Shuru
Apke Nagar Ki App…
बहुजन के सम्मान में बसपा फिर मैदान में गोरखपुर से बसपा सुप्रीमो ने हरि प्रकाश निषाद को बनाया जिला अध्यक्ष, कार्यकर्ताओं में उत्साह बनाएंगे प्रदेश में बसपा सरकार
Gorakhpurhalchal Saeed Alam Khan
बहुजन के सम्मान में बसपा फिर मैदान में गोरखपुर से बसपा सुप्रीमो ने हरि प्रकाश निषाद को बनाया जिला अध्यक्ष, कार्यकर्ताओं में उत्साह बनाएंगे प्रदेश में बसपा सरकार
More news from Uttar Pradesh and nearby areas
- जिस पिता ने डॉक्टर बनाया, वही बना बोझ! बेटे की संवेदनहीनता पर सवाल...पढ़-लिखकर डॉक्टर बना बेटा, लेकिन पिता के सम्मान में रहा फेल1
- JAY BHIM💙1
- Ai से बनाया है ऐसे ही है जिसको पता होगा कमेंट में बताएं 🙏💯mi YouTube channel subscribe Karen 🙏🙏❤️https://youtube.com/@edmrohitmix?si=atbhoUoRCw2nuUKB1
- Post by कराटे कोच International प्लेयर1
- कुशीनगर जिले के मोतीचक विकासखंड स्थित एक उच्च प्राथमिक विद्यालय में शिक्षा व्यवस्था को लेकर एक गंभीर और चिंताजनक मामला सामने आया है। यहां मिड-डे मील योजना के तहत भोजन करने के बाद छोटे-छोटे बच्चों से ठंड के मौसम में बर्तन धुलवाए जाने का वीडियो और तस्वीरें सामने आने के बाद हड़कंप मच गया है। यह मामला न केवल सरकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत उजागर करता है, बल्कि बच्चों के अधिकारों और उनकी सुरक्षा पर भी सवाल खड़े करता है। विद्यालय परिसर में सरकारी नल के पास कतार में खड़े बच्चे कभी नल चलाकर, तो कभी अपने नन्हे हाथों में थाली लेकर कांपते हुए बर्तन धोते नजर आए। ठंड लगातार बढ़ रही है, इसके बावजूद बच्चों को ठंडे पानी से बर्तन साफ करने के लिए मजबूर किया जा रहा था। स्थानीय लोगों के अनुसार यह स्थिति कई दिनों से बनी हुई थी, लेकिन अब इसका वीडियो सामने आने के बाद मामला सार्वजनिक हो गया। प्रधानाध्यापक ने इस पर सफाई देते हुए कहा कि बच्चों से हल्की-फुल्की थाली धुलवाना ‘स्वच्छता अभियान’ का हिस्सा है। हालांकि सवाल यह उठता है कि क्या कड़ाके की ठंड में बच्चों से इस तरह का कार्य करवाना उचित है। वहीं ग्रामीणों और अभिभावकों का कहना है कि जिन हाथों में किताब और कलम होनी चाहिए, उन्हीं हाथों से बर्तन धुलवाना सरकारी शिक्षा व्यवस्था पर सीधा प्रहार है। मामले की जानकारी मिलने पर ग्राम प्रधान ने भी नाराजगी जताई और स्पष्ट कहा कि उन्हें इस तरह की व्यवस्था की जानकारी नहीं थी। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि मिड-डे मील योजना के तहत बर्तन धोने की जिम्मेदारी रसोइयों की होती है, न कि बच्चों की। ग्राम प्रधान ने पूरे मामले की जांच की मांग की है। बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) कुशीनगर राम जियावन ने कहा कि यदि बच्चों से जूठे बर्तन धुलवाने की पुष्टि होती है तो यह गंभीर लापरवाही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मिड-डे मील योजना में बर्तन धोने की जिम्मेदारी पूरी तरह से नियुक्त रसोइयों की होती है। मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालयों में सरकार द्वारा मिड-डे मील योजना चलाई जाती है, जिसमें भोजन पकाने, परोसने और साफ-सफाई के लिए रसोइयों की नियुक्ति की जाती है। इसके बावजूद बच्चों से यह कार्य करवाया जाना शिक्षा व्यवस्था की संवेदनशीलता पर सवाल खड़ा करता है। यह मामला एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करता है कि सरकारी योजनाएं कागजों में भले ही मजबूत दिखें, लेकिन जमीनी स्तर पर लापरवाही बच्चों के भविष्य पर भारी पड़ सकती है। अब देखना यह है कि जांच के बाद जिम्मेदारों पर क्या कार्रवाई होती है1
- विकास खंड घुघली ग्राम पंचायत जखीरा (चौमुखा ) मे 26जनवरी गड़तंत्र दिवस के अवसर पर प्राथमिक विद्यालय के प्रांगण मे मुख्य अथिति ग्राम प्रधान मोहन यादव द्वारा झंडा रोहण का कार्य क्रम हुआ1
- वर्तमान समय में समग्र शिक्षा की अत्यधिक आवश्यकता – प्रोफेसर एसके श्रीवास्तव का बड़ा बयान1
- विकासखंड घुघली के ग्राम पंचायत मेदनीपुर मे 26जनवरी गड़तंत्र दिवस के अवसर पर प्राथमिक विद्यालय के प्रांगण मे मुख्यअतिथि ग्राम प्रधान नाथू गौड़ द्वारा राष्ट्रगान के साथ झाण्डारोहण का कार्क्रम हुआ3
- Post by Arman Khan1