झालावाड़-जिले मे बे मौसम तेज बारिश आंधी व ओलावृष्टि से जनजीवन अस्त-व्यस्त मंडी में किसानों का भारी नुकसान। झालावाड़-जिले मे तेज बारिश एवं ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की गई थी, जिसका असर झालावाड़ जिले सहित कई क्षेत्रों में स्पष्ट रूप से देखने को मिला। क्षेत्र में लगातार हो रही बे-मौसम बारिश के साथ तेज आंधी और ओलावृष्टि ने हालात गंभीर बना दिए हैं। तेज हवाओं के साथ ओलावृष्टि जारी रहने से भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है। पूरे क्षेत्र में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। इसका सीधा असर कृषि उपज मंडी पर भी पड़ा है, जहां समर्थन मूल्य पर लाया गया गेहूं एवं अन्य कृषि जिन्स भीगकर खराब हो रही हैं। मंडी परिसर में बड़ी संख्या में किसानों का माल ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में खुले में रखा हुआ है, जिससे नुकसान लगातार बढ़ रहा है। तेज हवा और ओलावृष्टि के कारण गेहूं भीगकर फूल रहा है और उसकी गुणवत्ता प्रभावित हो रही है। भारतीय किसान संघ के जिला प्रचार प्रमुख महेश मेहर ने बताया कि सरकार द्वारा फरवरी माह से पंजीयन प्रक्रिया शुरू की गई थी, लेकिन खरीदी का समय निर्धारित नहीं होने और व्यवस्थाएं समय पर नहीं होने के कारण किसानों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा। अब जब फसल मंडी में पहुंच रही है, तब प्राकृतिक आपदा और अव्यवस्थाओं के चलते किसानों को दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। कठिन मेहनत से फसल तैयार कर मंडी तक लाते हैं, लेकिन वहां अव्यवस्था और देरी के कारण उनका माल खराब हो रहा है। किसानों ने यह भी बताया कि इस समय क्षेत्र में शादी-विवाह के कार्यक्रम भी चल रहे हैं, जिन पर भी तेज आंधी और ओलावृष्टि का असर पड़ा है और वहां भी नुकसान की स्थिति बनी हुई है। किसानों का कहना है कि हर बार प्रकृति उनका साथ नहीं दे रही है, ऐसे में सरकार की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है कि वह समय पर खरीदी और सुरक्षित भंडारण की व्यवस्था सुनिश्चित करे। भारतीय किसान संघ की प्रमुख मांगें: कृषि उपज मंडियों में पर्याप्त शेड (आवरण) की व्यवस्था की जाए समर्थन मूल्य पर खरीदी तत्काल, समयबद्ध और सुचारू रूप से शुरू की जाए किसानों की उपज को सुरक्षित रखने हेतु आपातकालीन प्रबंधन लागू किया जाए प्राकृतिक आपदा से हुए नुकसान का उचित मुआवजा किसानों को दिया जाए मुकेश मेहर ने कहा कि यदि समय पर व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं तो किसान आर्थिक रूप से कमजोर नहीं होगा।
झालावाड़-जिले मे बे मौसम तेज बारिश आंधी व ओलावृष्टि से जनजीवन अस्त-व्यस्त मंडी में किसानों का भारी नुकसान। झालावाड़-जिले मे तेज बारिश एवं ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की गई थी, जिसका असर झालावाड़ जिले सहित कई क्षेत्रों में स्पष्ट रूप से देखने को मिला। क्षेत्र में लगातार हो रही बे-मौसम बारिश के साथ तेज आंधी और ओलावृष्टि ने हालात गंभीर बना दिए हैं। तेज हवाओं के साथ ओलावृष्टि जारी रहने से भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है। पूरे क्षेत्र में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। इसका सीधा असर कृषि उपज मंडी पर भी पड़ा है, जहां
समर्थन मूल्य पर लाया गया गेहूं एवं अन्य कृषि जिन्स भीगकर खराब हो रही हैं। मंडी परिसर में बड़ी संख्या में किसानों का माल ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में खुले में रखा हुआ है, जिससे नुकसान लगातार बढ़ रहा है। तेज हवा और ओलावृष्टि के कारण गेहूं भीगकर फूल रहा है और उसकी गुणवत्ता प्रभावित हो रही है। भारतीय किसान संघ के जिला प्रचार प्रमुख महेश मेहर ने बताया कि सरकार द्वारा फरवरी माह से पंजीयन प्रक्रिया शुरू की गई थी, लेकिन खरीदी का समय निर्धारित नहीं होने और व्यवस्थाएं समय पर नहीं होने के कारण किसानों को लंबे समय
तक इंतजार करना पड़ा। अब जब फसल मंडी में पहुंच रही है, तब प्राकृतिक आपदा और अव्यवस्थाओं के चलते किसानों को दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। कठिन मेहनत से फसल तैयार कर मंडी तक लाते हैं, लेकिन वहां अव्यवस्था और देरी के कारण उनका माल खराब हो रहा है। किसानों ने यह भी बताया कि इस समय क्षेत्र में शादी-विवाह के कार्यक्रम भी चल रहे हैं, जिन पर भी तेज आंधी और ओलावृष्टि का असर पड़ा है और वहां भी नुकसान की स्थिति बनी हुई है। किसानों का कहना है कि हर बार प्रकृति उनका साथ नहीं
दे रही है, ऐसे में सरकार की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है कि वह समय पर खरीदी और सुरक्षित भंडारण की व्यवस्था सुनिश्चित करे। भारतीय किसान संघ की प्रमुख मांगें: कृषि उपज मंडियों में पर्याप्त शेड (आवरण) की व्यवस्था की जाए समर्थन मूल्य पर खरीदी तत्काल, समयबद्ध और सुचारू रूप से शुरू की जाए किसानों की उपज को सुरक्षित रखने हेतु आपातकालीन प्रबंधन लागू किया जाए प्राकृतिक आपदा से हुए नुकसान का उचित मुआवजा किसानों को दिया जाए मुकेश मेहर ने कहा कि यदि समय पर व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं तो किसान आर्थिक रूप से कमजोर नहीं होगा।
- रामगंजमंडी के चेचट क्षेत्र में कुछ अराजक तत्वों द्वारा उत्पात मचाने का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार 5 से 7 युवक नशे की हालत में गलियों में घूमते हुए घरों और रास्तों पर लगे CCTV कैमरों को निशाना बनाकर तोड़फोड़ करने लगे। मामला बीती देर रात का बताया जा रहा है। जिसका सोशल मीडिया पर घर के बाहर लगे कैमरे को तोड़ते हुए एक सीसीटीवी वीडियो भी वायरल हुआ है।1
- रायपुर कस्बे की कृषि उपजमंडी में मंगलवार को जिंसों की तुलाई शुरू हुई। जिसमें प्रमुख जिंसों के भाव में तेजी देखने को मिली। कृषि उपजमंडी मुंशी शिवसिंह ने बताया कि मंडी में गेहूं के भाव 2400 से 2500 रुपये, सोयाबीन के भाव सोयाबीन के भाव 6400 से 6600 रुपये, सरसों 6500 से 6700 रुपये, मसूर के भाव 8500 से 9250 रुपये प्रति क्विंटल रहे।1
- छीपाबड़ौद में मंगलवार को एक छोटी बच्ची नाइरा दोपहर में लगभग 4 बजे करीब बस स्टैंड से हाट की ओर हॉस्पिटल के सामने जे के ई मित्र के सामने बार बार चक्कर लगा रही थी। कई बार इधर से उधर आते जाते देख ई मित्र संचालक इमरान अली ने बच्ची को रोककर उसके बारे में पूछा तो बच्ची रोने लगी तथा बाद में बच्ची ने अपना नाम नाइरा और पिता का नाम शंकर बताया जिसकी वीडियो बनाकर नौशीन अली ने सोशल मीडिया पर वायरल की करीब 2 घंटे बाद परिजन सूचना पाकर बच्ची को लेने जे के ई मित्र पर पहुंचे जहां उनसे पूछताछ कर बच्ची परिजन को शोप दी। इस दौरान बच्ची की मां खुशी के आंसू नहीं रोक पाई।3
- Nabhi jatka Pranayam at pragya secondary school chhipabarod1
- रामप्रसाद धनगर गुर्जर कि खास रिपोर्ट *ममता बनर्जी का इस्तीफा देने से इनकार* *कहा-* 'मैं हारी नहीं हूं, हराया गया है', 'मैं लोकभवन जाकर इस्तीफा नहीं दूंगी', 'मेरे इस्तीफे का सवाल ही नहीं', 'नैतिक तौर पर हम जीते हैं'1
- Post by Manoj Kumar1
- रामगंजमंडी में 15 वर्षीय दीक्षार्थी संयम मेहता की वर्षिदान यात्रा आचार्य आनंद सागर महाराज के सान्निध्य में भव्य रूप से निकाली गई। संयम मेहता 6 मई को दीक्षा ग्रहण करेंगे। इस यात्रा में जैन समाज के साथ-साथ शहर के गणमान्य नागरिकों की बड़ी संख्या में भागीदारी रही। ओर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला भी इस अवसर पर उपस्थित रहे। यात्रा का शुभारंभआदिनाथ जैन श्वेताम्बर मंदिर से हुआ, जो नगर के प्रमुख मार्गों से होती हुई खैराबाद रोड स्थित कंचन सिटी पहुंची, जहां धर्मसभा का आयोजन किया गया। यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं ने जगह-जगह पुष्पवर्षा कर दीक्षार्थी का स्वागत किया। यात्रा का मुख्य आकर्षण संयम मेहता द्वारा स्वयं अपने हाथों से धन-संपदा का त्याग करते हुए वर्षिदान करना रहा। इस अवसर पर आचार्य आनंद सागर महाराज ने कहा कि रामगंजमंडी की धरती पर एक नया इतिहास रचा गया है। उन्होंने यहां की भक्ति, श्रद्धा और आस्था को अद्वितीय बताया। साथ ही उन्होंने ओम बिरला की देश सेवा और संयम मेहता के आत्मकल्याण के मार्ग पर अग्रसर होने की तुलना करते हुए दोनों के योगदान की सराहना की। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि इतनी कम उम्र में वैराग्य का मार्ग अपनाना असाधारण है। उन्होंने इसे परिवार के श्रेष्ठ संस्कारों का परिणाम बताते हुए कहा कि संयम का यह निर्णय समाज के लिए प्रेरणादायक और मार्गदर्शक साबित होगा।1
- रामगंजमंडी में 15 वर्षीय दीक्षार्थी संयम मेहता की वर्षिदान यात्रा आचार्य आनंद सागर महाराज के सान्निध्य में भव्य रूप से निकाली गई। संयम मेहता 6 मई को दीक्षा ग्रहण करेंगे। इस यात्रा में जैन समाज के साथ-साथ शहर के गणमान्य नागरिकों की बड़ी संख्या में भागीदारी रही। ओर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला भी इस अवसर पर उपस्थित रहे। यात्रा का शुभारंभ आदिनाथ जैन श्वेताम्बर मंदिर से हुआ, जो नगर के प्रमुख मार्गों से होती हुई खैराबाद रोड स्थित कंचन सिटी पहुंची, जहां धर्मसभा का आयोजन किया गया। यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं ने जगह-जगह पुष्पवर्षा कर दीक्षार्थी का स्वागत किया। यात्रा का मुख्य आकर्षण संयम मेहता द्वारा स्वयं अपने हाथों से धन-संपदा का त्याग करते हुए वर्षिदान करना रहा। इस अवसर पर आचार्य आनंद सागर महाराज ने कहा कि रामगंजमंडी की धरती पर एक नया इतिहास रचा गया है। उन्होंने यहां की भक्ति, श्रद्धा और आस्था को अद्वितीय बताया। साथ ही उन्होंने ओम बिरला की देश सेवा और संयम मेहता के आत्मकल्याण के मार्ग पर अग्रसर होने की तुलना करते हुए दोनों के योगदान की सराहना की। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि इतनी कम उम्र में वैराग्य का मार्ग अपनाना असाधारण है। उन्होंने इसे परिवार के श्रेष्ठ संस्कारों का परिणाम बताते हुए कहा कि संयम का यह निर्णय समाज के लिए प्रेरणादायक और मार्गदर्शक साबित होगा।1
- रायपुर क्षेत्र के सुवास और रामपुरिया केंद्रों पर बे मौसम बरसात के कारण 5 मई को गेहूं केंद्र पर बारिश होने के कारण तुलाई का कार्य बंद रहेगा। प्राप्त जानकारी के अनुसार बताया जा रहा है कि केंद्रों पर पर्याप्त मात्रा में फसलों के बचाव के लिए व्यवस्था नहीं होने के कारण मौसम को देते हुए छुट्टी रखने का निर्णय लिया गया।1