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आज ग्राम बरहापुर में भैंसदेही कांग्रेस कमेटी द्वारा एक मशाल जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया गया। यह प्रदर्शन मुख्य रूप से NEET UG पेपर लीक के विरोध में आयोजित किया गया, जिसमें समिति ने सरकार पर बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। इसके साथ ही, लगातार बढ़ती महंगाई को लेकर भी सरकार के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया गया।
भैंसदेही संवाददाता
आज ग्राम बरहापुर में भैंसदेही कांग्रेस कमेटी द्वारा एक मशाल जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया गया। यह प्रदर्शन मुख्य रूप से NEET UG पेपर लीक के विरोध में आयोजित किया गया, जिसमें समिति ने सरकार पर बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। इसके साथ ही, लगातार बढ़ती महंगाई को लेकर भी सरकार के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया गया।
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- बैतूल में 29 मई, 2026 को आयोजित जिला जल एवं स्वच्छता समिति की बैठक में कलेक्टर डॉ. सौरभ संजय सोनवणे ने सख्त निर्देश दिए कि जल निगम के अंतर्गत प्रगतिरत चारों समूह जल प्रदाय योजनाओं को निर्धारित समय-सीमा के भीतर अनिवार्य रूप से पूरा किया जाए ताकि सभी लक्षित ग्रामों को लाभान्वित किया जा सके। कलेक्टर डॉ. सोनवणे ने विशेष रूप से गढ़ा समूह परियोजना को अक्टूबर, घोघरी परियोजना को नवंबर और मेढा समूह परियोजना को दिसंबर माह तक अनिवार्य रूप से पूर्ण कर नल कनेक्शन सुचारू करने के आदेश दिए। इसके साथ ही, वर्धा समूह जल प्रदाय योजना का कार्य भी फरवरी माह तक तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कार्यपालन यंत्री जल निगम को मासिक लक्ष्य निर्धारित कर माइक्रो मॉनिटरिंग करने तथा इंटेकवेल, पाइपलाइन और नल कनेक्शन के कार्यों को समानांतर रूप से संपादित करते हुए समय-सीमा में पूर्ण करने के सख्त निर्देश दिए, ताकि किसी भी स्थिति में देरी न हो। उनका जोर था कि आगामी ग्रीष्म ऋतु तक सभी समूह परियोजनाओं से लाभान्वित होने वाले घरों तक नल से जल सुगमता से पहुंचना चाहिए। उन्होंने विभागीय अधिकारियों से कार्यों में आ रही समस्याओं की जानकारी लेकर उनके निराकरण के निर्देश भी दिए। कलेक्टर डॉ. सोनवणे ने यह भी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि समूह जल प्रदाय योजना से कोई भी ग्राम अछूता न रहे। उन्होंने शेष बचे ग्रामों की कार्ययोजना की जानकारी ली, जिसमें बताया गया कि भैंसदेही के शेष ग्रामों को मेढा और रामघाटी परियोजनाओं से, जबकि चिचोली और शाहपुर के ग्रामों को सीतलझिरी और गढ़ा परियोजना से कवर किया जा सकता है। इसके अतिरिक्त, भीमपुर, आमला और घोड़ाडोंगरी के शेष ग्रामों के लिए भी बेहतर विकल्प चयनित करने के निर्देश दिए गए, ताकि इन ग्रामों में लंबे समय तक पानी की सुचारू आपूर्ति बनी रहे। उन्होंने पेयजल प्रबंधन की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि पेयजल आपूर्ति संबंधी कोई भी समस्या आने पर संवेदनशीलता के साथ त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए। बोर और ट्यूबवेल जैसे माध्यमों से पानी की उपलब्धता बनाए रखने और आगामी 15 दिनों में पेयजल प्रबंधन के लिए तत्परता से कार्य करने पर भी बल दिया गया। इस बैठक में अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्रीमती इंदिरा महतो, कार्यपालन यंत्री लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग श्री मनोज बघेल, कार्यपालन यंत्री जल निगम और कार्यपालन यंत्री जल संसाधन विभाग सहित संबंधित समिति सदस्य उपस्थित रहे।1
- सौंसर/पिपला नारायणवार के बस स्टैंड परिसर में संचालित शराब दुकान के विरोध में नगर कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में एक अनिश्चितकालीन जनजागरण कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया है। इस आंदोलन का मुख्य उद्देश्य शराब की दुकान को सार्वजनिक स्थान से हटाना और पूरे क्षेत्र को नशा मुक्त व सुरक्षित बनाना है। इस दौरान स्थानीय निवासियों और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में एकत्रित होकर अपनी एकजुटता का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक विजय रेवनाथ चौरे ने इस बात पर जोर दिया कि बस स्टैंड एक अत्यंत व्यस्त और सार्वजनिक स्थान है, जहाँ शराब की दुकान का संचालन पूरी तरह से जनहित के विरुद्ध है। उन्होंने बताया कि इस दुकान के कारण स्थानीय नागरिकों, महिलाओं, स्कूल-कॉलेज जाने वाले विद्यार्थियों और बाहर से आने वाले यात्रियों को प्रतिदिन भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। विधायक ने इसे एक गंभीर मुद्दा बताते हुए आश्वासन दिया कि जनता की इन भावनाओं को उच्च स्तर पर मजबूती से उठाया जाएगा और इस समस्या का स्थायी समाधान निकाला जाएगा। कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों ने इस मुहिम को व्यापक रूप देने का संकल्प लिया है। कांग्रेस नेता अशोक चौधरी, चिधबा महाराज सरोदे और नगर कांग्रेस अध्यक्ष कैलाश चौधरी ने स्पष्ट किया कि यह लड़ाई केवल एक शराब दुकान को हटाने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पूरे क्षेत्र को अपराध और नशे से मुक्त रखने के लिए छेड़ा गया एक व्यापक जन आंदोलन है। उन्होंने चेतावनी दी है कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जातीं और प्रशासन उचित कार्रवाई नहीं करता, तब तक यह अनिश्चितकालीन जनजागरण कार्यक्रम निरंतर जारी रहेगा। इस विरोध प्रदर्शन में जिला को-ऑपरेटिव बैंक के पूर्व अध्यक्ष विजय चौधरी, ब्लॉक अध्यक्ष डॉ. राजेंद्र येमदे और नगर परिषद अध्यक्ष अरुणा चौधरी सहित अनिल वनकर, राजू चौधरी, देवेंद्र कोचे, विनोद सालबर्डे, पांडुरंग कड़ू, अनिल चौधरी, शैलेंद्र सिंह बिसेन, गजानन वरखारे, अरुण लाडसे, हितेंद्र चौधरी, रामचंद्र मदनकर, रमेश हाते, राधेश्याम बंडे, गजानन कोचे, बबलू मैथ्रे, ज्ञानेश्वर भालेराव और हतेश बालपांडे जैसे कई स्थानीय नागरिक और कार्यकर्ता सक्रिय रूप से शामिल हुए। महिलाओं ने भजन गाकर नशे के खिलाफ अपने विरोध और जागरूकता का संदेश दिया, जिससे प्रशासन पर शराब दुकान को हटाने का दबाव और अधिक बढ़ गया है।1
- छिन्दवाड़ा-पांढुर्णा संसदीय क्षेत्र में सांसद विवेक बंटी साहू की उपस्थिति में विकास और शिक्षा से जुड़े विभिन्न भूमिपूजन कार्यक्रम संपन्न हुए। इन आयोजनों के माध्यम से क्षेत्र में बेहतर अधोसंरचना और शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से कई महत्वपूर्ण कार्यों की शुरुआत की गई। इसी कड़ी में, सौसर में धनोज कुनबी समाज के भव्य सामुदायिक भवन के निर्माण का भूमिपूजन किया गया, वहीं बेरडी स्थित सरस्वती शिशु मंदिर में सांसद निधि से बनने वाले अतिरिक्त कक्ष का भी शुभारंभ किया गया, जिससे विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं मिल सकेंगी। इसके अतिरिक्त, सांवली गांव में लगभग ₹5 लाख की लागत से बनने वाले 150 मीटर सीसी रोड निर्माण कार्य का भी भूमिपूजन हुआ। तिगांव में सरस्वती शिशु मंदिर में अतिरिक्त कक्ष निर्माण कार्य की शुरुआत के साथ ही, उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी विद्यार्थियों को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई। इस अवसर पर मौजूद जनप्रतिनिधियों और स्थानीय नागरिकों ने क्षेत्र के विकास के लिए किए जा रहे इन कार्यों की सराहना की। कार्यक्रमों के दौरान शिक्षा, सड़क और सामाजिक अधोसंरचना को मजबूत बनाने के संकल्प को दोहराया गया, जिससे विकास और शिक्षा को नई गति मिली।1
- नर्मदापुरम की डिप्टी कलेक्टर श्रीमती बबीता राठौर ने दिनांक 29 मई को इटारसी स्थित डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी शासकीय अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल की बुनियादी सुविधाओं, मरीजों को मिलने वाले इलाज और परिसर की स्वच्छता व्यवस्था का बारीकी से मुआयना किया। निरीक्षण के दौरान, श्रीमती राठौर ने अस्पताल में भर्ती मरीजों और उनके परिजनों से सीधे बातचीत कर स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और दवाओं की उपलब्धता के बारे में प्रतिक्रिया (फीडबैक) प्राप्त की। उन्होंने वार्डों, ओपीडी (आउटपेशेंट डिपार्टमेंट) और पूरे परिसर की साफ-सफाई को लेकर सख्त निर्देश दिए, इस बात पर जोर दिया कि मरीजों के स्वास्थ्य के साथ-साथ स्वच्छता का स्तर भी सर्वोच्च होना चाहिए। इसके अतिरिक्त, ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टरों और अन्य स्टाफ को समय पर अपनी उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा मरीजों को बेहतर एवं त्वरित उपचार प्रदान करने के लिए आवश्यक निर्देश दिए गए। प्रशासन की इस सक्रियता से यह उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में अस्पताल की व्यवस्थाओं में और अधिक सुधार देखने को मिलेगा।1
- बुरहानपुर जिले की खकनार तहसील स्थित ग्राम पंचायत नागझिरी में गरीबों के हक के अनाज पर खुलेआम डाका डालने का गंभीर मामला सामने आया है। ग्रामीणों ने जनसुनवाई के दौरान अपना गहरा गुस्सा व्यक्त किया और पंचायत के सचिव तथा सहायक सचिव पर राशन की कालाबाजारी करने का सीधा आरोप लगाया है। इस मामले में नाराज ग्रामीणों ने कलेक्टर को एक आवेदन सौंपा है, जिसमें उन्होंने तत्काल एफआईआर दर्ज करने और आरोपी सचिव तथा सहायक सचिव को निलंबित करने की कड़ी मांग की है। अब प्रभावित ग्रामीण अपनी शिकायत और न्याय की गुहार पंचायत एवं ग्रामीण विकास राज्य मंत्री श्री प्रहलाद पटेल तक पहुंचाने की तैयारी कर रहे हैं। नागझिरी के ग्रामीण न्याय की उम्मीद में हैं, सवाल यह है कि आखिर गरीब का निवाला कौन खा रहा है और इस कथित भ्रष्टाचार पर कब कार्रवाई होगी।1
- पांढुर्णा जिले में दिल्ली के लाल किला मैदान में आयोजित जनजाति समागम कार्यक्रम में देश के गृह मंत्री अमित शाह द्वारा आदिवासियों को 'वनवासी' कहे जाने का तीव्र विरोध देखा गया। इस बयान से उपजे आक्रोश के चलते कांग्रेसियों ने नगर पालिका मैदान के सामने गृह मंत्री का पुतला दहन किया। इस मामले के विरोध में शुक्रवार को जिला मुख्यालय के पारडी मार्ग पर स्थित क्षेत्रीय विधायक नीलेश उइके के जनसंपर्क कार्यालय से कांग्रेसियों द्वारा एक बड़ी रैली निकाली गई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने स्पष्ट किया कि वे 'वनवासी' नहीं, बल्कि 'आदिवासी' हैं और स्वयं को भारत देश का मूल निवासी मानते हैं। इस विरोध प्रदर्शन के अवसर पर विधायक नीलेश उइके, जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष जतन उइके, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के नवनियुक्त अध्यक्ष विलास डोंगरे, जिला कांग्रेस कमेटी प्रभारी हेमंत वागद्रे, मनोहर सिंह ठाकुर, श्रीमती शारदा धुमाल, श्रीमती प्रतिभा मेश्राम, श्रीमती कीर्ति पठाडे, अनंता तायवाडे, नगर पालिका उपाध्यक्ष ताहिर अहमद पटेल, कैलाश पराडकर, बड़चिचोली क्षेत्र के पूर्व जनपद सदस्य शेख नूर मोहम्मद, जिला महिला कांग्रेस प्रभारी किरण चौधरी, महिला जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष नेहा जोगी, जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती लता तुमडाम, राजेश सोमकर, रवि खापरे, अनिल चौधरी सहित अन्य कई प्रमुख नेता और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- हरदा के टिमरनी विकासखण्ड अंतर्गत वनक्षेत्र में रहने वाले आदिवासी किसान इन दिनों खाद प्राप्त करने के लिए पट्टों के वेरिफिकेशन को लेकर भारी परेशानी का सामना कर रहे हैं। शासन की नई गाइडलाइन के कारण उन्हें अपने पट्टों का सत्यापन करवाने के लिए कई किलोमीटर की लंबी दूरी तय कर टिमरनी स्थित एसडीएम कार्यालय पहुंचना पड़ रहा है। इस प्रक्रिया में उनका कीमती समय और पैसा बर्बाद हो रहा है, खासकर तब जब उन्हें केवल दो बोरी यूरिया या खाद के लिए ही यह सब करना पड़ रहा है। किसानों की इस समस्या की जानकारी मिलने पर, विधायक अभिजीत शाह ने तुरंत संज्ञान लिया और एसडीएम कार्यालय पहुंचे। वहां उन्होंने सुबह से भूखे-प्यासे बैठे आदिवासी किसानों से उनकी परेशानी जानी और इस स्थिति पर शासन के प्रति अपनी नाराजगी व्यक्त की। विधायक शाह ने एसडीएम संजीव कुमार नागू से चर्चा की और वनक्षेत्र में ही वेरिफिकेशन केंद्र स्थापित करने की मांग की, ताकि किसानों को अनावश्यक रूप से परेशान न होना पड़े। एसडीएम ने विधायक की इस मांग को स्वीकार करते हुए, वनक्षेत्र के ग्राम कायदा में सप्ताह में एक दिन सेंटर लगाने पर सहमति जताई। इस दौरान विधायक अभिजीत शाह ने वहां मौजूद भूखे-प्यासे आदिवासी कृषकों को चाय-नाश्ता भी करवाया और उन्हें हर संभव मदद का आश्वासन दिया। विधायक के इस हस्तक्षेप और सहायता के लिए किसानों ने उनका आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर कई कांग्रेस कार्यकर्ता और पदाधिकारी भी मौजूद रहे।4
- हरदा जिले के टिमरनी क्षेत्र में 52 वर्षीय जियालाल उइके के चार दिन से लापता होने और उनके शव का कोई सुराग न मिलने से परिजनों में भारी आक्रोश है। मंगलवार को भादूगांव क्षेत्र की बड़ी नहर में जियालाल उइके के बहने की जानकारी मिलने के बाद भी उनका शव आज तक नहीं मिल पाया है। परिजन, जो ग्राम अंधेरीखेड़ा से हैं, उन्होंने इस मामले में हत्या की आशंका जताई है। उनका आरोप है कि उन्होंने पुलिस थाने में दो नामजद लोगों के बारे में जानकारी दी थी, जिन पर उन्हें जियालाल उइके की हत्या करने का संदेह है। उल्लेखनीय है कि फसलों में पानी के सुचारु प्रवाह के दौरान नहरों में नहाते समय डूबने की घटनाएं अक्सर सामने आती रहती हैं। इस आक्रोश के चलते, बराज ग्रामीणों और परिजनों ने थाना परिसर के सामने मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। पुलिस द्वारा काफी समझाइश देने के बाद ही नाराज ग्रामीण सड़क से हटे। पुलिस ने परिजनों की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है।4