प्रयागराज मनकामेश्वर मंदिर में हुई कथित मारपीट की घटना ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आस्था के केंद्र में यदि कानून का खुलेआम उल्लंघन हुआ है, तो यह केवल एक व्यक्ति पर हमला नहीं बल्कि व्यवस्था और मर्यादा पर चोट है। वायरल वीडियो में काला कोट पहने कई लोग एक पुजारी के साथ हाथापाई करते दिखाई दे रहे हैं। दृश्य अव्यवस्थित हैं। धक्का मुक्की, भीड़, शोर और प्रतिरोध साफ नजर आता है। यदि ये लोग वास्तव में अधिवक्ता हैं, तो यह और अधिक गंभीर विषय है, क्योंकि कानून की समझ रखने वाले व्यक्तियों से संयम और वैधानिक आचरण की अपेक्षा होती है। हालांकि अंतिम निष्कर्ष जांच के बाद ही तय होगा। मुख्य प्रश्न स्पष्ट हैं क्या मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था पर्याप्त थी क्या स्थानीय प्रशासन को पहले से किसी विवाद की जानकारी थी क्या किसी पक्ष ने औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है सीसीटीवी रिकॉर्डिंग क्या बताती है धार्मिक स्थल किसी भी प्रकार की ताकत दिखाने की जगह नहीं। यहां किसी भी वर्ग द्वारा किया गया आक्रामक आचरण अस्वीकार्य है। यदि वीडियो प्रमाणित होता है, तो जिम्मेदार व्यक्तियों पर विधिसम्मत कठोर कार्रवाई आवश्यक है। वीडियो को कुछ अधिवक्ताओं ने भी वायरल करके इस पर खास नाराजगी व्यक्ति की है उनका मानना है कि काला कोट पहनकर इस प्रकार से मनकामेश्वर मंदिर में घुसकर अराजकता करना हम लोगों के पेशे के लिए भी बदनामी का विषय है , सख्त कार्रवाई की वकील भी मांग कर रहे, आस्था स्थल में अराजकता बर्दाश्त नहीं कानून सब पर समान रूप से लागू हो पहचान चाहे जो हो, जवाबदेही तय हो सत्य तथ्यों के साथ सामने आना चाहिए। कार्रवाई प्रमाण आधारित होनी चाहिए। न्याय प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए।
प्रयागराज मनकामेश्वर मंदिर में हुई कथित मारपीट की घटना ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आस्था के केंद्र में यदि कानून का खुलेआम उल्लंघन हुआ है, तो यह केवल एक व्यक्ति पर हमला नहीं बल्कि व्यवस्था और मर्यादा पर चोट है। वायरल वीडियो में काला कोट पहने कई लोग एक पुजारी के साथ हाथापाई करते दिखाई दे रहे हैं। दृश्य अव्यवस्थित हैं। धक्का मुक्की, भीड़, शोर और प्रतिरोध साफ नजर आता है। यदि ये लोग वास्तव में अधिवक्ता हैं, तो यह और अधिक गंभीर विषय है, क्योंकि कानून की समझ रखने वाले व्यक्तियों से संयम और वैधानिक आचरण की अपेक्षा होती है। हालांकि अंतिम निष्कर्ष जांच के बाद ही तय होगा। मुख्य प्रश्न स्पष्ट हैं क्या मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था पर्याप्त थी क्या स्थानीय प्रशासन को पहले से किसी विवाद की जानकारी थी क्या किसी पक्ष ने औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है सीसीटीवी रिकॉर्डिंग क्या बताती है धार्मिक स्थल किसी भी प्रकार की ताकत दिखाने की जगह नहीं। यहां किसी भी वर्ग द्वारा किया गया आक्रामक आचरण अस्वीकार्य है। यदि वीडियो प्रमाणित होता है, तो जिम्मेदार व्यक्तियों पर विधिसम्मत कठोर कार्रवाई आवश्यक है। वीडियो को कुछ अधिवक्ताओं ने भी वायरल करके इस पर खास नाराजगी व्यक्ति की है उनका मानना है कि काला कोट पहनकर इस प्रकार से मनकामेश्वर मंदिर में घुसकर अराजकता करना हम लोगों के पेशे के लिए भी बदनामी का विषय है , सख्त कार्रवाई की वकील भी मांग कर रहे, आस्था स्थल में अराजकता बर्दाश्त नहीं कानून सब पर समान रूप से लागू हो पहचान चाहे जो हो, जवाबदेही तय हो सत्य तथ्यों के साथ सामने आना चाहिए। कार्रवाई प्रमाण आधारित होनी चाहिए। न्याय प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए।
- लखनऊ में हल्दीराम के गोदाम में 112 KG सोनपापड़ी एक्सपायरी मिली है !! दिवाली पर सोनपापड़ी के Memes यूं ही वायरल नहीं होते गाइज..1
- प्रयागराज के करेली थाना क्षेत्र के 16 मार्केट करेली में एक कार और उसके सवारों पर हमला हुआ। स्थानीय लोगों ने अपहरण का शोर मचाया, लेकिन पुलिस जांच में पता चला कि यह मामला एक्सीडेंट का था। गाड़ी मालिक और विपक्षी एक दूसरे को जानते थे और गाड़ी लड़ने को लेकर बहस हुई थी। स्थानीय लोगों ने गाड़ी मालिक को पीटा, लेकिन अपहरण जैसी कोई बात नहीं है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच जारी है।1
- प्रयागराज में होली की बाजार में नई फिचकारियो की भरमार।1
- Post by शुरू शुरू पब्लिक न्यूज़1
- प्रयागराज सिविल लाइंस PVR में द केरला स्टोरी 2 फिल्म को PVR सिनेमा हाल में दर्शकों ने देखने के बाद जमकर सराहना की,फिल्म की थीम लव जेहाद जैसे मुद्दे पर आधारित है, वर्तमान में सोशल मीडिया में गुम हो रही हिन्दू बेटियों को बरगालाकर किस तरह से धोखाधड़ी के जरिए अपना नाम बदलकर माथे पर त्रिकु़ट लगाकर और हाथों में कलाईनारा पहनकर प्यार के झांसे में लेकर उनकी जिंदगी बर्बाद करने वालों की मंशा को उजागर करती है तो वहीं उन तमाम लड़कियों को नसीहत देती है जो अपने मां-बाप की बातों को दरकिनार कर प्यार के जाल में फंसकर अपना जीवन बर्बाद कर देती है ऐसी उन तमाम लड़कियों को एक साफ संदेश देना चाहती है यह फिल्म। द केरला स्टोरी 2 फिल्म उन मां बाप को भी यह याद दिलाती है कि अपने बच्चों की परवरिश के साथ अपने धर्म की जानकारी देते हुए पूजा पाठ करने के तरीकों और अपने धर्म की ताकत को बताना चाहिए जिससे कोई भी आपके बच्चों को बरगला पाने में नाकाम रहे। पवनदेव,लोकप्रिय,टीवी पत्रकार,प्रयागराज।1
- त्रिवेणी संगम प्रयागराज में मां गंगा यमुना का अलग अलग होने पर एक साथ का दृश्य1
- प्रयागराज: हर साल की तरह इस साल भी होली के अवसर पर आशीर्वाद संस्था और बचपन डे केयर के सयुंक्त तत्वधान में बचपन डे केयर स्कूल में आशीर्वाद की होली का आयोजन किया गया। इस मौके पर आशीर्वाद संस्था के सदस्यों और बचपन डे केयर से जुड़े लोगों ने दिव्यांग बच्चों के साथ मिलकर जमकर होली खेली। दिव्यांग बच्ची गुनगुन ने होली के गीत सुनाकर सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। वही सभी दिव्यांग बच्चे होली के गाने पर जमकर थिरके। कार्यक्रम के दौरान आशीर्वाद संस्था की तरफ से दिव्यांग बच्चों को पिचकारी और अबीर गुलाल भी दिए गए जिसे पाकर बच्चों के चेहरे खिल उठे। इस मौके पर आशीर्वाद संस्था के सचिव मनीष वर्मा,सह सचिव विमल श्रीवास्तव,उपाध्यक्ष काशिफ उद्दीन बचपन डे केयर के अधीक्षक चंद्रभान द्विवेदी उपस्थित रहे।1
- “केजरीवाल रो..... यार तुम कहाँ रह गए!” ब्रेकिंग न्यूज़ के मौक़े पर किसी रिपोर्टर का कैमरापर्सन के साथ सनातन काल से चला आ रहा फ़्रस्ट्रेशन 🤣1