कानपुर नगर के घाटमपुर तहसील प्रशासन की एक बड़ी लापरवाही कुरसेडा गांव में सामने आई है, जहाँ एसडीएम कोर्ट के आदेश पर बंटवारे की पैमाइश कराने पहुँची राजस्व टीम के सामने ही खूनी संघर्ष हो गया। यह घटना मंगलवार को सजेती थाना क्षेत्र के कुरसेडा, पोस्ट गुजेला में हुई, जब कानूनगो नरपत सिंह पीड़ित ओमप्रकाश और उदय प्रकाश की जमीन नापने पहुँचे थे। पैमाइश के दौरान, विपक्षी हंसराज, उमाकांत और चंद्रकेश ने फावड़ों से हमला कर दिया, जिसमें व्यापारी उदय प्रकाश घायल हो गए। आरोप है कि कानूनगो के साथ भी गाली-गलौज की गई। यह भी बताया गया कि संवेदनशील विवाद होने के बावजूद राजस्व टीम बिना पुलिस बल के मौके पर पहुँची थी, जिसके कारण हमले के बाद पैमाइश अधूरी छोड़नी पड़ी। कानूनगो ने स्वयं पुलिस को घटना की सूचना दी। घायल उदय प्रकाश ने आदर्श व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष महेश वर्मा को बताया कि सरकारी आदेश के बावजूद उन्हें जमीन नहीं मिल रही है, जिससे उनका व्यापार चौपट हो रहा है। वर्मा ने इसे प्रशासन की गंभीर चूक करार दिया है। एडीसीपी साउथ सुमित सुधाकर रामटेके के निर्देश पर मामले में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली गई है। इस घटना के बाद यह सवाल उठ रहा है कि सरकारी पैमाइश के दौरान सुरक्षा की जिम्मेदारी किसकी थी। कानूनगो ने बताया है कि वे इस संबंध में एसडीएम को आवेदन देंगे।
कानपुर नगर के घाटमपुर तहसील प्रशासन की एक बड़ी लापरवाही कुरसेडा गांव में सामने आई है, जहाँ एसडीएम कोर्ट के आदेश पर बंटवारे की पैमाइश कराने पहुँची राजस्व टीम के सामने ही खूनी संघर्ष हो गया। यह घटना मंगलवार को सजेती थाना क्षेत्र के कुरसेडा, पोस्ट गुजेला में हुई, जब कानूनगो नरपत सिंह पीड़ित ओमप्रकाश और उदय प्रकाश की जमीन नापने पहुँचे थे। पैमाइश के दौरान, विपक्षी हंसराज, उमाकांत और चंद्रकेश ने फावड़ों से हमला कर दिया, जिसमें व्यापारी उदय प्रकाश घायल हो गए। आरोप है कि कानूनगो के साथ भी गाली-गलौज की गई। यह भी बताया गया कि संवेदनशील विवाद होने के बावजूद राजस्व टीम बिना पुलिस बल के मौके पर पहुँची थी, जिसके कारण हमले के बाद पैमाइश अधूरी छोड़नी पड़ी। कानूनगो ने स्वयं पुलिस को घटना की सूचना दी। घायल उदय प्रकाश ने आदर्श व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष महेश वर्मा को बताया कि सरकारी आदेश के बावजूद उन्हें जमीन नहीं मिल रही है, जिससे उनका व्यापार चौपट हो रहा है। वर्मा ने इसे प्रशासन की गंभीर चूक करार दिया है। एडीसीपी साउथ सुमित सुधाकर रामटेके के निर्देश पर मामले में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली गई है। इस घटना के बाद यह सवाल उठ रहा है कि सरकारी पैमाइश के दौरान सुरक्षा की जिम्मेदारी किसकी थी। कानूनगो ने बताया है कि वे इस संबंध में एसडीएम को आवेदन देंगे।
- उत्तर प्रदेश के एटा मेडिकल कॉलेज में नवजात शिशु को बदलने की शिकायत मिलने के बाद दो कर्मचारियों को निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई मामले की गंभीरता को देखते हुए की गई है। कॉलेज प्रशासन ने शिकायत पर त्वरित संज्ञान लेते हुए जांच शुरू की और प्रथम दृष्टया दोषी पाए जाने पर संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ निलंबन का आदेश जारी किया।1
- उत्तर प्रदेश के कानपुर में बाबू पुरवा वार्ड नंबर 105, जोन नंबर तीन, कैथे वाली मस्जिद के पीछे की गली में कथित तौर पर मानक विपरीत कार्य को लेकर जनता दल सेक्युलर पार्टी के प्रदेश महासचिव और बाबू पुरवा निवासी साबिर हुसैन ने शिकायत दर्ज कराई है। हुसैन का आरोप है कि शिकायत के बाद भ्रष्टाचार में लिप्त नगर निगम कर्मी के ठेकेदार ने कहा कि वे कार्य नहीं करेंगे, लेकिन भुगतान नगर निगम विभाग से ले लेंगे। इस मामले को तहसील दिवस पर डीएम साहब के समक्ष उठाया गया था, जिस पर डीएम साहब ने मौके पर मौजूद अधिकारियों को निर्देश दिया था कि वे स्वयं स्थल का दौरा करें और सात दिनों के भीतर पूरी आख्या रिपोर्ट भेजें। हालांकि, साबिर हुसैन के अनुसार, डीएम के आदेश के बावजूद दस दिन बीत चुके हैं और अधिकारियों ने अभी तक इसका अनुपालन नहीं किया है। इस अनदेखी के बाद, जद नेता साबिर हुसैन ने ट्विटर के माध्यम से शासन-प्रशासन को इस स्थिति से अवगत कराया है। उन्होंने तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की है, अन्यथा माननीय उच्च न्यायालय में रिट याचिका दाखिल करने की चेतावनी दी है।4
- नागपुर में एक महिला द्वारा अपने स्कूल के दोस्त अय्याज़ ताज मदारे पर लगाए गए गंभीर आरोपों से सनसनी फैल गई है। शिकायत के अनुसार, आरोपी ने प्लॉट खरीदने के बहाने महिला से संपर्क किया, जिसके बाद कथित तौर पर उसे ब्लैकमेल किया गया। महिला का आरोप है कि उसके साथ दुष्कर्म किया गया और उस पर जबरन धर्म परिवर्तन के लिए दबाव डाला गया। इसके अतिरिक्त, इस मामले में महाराष्ट्र के जादू-टोना विरोधी कानून के उल्लंघन के आरोप भी शामिल हैं। पुलिस ने इन आरोपों के आधार पर कार्रवाई करते हुए अय्याज़ ताज मदारे और अमीन शेख को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में कथित रूप से शामिल एक मौलाना की तलाश जारी है, जो फिलहाल फरार बताया जा रहा है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ दुष्कर्म, ब्लैकमेलिंग, जबरन धर्मांतरण और जादू-टोना विरोधी कानून की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। अधिकारियों ने जानकारी दी है कि मामले की गहन जांच चल रही है और इस जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, इन आरोपों की अभी न्यायिक पुष्टि नहीं हुई है, और मामले की वास्तविक सच्चाई जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।1
- कानपुर के फजलगंज थाना पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए पॉक्सो एक्ट के मामले में फरार चल रहे एक अपराधी को धर-दबोचा है। पुलिस की इस ताबड़तोड़ कार्रवाई से अपराधियों के बीच भय का माहौल बन गया है। फरार अभियुक्त की पहचान अशोका ज्वैलर्स प्राइवेट लिमिटेड के मालिक अशोक कुमार रस्तोगी के रूप में हुई है। फजलगंज थाना पुलिस और सर्विलांस टीम ने मिलकर बिठूर स्थित सिंहपुर के पास उसके फार्म हाउस से आरोपी को गिरफ्तार किया। पुलिस ने फरार आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद उसे जेल भेज दिया है। फजलगंज पुलिस की इस कार्रवाई के बाद अपराधियों में खौफ का माहौल है।1
- उन्नाव के ग्राम बौनामऊ से जुड़ा एक पोस्टर सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है, जिसमें दो दिन पहले महापुरुषों से संबंधित एक बैनर फाड़े जाने की घटना का उल्लेख है। वायरल पोस्ट में दावा किया गया है कि इस मामले में जानकारी लेने और विरोध दर्ज कराने के बाद शोभित राजवंशी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। पोस्ट के अनुसार, शोभित राजवंशी को निर्दोष बताया जा रहा है और उनके समर्थक उनके समर्थन में एकजुट हो रहे हैं। इसी के विरोध में, समर्थकों से 17 जून 2026 को शाम 4 बजे थाना माखी पहुंचने की अपील की गई है ताकि बड़ी संख्या में उनकी उपस्थिति दर्ज कराई जा सके। सोशल मीडिया पर इस पूरे मामले को लेकर तीखी चर्चा चल रही है, और लोग निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं। हालांकि, वायरल पोस्ट में किए गए इन सभी दावों की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।1
- उन्नाव सदर कोतवाली क्षेत्र के गांधीनगर तिराहे पर नगर पालिका द्वारा राहगीरों को भीषण गर्मी से बचाने और आराम देने के उद्देश्य से बनाए गए विश्रामलय की स्थिति बदहाल है। इस विश्रामलय में गंदगी का अंबार लगा हुआ है और कई दिनों से साफ-सफाई का कोई ध्यान नहीं रखा जा रहा है। लगभग 20 से 25 हजार रुपये की कीमत का एक बड़ा कूलर भी यहाँ लगाया गया है, लेकिन उसमें पानी न होने के बावजूद उसे चलाया जा रहा है, जिसके कारण कूलर ठंडी हवा देने के बजाय लू जैसी गर्म हवा फेंक रहा है। ऐसी गर्म हवा से राहगीरों को आराम मिलने के बजाय बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। यह विश्रामलय लगभग लाखों रुपये की लागत से बनाया गया था, और इसकी बदहाली नगर पालिका के कर्मचारियों की अनदेखी तथा सरकार के धन के दुरुपयोग को दर्शाती है, क्योंकि यहाँ कोई जिम्मेदार कर्मचारी निष्ठा और ईमानदारी से कार्य नहीं कर रहा है। विश्रामलय में बैठे राहगीरों ने भी इस बात की पुष्टि की कि वे यहाँ आराम तो कर रहे हैं, लेकिन गर्म हवा खाने और साफ-सफाई न होने के कारण बीमारी का शिकार हो सकते हैं। गांधीनगर तिराहे पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने भी बताया कि सफाई कर्मी पूरी तरह से नदारद रहता है और साफ-सफाई पर ध्यान नहीं देता। रिपोर्ट के अनुसार, नगरपालिका के जिम्मेदार अधिकारी, कर्मचारी और नगर अध्यक्ष भी इस मामले में लापरवाही बरतते हुए नजर आ रहे हैं।4
- कानपुर के बाबूपुरवा थाना क्षेत्र की एनएलसी चौकी से दबंगों द्वारा पुलिस से अभद्रता करने का एक वीडियो वायरल हुआ है। यह घटना बीते रविवार की बताई जा रही है, जब कब्जे की सूचना पर एनएलसी चौकी प्रभारी मौके पर पहुंचे थे। हालात बिगड़ने पर वहां भारी पुलिस बल बुलाना पड़ा। पीड़िता की तहरीर के आधार पर पुलिस ने गौरव पांडेय, सौरभ पांडेय सहित 7 नामजद और 15-20 अज्ञात लोगों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।1