विकास निधि पर डाका! लुटेरा ग्राम पंचायत सचिव और सहायक विकास अधिकारी पंचायत पर मिलीभगत से चल रहा खेल बसखारी के शंकरपुर बिशनपुर में कागजों पर विकास, जमीनी हकीकत में गड़बड़ी; हैंडपंप रिबोर, दिव्यांग शौचालय और मिट्टी पटाई के नाम पर लाखों की निकासी अम्बेडकरनगर। जनपद के विकासखंड बसखारी अंतर्गत ग्राम सभा शंकरपुर बिशनपुर में विकास कार्यों के नाम पर सरकारी धन के दुरुपयोग का गंभीर मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत सचिव प्रवेश कुमार, ग्राम प्रधान और सहायक विकास अधिकारी पंचायत की मिलीभगत से मेसर्स नेशनल ट्रेडर्स व ए.के. ट्रेडर्स के माध्यम से ग्राम पंचायत की विकास निधि से लाखों रुपये निकाल लिए गए, जबकि अधिकांश कार्य कागजों तक ही सीमित हैं। ग्रामीणों के अनुसार सरकार द्वारा ग्राम पंचायतों को विकास के लिए जो बजट दिया जाता है, उसका उद्देश्य गांव में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाना है। लेकिन यहां जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी विकास कार्यों के नाम पर सरकारी धन को अपनी जेब भरने का माध्यम बना रहे हैं। मामला आंगनबाड़ी केंद्र रायपुर में लगे हैंडपंप से जुड़ा है। ग्राम पंचायत के अभिलेखों के अनुसार 24 मई 2025 को हैंडपंप रिबोर और समरसेबल लगाने के नाम पर 57,586 रुपये की धनराशि निकाली गई। जबकि मौके पर मौजूद प्राथमिक विद्यालय के अध्यापक के अनुसार हैंडपंप का रिबोर नहीं हुआ, केवल समरसेबल लगाया गया है। तकनीकी रूप से हैंडपंप रिबोर का अर्थ होता है कि जब हैंडपंप का पानी खराब हो जाता है या नल की स्थिति खराब हो जाती है तो उसे दोबारा गहराई तक बोर कर सही किया जाता है या नए स्थान पर स्थापित किया जाता है। यदि अध्यापक का बयान सही माना जाए तो रिबोर के नाम पर निकाली गई धनराशि पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। इसी प्रकार प्राथमिक विद्यालय रायपुर में दिव्यांग शौचालय के निर्माण को लेकर भी बड़ा खेल सामने आया है। पंचायत के अभिलेखों में 14 अक्टूबर 2023 को अमन ब्रिक फील्ड से लगभग 21,839 रुपये की करीब चार हजार ईंटें तथा गौरव ट्रेडर्स से 58,864 रुपये का सरिया, सीमेंट, गिट्टी और बालू दर्शाया गया है। इसके बाद 28 सितंबर 2024 को शौचालय सीट, टाइल्स आदि के नाम पर ग्राम पंचायत के खाते से 1,01,000 रुपये और निकाल लिए गए। लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि जिस स्थान पर दिव्यांग शौचालय दिखाया गया है, वहां एक छोटे से कमरे जैसा ढांचा बना है जिसमें न तो शौचालय सीट लगी है और न ही पानी या अन्य किसी प्रकार का कनेक्शन किया गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि वहां एक हजार ईंट भी मुश्किल से लगी होगी, जबकि कागजों में चार हजार ईंट और अन्य निर्माण सामग्री दर्शाई गई है। मामला यहीं खत्म नहीं होता। प्राथमिक विद्यालय रायपुर के प्रांगण में 24 मई 2025 को ए.के. ट्रेडर्स के माध्यम से 46,055 रुपये की मिट्टी गिराने का भुगतान किया गया। इसके अलावा 26,208 रुपये मजदूरी के नाम पर 104 मजदूरों का भुगतान भी दिखाया गया है। सहायक अध्यापक के अनुसार विद्यालय परिसर इतना बड़ा नहीं है कि वहां एक साथ 104 मजदूर काम कर सकें। उनका कहना है कि यदि इतने मजदूर वहां खड़े भी हो जाएं तो कुछ ही मिनटों में कार्य पूरा हो जाएगा। मौके पर केवल आधा फुट के आसपास मिट्टी की हल्की पटाई दिखाई देती है, जबकि इतने रुपये खर्च होने पर वहां मिट्टी का बड़ा टीला बन जाना चाहिए था। इसके अतिरिक्त विद्यालय परिसर में बने अधिकांश शौचालयों के दरवाजे टूटे हुए मिले, जिससे साफ जाहिर होता है कि रखरखाव की स्थिति भी बेहद खराब है। वहीं आंगनबाड़ी केंद्र रायपुर की हालत और भी चिंताजनक है। केंद्र पर लंबे समय से ताला बंद है और ताले पर जंग लग चुकी है। आसपास के लोगों का कहना है कि केंद्र शायद ही कभी खुलता हो और वहां सफाई भी नहीं होती। ग्रामीणों का कहना है कि इस पूरे मामले की खबर पहले भी प्रकाशित हो चुकी है और सहायक विकास अधिकारी पंचायत बसखारी को फोन के माध्यम से भी अवगत कराया गया था। इसके बावजूद अब तक किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं की गई, जिससे अधिकारियों की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से मांग की है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि आरोप सही पाए जाएं तो ग्राम पंचायत सचिव, संबंधित अधिकारियों और फर्मों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि ग्राम पंचायतों में विकास के नाम पर हो रही इस प्रकार की अनियमितताओं पर रोक लगाई जा सके।
विकास निधि पर डाका! लुटेरा ग्राम पंचायत सचिव और सहायक विकास अधिकारी पंचायत पर मिलीभगत से चल रहा खेल बसखारी के शंकरपुर बिशनपुर में कागजों पर विकास, जमीनी हकीकत में गड़बड़ी; हैंडपंप रिबोर, दिव्यांग शौचालय और मिट्टी पटाई के नाम पर लाखों की निकासी अम्बेडकरनगर। जनपद के विकासखंड बसखारी अंतर्गत ग्राम सभा शंकरपुर बिशनपुर में विकास कार्यों के नाम पर सरकारी धन के दुरुपयोग का गंभीर मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत सचिव प्रवेश कुमार, ग्राम प्रधान और सहायक विकास अधिकारी पंचायत की मिलीभगत से मेसर्स नेशनल ट्रेडर्स व ए.के. ट्रेडर्स के माध्यम से ग्राम पंचायत की विकास निधि से लाखों रुपये निकाल लिए गए, जबकि अधिकांश कार्य कागजों तक ही सीमित हैं। ग्रामीणों के अनुसार सरकार द्वारा ग्राम पंचायतों को विकास के लिए जो बजट दिया जाता है, उसका उद्देश्य गांव में बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाना है। लेकिन यहां जिम्मेदार अधिकारी और कर्मचारी विकास कार्यों के नाम पर सरकारी धन को अपनी जेब भरने का माध्यम बना रहे हैं। मामला आंगनबाड़ी केंद्र रायपुर में लगे हैंडपंप से जुड़ा है। ग्राम पंचायत के अभिलेखों के अनुसार 24 मई 2025 को हैंडपंप रिबोर और समरसेबल लगाने के नाम पर 57,586 रुपये की धनराशि निकाली गई। जबकि मौके पर मौजूद प्राथमिक विद्यालय के अध्यापक के अनुसार हैंडपंप का रिबोर नहीं हुआ, केवल समरसेबल लगाया गया है। तकनीकी रूप से हैंडपंप रिबोर का अर्थ होता है कि जब हैंडपंप का पानी खराब हो जाता है या नल की स्थिति खराब हो जाती है तो उसे दोबारा गहराई तक बोर कर सही किया जाता है या नए स्थान पर स्थापित किया जाता है। यदि अध्यापक का बयान सही माना जाए तो रिबोर के नाम पर निकाली गई धनराशि पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। इसी प्रकार प्राथमिक विद्यालय रायपुर में दिव्यांग शौचालय के निर्माण को लेकर भी बड़ा खेल सामने आया है। पंचायत के अभिलेखों में 14 अक्टूबर 2023 को अमन ब्रिक फील्ड से लगभग 21,839 रुपये की करीब चार हजार ईंटें तथा गौरव ट्रेडर्स से 58,864 रुपये का सरिया, सीमेंट, गिट्टी और बालू दर्शाया गया है। इसके बाद 28 सितंबर 2024 को शौचालय सीट, टाइल्स आदि के नाम पर ग्राम पंचायत के खाते से 1,01,000 रुपये और निकाल लिए गए। लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि जिस स्थान पर दिव्यांग शौचालय दिखाया गया है, वहां एक छोटे से कमरे जैसा ढांचा बना है जिसमें न तो शौचालय सीट लगी है और न ही पानी या अन्य किसी प्रकार का कनेक्शन किया गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि वहां एक हजार ईंट भी मुश्किल से लगी होगी, जबकि कागजों में चार हजार ईंट और अन्य निर्माण सामग्री दर्शाई गई है। मामला यहीं खत्म नहीं होता। प्राथमिक विद्यालय रायपुर के प्रांगण में 24 मई 2025 को ए.के. ट्रेडर्स के माध्यम से 46,055 रुपये की मिट्टी गिराने का भुगतान किया गया। इसके अलावा 26,208 रुपये मजदूरी के नाम पर 104 मजदूरों का भुगतान भी दिखाया गया है। सहायक अध्यापक के अनुसार विद्यालय परिसर इतना बड़ा नहीं है कि वहां एक साथ 104 मजदूर काम कर सकें। उनका कहना है कि यदि इतने मजदूर वहां खड़े भी हो जाएं तो कुछ ही मिनटों में कार्य पूरा हो जाएगा। मौके पर केवल आधा फुट के आसपास मिट्टी की हल्की पटाई दिखाई देती है, जबकि इतने रुपये खर्च होने पर वहां मिट्टी का बड़ा टीला बन जाना चाहिए था। इसके अतिरिक्त विद्यालय परिसर में बने अधिकांश शौचालयों के दरवाजे टूटे हुए मिले, जिससे साफ जाहिर होता है कि रखरखाव की स्थिति भी बेहद खराब है। वहीं आंगनबाड़ी केंद्र रायपुर की हालत और भी चिंताजनक है। केंद्र पर लंबे समय से ताला बंद है और ताले पर जंग लग चुकी है। आसपास के लोगों का कहना है कि केंद्र शायद ही कभी खुलता हो और वहां सफाई भी नहीं होती। ग्रामीणों का कहना है कि इस पूरे मामले की खबर पहले भी प्रकाशित हो चुकी है और सहायक विकास अधिकारी पंचायत बसखारी को फोन के माध्यम से भी अवगत कराया गया था। इसके बावजूद अब तक किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं की गई, जिससे अधिकारियों की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से मांग की है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराई जाए और यदि आरोप सही पाए जाएं तो ग्राम पंचायत सचिव, संबंधित अधिकारियों और फर्मों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि ग्राम पंचायतों में विकास के नाम पर हो रही इस प्रकार की अनियमितताओं पर रोक लगाई जा सके।
- अम्बेडकरनगर। जनपद के जलालपुर थाना क्षेत्र में मधुमक्खियों के हमले से एक व्यक्ति की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि कई लोग घायल हो गए। घटना थाना जलालपुर क्षेत्र के ग्राम जीवत स्थित घोर बाबा मंदिर के पास की बताई जा रही है। बताया जा रहा है कि अचानक मधुमक्खियों का झुंड लोगों पर टूट पड़ा, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। मधुमक्खियों के हमले में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि कई अन्य लोग घायल हो गए। घायलों को उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंचकर मामले की जांच में जुट गई है। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल बना हुआ है।1
- ब्रेकिंग भीटी गैस एजेंसी पर गैस की मारामारी से लोग परेशान लंबी-लंबी करें देखने को मिल रही हैं।1
- बुलडोजर कार्रवाई के बाद अकबरपुर की बदलेगी तस्वीर...जल्द ही बनेगा मल्टीपल पार्किंग,शोपिंग मॉल और सरकारी पेट्रोल पंप के अलावा मुख्यालय पर स्थापित होने जा रहा है केंद्रीय विद्यालय... पीएम आवास योजना में घूस लिया तो खैर नहीं.. घूसखोर सीधे भेजे जाएंगे जेल... एक सप्ताह के अंदर शहजादपुर सब्जी मंडी पूरी तरह से हटवा दिया जायेगा... देखिए खास इंटरव्यू ईओ नगर पालिका अकबरपुर एसडीएम विशाल सारस्वत के साथ1
- Post by अनिल कुमार प्रजापति1
- अंबेडकर नगर के जलालपुर थाना क्षेत्र के जीवतपुर गांव स्थित अवघड़ बाबा मंदिर में मधुमक्खियों के झुंड ने श्रद्धालुओं पर अचानक हमला कर दिया। इस दर्दनाक घटना में 55 वर्षीय संतराम प्रजापति की मौत हो गई, जबकि हनुमान गुप्ता, रामविलास गुप्ता और जगदंबा गुप्ता घायल हो गए। #ambedkar_nagar #aajtak #primeabn #zeenews #newsheadline1
- Post by Dushyant Kumar Journalist1
- Post by India news 37 ( वैभव सिंह ब्यूरो चीफ) अंबेडकर नगर1
- “अम्बेडकरनगर के रामनगर क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय विमावल में शिक्षा व्यवस्था की हकीकत हैरान करने वाली दिखी। मंगलवार को प्रधानाध्यापिका अवकाश पर रहीं, जबकि मौजूद शिक्षिकाएं बच्चों को पढ़ा रही थीं। लेकिन जब कक्षा तीन के बच्चों से सामान्य ज्ञान पूछा गया तो वे जिलाधिकारी, एसडीएम और तहसीलदार जैसे बुनियादी पदों की जानकारी तक नहीं दे सके। हैरानी की बात तो तब हुई जब सहायक अध्यापिका भी उपजिलाधिकारी और तहसीलदार का नाम बताने में असहज नजर आईं। अब सवाल यह उठता है कि जब शिक्षक और बच्चों को ही सामान्य जानकारी नहीं है, तो शिक्षा विभाग के प्रशिक्षण और कार्यशालाओं का आखिर क्या असर हो रहा है?”1