कालीघाट, बोट क्लब पर तीन महान विभूतियों की प्रेरणा स्थल के रूप में स्थापित की गई है। इसी ऐतिहासिक एवं गरिमामय आयोजन को सुव्यवस्थित रूप से संपन्न कराने के लिए आज इसकी तैयारियों एवं व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया। जिलाधिकारी प्रयागराज श्री मनीष वर्मा जी, नगर आयुक्त श्री सीलम साईं तेजा जी, आईपीएस अधिकारी श्री अजय पाल शर्मा जी, पी.डी.ए. वी.सी., प्रयागराज सी. डी.ओ. एवं अन्य प्रशासनिक अधिकारी गण ने कार्यक्रम स्थल का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।1
- प्रयागराज के दारागंज स्थित प्रसिद्ध श्री बड़े हनुमान मंदिर में श्रद्धालुओं की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं, जहाँ अपराधियों ने सरेआम भक्तों के फोन चुरा लिए। चोरी की यह घटना सीसीटीवी फुटेज में कैद हो गई, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है। वायरल फुटेज में साफ दिख रहा है कि भीड़ का फायदा उठाकर चोर किस तरह बेखौफ होकर श्रद्धालुओं के पास से मोबाइल फोन निकाल रहे थे, जबकि दर्शन करने आए भक्तों को इसकी भनक तक नहीं लगी। इस घटना के सामने आने के बाद श्रद्धालुओं में गहरा आक्रोश और डर का माहौल है, क्योंकि उन्हें अब आस्था के केंद्र में भी अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता सता रही है। स्थानीय लोगों ने इस घटना के लिए दारागंज थाना प्रभारी ज्ञानेश्वर मिश्रा की कानून व्यवस्था को पूरी तरह विफल बताया है। उनका आरोप है कि थाना प्रभारी अपराधियों के सामने नतमस्तक हो चुके हैं और पिछले तीन साल से दारागंज थाने पर उनकी तैनाती के बाद से ऐसी आपराधिक घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। श्रद्धालुओं ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि मंदिर परिसर में तत्काल सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई जाए और इन चोरों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए। फिलहाल, पुलिस ने वायरल हुए सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मामले की जांच शुरू करने की बात कही है।1
- लखनऊ के नवाबों के शहर में “मुस्कुराइए आप नवाबों के शहर लखनऊ में हैं” की कहावत को धता बताते हुए एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। शहर के हैदरगंज चौराहे पर, एक नवयुवक अपनी कार को रॉंग साइड से चला रहा था, जिसे रोकने का प्रयास एक होमगार्ड को भारी पड़ गया। इस मामले पर तीव्र आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा गया है कि यह “ग़ज़ब गुंडई” है, जहाँ एक तो युवक गलत दिशा में वाहन चला रहा था और ऊपर से उसने गुंडई दिखाई।1