इटावा के जसवंतनगर में, पुलिस और राजस्व विभाग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने तथा नव नियुक्त आरक्षियों को प्रशासनिक कार्यप्रणाली की जानकारी देने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण शैक्षणिक भ्रमण का आयोजन किया गया। क्षेत्राधिकारी आयुषी सिंह ने 70 से अधिक महिला एवं पुरुष आरक्षियों को तहसील एवं एसडीएम कार्यालय का भ्रमण कराया। इस दौरान, तहसीलदार नेहा सचान ने आरक्षियों को तहसील परिसर में स्थित रजिस्ट्रार कार्यालय, तहसीलदार कार्यालय सहित विभिन्न राजस्व शाखाओं का विस्तृत भ्रमण कराया। अधिकारियों ने बताया कि भूमि विवाद, कब्जा संबंधी मामलों, पैमाइश और अन्य संवेदनशील प्रकरणों के निपटारे में पुलिस और राजस्व विभाग दोनों की अहम भूमिका होती है, जिसके लिए बेहतर तालमेल बेहद आवश्यक है। भ्रमण के दौरान, लेखपालों ने आरक्षियों को खेतों की पैमाइश, मेड़बंदी, कुराबंदी, खातेदारी और भूमि अभिलेखों से संबंधित प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने जमीन की नापजोख की विधि और विवादों के समाधान में राजस्व अभिलेखों के महत्व पर भी प्रकाश डाला। क्षेत्राधिकारी आयुषी सिंह ने बताया कि क्षेत्र में उत्पन्न विवादों के निपटारे के लिए अक्सर पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम को मौके पर भेजा जाता है, इसलिए आरक्षियों को राजस्व कार्यप्रणाली की जानकारी होना अनिवार्य है, ताकि वे जनसमस्याओं के समाधान में अधिक प्रभावी भूमिका निभा सकें। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में बढ़पुरा, पछायगांव, बलरई और जसवंतनगर क्षेत्र के 70 से अधिक महिला एवं पुरुष आरक्षियों ने भाग लिया, जिससे नवनियुक्त आरक्षी तहसील-एसडीएम कार्यालय की कार्यप्रणाली से अच्छी तरह रूबरू हुए।
इटावा के जसवंतनगर में, पुलिस और राजस्व विभाग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने तथा नव नियुक्त आरक्षियों को प्रशासनिक कार्यप्रणाली की जानकारी देने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण शैक्षणिक भ्रमण का आयोजन किया गया। क्षेत्राधिकारी आयुषी सिंह ने 70 से अधिक महिला एवं पुरुष आरक्षियों को तहसील एवं एसडीएम कार्यालय का भ्रमण कराया। इस दौरान, तहसीलदार नेहा सचान ने आरक्षियों को तहसील परिसर में स्थित रजिस्ट्रार कार्यालय, तहसीलदार कार्यालय सहित विभिन्न राजस्व शाखाओं का विस्तृत भ्रमण कराया। अधिकारियों ने बताया कि भूमि विवाद, कब्जा संबंधी मामलों, पैमाइश और अन्य संवेदनशील प्रकरणों के निपटारे में पुलिस और राजस्व विभाग दोनों की अहम भूमिका होती है, जिसके लिए बेहतर तालमेल बेहद आवश्यक है। भ्रमण के दौरान, लेखपालों ने आरक्षियों को
खेतों की पैमाइश, मेड़बंदी, कुराबंदी, खातेदारी और भूमि अभिलेखों से संबंधित प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने जमीन की नापजोख की विधि और विवादों के समाधान में राजस्व अभिलेखों के महत्व पर भी प्रकाश डाला। क्षेत्राधिकारी आयुषी सिंह ने बताया कि क्षेत्र में उत्पन्न विवादों के निपटारे के लिए अक्सर पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम को मौके पर भेजा जाता है, इसलिए आरक्षियों को राजस्व कार्यप्रणाली की जानकारी होना अनिवार्य है, ताकि वे जनसमस्याओं के समाधान में अधिक प्रभावी भूमिका निभा सकें। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में बढ़पुरा, पछायगांव, बलरई और जसवंतनगर क्षेत्र के 70 से अधिक महिला एवं पुरुष आरक्षियों ने भाग लिया, जिससे नवनियुक्त आरक्षी तहसील-एसडीएम कार्यालय की कार्यप्रणाली से अच्छी तरह रूबरू हुए।
- जसवंतनगर में, पुलिस और राजस्व विभाग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के उद्देश्य से क्षेत्राधिकारी आयुषी सिंह ने नए नियुक्त आरक्षियों को तहसील और एसडीएम कार्यालय का दौरा कराया। इस दौरान आरक्षियों को प्रशासनिक कार्यप्रणाली और विभिन्न विभागों के कार्यों से अवगत कराया गया। क्षेत्राधिकारी आयुषी सिंह ने आरक्षियों को तहसील परिसर में स्थित रजिस्ट्रार और तहसीलदार कार्यालयों के साथ-साथ लेखपालों के कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि राजस्व और पुलिस विभाग अक्सर जमीनी विवादों, कब्जा विवादों, पैमाइश और अन्य संवेदनशील मामलों के निपटारे में मिलकर कार्य करते हैं, इसलिए पुलिसकर्मियों के लिए राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली को समझना अत्यंत आवश्यक है। भ्रमण के दौरान, लेखपालों ने नव नियुक्त आरक्षियों को खेतों की पैमाइश, मेड़बंदी, कुराबंदी, खातेदारी और भूमि संबंधी विवादों के निपटारे की प्रक्रिया समझाई, साथ ही जमीन की नापजोख के तरीके और विवादित मामलों में राजस्व अभिलेखों के महत्व पर भी प्रकाश डाला। सीओ आयुषी सिंह ने बताया कि कई बार क्षेत्र में होने वाले विवादों में पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम मौके पर भेजी जाती है, और यह प्रशिक्षण इसलिए दिया जा रहा है ताकि आरक्षी मौके पर पहुंचकर राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली को बेहतर ढंग से समझ सकें और आम जनता की समस्याओं के समाधान में प्रभावी भूमिका निभा सकें। इसके अतिरिक्त, आरक्षियों को एसडीएम कोर्ट की कार्यवाही के बारे में भी जानकारी प्रदान की गई। क्षेत्राधिकारी ने बताया कि धारा 151 सहित कई मामलों की सुनवाई एसडीएम न्यायालय में होती है, और ऐसे मामलों में पुलिस की भूमिका, कार्रवाई का तरीका तथा न्यायालयीन प्रक्रिया के संचालन की विस्तृत जानकारी दी गई। नव नियुक्त आरक्षियों को तहसील कार्यालय में तैनात कर्मचारियों के दायित्वों, अभिलेखों के रखरखाव, प्रशासनिक कार्यशैली और जनता से जुड़े मामलों के निपटारे की प्रक्रिया से भी अवगत कराया गया। इस अवसर पर तहसीलदार नेहा सचान, लेखपाल मनीष दुबे, मोहम्मद जहीर खान, अनुराग सिंह यादव, समशेर सिंह सहित अन्य कर्मचारी एवं अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों ने यह भी कहा कि इस प्रकार का प्रशिक्षण पुलिसकर्मियों के व्यवहारिक ज्ञान को मजबूत करेगा और भविष्य में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ जनसमस्याओं के समाधान में भी मददगार साबित होगा।1
- उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में एक हृदय विदारक घटना सामने आई है, जहाँ एक व्यक्ति ने एकतरफा प्यार में पागल होकर अपने डेढ़ वर्षीय मासूम रिश्तेदार की बेरहमी से पटक-पटक कर हत्या कर दी। इस पूरी घटना की जानकारी बच्चे की माँ की जुबानी सामने आई है, जिसमें उसने इस क्रूर वारदात का विवरण दिया है।1
- इटावा में स्वर्गीय महेंद्र सिंह राजपूत जी के बेटे योगेंद्र सिंह राजपूत जी के साथ एक खास बातचीत हुई। इस मुलाकात के दौरान किन विषयों पर चर्चा हुई, इसका विस्तृत विवरण उपलब्ध नहीं है।1
- इटावा में पक्का तालाब की मौजूदा दुर्दशा को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए गए हैं। आरोप है कि इस तालाब के सौंदर्यीकरण के नाम पर नगर पालिका इटावा द्वारा करोड़ों रुपये की धनराशि निकाली गई थी। हालांकि, इतनी बड़ी रकम खर्च किए जाने के बावजूद तालाब की वर्तमान स्थिति बेहद खराब बनी हुई है। इस पूरी स्थिति के लिए और सौंदर्यीकरण के नाम पर खर्च किए गए करोड़ों रुपये के हिसाब के लिए नगर पालिका इटावा को सीधा जिम्मेदार ठहराया जा रहा है।1
- महिलाओं के लिए अब कहीं भी सुरक्षित रूप से आवागमन संभव हो गया है। अब महिलाएं बिना किसी डर के कहीं भी आ-जा सकती हैं, जिससे उनकी सुरक्षा सुनिश्चित हुई है।1
- यह देखा जा सकता है कि अब महिलाएँ पूरी सुरक्षा के साथ कहीं भी आ-जा सकती हैं, जिससे उनके सुरक्षित आवागमन की सुविधा सुनिश्चित हुई है।1
- जसवंतनगर में राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित बस स्टैंड चौराहे के पास पुलिस ने एक हुंडई कार को संदिग्ध परिस्थितियों में जब्त कर लिया है। इस वाहन पर "मानवाधिकार आयोग, स्टेट प्रेसिडेंट यूपी" लिखी एक अतिरिक्त प्लेट लगी थी, जबकि कार के शीशों पर ब्लैक फिल्म और विंड स्क्रीन पर वीआईपी स्टीकर भी पाया गया। पुलिस द्वारा वाहन की संदिग्ध गतिविधियों के चलते उसे रोका गया और जांच की गई। जांच के दौरान, कार चालक विवेक सिंह, जो नॉर्थ ईस्ट दिल्ली के सबोली एक्सटेंशन, मंडोली का निवासी है, शराब का सेवन किए हुए पाया गया और वह वाहन के आवश्यक दस्तावेज भी प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद पुलिस ने चालक को हिरासत में लेकर पूछताछ की और आवश्यक कानूनी कार्रवाई की। थानाध्यक्ष कमल भाटी ने बताया कि वाहन पर लगी अतिरिक्त प्लेट, ब्लैक फिल्म और अन्य अनियमितताओं के कारण कार को मोटर वाहन अधिनियम के तहत जब्त कर लिया गया है। पुलिस ने चालक पर ₹5,000 का जुर्माना भी लगाया है। फिलहाल, वाहन को थाने में खड़ा कराया गया है और पुलिस ने बताया कि दस्तावेजों के सत्यापन के बाद इस मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।1
- उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले में एक मासूम बच्चे की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने मासूम की हत्या के आरोपी विराज को मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया। यह घटना फिरोजाबाद के शिकोहाबाद थाना क्षेत्र की यादव कॉलोनी की बताई जा रही है। मुठभेड़ में आरोपी विराज के दोनों पैरों में गोली लगी, जिसके बाद उसे तुरंत उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। आरोपी विराज पर बच्चे को पटककर उसकी हत्या करने का आरोप है। इस जघन्य वारदात के बाद से ही पुलिस लगातार आरोपी की तलाश में जुटी हुई थी, क्योंकि मासूम की हत्या से पूरे इलाके में गहरा आक्रोश था। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है और मामले की गहन जांच में जुट गई है।1