सिसवन में खड़ी गेहूं की फसल में लगी भीषण आग, सैकड़ों बीघा फसल जलकर राख सिसवन (सिवान)सिसवन थाना क्षेत्र के अलग-अलग गांवों में मंगलवार दोपहर गेहूं की तैयार खड़ी फसल में अचानक आग लगने से किसानों को भारी नुकसान हुआ है।जानकारी के अनुसार, ट्रेनवा, माधोपुर और सिसवन गांव में दोपहर करीब 2 बजे खेतों में खड़ी पकी हुई गेहूं की फसल में अज्ञात कारणों से आग भड़क उठी। तेज हवा के कारण आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया और सैकड़ों बीघा में लगी फसल जलकर राख हो गई।खेतों से उठता धुआं देखकर ग्रामीण मौके पर दौड़े और तुरंत अग्निशमन विभाग को सूचना दी। सूचना पर पहुंची दमकल की गाड़ियों ने ग्रामीणों के सहयोग से कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक किसानों की महीनों की मेहनत बर्बाद हो चुकी थी। इस अगलगी में वीरेंद्र मांझी, विजय कुमार मांझी, पिंटू मांझी और पुकार मांझी समेत कई अन्य किसानों की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है। किसानों ने प्रशासन से सर्वे कराकर मुआवजे की मांग की है। फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है।
सिसवन में खड़ी गेहूं की फसल में लगी भीषण आग, सैकड़ों बीघा फसल जलकर राख सिसवन (सिवान)सिसवन थाना क्षेत्र के अलग-अलग गांवों में मंगलवार दोपहर गेहूं की तैयार खड़ी फसल में अचानक आग लगने से किसानों को भारी नुकसान हुआ है।जानकारी के अनुसार, ट्रेनवा, माधोपुर और सिसवन गांव में दोपहर करीब 2 बजे खेतों में खड़ी पकी हुई गेहूं की फसल में अज्ञात कारणों से आग भड़क उठी। तेज हवा के कारण आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया और सैकड़ों बीघा में लगी फसल जलकर राख हो गई।खेतों से उठता धुआं देखकर ग्रामीण मौके पर दौड़े और तुरंत अग्निशमन विभाग को सूचना दी। सूचना पर पहुंची दमकल की गाड़ियों ने ग्रामीणों के सहयोग से कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक किसानों की महीनों की मेहनत बर्बाद हो चुकी थी। इस अगलगी में वीरेंद्र मांझी, विजय कुमार मांझी, पिंटू मांझी और पुकार मांझी समेत कई अन्य किसानों की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है। किसानों ने प्रशासन से सर्वे कराकर मुआवजे की मांग की है। फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है।
- सिसवन थाना क्षेत्र के ट्रेनवा, माधोपुर व सिसवन गांव में गेहूं की खड़ी फसल में आग लग गई। तेज हवा से सैकड़ों बीघा फसल जलकर राख हो गई।4
- Post by जनसत्ता NEWS@1
- बांसडीह तहसील पर गोंड समुदाय का धरना 21 अप्रैल को भी जारी रहा.. प्रमुख सचिव के शासनादेश की घोर अवमानना कर रहे हैं बांसडीह तहसीलदार श्री नितिन कुमार सिंह.. बांसडीह! आजादी के पूर्व के भू राजस्व अभिलेखों 1345, 1356, 1359 फसली में गोंड दर्ज है जो आज भी तहसील व कलेक्ट्रेट के रिकॉर्ड रुम में सुरक्षित है! आजादी के पूर्व के जन्म-मृत्यु रजिस्टर फौती में भी स्पष्ट रूप से गोंड़ दर्ज है! प्रमुख सचिव उत्तर प्रदेश शासन समाज कल्याण अनुभाग-3 लखनऊ शासनादेश 3 नवम्बर 2021 द्वारा भी स्पष्ट दिशा निर्देश दिया गया है कि जिन आवेदकों के पूर्वजों के भू-राजस्व अभिलेखों में गोंड अंकित पाया जाय उन्हें तत्काल अनुसूचित जनजाति का प्रमाण पत्र निर्गत कर दिया जाए! इसमें किसी भी प्रकार की हिल-हवाली न की जाय! इसके बावजूद भी बांसडीह तहसीलदार मनमाना रुख अपनाते हुए गोंड अनुसूचित जनजाति का प्रमाण पत्र जारी नहीं कर रहे हैं! ऑनलाइन आवेदन करने पर आवेदन बार बार अस्वीकृत कर दे रहे हैं! पिछले दिनों बांसडीह तहसीलदार श्री नितिन कुमार सिंह द्वारा 4 गोंड अनुसूचित जनजाति का प्रमाण पत्र जारी किया गया है! जो साक्ष्य-सबूत लेकर यह 4 गोंड जाति प्रमाण पत्र उन्होंने जारी किया है! वैसा ही साक्ष्य- सबूत लेकर धरना प्रदर्शन कर रहे गोंड लोगों का भी जाति प्रमाण पत्र जारी किया जाना चाहिए लेकिन बांसडीह तहसीलदार श्री नितिन कुमार सिंह मनमाना दोहरा मापदंड अपना रहे हैं! गोंड अनुसूचित जनजाति का प्रमाण पत्र सुगमता पूर्वक जारी कराने की मांग को लेकर गोंड समुदाय का बांसडीह तहसील पर चल रहा अनिश्चित कालीन धरना 21 अप्रैल 2026 को भी जारी रहा! गोंगपा बांसडीह तहसील इकाई अध्यक्ष उमाशंकर गोंड ने कहा कि प्रमुख सचिव के शासनादेश का अनुपालन कराने, गोंड अनुसूचित जनजाति प्रमाण पत्र सुगमता पूर्वक जारी कराने की मांग को लेकर आंदोलन के अगले क्रम में जेल भरो आंदोलन भी किया जाएगा! धरना में विजयशंकर गोंड, अजित गोंड, बलिराम गोंड, राजेंद्र गोंड, मुना गोंड, हीरालाल गोंड, मनीष गोंड, हरे कृष्ण गोंड, सोनू गोंड, दिनेश गोंड, उमेश गोंड, राजकुमार गोंड, दयानन्द गोंड, रवि कुमार गोंड, गुलाब गोंड, राम अवध गोंड, अजित कुमार गोंड प्रमुख रूप से रहे!1
- नोएडा सेक्टर-30 में सनसनी:चाइल्ड पीजीआई अस्पताल में 19 वर्षीय छात्र ने लगाई फांसी! पुलिस जांच में जुटी उत्तर प्रदेश के नोएडा के सेक्टर-30 स्थित चाइल्ड पीजीआई अस्पताल (SSPHPGTI) से एक दुखद और सनसनीखेज घटना सामने आई है. यहां अस्पताल परिसर में ही लैब टेक्नीशियन की ट्रेनिंग ले रहे एक 19 वर्षीय छात्र ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. इस घटना के बाद पूरे अस्पताल कैंपस और हॉस्टल में हड़कंप मच गया है. क्या है पूरा मामला मिली जानकारी के अनुसार, मृतक छात्र चाइल्ड पीजीआई अस्पताल के कैंपस में ही रहकर लैब टेक्नीशियन का प्रशिक्षण प्राप्त कर रहा था. मंगलवार को छात्र का शव कैंपस के अंदर ही एक कमरे में छत के पंखे से लटका हुआ पाया गया.जब उसके साथियों ने उसे इस स्थिति में देखा, तो तुरंत अस्पताल प्रशासन और पुलिस को सूचित किया गया. जानें कहां के रहने वाला था छात्र पुलिस की प्रारंभिक जांच में पता चला है कि मृतक छात्र की उम्र 19 वर्ष थी और वह उत्तर प्रदेश के श्रावस्ती जिले का रहने वाला था. वह अपने भविष्य को संवारने के लिए नोएडा आया था और चाइल्ड पीजीआई में पैरामेडिकल कोर्स के तहत अपनी ट्रेनिंग पूरी कर रहा था. फिलहाल छात्र के परिजनों को सूचित कर दिया गया है, जिनका रो-रोकर बुरा हाल है. सेक्टर-20 थाना पुलिस की कार्रवाई घटना की सूचना मिलते ही थाना सेक्टर-20 की पुलिस टीम मौके पर पहुंची. पुलिस ने फॉरेंसिक टीम की मदद से घटनास्थल का मुआयना किया और साक्ष्य एकत्रित किए. पुलिस ने शव को पंखे से उतारकर अपने कब्जे में लिया और पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों और समय का स्पष्ट पता चल सकेगा. मौके से अभी तक कोई सुसाइड नोट बरामद होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है.1
- बलिया के ग्राम सभा घोड़हरा में लंबे समय से बाधित बिजली व्यवस्था को आखिरकार दुरुस्त कर दिया गया है। लगभग एक सप्ताह से बिगड़ी आपूर्ति के बाद 250 केवीए के नए ट्रांसफार्मर का इंस्टॉलेशन कार्य सफलतापूर्वक पूरा हो गया। मंगलवार दोपहर जैसे ही बिजली बहाल हुई, गांव में खुशी की लहर दौड़ गई और लोगों के चेहरे खिल उठे। घरों में फिर से रौनक लौट आई। तकनीकी टीम ने ट्रांसफार्मर स्थापित कर आपूर्ति सुचारू करने की प्रक्रिया पूरी की, जिससे अब नियमित बिजली मिलने की उम्मीद है। इस कार्य में जिला पंचायत सदस्य पिंटू जावेद, क्षेत्र पंचायत सदस्य सिराज खान, राजनाथ यादव, लियाकत अली खान, तबरेज आलम व कोटेदार गुलाम रसूल सहित ग्रामीणों का सराहनीय योगदान रहा। सभी ने जनप्रतिनिधियों के प्रयासों की प्रशंसा की।1
- Post by एनामुल हक1
- वेदगर्भा उत्सव वाटिका के भव्य शुभारम्भ के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में गीत-संगीत की मनमोहक प्रस्तुतियों ने सभी का दिल जीत लिया। स्थानीय कलाकारों ने एक से बढ़कर एक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं, जिनमें पारंपरिक लोकगीतों से लेकर आधुनिक संगीत तक का शानदार संगम देखने को मिला। कार्यक्रम का माहौल पूरी तरह उत्सवमय रहा, जहां उपस्थित अतिथि और दर्शक संगीत की धुन पर झूमते नजर आए। उद्घाटन समारोह में गणमान्य लोगों की उपस्थिति ने आयोजन की गरिमा को और बढ़ा दिया। रंग-बिरंगी रोशनी और सजी-धजी उत्सव वाटिका ने कार्यक्रम को और भी आकर्षक बना दिया। इस अवसर पर आयोजकों ने बताया कि वेदगर्भा उत्सव वाटिका को विभिन्न सामाजिक, सांस्कृतिक और पारिवारिक आयोजनों के लिए विकसित किया गया है, जिससे क्षेत्र के लोगों को एक बेहतर और आधुनिक स्थल मिल सके।1
- Post by जनसत्ता NEWS@1