बेहतर कल के लिए पहला कदम: 25 गांवों की लीडर बालिकाओं ने लिया नेतृत्व का संकल्प खैरथल/ब्लॉक मुख्यालय, 17 फरवरी 2026। एमिड संस्थान व वी अज फाउंडेशन द्वारा “बेहतर कल के लिए पहला परियोजना” के अंतर्गत ब्लॉक स्तरीय लीडर बालिका क्षमतावर्धन कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में 25 गांवों की लगभग 50 लीडर बालिकाओं ने भाग लिया। कार्यशाला को संबोधित करते हुए एमिड संस्थान के डायरेक्टर नूर मोहम्मद ने बालिकाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि आप अपने-अपने गांव में किशोरी बालिका संगठन व मेवात बालिका मंच को मजबूत करें। उन्होंने शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए बताया कि एक अच्छे लीडर में आत्मविश्वास, जिम्मेदारी, संवाद कौशल और समाज के प्रति संवेदनशीलता जैसे गुण होने चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से मेवात क्षेत्र में बालिका शिक्षा की आवश्यकता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नियमित अध्ययन के साथ नेतृत्व क्षमता विकसित करना बेहद जरूरी है। एमिड संस्थान के मैनेजिंग डायरेक्टर शाहरुख नूर ने बताया कि संस्था पिछले 25 वर्षों से मेवात क्षेत्र में बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने का कार्य कर रही है। संस्था बालिकाओं को शिक्षा के साथ-साथ नेतृत्व और आत्म-सशक्तिकरण के लिए निरंतर प्रेरित कर रही है। डिप्टी डायरेक्टर आशा नारंग ने अपने संबोधन में कहा कि बालिकाओं को शिक्षा के प्रति जागरूक होकर मेवात में बालिका शिक्षा दर बढ़ाने के लिए सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। कार्यशाला के दौरान बालिकाओं को अच्छे नेतृत्व के गुणों पर प्रशिक्षण दिया गया तथा उनके अनुभव साझा कराए गए। साथ ही आगामी तीन महीनों की कार्ययोजना भी तैयार कराई गई, जिसमें गांव स्तर पर शिक्षा और संगठन को मजबूत करने की रणनीति बनाई गई। इस अवसर पर समुदाय समन्वयक जुमर खान, पूनम गुप्ता एवं हारून भी उपस्थित रहे। (प्रगति न्यूज़ के लिए विशेष रिपोर्ट)
बेहतर कल के लिए पहला कदम: 25 गांवों की लीडर बालिकाओं ने लिया नेतृत्व का संकल्प खैरथल/ब्लॉक मुख्यालय, 17 फरवरी 2026। एमिड संस्थान व वी अज फाउंडेशन द्वारा “बेहतर कल के लिए पहला परियोजना” के अंतर्गत ब्लॉक स्तरीय लीडर बालिका क्षमतावर्धन कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला में 25 गांवों की लगभग 50 लीडर बालिकाओं ने भाग लिया। कार्यशाला को संबोधित करते हुए एमिड संस्थान के डायरेक्टर नूर मोहम्मद ने बालिकाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि आप अपने-अपने गांव में किशोरी बालिका संगठन व मेवात बालिका मंच को मजबूत करें। उन्होंने शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए बताया कि एक अच्छे लीडर में आत्मविश्वास, जिम्मेदारी, संवाद कौशल और समाज के प्रति संवेदनशीलता जैसे गुण होने चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से मेवात क्षेत्र में बालिका शिक्षा की आवश्यकता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नियमित अध्ययन के साथ नेतृत्व क्षमता
विकसित करना बेहद जरूरी है। एमिड संस्थान के मैनेजिंग डायरेक्टर शाहरुख नूर ने बताया कि संस्था पिछले 25 वर्षों से मेवात क्षेत्र में बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने का कार्य कर रही है। संस्था बालिकाओं को शिक्षा के साथ-साथ नेतृत्व और आत्म-सशक्तिकरण के लिए निरंतर प्रेरित कर रही है। डिप्टी डायरेक्टर आशा नारंग ने अपने संबोधन में कहा कि बालिकाओं को शिक्षा के प्रति जागरूक होकर मेवात में बालिका शिक्षा दर बढ़ाने के लिए सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। कार्यशाला के दौरान बालिकाओं को अच्छे नेतृत्व के गुणों पर प्रशिक्षण दिया गया तथा उनके अनुभव साझा कराए गए। साथ ही आगामी तीन महीनों की कार्ययोजना भी तैयार कराई गई, जिसमें गांव स्तर पर शिक्षा और संगठन को मजबूत करने की रणनीति बनाई गई। इस अवसर पर समुदाय समन्वयक जुमर खान, पूनम गुप्ता एवं हारून भी उपस्थित रहे। (प्रगति न्यूज़ के लिए विशेष रिपोर्ट)
- मंगलवार को संयुक्त दल ने 315 औद्योगिक इकाइयों का किया निरीक्षण खैरथल-तिजारा, 17 फरवरी। कारौली-भिवाड़ी स्थित रीको औद्योगिक क्षेत्र में हाल ही में हुई आगजनी की गंभीर घटना के बाद जिला प्रशासन द्वारा शुरू किए गए व्यापक जांच अभियान के तहत मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए जांच टीम ने दो अवैध पटाखा निर्माण फैक्ट्री को सीज किया। यह मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक और लक्ष्मी एलॉयज के नाम पर संचालित की जा रही थी, जबकि अंदर बड़े पैमाने पर पटाखों का निर्माण और भंडारण किया जा रहा था। सीज कि गई औद्योगिक प्लॉट का आईजी रेंज जयपुर एच.जी. राघवेंद्र सुहास ने निरीक्षण कर पुलिस अधिकारियों को जब्ती प्रक्रिया को नियमानुसार पूर्ण करने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों से की गई कार्रवाई की जानकारी भी ली। जिला कलेक्टर डॉ. आर्तिका शुक्ला के निर्देशानुसार गठित जांच दल जब रीको प्लॉट संख्या जी-1/682 एंव जी 1- 538ए पर पहुंचा तो दोनों फैक्ट्री बंद मिली और मालिक मौके से फरार था। टीम द्वारा कई बार संपर्क करने के बावजूद मालिक के नहीं पहुंचने पर प्रशासन, पुलिस एवं रीको अधिकारियों की मौजूदगी में फैक्ट्री का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया गया। निरीक्षण के दौरान परिसर से भारी मात्रा में पटाखे, कच्चा माल एवं निर्माण में प्रयुक्त उपकरण बरामद किए गए। अतिरिक्त जिला कलेक्टर सुमित्रा मिश्र ने बताया कि सूचना मिलने पर टीम तुरंत मौके पर पहुंची और नियमानुसार कार्रवाई करते हुए दोनों फैक्ट्री की जांच की गई। प्रथम दृष्टया फैक्ट्री में विस्फोटक सामग्री का अवैध निर्माण एवं भंडारण पाया गया है, जो सुरक्षा मानकों का गंभीर उल्लंघन है। एहतियातन फैक्ट्री की बिजली आपूर्ति भी तत्काल प्रभाव से काट दी गई है, ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके। पहली कार्रवाई में खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र के भूखण्ड संख्या G1-682 पर अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं तहसीलदार टपूकड़ा की टीम ने निरीक्षण किया। यह भूखण्ड मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक के नाम आवंटित है, लेकिन मौके पर फैक्ट्री बंद मिली। प्रशासन द्वारा निर्देश देने के बाद जब गेट नहीं खोला गया, तो अधिकारियों ने अंदर प्रवेश कर निरीक्षण किया, जहां जिप्सम, सिलिका सैंड, नाइट्रिक एसिड, पत्थर, रेशा सहित पटाखा निर्माण से संबंधित मशीनें और रासायनिक पदार्थ पाए गए। पुलिस द्वारा मौके पर सामग्री जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है तथा मामले में FIR दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। फैक्ट्री संचालक ने बताया कि इकाई को मैसर्स शिवशक्ति इंडस्ट्रीज को किराये पर दिया गया था। प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को अपने-अपने स्तर पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 45 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई। दुसरी कार्रवाई में रीको क्षेत्र स्थित एक भूखण्ड, जो वर्तमान में मैसर्स लक्ष्मी अलॉयज के नाम दर्ज है, पर प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर फैक्ट्री को बंद और ताला लगा हुआ पाया। प्रोपराइटर श्री कृष्ण कुमार के अनुपस्थित होने पर प्रशासन की उपस्थिति में ताला तोड़कर निरीक्षण किया गया, जहां बड़ी मात्रा में पटाखे निर्माण से संबंधित सामग्री बरामद हुई। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 90 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। जांच के दौरान मौके पर पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अतुल साहू, उपखंड अधिकारी टपूकडा लाखन सिंह गुर्जर, तिजारा डीएसपी शिवराज सिंह, तहसीलदार, नगर परिषद, फायर विभाग एवं रीको के अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन द्वारा पूरे परिसर की गहन जांच की गई तथा संबंधित फैक्ट्री संचालक के विरुद्ध विस्फोटक अधिनियम सहित अन्य प्रासंगिक धाराओं में कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भिवाड़ी, खुशखेड़ा, टपूकड़ा, चौपानकी एवं फेज-3 सहित सभी औद्योगिक क्षेत्रों में संचालित इकाइयों की सघन जांच जारी रहेगी। जांच दल द्वारा मंगलवार को रीको यूनिट प्रथम ने 170 एवं रीको यूनिट द्वितीय ने 145 इकाइयों के निरीक्षण कर सुरक्षा मानकों कि जांच सुनिश्चित की गई।1
- *भिवाड़ी में प्रशासन की सख्ती, जांच के दौरान दो अवैध पटाखा फैक्ट्री पकड़ी* *मंगलवार को संयुक्त दल ने 315 औद्योगिक इकाइयों का किया निरीक्षण* खैरथल / हीरालाल भूरानी कारौली-भिवाड़ी स्थित रीको औद्योगिक क्षेत्र में हाल ही में हुई आगजनी की गंभीर घटना के बाद जिला प्रशासन द्वारा शुरू किए गए व्यापक जांच अभियान के तहत मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए जांच टीम ने दो अवैध पटाखा निर्माण फैक्ट्री को सीज किया। यह मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक और लक्ष्मी एलॉयज के नाम पर संचालित की जा रही थी, जबकि अंदर बड़े पैमाने पर पटाखों का निर्माण और भंडारण किया जा रहा था। सीज कि गई औद्योगिक प्लॉट का आईजी रेंज जयपुर एच.जी. राघवेंद्र सुहास ने निरीक्षण कर पुलिस अधिकारियों को जब्ती प्रक्रिया को नियमानुसार पूर्ण करने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों से की गई कार्रवाई की जानकारी भी ली। जिला कलेक्टर डॉ. आर्तिका शुक्ला के निर्देशानुसार गठित जांच दल जब रीको प्लॉट संख्या जी-1/682 एंव जी 1- 538ए पर पहुंचा तो दोनों फैक्ट्री बंद मिली और मालिक मौके से फरार था। टीम द्वारा कई बार संपर्क करने के बावजूद मालिक के नहीं पहुंचने पर प्रशासन, पुलिस एवं रीको अधिकारियों की मौजूदगी में फैक्ट्री का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया गया। निरीक्षण के दौरान परिसर से भारी मात्रा में पटाखे, कच्चा माल एवं निर्माण में प्रयुक्त उपकरण बरामद किए गए। अतिरिक्त जिला कलेक्टर सुमित्रा मिश्र ने बताया कि सूचना मिलने पर टीम तुरंत मौके पर पहुंची और नियमानुसार कार्रवाई करते हुए दोनों फैक्ट्री की जांच की गई। प्रथम दृष्टया फैक्ट्री में विस्फोटक सामग्री का अवैध निर्माण एवं भंडारण पाया गया है, जो सुरक्षा मानकों का गंभीर उल्लंघन है। एहतियातन फैक्ट्री की बिजली आपूर्ति भी तत्काल प्रभाव से काट दी गई है, ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके। पहली कार्रवाई में खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र के भूखण्ड संख्या G1-682 पर अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं तहसीलदार टपूकड़ा की टीम ने निरीक्षण किया। यह भूखण्ड मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक के नाम आवंटित है, लेकिन मौके पर फैक्ट्री बंद मिली। प्रशासन द्वारा निर्देश देने के बाद जब गेट नहीं खोला गया, तो अधिकारियों ने अंदर प्रवेश कर निरीक्षण किया, जहां जिप्सम, सिलिका सैंड, नाइट्रिक एसिड, पत्थर, रेशा सहित पटाखा निर्माण से संबंधित मशीनें और रासायनिक पदार्थ पाए गए। पुलिस द्वारा मौके पर सामग्री जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है तथा मामले में FIR दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। फैक्ट्री संचालक ने बताया कि इकाई को मैसर्स शिवशक्ति इंडस्ट्रीज को किराये पर दिया गया था। प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को अपने-अपने स्तर पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 45 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई। दुसरी कार्रवाई में रीको क्षेत्र स्थित एक भूखण्ड, जो वर्तमान में मैसर्स लक्ष्मी अलॉयज के नाम दर्ज है, पर प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर फैक्ट्री को बंद और ताला लगा हुआ पाया। प्रोपराइटर श्री कृष्ण कुमार के अनुपस्थित होने पर प्रशासन की उपस्थिति में ताला तोड़कर निरीक्षण किया गया, जहां बड़ी मात्रा में पटाखे निर्माण से संबंधित सामग्री बरामद हुई। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 90 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। जांच के दौरान मौके पर पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अतुल साहू, उपखंड अधिकारी टपूकडा लाखन सिंह गुर्जर, तिजारा डीएसपी शिवराज सिंह, तहसीलदार, नगर परिषद, फायर विभाग एवं रीको के अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन द्वारा पूरे परिसर की गहन जांच की गई तथा संबंधित फैक्ट्री संचालक के विरुद्ध विस्फोटक अधिनियम सहित अन्य प्रासंगिक धाराओं में कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भिवाड़ी, खुशखेड़ा, टपूकड़ा, चौपानकी एवं फेज-3 सहित सभी औद्योगिक क्षेत्रों में संचालित इकाइयों की सघन जांच जारी रहेगी। जांच दल द्वारा मंगलवार को रीको यूनिट प्रथम ने 170 एवं रीको यूनिट द्वितीय ने 145 इकाइयों के निरीक्षण कर सुरक्षा मानकों कि जांच सुनिश्चित की गई।4
- खुशखेड़ा क्षेत्र में अवैध रूप से पटाखा निर्माण करने वाली एक फैक्ट्री पकड़ी गई है। प्रशासन द्वारा मौके पर पहुंचकर फैक्ट्री की जांच जारी , कांग्रेस नेता धरने पर बैठे1
- गोलहेडा धाम में सजेगा सेवा का कुंभ: स्व. सतपाल पहलवान की स्मृति में प्रथम विशाल रक्तदान शिविर 22 फरवरी को मुंडावर/खैरथल-तिजारा। अध्यात्म और समाज सेवा के संगम, गोलहेडा धाम में आगामी 22 फरवरी को एक विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन किया जा रहा है। श्री श्री 1008 बाबा निरंजन नाथ, श्री गुरु बबूता सिद्ध और भगवान श्री जोतराम जी देव के पावन तत्वाधान में यह आयोजन स्वर्गीय भाई सतपाल पहलवान की पुण्य स्मृति को समर्पित होगा। श्रद्धांजलि स्वरूप होगा 'महादान' मुकेश भगत जी (गोलहेडा) ने जानकारी देते हुए बताया कि क्षेत्र के युवाओं और श्रद्धालुओं को सेवा भाव से जोड़ने के लिए यह 'प्रथम सुरक्षित रक्तदान शिविर' आयोजित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सतपाल पहलवान की स्मृति में किया जा रहा यह कार्य न केवल उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि होगा, बल्कि अस्पताल में जीवन-मौत से जूझ रहे जरूरतमंद मरीजों के लिए जीवनदान भी साबित होगा। कार्यक्रम की रूपरेखा: दिनांक: 22 फरवरी 2026, रविवार स्थान: गोलहेडा धाम, मुंडावर (खैरतल-तिजारा) समय: सुबह 9:00 बजे से (रक्तदान समाप्ति तक) क्षेत्र के युवाओं में भारी उत्साह शिविर को लेकर मुंडावर और आसपास के खैरथल-तिजारा क्षेत्र के युवाओं में भारी उत्साह देखा जा रहा है। आयोजकों द्वारा अपील की गई है कि अधिक से अधिक संख्या में पहुँचकर इस महादान का हिस्सा बनें। शिविर के दौरान रक्तदाताओं के लिए उचित अल्पाहार और प्रमाण पत्र की व्यवस्था भी की गई है। मुकेश भगत जी का संदेश: "परम पूज्य गुरुदेवों के आशीर्वाद से हम समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने का प्रयास कर रहे हैं। रक्तदान से बड़ा कोई धर्म नहीं है।"1
- *भिवाड़ी में प्रशासन की शक्ति, जांच के दौरान दो अवैध पटाखा फैक्ट्री पकड़ी* *मंगलवार को संयुक्त दल ने 315 औद्योगिक इकाइयों का किया निरीक्षण* जन जागरण संदेश संवाददाता देवराज मीणा मुंडावर खैरथल-तिजारा, 17 फरवरी। कारौली-भिवाड़ी स्थित रीको औद्योगिक क्षेत्र में हाल ही में हुई आगजनी की गंभीर घटना के बाद जिला प्रशासन द्वारा शुरू किए गए व्यापक जांच अभियान के तहत मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए जांच टीम ने दो अवैध पटाखा निर्माण फैक्ट्री को सीज किया। यह मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक और लक्ष्मी एलॉयज के नाम पर संचालित की जा रही थी, जबकि अंदर बड़े पैमाने पर पटाखों का निर्माण और भंडारण किया जा रहा था। सीज कि गई औद्योगिक प्लॉट का आईजी रेंज जयपुर एच.जी. राघवेंद्र सुहास ने निरीक्षण कर पुलिस अधिकारियों को जब्ती प्रक्रिया को नियमानुसार पूर्ण करने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों से की गई कार्रवाई की जानकारी भी ली। जिला कलेक्टर डॉ. आर्तिका शुक्ला के निर्देशानुसार गठित जांच दल जब रीको प्लॉट संख्या जी-1/682 एंव जी 1- 538ए पर पहुंचा तो दोनों फैक्ट्री बंद मिली और मालिक मौके से फरार था। टीम द्वारा कई बार संपर्क करने के बावजूद मालिक के नहीं पहुंचने पर प्रशासन, पुलिस एवं रीको अधिकारियों की मौजूदगी में फैक्ट्री का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया गया। निरीक्षण के दौरान परिसर से भारी मात्रा में पटाखे, कच्चा माल एवं निर्माण में प्रयुक्त उपकरण बरामद किए गए। अतिरिक्त जिला कलेक्टर सुमित्रा मिश्र ने बताया कि सूचना मिलने पर टीम तुरंत मौके पर पहुंची और नियमानुसार कार्रवाई करते हुए दोनों फैक्ट्री की जांच की गई। प्रथम दृष्टया फैक्ट्री में विस्फोटक सामग्री का अवैध निर्माण एवं भंडारण पाया गया है, जो सुरक्षा मानकों का गंभीर उल्लंघन है। एहतियातन फैक्ट्री की बिजली आपूर्ति भी तत्काल प्रभाव से काट दी गई है, ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके। पहली कार्रवाई में खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र के भूखण्ड संख्या G1-682 पर अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं तहसीलदार टपूकड़ा की टीम ने निरीक्षण किया। यह भूखण्ड मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक के नाम आवंटित है, लेकिन मौके पर फैक्ट्री बंद मिली। प्रशासन द्वारा निर्देश देने के बाद जब गेट नहीं खोला गया, तो अधिकारियों ने अंदर प्रवेश कर निरीक्षण किया, जहां जिप्सम, सिलिका सैंड, नाइट्रिक एसिड, पत्थर, रेशा सहित पटाखा निर्माण से संबंधित मशीनें और रासायनिक पदार्थ पाए गए। पुलिस द्वारा मौके पर सामग्री जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है तथा मामले में FIR दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। फैक्ट्री संचालक ने बताया कि इकाई को मैसर्स शिवशक्ति इंडस्ट्रीज को किराये पर दिया गया था। प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को अपने-अपने स्तर पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 45 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई। दुसरी कार्रवाई में रीको क्षेत्र स्थित एक भूखण्ड, जो वर्तमान में मैसर्स लक्ष्मी अलॉयज के नाम दर्ज है, पर प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर फैक्ट्री को बंद और ताला लगा हुआ पाया। प्रोपराइटर श्री कृष्ण कुमार के अनुपस्थित होने पर प्रशासन की उपस्थिति में ताला तोड़कर निरीक्षण किया गया, जहां बड़ी मात्रा में पटाखे निर्माण से संबंधित सामग्री बरामद हुई। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 90 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। जांच के दौरान मौके पर पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अतुल साहू, उपखंड अधिकारी टपूकडा लाखन सिंह गुर्जर, तिजारा डीएसपी शिवराज सिंह, तहसीलदार, नगर परिषद, फायर विभाग एवं रीको के अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन द्वारा पूरे परिसर की गहन जांच की गई तथा संबंधित फैक्ट्री संचालक के विरुद्ध विस्फोटक अधिनियम सहित अन्य प्रासंगिक धाराओं में कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भिवाड़ी, खुशखेड़ा, टपूकड़ा, चौपानकी एवं फेज-3 सहित सभी औद्योगिक क्षेत्रों में संचालित इकाइयों की सघन जांच जारी रहेगी। जांच दल द्वारा मंगलवार को रीको यूनिट प्रथम ने 170 एवं रीको यूनिट द्वितीय ने 145 इकाइयों के निरीक्षण कर सुरक्षा मानकों कि जांच सुनिश्चित की गई।7
- Post by Public Power मजदूर की आवाज1
- भिवाड़ी में प्रशासन की सख्ती, जांच के दौरान दो अवैध पटाखा फैक्ट्री पकड़ी मंगलवार को संयुक्त दल ने 315 औद्योगिक इकाइयों का किया निरीक्षण जयबीर सिंह ब्यूरो रिपोर्ट खैरथल तिजारा। खैरथल-तिजारा, 17 फरवरी। कारौली-भिवाड़ी स्थित रीको औद्योगिक क्षेत्र में हाल ही में हुई आगजनी की गंभीर घटना के बाद जिला प्रशासन द्वारा शुरू किए गए व्यापक जांच अभियान के तहत मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए जांच टीम ने दो अवैध पटाखा निर्माण फैक्ट्री को सीज किया। यह मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक और लक्ष्मी एलॉयज के नाम पर संचालित की जा रही थी, जबकि अंदर बड़े पैमाने पर पटाखों का निर्माण और भंडारण किया जा रहा था। सीज कि गई औद्योगिक प्लॉट का आईजी रेंज जयपुर एच.जी. राघवेंद्र सुहास ने निरीक्षण कर पुलिस अधिकारियों को जब्ती प्रक्रिया को नियमानुसार पूर्ण करने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों से की गई कार्रवाई की जानकारी भी ली। जिला कलेक्टर डॉ. आर्तिका शुक्ला के निर्देशानुसार गठित जांच दल जब रीको प्लॉट संख्या जी-1/682 एंव जी 1- 538ए पर पहुंचा तो दोनों फैक्ट्री बंद मिली और मालिक मौके से फरार था। टीम द्वारा कई बार संपर्क करने के बावजूद मालिक के नहीं पहुंचने पर प्रशासन, पुलिस एवं रीको अधिकारियों की मौजूदगी में फैक्ट्री का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया गया। निरीक्षण के दौरान परिसर से भारी मात्रा में पटाखे, कच्चा माल एवं निर्माण में प्रयुक्त उपकरण बरामद किए गए। अतिरिक्त जिला कलेक्टर सुमित्रा मिश्र ने बताया कि सूचना मिलने पर टीम तुरंत मौके पर पहुंची और नियमानुसार कार्रवाई करते हुए दोनों फैक्ट्री की जांच की गई। प्रथम दृष्टया फैक्ट्री में विस्फोटक सामग्री का अवैध निर्माण एवं भंडारण पाया गया है, जो सुरक्षा मानकों का गंभीर उल्लंघन है। एहतियातन फैक्ट्री की बिजली आपूर्ति भी तत्काल प्रभाव से काट दी गई है, ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके। पहली कार्रवाई में खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र के भूखण्ड संख्या G1-682 पर अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं तहसीलदार टपूकड़ा की टीम ने निरीक्षण किया। यह भूखण्ड मैसर्स कात्याल लॉजिस्टिक के नाम आवंटित है, लेकिन मौके पर फैक्ट्री बंद मिली। प्रशासन द्वारा निर्देश देने के बाद जब गेट नहीं खोला गया, तो अधिकारियों ने अंदर प्रवेश कर निरीक्षण किया, जहां जिप्सम, सिलिका सैंड, नाइट्रिक एसिड, पत्थर, रेशा सहित पटाखा निर्माण से संबंधित मशीनें और रासायनिक पदार्थ पाए गए। पुलिस द्वारा मौके पर सामग्री जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है तथा मामले में FIR दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। फैक्ट्री संचालक ने बताया कि इकाई को मैसर्स शिवशक्ति इंडस्ट्रीज को किराये पर दिया गया था। प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को अपने-अपने स्तर पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 45 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई। दुसरी कार्रवाई में रीको क्षेत्र स्थित एक भूखण्ड, जो वर्तमान में मैसर्स लक्ष्मी अलॉयज के नाम दर्ज है, पर प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर फैक्ट्री को बंद और ताला लगा हुआ पाया। प्रोपराइटर कृष्ण कुमार के अनुपस्थित होने पर प्रशासन की उपस्थिति में ताला तोड़कर निरीक्षण किया गया, जहां बड़ी मात्रा में पटाखे निर्माण से संबंधित सामग्री बरामद हुई। जांच में उक्त भूखण्ड को बिना रीको की अनुमति किराये पर दिया गया था, जो रीको भू-निपटान नियम 1979 और लीज शर्तों का उल्लंघन है। इस पर रीको द्वारा 90 दिवस का कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए भूखण्ड निरस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। जांच के दौरान मौके पर पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अतुल साहू, उपखंड अधिकारी टपूकडा लाखन सिंह गुर्जर, तिजारा डीएसपी शिवराज सिंह, तहसीलदार, नगर परिषद, फायर विभाग एवं रीको के अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन द्वारा पूरे परिसर की गहन जांच की गई तथा संबंधित फैक्ट्री संचालक के विरुद्ध विस्फोटक अधिनियम सहित अन्य प्रासंगिक धाराओं में कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भिवाड़ी, खुशखेड़ा, टपूकड़ा, चौपानकी एवं फेज-3 सहित सभी औद्योगिक क्षेत्रों में संचालित इकाइयों की सघन जांच जारी रहेगी। जांच दल द्वारा मंगलवार को रीको यूनिट प्रथम ने 170 एवं रीको यूनिट द्वितीय ने 145 इकाइयों के निरीक्षण कर सुरक्षा मानकों कि जांच सुनिश्चित की गई।4
- खैरथल-तिजारा। क्षेत्र में अवैध विस्फोटक फैक्ट्री पकड़वाने के मामले में प्रशासनिक व्यवहार को लेकर विवाद सामने आया है। कांग्रेस नेता इमरान खान ने आरोप लगाया कि कार्रवाई के दौरान संबंधित तहसीलदार द्वारा उन्हें धमकाया गया और अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया गया। इमरान खान ने कहा कि जब उन्होंने अवैध रूप से संचालित कंपनी के खिलाफ सख्ती दिखाई और उसे खुलवाने का प्रयास किया, तो तहसीलदार महोदय नाराज हो गए और उनके मकान तक तोड़ने की बात कह दी। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि जिम्मेदार नागरिक जनहित में अवैध गतिविधियों की जानकारी देते हैं, तो उनके साथ इस तरह का व्यवहार कितना उचित है। उन्होंने बताया कि दूसरी ओर एडीएम, एसडीएम और पुलिस अधिकारियों ने अवैध फैक्ट्री पकड़वाने में सहयोग के लिए उनका धन्यवाद किया। उनका कहना है कि वे जनता की सुरक्षा और भलाई के लिए कार्य कर रहे हैं और यदि प्रशासन द्वारा उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो वे संवैधानिक तरीके से धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। इमरान खान ने माननीय सांसद और विधायक से भी इस मामले में हस्तक्षेप कर संबंधित अधिकारी के व्यवहार की जांच कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि आम नागरिकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं को डराना-धमकाना उचित नहीं है और ऐसे अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। (नोट: इस संबंध में प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया प्राप्त नहीं हो सकी है।)1